रतलाम- पब्लिक वार्ता,
न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल अंतर्गत बहुप्रतीक्षित इंदौर–दाहोद नई रेल लाइन परियोजना अब तेजी से अपने अंतिम चरण की ओर बढ़ रही है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना में टीही से धार के बीच निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर जारी है, जबकि इंदौर से टीही तक का काम पहले ही पूरा किया जा चुका है।
वीडियो देखे
रेलवे द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए टीही–धार खंड को अलग-अलग हिस्सों में बांटकर कार्य किया जा रहा है। टीही से पीथमपुर के बीच टनल निर्माण अभी शेष है, इसलिए वैकल्पिक व्यवस्था के तहत ट्रैक मशीन (टीटीएम) को सड़क मार्ग से लाकर ट्रैक पर उतारा गया।
इस मशीन के जरिए पीथमपुर से धार तक ट्रैक की पैकिंग और आवश्यक मरम्मत कार्य सफलतापूर्वक पूरा किया गया। इसके बाद अब ट्रैक की गुणवत्ता और सुरक्षा जांच के लिए टॉवर वेगन से परीक्षण कार्य शुरू कर दिया गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, 23 मार्च से 26 मार्च 2026 के बीच टॉवर वेगन को निर्धारित गति से चलाकर ट्रैक की स्थिरता और सुरक्षा का परीक्षण किया जा रहा है। इस दौरान सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने पहले ही ट्रैक के आसपास न जाने की एडवाइजरी जारी की है।
इस महत्वपूर्ण निरीक्षण की निगरानी स्वयं मुख्य इंजीनियर (निर्माण) धीरज कुमार कर रहे हैं, जो मुंबई से इंदौर पहुंचे हैं। उन्होंने 23 मार्च को पीथमपुर से धार तक टॉवर वेगन के माध्यम से ट्रैक का निरीक्षण कर वर्तमान स्थिति का जायजा लिया।
खास बात यह है कि इंदौर–दाहोद रेल लाइन पर पहली बार टॉवर वेगन चलाकर परीक्षण किया गया, जो इस परियोजना की तेज प्रगति को दर्शाता है।
रेलवे प्रशासन का लक्ष्य है कि पीथमपुर–धार खंड को जल्द से जल्द तैयार कर रेल सेवा शुरू की जाए। साथ ही समानांतर रूप से टनल निर्माण कार्य भी तेजी से जारी रहेगा।
क्षेत्र को मिलेगा बड़ा फायदा
इस रेल परियोजना के पूरा होने के बाद इंदौर से धार के बीच यात्रा आसान, सुरक्षित और तेज हो जाएगी। साथ ही यह परियोजना क्षेत्र में औद्योगिक विकास, व्यापार और रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगी।