Ratlam News: रतलाम में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता देवीबाई हत्याकांड का खुलासा, जमीन का हिस्सा नहीं देना पड़ा भारी, पिता-बेटे ने की हत्या

Ratlam News: रतलाम के शिवगढ़ क्षेत्र के नयाखेड़ा गांव में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता देवीबाई डामोर की हत्या का पुलिस ने खुलासा किया है। जमीन विवाद में पिता-बेटे गिरफ्तार। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले के शिवगढ़ थाना क्षेत्र के नयाखेड़ा गांव में 11 सितंबर को घर के आंगन में मिले आंगनवाड़ी कार्यकर्ता देवीबाई डामोर के शव की हत्या की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस ने मामले में महिला के काका ससुर बद्दा डामोर और उसके बेटे बसंतीलाल उर्फ गुड्डा को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि जमीन में हिस्से को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद के कारण दोनों आरोपियों ने देवीबाई की हत्या की योजना बनाई थी। आरोप है कि रात के समय दोनों ने महिला पर धारदार हथियार से हमला किया, जिससे उसकी मौत हो गई। आरोपियों के कब्जे से हत्या में इस्तेमाल कुल्हाड़ी, वारदात के समय पहने गए कपड़े और मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। सुबह घर के आंगन में मिला था महिला का शव 11 सितंबर की सुबह नयाखेड़ा गांव निवासी अन्नुसिंह डामोर खेत पर काम करने जा रहा था। रोजाना की तरह देवीबाई अपने घर के बरामदे में खाट पर सोती थी, लेकिन उस दिन वह जमीन पर पड़ी हुई मिली। अन्नुसिंह ने पास जाकर देखा तो महिला खून से लथपथ थी। उसने तुरंत शिवगढ़ थाना पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान महिला के सिर पर धारदार हथियार से गंभीर चोट के निशान मिले। प्रारंभिक जांच में मामला हत्या का प्रतीत होने पर पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की। हत्या की गंभीरता को देखते हुए एसपी अमित कुमार सहित पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। मामले के खुलासे के लिए विशेष पुलिस टीम गठित की गई। रिश्ते के देवर पर पुलिस को हुआ संदेह जांच के दौरान पुलिस को महिला के पति के काका के बेटे बसंतीलाल उर्फ गुड्डा पर संदेह हुआ। रिश्ते में वह देवीबाई का देवर लगता था। पुलिस ने पहले बसंतीलाल से पूछताछ की। इसके बाद उसके पिता बद्दा डामोर से भी पूछताछ की गई। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान दोनों ने देवीबाई की हत्या में शामिल होना स्वीकार किया। जमीन के हिस्से को लेकर चल रहा था विवाद शिवगढ़ थाना प्रभारी रणजीतसिंह मकवाना के अनुसार, देवीबाई और बसंतीलाल के बीच वर्ष 2017 से संबंध थे। इस मामले की जानकारी परिवार और समाज के लोगों को भी थी। पुलिस के मुताबिक, उस समय देवीबाई के रहने, भरण-पोषण और संपत्ति में हिस्से को लेकर परिवार तथा समाज के स्तर पर सहमति बनी थी। बसंतीलाल के पिता बद्दा ने कथित रूप से देवीबाई को अपने बेटे के साथ रखने, परिवार की जमीन में आधा हिस्सा देने, बच्चों के भरण-पोषण और रहने के लिए मकान उपलब्ध कराने की बात कही थी। बाद में देवीबाई के रहने के लिए मकान बना दिया गया, लेकिन जमीन में आधा हिस्सा देने की बात पूरी नहीं हुई। इसी मुद्दे को लेकर महिला और दोनों आरोपियों के बीच लंबे समय से विवाद और कहासुनी होती रहती थी। रात करीब 3 बजे घर पहुंचकर किया हमला पुलिस पूछताछ के अनुसार, जमीन विवाद और लगातार हो रही कहासुनी के बाद दोनों आरोपियों ने देवीबाई की हत्या की योजना बनाई। 11 सितंबर की रात करीब 3 बजे बसंतीलाल और उसका पिता बद्दा देवीबाई के घर पहुंचे। पुलिस का कहना है कि महिला के सोते समय दोनों ने धारदार हथियार से उस पर हमला किया। सिर में गंभीर चोट लगने के कारण देवीबाई की मौत हो गई। वारदात के बाद दोनों आरोपी वहां से चले गए। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर कुल्हाड़ी, वारदात के समय पहने गए कपड़े और मोबाइल फोन बरामद किए हैं। कई थाना पुलिस और साइबर सेल ने की जांच हत्याकांड के खुलासे में शिवगढ़ थाना पुलिस के साथ रावटी और सरवन थाना पुलिस की टीम की भी भूमिका रही। इसके अलावा साइबर सेल और अन्य पुलिस अधिकारियों ने जांच में सहयोग किया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

Ratlam News: रतलाम के रावटी में लापता युवक का शव मिलने से सनसनी, पास में मिला कंकाल

