BREAKING Ratlam News: रतलाम में जमीन विवाद के बीच युवक की मौत, शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन; जांच की मांग

📖 1 min read

Ratlam News: रतलाम के सरवनीखुर्द में जमीन विवाद के बीच शंकर गरवाल की कीटनाशक पीने से मौत हो गई। परिजनों ने शव रखकर प्रदर्शन कर जांच की मांग की।

रतलाम- पब्लिक वार्ता,

न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जिले के सरवनीखुर्द गांव में जमीन विवाद से जुड़ा मामला सामने आया है। 45 वर्षीय शंकर गरवाल की कीटनाशक पीने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत के बाद परिजनों और जय आदिवासी युवाशक्ति संगठन से जुड़े लोगों ने बाजना रोड पर शव रखकर प्रदर्शन किया।

प्रदर्शन के दौरान सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। करीब एक घंटे तक आवागमन प्रभावित रहा। परिजन मामले की निष्पक्ष जांच, जमीन से जुड़े विवाद की पड़ताल और जिम्मेदार पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे।

परिजनों के अनुसार, शंकर ने 23 अगस्त को अपने खेत की जमीन के पास कीटनाशक पी लिया था। इसके बाद उन्हें उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां 25 अगस्त की दोपहर इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

जमीन पर कब्जे और खदान को लेकर लगाए आरोप

परिजनों का आरोप है कि शंकर की खेती की जमीन पर कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया था। उनका कहना है कि परिवार लंबे समय से इस जमीन पर खेती करता आ रहा था।

परिजनों के मुताबिक, जमीन पर खदान का पट्टा मिलने के बाद शंकर वहां खेती नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने खदान संचालक पर परेशान करने और डराने-धमकाने के आरोप भी लगाए हैं।

परिवार का दावा है कि शंकर ने जमीन से जुड़े मामले को लेकर कई बार शिकायतें की थीं। उनका आरोप है कि शिकायतों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। इन्हीं परिस्थितियों को लेकर परिजन पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।

हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस की जांच के बाद ही आरोपों और घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

पोस्टमार्टम के बाद सड़क पर रखा शव

बुधवार दोपहर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिजन शंकर का शव लेकर गांव की ओर जा रहे थे। इसी दौरान बाजना रोड पर शव रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया गया।

प्रदर्शन की सूचना मिलने पर डीएसपी गायत्री सोनी, डीडी नगर थाना प्रभारी अनुराग यादव और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने परिजनों तथा संगठन के लोगों से बातचीत कर उनकी मांगें सुनीं।

करीब एक घंटे चले प्रदर्शन के कारण सड़क पर यातायात प्रभावित रहा और दोनों ओर वाहनों की लाइन लग गई।

खनिज और राजस्व विभाग की भूमिका की जांच की मांग

प्रदर्शन कर रहे परिजनों और आदिवासी संगठनों ने जमीन से जुड़े मामले में खनिज विभाग, राजस्व विभाग और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।

उनकी प्रमुख मांग है कि जिस जमीन को लेकर विवाद है, वहां खदान का पट्टा किस आधार पर दिया गया और संबंधित प्रक्रिया में नियमों का पालन हुआ या नहीं, इसकी जांच की जाए।

परिजनों ने यह भी मांग की कि जांच के दौरान यदि किसी अधिकारी या खदान संचालक की लापरवाही अथवा नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए। परिवार को मुआवजा और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग भी रखी गई।

परिजनों ने चेतावनी दी कि यदि दो दिन के भीतर कार्रवाई नहीं हुई तो थाने का घेराव किया जाएगा।

पुलिस ने जांच का भरोसा दिया

पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को मामले की जांच कर वैधानिक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजनों और संगठन के लोगों ने प्रदर्शन समाप्त कर दिया।

डीडी नगर थाना प्रभारी अनुराग यादव के अनुसार, मामले में मर्ग कायम कर जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस जांच में जमीन विवाद, शिकायतों, खदान पट्टे से जुड़े दस्तावेजों और लगाए गए अन्य आरोपों की स्थिति स्पष्ट होना महत्वपूर्ण होगा।

परिवार में पत्नी और चार बच्चे

शंकर गरवाल के परिवार में उनकी पत्नी, एक बेटा और तीन बेटियां हैं। मौत के बाद परिवार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।

0%