MP New Cheif Secretary: अनुराग जैन बने मध्य प्रदेश के 35वें मुख्य सचिव, जानिए कौन है ये सीनियर IAS अधिकारी

भोपाल – पब्लिक वार्ता,न्यूज डेस्क। IAS अनुराग जैन को मध्य प्रदेश का नया मुख्य सचिव (MP New Cheif Secretary) नियुक्त किया गया है। वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहली पसंद माने जा रहे हैं। दिल्ली ने लंबे सस्पेंस के बाद उनका नाम फाइनल किया। जैन ने पूर्व मुख्य सचिव वीरा राणा का स्थान लिया, जिनकी एक्सटेंशन सेवा 30 सितंबर 2024 को समाप्त हो गई। अनुराग जैन 1989 बैच के आईएएस (IAS Anurag Jain 1989) अधिकारी हैं और आज मध्य प्रदेश के 35वें मुख्य सचिव के रूप में कार्यभार संभाल चुके हैं। उनके प्रशासनिक अनुभव और कार्यशैली की वजह से इस नियुक्ति को प्रदेश के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अनुराग जैन का करियर और प्रमुख पदस्थापनाएंअनुराग जैन का करियर काफी व्यापक और प्रभावशाली रहा है। उन्होंने प्रशासनिक सेवाओं में कई महत्वपूर्ण पदों पर अपनी सेवाएं दी हैं। उनके करियर की कुछ प्रमुख पोस्टिंग निम्नलिखित हैं: – सहायक कलेक्टर, सागर: 6 जून 1990 से 26 अगस्त 1991  – एसडीओ, खुरई: 27 अगस्त 1991 से 14 अक्टूबर 1992  – एसडीओ, जावरा: 28 अक्टूबर 1992 से 14 जुलाई 1993  – अतिरिक्त कलेक्टर, कांकेर: 19 जुलाई 1993 से 1 सितंबर 1994  – परियोजना अधिकारी, डीआरडीए, छिंदवाड़ा: 7 सितंबर 1994 से जुलाई 1995  – परियोजना अधिकारी, डीआरडीए, भोपाल: जुलाई 1995 से जून 1996  – कलेक्टर, मंडला: 14 जुलाई 1997 से 1999  – कलेक्टर, मंदसौर: 22 जून 1999 से 10 जुलाई 2001  – कलेक्टर, भोपाल: 16 जुलाई 2001 से जनवरी 2004  – आयुक्त-सह-निदेशक, म.प्र. पूर्वी क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी, जबलपुर: जनवरी 2004 से अगस्त 2004  – आयुक्त, स्वास्थ्यसेवाएं  23 सितंबर 2005 से दिसंबर 2005  – मुख्यमंत्री के सचिव: 6 दिसंबर 2005  – सचिव, म.प्र. सरकार, सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग: 11 जून 2007 से 27 जून 2011  – संयुक्त सचिव, प्रधानमंत्री कार्यालय, नई दिल्ली: 1 जनवरी 2015  – प्रमुख सचिव, म.प्र. सरकार, वित्त विभाग: 28 जुलाई 2018 सेअनुराग जैन की नियुक्ति से प्रशासन में नई दिशा की उम्मीद की जा रही है। उनके व्यापक अनुभव और प्रशासनिक क्षमता को देखते हुए, वे प्रदेश की प्रगति में अहम भूमिका निभा सकते है।

Ratlam News: 5 वर्षीय मासूम के साथ यौन उत्पीड़न: सांईश्री एकेडमी के बाहर अभिभावकों का जमकर प्रदर्शन, स्कूल किया सील

