रतलाम- पब्लिक वार्ता,
न्यूज़ डेस्क। MP News: रतलाम पुलिस ने जयपुर सीरियल ब्लास्ट के फरार आतंकी फिरोज खान (48) को गिरफ्तार कर लिया है। वह आनंद कॉलोनी स्थित अपने रिश्तेदार के घर में छिपा था। यह घर बीजेपी अल्पसंख्यक मोर्चा के जिलाध्यक्ष मंसूर जमादार के भाई मसरूफ जमादार का है। पुलिस के अनुसार, फिरोज किसी बड़ी आतंकी वारदात की योजना बना रहा था, हालांकि इसकी पुष्टि अभी नहीं हुई है।

ईद मनाने बहन के घर आया था आतंकी
फिरोज खान रतलाम में अपनी बहन के घर ईद मनाने के लिए आया था। पुलिस को उसकी लोकेशन का इनपुट मिला था, जिसके बाद बुधवार सुबह 4:30 बजे आनंद कॉलोनी से उसे गिरफ्तार कर लिया गया। फिरोज बीते तीन साल से फरार था और एनआईए का मोस्ट वांटेड आतंकी था। उस पर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने 5 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।
10 बार हुई थी सर्चिंग, अब हुआ गिरफ्तार
रतलाम एसपी अमित कुमार के अनुसार, पिछले तीन वर्षों में एनआईए और एटीएस की टीमें 10 बार फिरोज की तलाश में रतलाम आईं, लेकिन उसे पकड़ नहीं पाईं। अब पुलिस को सफलता मिली है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है और आतंकी को शरण देने वालों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
बीजेपी नेता के भाई के घर छिपा था फिरोज
जिस मकान से आतंकी फिरोज को गिरफ्तार किया गया, वह मसरूफ जमादार का है, जो बीजेपी अल्पसंख्यक मोर्चा के जिलाध्यक्ष मंसूर जमादार का भाई है। मसरूफ की पत्नी रेहाना, फिरोज की बहन है। यह मकान काफी बड़ा है और इसमें तीन भाइयों के परिवार रहते हैं। मसरूफ मकान के पिछले हिस्से में रहता है, वहीं से फिरोज को गिरफ्तार किया गया।
बीजेपी नेता मंसूर जमादार ने कहा, “मैं मकान के आगे के हिस्से में रहता हूं और मेरे भाई मसरूफ पीछे रहते हैं। मुझे फिरोज के वहां होने की जानकारी नहीं थी।”
जयपुर ब्लास्ट का 11वां आरोपी था फिरोज
30 मार्च 2022 को राजस्थान के निंबाहेड़ा में 12 किलो आरडीएक्स के साथ जयपुर ब्लास्ट की साजिश में शामिल तीन आतंकियों को गिरफ्तार किया गया था। उन्होंने साजिश में शामिल 11 आतंकियों के नाम बताए थे, जिनमें से 10 जयपुर के थे और एक महाराष्ट्र का।
एनआईए पहले ही 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी, जबकि फिरोज फरार था। अब एनआईए की टीम जयपुर से रतलाम के लिए रवाना हो चुकी है। आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड मांगा जाएगा।
स्लीपर सेल सूफा से जुड़ा था फिरोज
एनआईए ने 19 जुलाई 2023 को पुणे से आतंकी इमरान खान और मोहम्मद यूनुस साकी को गिरफ्तार किया था। ये सभी आतंकी संगठन सूफा के स्लीपर सेल से जुड़े हुए थे। जयपुर ब्लास्ट की साजिश का मास्टरमाइंड माहन नगर का इमरान खान था, जिसे पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।
NIA ने शहर में लगाए थे पोस्टर
फिरोज की गिरफ्तारी के लिए एनआईए ने रतलाम में इनाम वाले पोस्टर तक लगवा दिए थे। अब पुलिस उससे पूछताछ कर रही है कि वह इतनी आसानी से पुलिस की नजरों से कैसे बचता रहा और क्या वह किसी नई आतंकी साजिश में शामिल था।