Ratlam News: रतलाम के रावटी थाना क्षेत्र में 13 दिन से लापता युवक सुखराम का क्षत-विक्षत शव मिला। पास में मिले कंकाल और कपड़ों की जांच में पुलिस जुटी है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले के रावटी थाना क्षेत्र में रविवार शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब एक खेत में 13 दिनों से लापता 20 वर्षीय युवक का क्षत-विक्षत शव मिला। शव के कुछ दूरी पर एक कंकाल भी बरामद हुआ है। कंकाल के पास नाबालिग लड़की के कपड़े मिलने से पुलिस की जांच और गंभीर हो गई है। पुलिस के अनुसार, कंकाल की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है। कपड़ों के आधार पर आशंका जताई जा रही है कि यह उसी नाबालिग लड़की का हो सकता है, जो 1 सितंबर को युवक के साथ लापता हुई थी। हालांकि, पुलिस ने अभी इस आशंका की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। पुलिस और एफएसएल टीम मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। खेत में घास काटने गई महिला को मिली जानकारी जानकारी के मुताबिक, रविवार को सेमलखेड़ी निवासी कुसुम पत्नी शंकर गणावा खेत में घास काटने गई थीं। इसी दौरान उन्हें खेत से तेज बदबू आने का एहसास हुआ। पास जाकर देखने पर उन्होंने एक युवक का शव पड़ा देखा। इसके बाद कुसुम ने ग्रामीणों को घटना की जानकारी दी। शाम करीब 6 बजे पुलिस को सूचना मिली, लेकिन बारिश के कारण पुलिस रात करीब 8 बजे घटनास्थल पर पहुंच सकी। मौके पर पहुंचने के बाद पुलिस ने शव के आसपास का क्षेत्र सुरक्षित किया और जांच शुरू की। इसी दौरान पास में एक कंकाल भी मिला। कपड़ों से हुई युवक की पहचान प्रारंभिक जांच में मृतक की पहचान 20 वर्षीय सुखराम पुत्र रमश गणावा, निवासी ग्राम सेमलखेड़ी के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, युवक की पहचान उसके पहने हुए कपड़ों के आधार पर की गई। शव काफी क्षत-विक्षत हालत में मिला था। प्रारंभिक तौर पर पुलिस को आशंका है कि लंबे समय तक पड़े रहने के कारण जानवरों ने शव को नुकसान पहुंचाया होगा। शव के पास जहर की एक डिब्बी मिलने की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस इस बिंदु को भी जांच का हिस्सा बना रही है। 13 दिनों से लापता थी नाबालिग लड़की मामले में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी पास मिले कंकाल के साथ बरामद कपड़े हैं। पुलिस को संदेह है कि ये कपड़े उस नाबालिग लड़की से संबंधित हो सकते हैं, जिसकी गुमशुदगी 1 सितंबर को रावटी थाने में दर्ज कराई गई थी। नाबालिग के परिवार ने युवक पर बेटी को अपने साथ ले जाने का संदेह जताया था। अब युवक का शव मिलने और पास में कंकाल बरामद होने के बाद पुलिस दोनों घटनाओं के बीच संभावित संबंधों की जांच कर रही है। हालांकि, कंकाल की वास्तविक पहचान बिना वैज्ञानिक जांच के स्पष्ट नहीं होगी। पुलिस डीएनए परीक्षण और अन्य जांच प्रक्रियाओं के माध्यम से पहचान सुनिश्चित करने की तैयारी कर रही है। मेडिकल कॉलेज में दोनों पक्षों के बीच विवाद सोमवार दोपहर दोनों मृतकों के परिजन पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज पहुंचे थे। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच कहासुनी बढ़ गई। देखते ही देखते विवाद हाथापाई और पथराव तक पहुंच गया। पुलिस की मौजूदगी में दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर पत्थर फेंके। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को अलग किया। घटना के बाद पुलिस ने मौके पर स्थिति को नियंत्रित किया और मामले की जांच जारी रखी। पुलिस और एफएसएल टीम कर रही जांच घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस अधिकारियों के साथ एफएसएल टीम भी घटनास्थल पर पहुंची। डॉक्टर अतुल मित्तल सहित संबंधित अधिकारियों ने मौके से आवश्यक साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू की। पुलिस दोनों परिवारों के सदस्यों से पूछताछ कर रही है। युवक और नाबालिग लड़की के लापता होने की परिस्थितियों, उनके बीच संबंधों और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों को जांच का हिस्सा बनाया गया है। रावटी थाना प्रभारी ने क्या कहा? रावटी थाना प्रभारी सुरेंद्र गडरिया ने बताया कि युवक का शव और एक कंकाल पास-पास मिले हैं। नाबालिग के परिजनों ने पहले युवक पर संदेह जताते हुए गुमशुदगी दर्ज कराई थी। उन्होंने कहा कि युवक की पहचान हो चुकी है, जबकि कंकाल की पहचान अभी बाकी है। मामले की जांच जारी है और वैज्ञानिक परीक्षण के बाद आगे की स्थिति स्पष्ट होगी। पुलिस के सामने कई सवाल इस घटना ने पुलिस जांच के सामने कई महत्वपूर्ण सवाल खड़े कर दिए हैं। युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई, नाबालिग लड़की का कंकाल से कोई संबंध है या नहीं और दोनों घटनाएं आपस में जुड़ी हैं या नहीं—इन सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। फिलहाल पुलिस ने किसी निष्कर्ष की आधिकारिक घोषणा नहीं की है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल जांच और डीएनए परीक्षण के बाद ही मामले की वास्तविक तस्वीर सामने आने की संभावना है।