पब्लिक वार्ता,न्यूज डेस्क। Ratlam News: 80 फीट रोड स्थित सांईश्री एकेडमी स्कूल में 5 वर्षीय मासूम के साथ यौन उत्पीडन का मामला सामने आने बाद सोमवार को स्कूल खुलते ही अभिभावकों का आक्रोश भड़क गया। आक्रोशित परिजन ने स्कूल संचालक राकेश देसाई, प्रिंसिपल श्वेता विंचुरकर सहित जिला और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। अभिभावकों का कहना है कि निजी स्कूल प्रबंधन की बड़ी लापरवाही के कारण ये घटना घटी है। स्कूल के बाहर करीब 2 घंटे तक जाम के साथ अभिभावकों ने प्रदर्शन किया। आक्रोश को भांपते हुए मौके पर प्रशासन की और से अपर कलेक्टर डॉ. शालिनी श्रीवास्तव और एएसपी राकेश खाखा को भी पहुंचना पड़ा। अधिकारियों ने मौके पर सांईश्री एकेडमी स्कूल को सील कर दिया। प्रशासन ने सांईश्री स्कूल प्रबंधन के दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। वहीं हैरान कर देने वाली बात है की पूरे मामले में अब तक स्कूल के जिम्मेदार राकेश देसाई या किसी का भी कोई बयान नहीं आया है। आपको बता दे मासूम बच्ची के साथ घटिया हरकत करने वाला चौकीदार का बेटा है। आरोपी नाबालिग है। क्या बोले जिम्मेदार!रतलाम एसडीएम अनिल भान ने बताया “आक्रोशित लोग स्कूल के स्टाफ और प्रबंधन के विरुद्ध भी कार्रवाई चाहते हैं. इस मामले में जिनकी भी लापरवाही और जिम्मेदारी सामने आएगी, उन पर भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।” एडिशनल एसपी राकेश खाखा ने कहा “पुलिस ने पास्को एक्ट के अंतर्गत प्रकरण दर्ज कर तत्काल कार्रवाई की. इसके अलावा जो भी तथ्य और प्रबंधन के लापरवाही सामने आएगी, उस पर भी कार्रवाई की जाएगी।” घटना की निंदा तक नहीं कीएफआईआर के बाद परिजनों में स्कूल प्रबंधन के खिलाफ नाराजगी देखी जा रही थी। इसके बाद भी स्कूल प्रबंधन ने घटना की निंदा तक नहीं की। ना ही स्कूल की और से कोई आधिकारिक बयान दिया गया।  सोमवार को नाराज अभिभावक जब प्रबंधन से घटना सहित अपने बच्चों की सुरक्षा की मांग को लेकर चर्चा करने पहुंचे, तब प्रबंधन का बर्ताव गैर जिम्मेदाराना था।  जिसके बाद अभिभावकों ने सड़क पर बैठ प्रदर्शन शुरू कर दिया। सूचना मिलने पर रतलाम शहर एसडीएम अनिल भाना, सीएसपी अभिनव बारंगे, दीनदयाल नगर थाना प्रभारी रवीन्द्र दंडोतिया, औद्योगिक थाना प्रभारी वीडी जोशी, सब इंस्पेक्टर सत्येंद्र रघुवंशी सहित बड़ी संख्या में पुलिस का बल मौके पर पहुंचा। यह खबर भी पढ़िए… Ratlam News: 5 वर्षीय मासूम के साथ नाबालिग की गंदी करतूत, 80 फिट रोड स्थित सांईश्री स्कूल में हुई घटना…https://publicvarta.com/ratlam-news-dirty-act-of-a-minor-youth-with-a-5-year-old-innocent-child-the-incident-took-place-in-saishree-school-located-at-80-fit-road/

Heavy Rain in Ratlam: रतलाम में रविवार को मूसलाधार बारिश, किसानों की सोयाबीन भीगी, बाइक सवार गिरे नाले में, बिजली भी गिरी

