Ratlam News: फेसबुक पर 10 लाख के लोन का लालच पड़ा भारी, किसान से ठगे 9.66 लाख रुपए; बैंककर्मी बनकर ठगों ने किया खेल

रतलाम के बिलपांक में फेसबुक पर 10 लाख रुपए का लोन दिलाने का झांसा देकर साइबर ठगों ने 57 वर्षीय किसान से 9.66 लाख रुपए ठग लिए। बैंककर्मी बनकर क्यूआर कोड के जरिए रकम जमा करवाई गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

रतलाम- पब्लिक वार्ता,

न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले के बिलपांक थाना क्षेत्र में साइबर ठगी का एक बड़ा मामला सामने आया है। फेसबुक पर लोन दिलाने का विज्ञापन देखकर एक किसान ठगों के जाल में फंस गया। ठगों ने पहले 10 लाख रुपए का लोन देने का भरोसा दिलाया और बाद में विभिन्न बहानों से करीब 9.66 लाख रुपए अपने खातों में ट्रांसफर करवा लिए। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

कैसे शुरू हुआ पूरा मामला?

बिलपांक थाना क्षेत्र के बिरमावल निवासी 57 वर्षीय किसान शंकरलाल पाटीदार ने पुलिस को बताया कि उन्होंने फेसबुक पर अशोक मल्होत्रा नाम के व्यक्ति का एक विज्ञापन देखा था। विज्ञापन में दावा किया गया था कि जरूरतमंद लोगों को आसानी से लोन उपलब्ध कराया जाता है।

विज्ञापन देखने के बाद शंकरलाल ने संपर्क किया और 10 लाख रुपए की जरूरत बताई। इस पर आरोपी ने कहा कि वह 10 लाख नहीं बल्कि 25 लाख रुपए तक का लोन दिला सकता है। इसके बाद अलग-अलग मोबाइल नंबरों से उनके पास कॉल और मैसेज आने लगे।

बैंक अधिकारी बनकर रची गई ठगी की साजिश

शिकायतकर्ता के अनुसार, कुछ दिनों बाद एक व्यक्ति ने खुद को बैंक कर्मचारी बताते हुए फोन किया। उसने कहा कि उनके पास इटली की करेंसी में बड़ी रकम उपलब्ध है, जिसे भारतीय मुद्रा में बदलने के लिए कुछ प्रोसेसिंग चार्ज जमा करना होगा।

इसके बाद ठगों ने क्यूआर कोड भेजना शुरू कर दिया। शुरुआत में 2 हजार, 7 हजार और 15 हजार रुपए जमा करवाए गए। धीरे-धीरे अलग-अलग बहानों से और रकम मांगी गई।

4 अप्रैल से 20 मई के बीच शंकरलाल ने विभिन्न क्यूआर कोड पर कुल 9 लाख 66 हजार 463 रुपए ट्रांसफर कर दिए, लेकिन न तो लोन मिला और न ही जमा की गई राशि वापस मिली।

डराकर और भ्रमित कर ऐंठे लाखों रुपए

पीड़ित का आरोप है कि पहले उसे बड़े लोन का लालच दिया गया और बाद में विभिन्न टीम सदस्यों ने फोन कर दबाव बनाया। कभी दस्तावेज सत्यापन तो कभी विदेशी करेंसी बदलने के नाम पर पैसे मांगे गए। जब तक उसे ठगी का एहसास हुआ, तब तक लाखों रुपए उसके खाते से निकल चुके थे।

पुलिस ने दर्ज किया मामला

बिलपांक थाना प्रभारी अयुब खान ने बताया कि शिकायत के आधार पर अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है और मोबाइल नंबरों व बैंकिंग ट्रांजैक्शन की जानकारी खंगाली जा रही है।