Ratlam News: रतलाम में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता का शव घर के बरामदे में मिला, सिर पर धारदार हथियार से चोट के निशान

Ratlam News: रतलाम के शिवगढ़ थाना क्षेत्र में 36 वर्षीय आंगनवाड़ी कार्यकर्ता देवीबाई का शव खून से लथपथ मिला। पुलिस ने हत्या की आशंका जताकर जांच शुरू की। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले के शिवगढ़ थाना क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक महिला का शव खून से लथपथ हालत में मिलने से सनसनी फैल गई। नयाखेड़ा गांव में 36 वर्षीय आंगनवाड़ी कार्यकर्ता देवीबाई का शव उसके घर के बरामदे में जमीन पर पड़ा मिला। महिला के सिर पर गहरी चोट के निशान दिखाई दिए हैं। घटना की सूचना मिलते ही शिवगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने हत्या की आशंका जताई है। हालांकि, मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। वीडियो देखे मृतका की पहचान देवीबाई पति स्वर्गीय रायसिंह डामोर, निवासी नयाखेड़ा के रूप में हुई है। खेत पर जा रहे ग्रामीण ने देखा शव शुक्रवार सुबह गांव का अन्नुसिंह रोज की तरह खेत पर काम करने जा रहा था। रास्ते में देवीबाई के घर के सामने से गुजरते समय उसकी नजर बरामदे में पड़ी महिला पर गई। देवीबाई सामान्यत: बरामदे में खाट पर सोती थी, लेकिन उस सुबह वह जमीन पर पड़ी हुई दिखाई दी। पास जाकर देखने पर अन्नुसिंह ने महिला को खून से लथपथ पाया। उसके सीधे कान के पास सिर पर गहरी चोट थी। ग्रामीण ने तुरंत इसकी जानकारी देवीबाई के देवर भूरालाल डामोर को दी, जिसके बाद घटना की सूचना पुलिस तक पहुंची। पुलिस और एफएसएल टीम ने घटनास्थल की जांच की सूचना मिलने के बाद शिवगढ़ थाना प्रभारी आरके मकवाना, सब इंस्पेक्टर प्रतापसिंह भदौरिया और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर पंचनामा तैयार किया। घटना की गंभीरता को देखते हुए रतलाम से एएसपी राकेश पंद्रों और एफएसएल अधिकारी डॉ. अतुल मित्तल भी मौके पर पहुंचे। रावटी और सरवन थाना प्रभारी सहित पुलिस टीम ने आसपास के लोगों से पूछताछ की और घटनास्थल से जरूरी जानकारी जुटाई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रतलाम मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। धारदार हथियार से चोट के निशान प्रारंभिक जानकारी के अनुसार महिला के सिर पर धारदार हथियार से वार किए जाने जैसे चोट के निशान मिले हैं। घटनास्थल पर जमीन पर खून बिखरा हुआ था, जिसके आधार पर पुलिस विभिन्न पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। शिवगढ़ थाना प्रभारी आरके मकवाना ने बताया कि प्रारंभिक जांच में हत्या की आशंका है। महिला की मौत के कारणों और घटना की परिस्थितियों का पता लगाया जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति अधिक स्पष्ट होगी। पुलिस जुटा रही है घटना से जुड़े सुराग फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि महिला की मौत किन परिस्थितियों में हुई और घटना के पीछे क्या कारण हो सकते हैं।

Ratlam News: नामली में कहासुनी के बाद चाकूबाजी, युवक की पीठ पर चाकू से हमला; दो नामजद समेत अन्य पर केस

Ratlam News: रतलाम के नामली में दो गुटों के बीच विवाद के बाद चाकूबाजी हो गई। युवक चेतन राठौड़ की पीठ पर चाकू लगने से तीन टांके आए। पुलिस ने केस दर्ज किया। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले के नामली में गुरुवार दोपहर आपसी कहासुनी के बाद युवाओं के दो गुटों के बीच विवाद हो गया। देखते ही देखते मामला मारपीट और चाकूबाजी तक पहुंच गया। घटना में नामली निवासी चेतन राठौड़ की पीठ पर चाकू लगने से वह घायल हो गया। घायल युवक को पहले नामली प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत को देखते हुए रतलाम मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। इलाज के दौरान उसकी पीठ पर तीन टांके लगाए गए। घटना नामली के फोरलेन स्थित सांवलिया ढाबा के पास गुरुवार दोपहर करीब डेढ़ बजे हुई। पुलिस ने मामले में दो नामजद आरोपियों समेत अन्य लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास और मारपीट का प्रकरण दर्ज किया है। बीच-बचाव के दौरान हुआ चाकू से हमला जानकारी के अनुसार चेतन राठौड़ और कुलदीप तंवर के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद दोनों पक्षों के अन्य युवक भी आपस में झगड़ने लगे। विवाद बढ़ने पर मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव करने का प्रयास किया। इसी दौरान चेतन राठौड़ की पीठ पर चाकू से हमला कर दिया गया। अचानक हुई चाकूबाजी के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। पुलिस के पहुंचने से पहले चाकू मारने वाले युवक वहां से फरार हो चुके थे। दो नामजद आरोपियों समेत अन्य पर केस दर्ज नामली थाना पुलिस ने घायल चेतन राठौड़ की शिकायत और उपलब्ध जानकारी के आधार पर कुलदीप तंवर निवासी नामली, किशोर मालवीय निवासी हसनपालिया, जावरा समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास और मारपीट की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल सभी आरोपियों की तलाश की जा रही है। वर्चस्व की चर्चा, पुलिस ने किया इनकार घटना के बाद दोनों गुटों के बीच पुरानी रंजिश और वर्चस्व की लड़ाई को लेकर भी चर्चाएं सामने आईं। बताया जा रहा है कि आगामी त्योहारों को देखते हुए पुलिस इन गुटों के साथ बैठक करने की तैयारी में थी। हालांकि, नामली थाना पुलिस ने वर्चस्व की लड़ाई की बात से इनकार किया है। पुलिस के मुताबिक होटल से बाहर निकलते समय रास्ता देने को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हुई थी। इसी मामूली विवाद ने बाद में मारपीट और चाकूबाजी का रूप ले लिया। आरोपी और घायल युवक पहले से परिचित नामली थाना प्रभारी अमित कोरी ने बताया कि घायल युवक और आरोपी एक-दूसरे को पहले से जानते-पहचानते हैं। प्रारंभिक जांच में होटल से बाहर निकलते समय रास्ता देने को लेकर विवाद होने की बात सामने आई है। थाना प्रभारी के अनुसार विवाद बढ़ने के बाद चाकूबाजी की घटना हुई। कुलदीप तंवर, किशोर मालवीय समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर जांच की जा रही है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी नामली पुलिस ने घटना के बाद आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। घटना के पीछे वास्तविक कारण और विवाद की पूरी परिस्थितियों को लेकर जांच जारी है।