रतलाम – पब्लिक वार्ता,न्यूज डेस्क। Heavy Rain in Ratlam: शहर में रविवार को भारी बारिश हुई, जिसने शहर की सड़कों को तालाब में तब्दील कर दिया। दोपहर 2 बजे के बाद शुरू हुई हल्की बारिश ने शाम 4:30 बजे के आसपास मूसलाधार रूप धारण कर लिया। ऐसा प्रतीत हो रहा था कि बादल फट गए हों, क्योंकि दो घंटे तक लगातार तेज बारिश होती रही, इस दौरान लगभग 2 इंच बारिश दर्ज की गई। रतलाम में अब तक 43.88 इंच के करीब वर्षा हो चुकी है, जो की सामान्य से 7.96 इंच ज्यादा है। तेज बारिश के दौरान कई क्षेत्रों में पानी भर गया। खासतौर पर अलकापुरी क्षेत्र में बिजली गिरने से बिजली आपूर्ति बंद हो गई, और अन्य क्षेत्र भी प्रभावित हुए। हालांकी इसमें कोई हताहत नहीं हुआ। वहीं बारिश के बीच नगर निगम की बड़ी लापरवाही सामने आई है। शहर के बाजना बस स्टैंड क्षेत्र में राहगीर खुले नाले में  बाइक सहित गिर गए, जिन्हें आसपास के लोगों ने समय रहते सुरक्षित बाहर निकाला। गनीमत रही कि कोई बड़ी जनहानि नहीं हुई। निचले क्षेत्र जलमग्नशहर के पावर हाउस रोड, डॉट की पुलिया, न्यू रोड, बाजना बस स्टैंड, बड़बड़ और अन्य क्षेत्रों में पानी भरने से यातायात प्रभावित हुआ। घने अंधेरे और जलभराव के कारण वाहन चालकों को अपने वाहनों की हेडलाइट जलाकर वाहन चलाने पड़े, और कई जगहों पर वाहन फिसलने की घटनाएं भी हुईं। ग्रामीण क्षेत्रों में भी बारिश का असररतलाम से 8 किलोमीटर दूर पलसोड़ा गांव पूरी तरह से जलमग्न हो गया। यहां का मुख्य चौराहा पानी से भर गया और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा तक पानी आ गया। गांव के सड़क मार्गों का संपर्क टूट गया, जिससे आवागमन बाधित हो गया। नामली में भी सड़कों की हालत नदियों की तरह हो गई। खेतों में पानी, सोयाबीन की फसलें प्रभावितरतलाम के आसपास के ग्रामीण इलाकों में भी खेतों में पानी भर गया। सोयाबीन की फसलें भीग गईं और कई किसानों की फसलें खराब हो गईं। कटाई के बाद खेतों में रखे सोयाबीन भी पानी में डूबने से नुकसान हो गया। कुछ वीडियो में सोयाबीन की फसलें पानी में बहकर भी जाती हुई दिखाई दी। जाते मानसून ने कई किसानों को प्रभावित किया है। सितंबर के अंत में हुई इस भारी बारिश ने रतलाम शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को काफी प्रभावित किया। निचले क्षेत्रों में पानी भरने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है, और खेतों में पानी भरने से किसानों को नुकसान झेलना पड़ रहा है।

Ratlam News: सेवा भारती ने मानव श्रंखला बनाकर दिया “सुपोषण भारत – समर्थ भारत” का संदेश

रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। Ratlam News: समाजिक संस्था सेवा भारती ने कुपोषण के खिलाफ अपनी मुहिम को आगे बढ़ाते हुए आज रतलाम में “सुपोषण जागरूकता अभियान” का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कुपोषण के खिलाफ जागरूकता फैलाना और समाज में सुपोषण के प्रति सजगता लाना था। नगर के महाराजा सज्जनसिंह चौराहे पर आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत मां भारती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर संघ के विभाग सेवा प्रमुख गजेंद्र वर्मा, रतलाम जिला संघचालक सुरेन्द्र सुरेका, जिला महिला बाल विकास अधिकारी रजनीश जी सिन्हा, स्त्री रोग विशेषज्ञ डा. रोमा शर्मा हाड़ा और सेवा भारती रतलाम के अध्यक्ष अनुज छजेड सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित थे। विभाग सेवा प्रमुख गजेंद्र वर्मा ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि सेवा भारती हर साल सितंबर महीने में यह अभियान चलाती है, जिसका मुख्य उद्देश्य नागरिकों में सुपोषण के प्रति जागरूकता फैलाना है। उन्होंने कहा, “यदि भारत का युवा और महिलाएं सही पोषण प्राप्त करें, तो हमारा देश प्रगति के नए सोपान प्राप्त करेगा।” मुख्य वक्ता डा. रोमा शर्मा हाड़ा ने सुपोषण प्राप्त करने के तरीकों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि सामान्य जीवन में कुछ छोटे-छोटे परिवर्तन करके हम न केवल खुद को बल्कि समाज को भी सुपोषित कर सकते हैं। महिला बाल विकास अधिकारी रजनीश सिन्हा ने शासन की योजनाओं के बारे में जानकारी दी और कहा कि “सरकार हर नागरिक के सुपोषण के लिए कई योजनाएं चला रही है। हमें इनका लाभ उठाना चाहिए।” मानव श्रृंखला बनाकर दी जागरूकताकार्यक्रम का एक विशेष आकर्षण था मानव श्रंखला का निर्माण, जिसमें उपस्थित जनशक्ति ने मिलकर “सुपोषित भारत – समर्थ भारत” का संकल्प लिया। इस दौरान सेवा भारती सह सचिव श्रीमती आशा दुबे ने नशा मुक्ति की शपथ दिलाई। जिला सेवा प्रमुख पवन कसेरा ने उपस्थित सभी का आभार व्यक्त किया। सह सेवा प्रमुख मनीष सोनी द्वारा अतिथि परिचय दिया। मंच संचालन सेवा भारती सचिव मोहित कसेरा ने किया। कार्यक्रम में नगर सेवा प्रमुख पंकज भाटी, सकल जैन समाज के महेंद्र बोथरा, लायन पूर्व रिजनल चेयर पर्सन वीणा छाजेड सहित बड़ी संख्या में समाज जन और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सेवा भारती निरंतर समाज में परिवर्तन लाने के लिए कटिबद्ध है, और कुपोषण के खिलाफ उनकी यह मुहिम इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

MP Weather Alert: अगले 2 दिन मौसम रहेगा खराब या निकलेगी धूप, इन जिलों में बारिश का अलर्ट

उज्जैन में रामघाट डूबा, रतलाम की सड़कों पर भरा पानी: कई जिलों में गरज चमक के साथ हल्की बारिश; अब तक 17% ज्यादा बरसा मानसून भोपाल – पब्लिक वार्ता,MP Weather Alert: मध्य प्रदेश में एक बार फिर से जोरदार बारिश के आसार हैं। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य के कई जिलों में 2 दिन के लिए मौसम खराब रहने का पूर्वानुमान जारी किया है। 30 सितंबर से 1 अक्टूबर के बीच प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, वहीं कुछ स्थानों पर भारी बारिश की भी संभावना जताई गई है। मध्यप्रदेश में रविवार को उज्जैन, ग्वालियर और रतलाम समेत कुछ जिलों में बारिश हुई। उज्जैन में शिप्रा का रामघाट डूब गया। रतलाम में दोपहर में तेज बारिश से शहर की सड़कें पूरी तरह से जलमग्न हो गई। शाम 5:30 बजे अंधेरा सा छा गया, जिसके चलते वाहनों चालकों को हेडलाइट्स ऑन कर गाड़ियां चलानी पड़ी। कई जगह गरज चमक के साथ आकाशीय बिजली भी गिरी है। किन जिलों में बारिश का अलर्ट?मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम यूपी पर बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन के चलते उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश पर प्रभाव पड़ रहा है, जिससे कई जिलों में बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। रतलाम में अब तक 42.81 इंच के करीब वर्षा हो चुकी है, जो की सामान्य से 6.96 इंच ज्यादा है। 30 सितंबर को इन जिलों में बारिश की संभावनाभोपाल, विदिशा, रायसेन, सिहोर, नर्मदापुरम, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, बड़वानी, झाबुआ, धार, अलीराजपुर, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, मंदसौर, शाजापुर, आगर मालवा। 1 अक्टूबर को इन जिलों में बारिश का पूर्वानुमानमंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योंपुरकलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, सतना, शहडोल, डिंडोरी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, पांढुरना। प्रदेश में अब तक कितनी हुई बारिश?मध्य प्रदेश में 1 जून से 27 सितंबर तक औसत से 17% अधिक बारिश दर्ज की गई है। पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 13% और पश्चिमी मध्य प्रदेश में 19% अधिक बारिश हो चुकी है। इस साल अब तक प्रदेश में 43.6 इंच बारिश दर्ज की गई है, जबकि सामान्यतः इस अवधि में 37.2 इंच बारिश होती है। यह सामान्य से 17% ज्यादा है। मंडला ऐसा जिला है, जहां सबसे ज्यादा 60.5 इंच पानी गिर चुका है। सिवनी प्रदेश में दूसरे नंबर पर है। यहां 56 इंच से ज्यादा बारिश हो चुकी है। विशेष रूप से श्योपुर में रिकॉर्ड तोड़ बारिश हुई है, जहां औसत से 98% ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। यहां 657.3 मिमी की तुलना में 1320.2 मिमी बारिश हो चुकी है। वहीं, रीवा, इंदौर और उज्जैन में अपेक्षाकृत कम बारिश दर्ज की गई है। मध्यप्रदेश में मानसून के इस आखिरी दौर के बाद 1 अक्टूबर से मौसम के साफ होने की संभावना है।

Ratlam News: MP के इस यंग IPS अफसर ने पुलिसकर्मियों के लिए ईनामों की लगाई झड़ी, हर 15 दिन में देना होगा अपडेट, नहीं तो…

