भए प्रगट कृपाला… : बनारस का गंगा घाट बना हमारे रतलाम का महलवाड़ा, असंख्य भक्तों ने मनाई अलौकिक राम नवमीं

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। भए प्रगट कृपाला दीनदयाला, कौसल्या हितकारी। हरषित महतारी मुनि मन हारी अद्भुत रूप बिचारी… इस स्तुति को रामचरित मानस में तुलसीदास जी ने लिखा। जब वे प्रभु श्रीराम के जन्म का वर्णन कर रहे होते है। जिसका अर्थ है दीनों पर दया करने वाले, माता कौशिल्‍या के हितकारी प्रगट हुए … Read more