Ratlam News: रतलाम में पति की हत्या का खुलासा: पत्नी ने प्रेमी के साथ मिलकर रची साजिश, 3 गिरफ्तार

Ratlam News: रतलाम के बोरदा में युवक की हत्या का पुलिस ने खुलासा किया है। पत्नी ने प्रेमी और उसके दोस्त के साथ मिलकर हत्या की, तीन आरोपी गिरफ्तार हुए। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: सरवन थाना क्षेत्र के ग्राम बोरदा में पांच दिन पहले नाले में मिले 32 वर्षीय युवक के शव के मामले में पुलिस ने हत्या का खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि युवक भीमा चरपोटा की हत्या उसकी पत्नी ने अपने प्रेमी और उसके दोस्त के साथ मिलकर की थी। पुलिस के मुताबिक, पत्नी ललिता ने सोते समय भीमा पर कुल्हाड़ी से हमला किया, जबकि उसके प्रेमी राकेश ने उसके पैर पकड़ लिए। वारदात के बाद शव को घर के पास बने एक स्थान पर रखा गया और खून के निशान मिटाने के बाद रात में शव को नाले में फेंक दिया गया। मामले में पुलिस ने मृतक की पत्नी ललिता, उसके कथित प्रेमी राकेश और राकेश के दोस्त भूरा डिंडौर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों से करीब दो लाख रुपये की मश्रुका भी बरामद की है। 2 सितंबर को नाले में मिला था युवक का शव सरवन थाना क्षेत्र की बेड़दा चौकी के ग्राम बोरदा में 2 सितंबर को एक युवक का शव नाले में मिला था। मृतक की पहचान 32 वर्षीय भीमा पिता मनोहर चरपोटा, निवासी बोरदा के रूप में हुई। प्रारंभिक जांच में युवक के सिर पर कुल्हाड़ी से वार किए जाने की आशंका सामने आई थी। शव मिलने से पहले मृतक की पत्नी ललिता के गायब होने से पुलिस का शक उस पर भी गया। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने ललिता को तलाश कर गिरफ्तार किया। कोर्ट से रिमांड मिलने के बाद उससे पूछताछ की गई। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में हत्या की पूरी घटना सामने आई, जिसके बाद मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका भी स्पष्ट हुई। पति को पता चल गया था प्रेम संबंध पुलिस के अनुसार, ललिता के राकेश के साथ करीब एक महीने पहले प्रेम संबंध बने थे। इसकी जानकारी बाद में उसके पति भीमा को हो गई थी। पति के सामने संबंध उजागर होने के बाद ललिता और राकेश कथित तौर पर डर गए थे। पुलिस का कहना है कि इसके बाद दोनों ने भीमा को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। राखी से पहले बनाई थी हत्या की योजना पुलिस जांच के मुताबिक, आरोपियों ने राखी से पहले भी भीमा की हत्या की योजना बनाई थी, लेकिन उन्हें मौका नहीं मिला। इसके बाद 1 सितंबर को भीमा को जंगल ले जाकर हत्या करने की योजना बनाई गई, लेकिन यह प्रयास भी सफल नहीं हुआ। आखिरकार घर में सो रहे भीमा की हत्या की गई। पुलिस के अनुसार, वारदात के दौरान ललिता ने भीमा पर कुल्हाड़ी से वार किया, जबकि राकेश ने उसके पैर पकड़ लिए। राकेश का दोस्त भूरा घर के बाहर निगरानी कर रहा था। हत्या के बाद गोबर से मिटाए खून के निशान पुलिस के मुताबिक, हत्या के बाद भीमा के शव को घर में बकरी बांधने वाले स्थान पर रख दिया गया था। वारदात वाली जगह पर खून के निशान थे, जिन्हें गोबर से लीपकर साफ करने की कोशिश की गई। इसके बाद 1 सितंबर की रात करीब 11 बजे राकेश और भूरा दोबारा भीमा के घर पहुंचे। दोनों शव को बाहर निकालकर घर से करीब 50 मीटर दूर स्थित नाले तक ले गए और वहां फेंक दिया। करीब 2 लाख रुपये की मश्रुका बरामद पुलिस ने मामले की जांच के दौरान मृतक के हाथ में पहना चांदी का कड़ा, सोने की बाली, चांदी की पैरों की कड़ियां और सिम बरामद की है। इसके अलावा आरोपियों के घटना के समय पहने गए कपड़े और दोनों के मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। पुलिस ने कुल करीब दो लाख रुपये की मश्रुका जब्त करने की जानकारी दी है। पत्नी, प्रेमी और दोस्त गिरफ्तार एएसपी राकेश पंद्रों के अनुसार, मामले में मृतक की पत्नी ललिता, उसके प्रेमी राकेश पिता जीवणा माईड़ा निवासी रामपुरिया और उसके दोस्त भूरा डिंडौर को गिरफ्तार किया गया है। तीनों आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है। पुलिस मामले में आगे की कार्रवाई कर रही है। पुलिस जांच में सामने आई घटनाक्रम की कड़ी पुलिस के अनुसार घटनाक्रम कुछ इस तरह सामने आया—

Ratlam News: रतलाम में युवक की संदिग्ध हत्या से सनसनी, नाले में मिला शव; पत्नी की तलाश तेज

Ratlam News: रतलाम के बोरदा गांव में 32 वर्षीय युवक का शव नाले में मिला। पैर रस्सी से बंधे थे और शरीर पर चोट के निशान मिले। पुलिस जांच में जुटी है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जिले के बोरदा गांव में एक 32 वर्षीय युवक का शव नाले में मिलने के बाद सनसनी फैल गई। युवक के दोनों पैर रस्सी से बंधे हुए थे और सिर, गाल व गर्दन पर गहरी चोट के निशान मिले हैं। पुलिस ने मामले को संदिग्ध हत्या मानकर जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान भीमा पुत्र मनोहर चरपोटा के रूप में हुई है। मंगलवार दोपहर घर से लापता होने के बाद बुधवार सुबह उसका शव गांव के पास नाले में मिला। घटना के बाद मृतक की पत्नी ललिता भी घर से गायब है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। नाले में मिला रस्सी से बंधा शव परिजनों के अनुसार मंगलवार दोपहर करीब 3 से 4 बजे के बीच भीमा घर से लापता हो गया था। शाम को उसके काका ने पत्नी ललिता से भीमा के बारे में पूछा तो उसने बताया कि वह दानपुर गया है। रात करीब 9 बजे दोबारा पूछताछ करने पर ललिता ने बताया कि भीमा अभी वापस नहीं आया है। अगले दिन सुबह गांव के सवजी मईडा ने भीमा के काका को उसके घर के पास से निकलने वाले नाले में शव पड़े होने की जानकारी दी। मौके पर पहुंचने पर भीमा चित अवस्था में पड़ा मिला। उसके सिर, गाल और गर्दन पर चोट के निशान थे। दोनों पैर रस्सी से बंधे हुए थे। शव के बाएं हाथ का कुछ हिस्सा भी अज्ञात जानवर द्वारा खाए जाने की बात सामने आई है। घर में मिले खून के निशान, कुल्हाड़ी भी बरामद घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी अर्जुन सेमलिया और बेड़दा चौकी प्रभारी एसआई जगदीश सिंह तोमर ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। जांच के दौरान घर के अंदर कई जगह खून के धब्बे मिले। इन निशानों को गोबर से लीपकर मिटाने की कोशिश किए जाने की बात सामने आई है। पलंग पर भी खून के निशान मिले हैं। घर के पास रखे ढालिये में पुलिस को एक कुल्हाड़ी मिली, जिस पर खून लगा हुआ था। इसके अलावा घर के आसपास शव को घसीटे जाने के निशान भी मिले हैं। पुलिस इन सभी साक्ष्यों को जांच का हिस्सा मानकर आगे की कार्रवाई कर रही है। पत्नी के लापता होने से बढ़ा संदेह भीमा का शव मिलने के बाद उसकी पत्नी ललिता के घर से चले जाने की जानकारी सामने आई है। परिवार के मुताबिक, मंगलवार को ललिता कुछ समय तक स्वजनों के साथ भीमा को आसपास तलाशती रही थी। इसके बाद वह घर लौट गई। बाद में जब परिजन नाले में भीमा का शव देखकर रोते हुए घर पहुंचे, तो ललिता उनके रोने की आवाज सुनकर घर से चली गई। इसके बाद से उसका पता नहीं चला है। पुलिस ने परिस्थितियों के आधार पर पत्नी की भूमिका की भी जांच शुरू की है। हालांकि, अभी हत्या के कारण और वारदात में किसकी भूमिका थी, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस और एफएसएल टीम ने जुटाए साक्ष्य मामले की गंभीरता को देखते हुए एएसपी राकेश पंद्रो और एफएसएल अधिकारी डॉ. अतुल मित्तल भी घटनास्थल पर पहुंचे। टीम ने मौके का निरीक्षण किया और मृतक के परिजनों से जानकारी ली। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रतलाम मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर मौत के कारण और घटना की परिस्थितियों को स्पष्ट करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस का क्या कहना है? थाना प्रभारी अर्जुन सेमलिया के अनुसार भीमा की पत्नी पर हत्या में संलिप्तता की आशंका के आधार पर उसकी तलाश की जा रही है। पत्नी के मिलने के बाद मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। दो बच्चों के पिता थे भीमा मृतक भीमा के दो बच्चे हैं। घटना के समय एक बच्चा स्कूल गया हुआ था, जबकि बड़ी बेटी को ललिता ने खेत में बंदरों को भगाने के लिए भेजा था। इस वजह से घटना के दौरान घर में कौन-कौन मौजूद था और वारदात किस परिस्थिति में हुई, यह पुलिस जांच का अहम बिंदु माना जा रहा है।