प्रदेश के यंग आईपीएस ऑफिसर और रतलाम एसपी अमित कुमार का नवाचार, हर जवान को 5 और 10 हजार का नगद ईनाम, हर 15 दिन में खुद लेंगे समीक्षा बैठक रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। Ratlam News: प्रदेश के यंग आईपीएस ऑफिसर अमित कुमार (IPS Amit Kumar) ने पुलिस जवानों के काम में फुर्ती लाने के लिए एक अनूठा एक्सपीरिमेंट शुरू किया है। आईपीएस अमित कुमार रतलाम जिले के एसपी है। गौरतलब है की रतलाम शहर में तैनात पुलिस जवानों की क्विक रेस्पॉन्स टीम का नाम चीता पार्टी है। एसपी ने इन्हीं चीता जवानों के साथ एक अहम बैठक की, जिसमें शहर की अपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए। साथ ही एसपी ने नवाचार करते हुए चीता जवानों के लिए ईनामों की झड़ी लगा दी है। एसपी ने चोरी के दौरान उपयोग में लाए उपकरण की जब्ती के लिए 5 हजार और चोरी के वाहन जब्ती के लिए प्रत्येक जवान को 10 हजार रुपए के नगद पुरुस्कार देने की घोषणा की है। इसके अलावा काम में कसावट के लिए हर 15 दिन में एसपी मीटिंग लेकर चीता के कामों की खुद अपडेट भी लेंगे। एसपी अमित कुमार के अनुसार चीता जवान हर बिट की मुख्य कड़ी है। सबसे ज्यादा फील्ड में यही रहते है और इनका लोगों से सीधा संपर्क है। गश्ती के दौरान एहतियात बरतने से चीता जवान कई अपराधों को रोकने में अहम भूमिका निभा सकते है। साथ ही घटित अपराधों की विवेचना में भी महत्वपूर्ण भूमिका इनकी रहती है। पुरस्कार देने से उनकी कार्यक्षमता और मनोबल में वृद्धि होती है। इससे वे अपने काम में अधिक जिम्मेदारी और उत्साह से जुटते हैं, अपराध रोकने और कार्रवाई में तेजी लाते हैं, और बेहतर परिणाम देने के लिए प्रेरित होते हैं। यह एक तरह से प्रोत्साहन का काम करता है, जिससे पुलिसकर्मी अपने कर्तव्यों का पालन और अधिक प्रभावी ढंग से करते हैं। इस बैठक में चीता पार्टी के जवानों को अपने कार्यक्षेत्र में सतर्कता बरतने और अपराधों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। एसपी द्वारा दिए गए प्रमुख निर्देश 1. हर 15 दिन में समीक्षा बैठक: चीता पार्टी द्वारा किए गए कार्यों की हर 15 दिन में पुलिस अधीक्षक स्वयं समीक्षा करेंगे।   2. पुरस्कार योजना: किसी संदिग्ध व्यक्ति से चोरी करने के उपकरण (जैसे कटर या पाना) जब्त करने पर चीता पार्टी के जवान को ₹5000 का नकद इनाम दिया जाएगा। इसके साथ ही, चोरी किया गया वाहन पकड़ने पर ₹10,000 का नगद इनाम भी घोषित किया गया है। 3. धार्मिक स्थलों और अन्य क्षेत्रों की निगरानी: चीता पार्टी अपने क्षेत्र के मंदिर, मस्जिद, और अन्य महत्वपूर्ण स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमित निगरानी और चेकिंग करेंगी। इन स्थानों से संबंधित जानकारियों को अपनी डायरी में दर्ज करेंगी। 4. सतत चेकिंग: होटल, लॉज, धर्मशाला, बैंक, कॉलोनी, गुंडे-बदमाशों के ठिकानों, गोल्ड लोन कंपनियों और एटीएम की सतत जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। इसका विवरण साप्ताहिक डायरी में रखा जाएगा। 5. संदिग्ध व्यक्तियों की जाँच: चीता पार्टी शहर में सतत भ्रमण कर संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग करेगी, जिसमें यदि कोई हथियार या गैरकानूनी वस्तु मिलती है, तो उन्हें पुरस्कृत किया जाएगा। 6. तेज रफ्तार और खतरनाक बाइकर्स पर निगरानी: शहर में तेज रफ्तार से बाइक चलाने वाले युवकों की पहचान कर उन्हें समझाइश दी जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। 7. लापरवाही पर सख्त कार्रवाई: इन निर्देशों का पालन न करने पर संबंधित चीता पार्टी के सदस्यों पर सख्त कार्यवाही की जाएगी। एसपी अमित कुमार ने इस बैठक के दौरान सभी चीता पार्टी के सदस्यों को अपने कार्यों के प्रति निष्ठावान रहने और किसी भी लापरवाही से बचने की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि चीता पार्टी की सक्रियता से शहर की कानून व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा सकता है और अपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सकता है।

Ratlam News: 5 वर्षीय मासूम के साथ नाबालिग की गंदी करतूत, 80 फिट रोड स्थित सांईश्री स्कूल में हुई घटना

