Delhi Blast Update: पुलवामा का डॉ. उमर मोहम्मद निकला लाल किला धमाके का मास्टरमाइंड, CCTV में कैद हुआ चेहरा, जैश से कनेक्शन उजागर

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Delhi Blast Update: दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए भीषण धमाके ने पूरे देश को दहला दिया है। अब इस ब्लास्ट से जुड़ा बड़ा खुलासा हुआ है। जांच एजेंसियों के हाथ मुख्य संदिग्ध की पहली तस्वीर और CCTV वीडियो लगे हैं, जिसमें सफेद Hyundai i20 कार चलाते हुए एक शख्स नजर आ रहा है। जांच में सामने आया है कि यह शख्स डॉ. उमर मोहम्मद है — जो पुलवामा (जम्मू-कश्मीर) का रहने वाला और पेशे से MBBS डॉक्टर बताया जा रहा है। CCTV में दिखा ब्लास्ट से पहले का हर पल जांच एजेंसियों (दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल, NIA और NSG) के मुताबिक, 10 नवंबर 2025 की शाम करीब 6:52 बजे यह धमाका हुआ।CCTV फुटेज में दिखा है कि सफेद कार सुनहरी मस्जिद की पार्किंग में दोपहर से खड़ी थी और शाम 6:48 बजे उसे बाहर निकाला गया। कुछ ही मिनट बाद, जब ट्रैफिक पीक पर था, कार रेड लाइट पर पहुंची और 6:51 बजे जोरदार विस्फोट हुआ।फुटेज में कार चलाने वाला व्यक्ति काले मास्क में दिखा, जिसे पुलिस ने डॉक्टर उमर मोहम्मद बताया है। अब DNA टेस्ट से पुष्टि की जा रही है कि क्या विस्फोट में मरा व्यक्ति वही था। कौन है डॉक्टर उमर मोहम्मद? NIA और NSG की संयुक्त कार्रवाई जारी विस्फोट स्थल से कई अहम सबूत जुटाए गए हैं।NIA और NSG की टीमें घटनास्थल पर मौजूद हैं। सूत्रों के मुताबिक, ब्लास्ट में इस्तेमाल विस्फोटक RDX और PETN का मिश्रण हो सकता है। जांच में यह भी सामने आया है कि कार फरीदाबाद से दिल्ली लाई गई थी और नंबर प्लेट फर्जी थी। आतंकी मॉड्यूल पर बड़ी कार्रवाई की तैयारी खुफिया सूत्रों के मुताबिक, इस ब्लास्ट के पीछे एक बड़ा आतंकी नेटवर्क काम कर रहा है, जिसका कनेक्शन कश्मीर, दिल्ली और हरियाणातक फैला है।एजेंसियां अब दिल्ली, नोएडा और गुरुग्राम में कई संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं।

Delhi Blast: लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास कार में भीषण धमाका, 10 की मौत, 24 घायल; NIA-NSG मौके पर, दिल्ली में हाई अलर्ट

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Delhi Blast: देश की राजधानी सोमवार शाम एक जोरदार धमाके से दहल उठी। दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर-1 के पास खड़ी एक कार में शाम करीब 6:52 बजे जबरदस्त विस्फोट हुआ, जिसमें अब तक 10 लोगों की मौत और 24 से अधिक लोग घायल हुए हैं। धमाका इतना तेज था कि आसपास खड़ी कई गाड़ियां जलकर खाक हो गईं और इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घायलों को एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। WATCH FULL VIDEO धमाके के बाद दिल्ली पुलिस, एनआईए (NIA), एनएसजी (NSG) और फॉरेंसिक टीमें मौके पर पहुंचीं और इलाके को पूरी तरह सील कर दिया गया। आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि धमाके के कारणों और संभावित साजिश का पता लगाया जा सके। दिल्ली में हाई अलर्ट, जांच के कई एंगल धमाके के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पूरे दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी कर दिया है। सुरक्षा एजेंसियों को सभी संवेदनशील इलाकों में चौकसी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।दिल्ली पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा ने बताया कि “धमाका कार के अंदर हुआ और इसकी वजह का पता लगाने के लिए फॉरेंसिक टीम जांच कर रही है। सभी एजेंसियां मिलकर काम कर रही हैं ताकि किसी भी साजिश का पर्दाफाश किया जा सके।” फरीदाबाद में मिला 2900 किलो अमोनियम नाइट्रेट, जुड़ सकता है लिंक इस धमाके से पहले ही सोमवार दोपहर फरीदाबाद में 2900 किलो अमोनियम नाइट्रेट बरामद किया गया था — वही केमिकल जो विस्फोटक तैयार करने में इस्तेमाल होता है। हालांकि जांच एजेंसियों का कहना है कि अभी इन दोनों घटनाओं को जोड़ना जल्दबाजी होगी, लेकिन दोनों मामलों की समानांतर जांच की जा रही है। अमित शाह ने घायलों से की मुलाकात केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सोमवार रात LNJP अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल जाना। उन्होंने दिल्ली पुलिस आयुक्त और अन्य अधिकारियों से घटना की विस्तृत रिपोर्ट ली। इसके बाद शाह ने धमाके की जगह का दौरा किया और जांच में तेजी लाने के निर्देश दिए। सुरक्षा अलर्ट कई राज्यों में धमाके के बाद न सिर्फ दिल्ली, बल्कि हरियाणा और महाराष्ट्र में भी सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है। हरियाणा सरकार ने गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत और झज्जर जिलों में विशेष चौकसी बरतने के आदेश जारी किए हैं।महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी सुरक्षा एजेंसियों के साथ आपात बैठक की और राज्यभर में सतर्कता बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। जांच जारी फिलहाल किसी भी संगठन ने इस दिल्ली ब्लास्ट की जिम्मेदारी नहीं ली है। NIA, NSG और दिल्ली पुलिस की टीमें घटनास्थल पर मौजूद हैं और हर कोण से जांच जारी है। शुरुआती जांच में विस्फोटक सामग्री या IED के इस्तेमाल की आशंका जताई जा रही है।

Blast In Delhi: धमाके से दहल उठी दिल्ली, आतंकी साजिश की जांच में जुटी सुरक्षा एजेंसियां

नई दिल्ली – पब्लिक वार्ता,न्यूज डेस्क। Blast In Delhi: राजधानी दिल्ली के प्रशांत विहार इलाके में सीआरपीएफ स्कूल के पास हुए जोरदार धमाके ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था को हिला कर रख दिया है। दिवाली से ठीक पहले हुए इस धमाके की जांच दिल्ली पुलिस के साथ केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियां कर रही हैं। घटना स्थल से सबूत इकट्ठे किए जा रहे हैं और आसपास के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला जा रहा है। सुरक्षा एजेंसियों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि यह धमाका किसी आतंकी साजिश का हिस्सा है या किसी और कारण से हुआ है। लेकिन त्योहारों के इस मौसम में हुए इस धमाके ने एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं। सुरक्षा कड़ी, दिल्ली में हाई अलर्ट घोषितरोहिणी के प्रशांत विहार इलाके में सुबह करीब 7.47 बजे हुए हुए इस धमाके के बाद दिल्ली पुलिस ने पूरे शहर में हाई अलर्ट जारी कर दिया है। विशेष रूप से प्रमुख बाजार क्षेत्रों जैसे चांदनी चौक, लाजपत नगर, कमला मार्केट, सरोजिनी नगर, सदर बाजार में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। इन इलाकों में पुलिस की पैनी नजर संदिग्ध गतिविधियों पर बनी हुई है और सादी वर्दी में भी पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि अगर कोई संदिग्ध वस्तु दिखाई दे, तो तुरंत पुलिस को सूचना दी जाए। 13 साल बाद दिल्ली में बड़ा धमाकायह धमाका दिल्ली में लगभग 13 साल बाद हुआ है। इससे पहले, 2011 के बाद राजधानी में कोई बड़ा विस्फोट नहीं हुआ था। हालांकि, 14 जनवरी 2022 को गाजीपुर फूल मंडी के गेट पर एक बैग में आईईडी विस्फोटक मिला था, जिसे एनएसजी की टीम ने निष्क्रिय किया था। उस विस्फोटक में आरडीएक्स और अमोनियम नाइट्रेट का इस्तेमाल किया गया था। अब, इस हालिया धमाके ने एक बार फिर दिल्ली की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। NIA और NSG की टीम जुटी जांच मेंपुलिस सूत्रों के मुताबिक, त्योहारों के दौरान राजधानी में आतंकी साजिश के इनपुट्स पहले से ही मिले थे, जिसके बाद से दिल्ली में अलर्ट जारी किया गया था। घटना के बाद घटनास्थल पर डॉग स्क्वाड, बम स्क्वाड, IGL, NIA और NSG की टीमों ने जांच शुरू कर दी है। एनएसजी कमांडो ने सीआरपीएफ स्कूल के पास के इलाके में तलाशी अभियान भी चलाया है। विशेषज्ञों की जांच जारीरोहिणी के डीसीपी अमित गोयल ने बताया कि धमाके की असल वजह का पता लगाने के लिए एक्सपर्ट्स को बुलाया गया है। शुरुआती जांच में क्रूड बम जैसा मटेरियल मिलने की बात सामने आई है, लेकिन विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। घटनास्थल के पास लगे सीसीटीवी फुटेज को भी खंगाला जा रहा है ताकि धमाके के सोर्स का पता लगाया जा सके। आतंकी साजिश की जांचदिल्ली पुलिस की एटीएस घटना की जांच आतंकी हमले के एंगल से भी कर रही है। आस-पास के पुलिस थानों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं और बाजारों में पैदल गश्त बढ़ा दी गई है। लोगों से अनुरोध किया गया है कि कोई भी संदिग्ध वस्तु या गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचित करें। नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (NSG) की टीम को भी मौके पर बुला लिया गया है। स्थानीय लोगों में दहशतविस्फोट की आवाज सुनते ही स्थानीय लोग अपने घरों और दुकानों से बाहर निकल आए। घटनास्थल के पास चश्मे की दुकान चलाने वाले सुमित ने कहा, “धमाका इतना जोरदार था कि मेरी दुकान के खिड़की के शीशे टूट गए और सारा सामान जमीन पर गिर गया।” वहीं, स्थानीय निवासी राकेश गुप्ता ने बताया, “सुबह करीब 7.30 बजे हमने बहुत तेज धमाके की आवाज सुनी। हमें लगा कि पास में कोई एलपीजी सिलेंडर फट गया है। कई दुकानों के शीशे टूट गए हैं।” इस धमाके ने एक बार फिर दिल्ली की सुरक्षा व्यवस्था को सवालों के घेरे में खड़ा कर दिया है, और इस मामले में आतंकी साजिश की आशंका को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। जांच जारी है, और जल्द ही सच्चाई सामने आने की उम्मीद है।