Ratlam News: रतलाम में जमीन विवाद के बीच युवक की मौत, शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन; जांच की मांग

Ratlam News: रतलाम के सरवनीखुर्द में जमीन विवाद के बीच शंकर गरवाल की कीटनाशक पीने से मौत हो गई। परिजनों ने शव रखकर प्रदर्शन कर जांच की मांग की। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जिले के सरवनीखुर्द गांव में जमीन विवाद से जुड़ा मामला सामने आया है। 45 वर्षीय शंकर गरवाल की कीटनाशक पीने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत के बाद परिजनों और जय आदिवासी युवाशक्ति संगठन से जुड़े लोगों ने बाजना रोड पर शव रखकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। करीब एक घंटे तक आवागमन प्रभावित रहा। परिजन मामले की निष्पक्ष जांच, जमीन से जुड़े विवाद की पड़ताल और जिम्मेदार पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे। परिजनों के अनुसार, शंकर ने 23 अगस्त को अपने खेत की जमीन के पास कीटनाशक पी लिया था। इसके बाद उन्हें उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां 25 अगस्त की दोपहर इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। जमीन पर कब्जे और खदान को लेकर लगाए आरोप परिजनों का आरोप है कि शंकर की खेती की जमीन पर कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया था। उनका कहना है कि परिवार लंबे समय से इस जमीन पर खेती करता आ रहा था। परिजनों के मुताबिक, जमीन पर खदान का पट्टा मिलने के बाद शंकर वहां खेती नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने खदान संचालक पर परेशान करने और डराने-धमकाने के आरोप भी लगाए हैं। परिवार का दावा है कि शंकर ने जमीन से जुड़े मामले को लेकर कई बार शिकायतें की थीं। उनका आरोप है कि शिकायतों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। इन्हीं परिस्थितियों को लेकर परिजन पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस की जांच के बाद ही आरोपों और घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। पोस्टमार्टम के बाद सड़क पर रखा शव बुधवार दोपहर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिजन शंकर का शव लेकर गांव की ओर जा रहे थे। इसी दौरान बाजना रोड पर शव रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया गया। प्रदर्शन की सूचना मिलने पर डीएसपी गायत्री सोनी, डीडी नगर थाना प्रभारी अनुराग यादव और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने परिजनों तथा संगठन के लोगों से बातचीत कर उनकी मांगें सुनीं। करीब एक घंटे चले प्रदर्शन के कारण सड़क पर यातायात प्रभावित रहा और दोनों ओर वाहनों की लाइन लग गई। खनिज और राजस्व विभाग की भूमिका की जांच की मांग प्रदर्शन कर रहे परिजनों और आदिवासी संगठनों ने जमीन से जुड़े मामले में खनिज विभाग, राजस्व विभाग और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उनकी प्रमुख मांग है कि जिस जमीन को लेकर विवाद है, वहां खदान का पट्टा किस आधार पर दिया गया और संबंधित प्रक्रिया में नियमों का पालन हुआ या नहीं, इसकी जांच की जाए। परिजनों ने यह भी मांग की कि जांच के दौरान यदि किसी अधिकारी या खदान संचालक की लापरवाही अथवा नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए। परिवार को मुआवजा और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग भी रखी गई। परिजनों ने चेतावनी दी कि यदि दो दिन के भीतर कार्रवाई नहीं हुई तो थाने का घेराव किया जाएगा। पुलिस ने जांच का भरोसा दिया पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को मामले की जांच कर वैधानिक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजनों और संगठन के लोगों ने प्रदर्शन समाप्त कर दिया। डीडी नगर थाना प्रभारी अनुराग यादव के अनुसार, मामले में मर्ग कायम कर जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस जांच में जमीन विवाद, शिकायतों, खदान पट्टे से जुड़े दस्तावेजों और लगाए गए अन्य आरोपों की स्थिति स्पष्ट होना महत्वपूर्ण होगा। परिवार में पत्नी और चार बच्चे शंकर गरवाल के परिवार में उनकी पत्नी, एक बेटा और तीन बेटियां हैं। मौत के बाद परिवार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।

Ratlam News: रतलाम में दिनदहाड़े खौफनाक वारदात: पत्नी की गला रेतकर हत्या, पति मौके से गिरफ्तार

Ratlam News: रतलाम के माणक चौक थाना क्षेत्र के सोनार बावड़ी में पति ने पत्नी की गला रेतकर हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी पति को मौके से हिरासत में लिया, मामले की जांच जारी है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम शहर में रविवार सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। माणक चौक थाना क्षेत्र के सोनार बावड़ी इलाके में एक पति ने अपनी पत्नी की धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या कर दी। घटना दिनदहाड़े होने से क्षेत्र में दहशत और सनसनी फैल गई। मृतका की पहचान 32 वर्षीय रुकैया के रूप में हुई है, जबकि पुलिस ने आरोपी पति 35 वर्षीय असगर अली को घटनास्थल से ही हिरासत में ले लिया। प्रारंभिक जांच के बाद पुलिस हत्या के पीछे की वजह जानने में जुटी है। परिवार के सामने हुई इस दर्दनाक घटना ने स्थानीय लोगों को भी स्तब्ध कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस, एफएसएल टीम और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौके पर पहुंच गए। भाई ने सुनी चीख, कमरे का नजारा देख रह गया सन्न जानकारी के अनुसार रविवार सुबह करीब 11 बजे रुकैया की चीख सुनकर उसका बड़ा भाई मुस्तफा पड़ोसियों के साथ घर के अंदर पहुंचा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कमरे में रुकैया बिस्तर पर लहूलुहान अवस्था में पड़ी थी। आरोप है कि उस समय असगर अली उसकी छाती पर बैठकर धारदार हथियार से लगातार गले पर वार कर रहा था। मौजूद लोगों ने आरोपी को रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह उनकी ओर भी आक्रामक हो गया। इसके बाद लोगों ने तत्काल बाहर निकलकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके से आरोपी को लिया हिरासत में सूचना मिलते ही माणक चौक थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और आरोपी पति को हिरासत में ले लिया। इसके बाद एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले में हत्या के कारणों की जांच जारी है। दो छोटे बच्चों के सिर से उठा मां का साया इस घटना के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। रुकैया अपने पीछे दो वर्षीय पुत्र और सात वर्षीय पुत्री को छोड़ गई हैं। मासूम बच्चों की मौजूदगी में हुई इस वारदात ने पूरे क्षेत्र को भावुक कर दिया। स्थानीय लोग और बोहरा समाज के सदस्य बड़ी संख्या में घटनास्थल पर एकत्रित हो गए। थाना प्रभारी ने क्या कहा? माणक चौक थाना प्रभारी विक्रम सिंह चौहान ने बताया कि पुलिस ने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटा लिए हैं। उन्होंने कहा कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ और जांच के बाद ही हत्या के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।

Ratlam News: रतलाम में वन भूमि विवाद बना खूनी संघर्ष, पहाड़ी पर युवक की गला रेतकर हत्या, पिता और भाई भी घायल

Ratlam News: रतलाम के बाजना थाना क्षेत्र के कागलीखोरा गांव में वन विभाग की जमीन के विवाद में 18 वर्षीय युवक की हत्या कर दी गई। पिता और भाई घायल, पुलिस ने हत्या का केस दर्ज किया। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले के बाजना थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह वन विभाग की जमीन को लेकर चला आ रहा विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। कागलीखोरा गांव की पहाड़ी पर खेती की हकाई करने पहुंचे एक परिवार पर हमला कर दिया गया, जिसमें 18 वर्षीय युवक की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी गई। हमले में मृतक के पिता और बड़े भाई भी घायल हुए हैं। घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया। सूचना मिलने पर बाजना थाना पुलिस, एफएसएल टीम और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर कुछ आरोपियों को हिरासत में लिया है। प्रारंभिक जांच के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच वन विभाग की जमीन पर कब्जे को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। कागलीखोरा गांव की पहाड़ी पर हुआ हमला पुलिस के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब 8:30 बजे लक्ष्मण (18) पुत्र बादरिया अपने पिता बादरिया और बड़े भाई नारायण (20) के साथ गांव की पहाड़ी पर वन भूमि की हकाई करने पहुंचे थे। इसी दौरान दूसरे पक्ष के 6 से 7 लोग वहां पहुंचे। बातचीत के दौरान विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने धारदार हथियार से हमला कर दिया। हमले में लक्ष्मण के गले पर गंभीर वार किया गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पिता और भाई भी हमले में घायल हो गए। मोबाइल नेटवर्क नहीं होने से देर से पहुंची सूचना घटना जिस इलाके में हुई, वहां मोबाइल नेटवर्क नहीं मिलने के कारण पुलिस को तत्काल सूचना नहीं मिल सकी। करीब 10:30 बजे डायल-112 के माध्यम से पुलिस को हत्या की जानकारी मिली। सूचना मिलते ही बाजना थाना प्रभारी रविंद्र दंडोतिया पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। इसके बाद रतलाम से एफएसएल अधिकारी डॉ. अतुल मित्तल भी घटनास्थल पहुंचे और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए बाजना प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा, जहां दोपहर में पोस्टमार्टम कराया गया। वन विभाग की जमीन को लेकर पुराना विवाद पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि दोनों पक्षों के बीच गांव की पहाड़ी पर स्थित वन विभाग की जमीन पर कब्जे को लेकर पहले से विवाद चल रहा था। इसी पुराने विवाद ने मंगलवार को हिंसक रूप ले लिया। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और हमले के पीछे की परिस्थितियों को भी खंगाल रही है। छह आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज बाजना थाना पुलिस ने हत्या सहित अन्य धाराओं में छह नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। दर्ज आरोपियों में शामिल हैं— पुलिस के अनुसार सभी आरोपी एक ही परिवार के सदस्य हैं। कुछ आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने क्या कहा? बाजना थाना प्रभारी रविंद्र दंडोतिया ने बताया कि मृतक की उम्र से जुड़े दस्तावेजों की जांच की जा रही है। परिजन उसकी उम्र 17 से 18 वर्ष के बीच बता रहे हैं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विवेक कुमार ने कहा कि डायल-112 पर सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। मामले के सभी तथ्यों को ध्यान में रखकर निष्पक्ष जांच की जा रही है।

Ratlam News: रतलाम जेल में बंद बाबर का वीडियो वायरल, मुलाकात कक्ष से रिकॉर्डिंग ने सुरक्षा व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल

रतलाम सर्किल जेल में बंद चाकूबाजी के आरोपी बाबर का मुलाकात कक्ष से वीडियो वायरल होने के बाद सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ गए हैं। जेल प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम की सर्किल जेल एक बार फिर चर्चा में है। चाकूबाजी के मामले में गिरफ्तार होकर चार दिन पहले न्यायिक अभिरक्षा में भेजे गए आरोपी बाबर का जेल परिसर के भीतर से बनाया गया वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। वीडियो सामने आने के बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था और मुलाकात प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। वायरल वीडियो में बाबर मुलाकात कक्ष में पारदर्शी शीशे के पीछे बैठा दिखाई देता है। वह इंटरकॉम के जरिए मुलाकाती से बातचीत करता नजर आता है। इसी दौरान बाहर मौजूद किसी व्यक्ति ने मोबाइल फोन से वीडियो रिकॉर्ड किया। जबकि जेल परिसर में मोबाइल फोन और वीडियो रिकॉर्डिंग पूरी तरह प्रतिबंधित है। वायरल वीडियो देखे वीडियो में आरोपी कैमरे की ओर हाथ हिलाता है और उंगलियों से पिस्तौल जैसा इशारा करता दिखाई देता है। सोशल मीडिया पर वायरल किए गए इस वीडियो में आपत्तिजनक ऑडियो भी जोड़ा गया है, जिसमें अपराध का महिमामंडन करने की कोशिश की गई है। यह खबर भी पढ़े रतलाम चाकूबाजी केस: इंदौर से दबोचा गया मुख्य आरोपी बाबर पठान, वारदात में इस्तेमाल चाकू बरामद जेल परिसर में मोबाइल कैसे पहुंचा? वीडियो सामने आने के बाद सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि प्रतिबंध के बावजूद मोबाइल फोन जेल परिसर तक कैसे पहुंचा। यदि रिकॉर्डिंग मुलाकात कक्ष में हुई है, तो सुरक्षा जांच के दौरान मोबाइल अंदर ले जाने की अनुमति कैसे मिली और सुरक्षा कर्मियों की निगरानी में यह चूक किस स्तर पर हुई। इसी वजह से जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। वीडियो इंस्टाग्राम पर हुआ वायरल जानकारी के अनुसार वीडियो इंस्टाग्राम आईडी aslammew.11 से पोस्ट किया गया है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि यह अकाउंट किसका है और वीडियो अपलोड करने वाला वही व्यक्ति है जिसने रिकॉर्डिंग की थी या कोई अन्य। वीडियो तेजी से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किया जा रहा है। हालांकि, इसकी रिकॉर्डिंग और अपलोड करने वाले व्यक्ति की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। चाकूबाजी मामले में चार दिन पहले भेजा गया था जेल बाबर स्टेशन रोड थाना क्षेत्र की शनि गली (हरमाला रोड) स्थित शराब दुकान के बाहर 10 जुलाई की रात हुई चाकूबाजी की घटना का मुख्य आरोपी है। पुलिस ने उसे 14 जुलाई को इंदौर से गिरफ्तार किया था। उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त चाकू भी बरामद किया गया था। न्यायालय में पेश करने के बाद उसे न्यायिक अभिरक्षा में रतलाम सर्किल जेल भेजा गया था। मामले में एक महिला सहित एक अन्य आरोपी की तलाश अभी भी जारी है। जेल प्रशासन ने क्या कहा? जेलर बृजेश मकवाना ने बताया कि वायरल वीडियो उनके संज्ञान में आ चुका है। उन्होंने कहा कि— वीडियो कब बनाया गया, किसने रिकॉर्ड किया और यह सोशल मीडिया तक कैसे पहुंचा, इसकी जांच की जा रही है। जांच में यदि आरोपी या किसी अन्य की संलिप्तता सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सुरक्षा व्यवस्था पर क्यों उठ रहे हैं सवाल? जेल परिसर संवेदनशील और प्रतिबंधित क्षेत्र माना जाता है। ऐसे स्थान पर मोबाइल फोन से वीडियो रिकॉर्ड होकर सोशल मीडिया तक पहुंच जाना सुरक्षा व्यवस्था में संभावित चूक की ओर संकेत करता है। यदि जांच में सुरक्षा नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई संभव है। फिलहाल प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहा है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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