स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल!, आरोपी को भेजा बाल संप्रेक्षण ग्रह रतलाम – पब्लिक वार्ता,न्यूज डेस्क। Ratlam News: हाल ही में प्रदेश की राजधानी भोपाल में मासूम बच्ची से दुष्कर्म और निर्मम हत्या का मामला सामने आया था। जिसमें पुलिस जांच में कई चोंकाने वाले खुलासे हो रहे है। वहीं अब प्रदेश के रतलाम में एक निजी स्कूल में 5 वर्षीय मासूम बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न का मामला सामने आया है। हैरानी कि बात यह है की 80 फीट रोड स्थित सांईश्री स्कूल में मासूम के साथ गंदी हरकत को अंजाम देने वाला आरोपी खुद नाबालिग है। पूरे मामले में सांईश्री स्कूल प्रबंधन की लापरवाही भी खुलकर सामने आई है। सूत्रों की माने तो स्कूल परिसर में दूसरी और तीसरी मंजिल पर सीसीटीवी कैमरे भी नहीं है। पुलिस ने पीड़ित मासूम की मां की शिकायत पर आरोपी बाल अपचारी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर बाल संप्रेक्षण गृह भेज दिया है। प्राइवेट स्कूलों में परिजनों से मोटी-मोटी फीस लेने के बाद भी बच्चों की सुरक्षा के लिए उचित प्रबंध नहीं होना सांईश्री स्कूल प्रबंधन की लापरवाही को दर्शाता है। मामले में सांईश्री एकेडमी स्कूल के प्रबंधक राकेश देसाई से जानकारी लेना चाही मगर उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। बाथरूम के लिए गई तो मालूम पड़ाजानकारी के अनुसार 5 वर्षीय मासूम की मां ने पुलिस को बताया कि उनकी बच्ची सांईश्री स्कूल में पढ़ाई करती है। मासूम बच्ची को घर से स्कूल और स्कूल से घर लाने का काम उसकी मौसी करती है। पिछले तीन दिन से उनकी बच्ची को बुखार आ रहा था और बाथरूम कम हो रही थी। 27 सितंबर की दरमियानी रात मासूम बाथरूम करने के लिए उठी तो उसने अपनी मौसी को बताया कि उसे जलन हो रही है। इसके बाद मौसी ने उसकी मम्मी को उठाया। जब बची के प्राइवेट पार्ट को देखा तो वह सामान्य नहीं था। बच्ची ने मां और मौसी को बताया कि एक लडक़ा उसके साथ गंदी हरकत करता है। इस दौरान मौसी को कुछ याद आया और उसने अपनी बहन को बताया कि 24 सितंबर 2024 को जब वह भतीजी को स्कूल से लेकर लौट रही थी, तब उसके टी-शर्ट के बटन खुले हुए थे और उसका पूरा शरीर लाल होने के अलावा तेज बुखार से तप रहा था। बाल अपचारी को भेजा संप्रेक्षण ग्रहमासूम के परिजनों ने स्कूल प्रबंधन से शिकायत के बाद औद्योगिक क्षेत्र पुलिस थाने पर लिखित शिकायत की। एसआई सत्येंद्र रघुवंशी ने जांच कर बच्ची के साथ गलत हरकत करना पाया। जांच के दौरान सांईश्री स्कूल प्रबंधन की लापरवाही भी सामने आई है। पुलिस ने बाल अपचारी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 65(2), 75, लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 की धारा 6,7 और 8 में मुकदमा दर्ज किया है। बाल अपचारी को पुलिस ने बाल संप्रेक्षण गृह भेजा है।

Ratlam News: महिला एवं बाल विकास का “मिशन वात्सल्य”, किशोर न्याय अधिनियम पर प्रशिक्षण सहकार्यशाला का आयोजन

रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। Ratlam News: महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा पुलिस अधीक्षक कार्यालय में “मिशन वात्सल्य” के तहत किशोर न्याय अधिनियम पर आधारित एक विशेष प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य बच्चों के संरक्षण और उनके सर्वोत्तम हितों को सुनिश्चित करने के लिए कानून की समझ बढ़ाना था। इस दौरान कानून का उल्लंघन करने वाले बच्चों के साथ किस प्रकार संवेदनशील और जिम्मेदारीपूर्ण तरीके से व्यवहार किया जाए, इस पर विशेष जोर दिया गया। कार्यशाला का उद्घाटन जिला न्यायाधीश अरविंद कुमार श्रीवास्तव ने किया। उन्होंने किशोर न्याय अधिनियम के तहत उन बच्चों के साथ की जाने वाली कार्रवाई में विशेष सावधानियों के बारे में विस्तार से बताया, जो कानून का उल्लंघन करते हैं। उन्होंने कहा कि इन बच्चों के मामलों में संवेदनशीलता और मानवता के साथ काम करना आवश्यक है, ताकि उनके अधिकारों की सुरक्षा हो सके और उन्हें समाज में पुनर्वासित किया जा सके। कर्तव्यों से परे जाकर काम करना होगा – एसपी अमित कुमारपुलिस अधीक्षक श्री अमित कुमार ने किशोर न्याय अधिनियम की संवेदनशीलता पर प्रकाश डाला और बताया कि हमें बच्चों के सर्वोत्तम हितों को प्राथमिकता देते हुए कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा, “हमें अपने सामान्य पुलिस कर्तव्यों से परे जाकर काम करना होगा और यह सुनिश्चित करना होगा कि बच्चों की हर संभव मदद की जाए।” एसपी ने यह भी कहा कि पुलिस और बाल कल्याण समितियों के बीच तालमेल बढ़ाने की आवश्यकता है, ताकि बच्चों की देखभाल और संरक्षण के मामले में कोई चूक न हो। छोटी-छोटी बातों पर ध्यान देना जरूरी – कृतिका सिंहकार्यशाला में किशोर न्याय बोर्ड की प्रधान न्यायाधीश सुश्री कृतिका सिंह ने प्रतिभागियों को बताया कि कानून के तहत बच्चों के साथ काम करते समय छोटी-छोटी बातों पर ध्यान देना जरूरी है। उन्होंने बताया कि किशोर न्याय अधिनियम का उद्देश्य न केवल बच्चों के संरक्षण पर ध्यान केंद्रित करना है, बल्कि उन्हें सही मार्ग पर लाने के लिए अवसर प्रदान करना भी है। सुश्री सिंह ने इस बात पर जोर दिया कि बच्चों के मामलों में जल्दबाजी और कठोरता से बचते हुए संवेदनशीलता के साथ काम करना चाहिए। प्रश्न मंच और समाधानकार्यशाला के दौरान, बाल कल्याण पुलिस अधिकारी, स्पेशल जूवेनाइल पुलिस यूनिट और चाइल्ड हेल्पलाइन के सदस्यों ने अपनी जिज्ञासाओं को प्रश्न मंच के माध्यम से व्यक्त किया। इन प्रश्नों का समाधान जिला न्यायाधीश और अन्य विशेषज्ञों द्वारा अधिनियम के अनुसार किया गया। इस सत्र में अधिकारियों ने कानून से संबंधित कई महत्वपूर्ण सवाल पूछे, जिनका उत्तर न्यायाधीशों ने स्पष्ट और व्यावहारिक ढंग से दिया। विशेष सहयोग और उपस्थितिइस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी रजनीश सिन्हा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाका, बाल सुरक्षा अधिकारी श्रीमती पवनकुंवर सिसोदिया सहित कई अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति रही। इस कार्यशाला के सफल आयोजन में गिरिश दुबे (विशेष किशोर पुलिस इकाई) और श्रीमती मनीषा पाटीदार व आयुषी पोरवाल का विशेष योगदान रहा। कार्यशाला का संचालन पवनकुंवर सिसोदिया द्वारा किया गया, जिन्होंने पूरे कार्यक्रम को प्रभावी और सुगम तरीके से चलाया। यह कार्यशाला रतलाम जिले के बाल कल्याण और किशोर न्याय से जुड़े अधिकारियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण रही। इसने सभी प्रतिभागियों को किशोर न्याय अधिनियम के तहत बच्चों की देखभाल, संरक्षण और उनके सर्वोत्तम हितों के लिए आवश्यक प्रक्रियाओं को बेहतर तरीके से समझने का अवसर प्रदान किया।

Top School In World: कैसे एक टीचर ने MP के सरकारी स्कूल को झुग्गियों से निकाल इंटरनेशनल लेवल पर पहुंचाया, आज देशभर में नाम

सेंव, साड़ी और सोने की प्रसिद्धि से ट्रिपल S नगरी कहे जाने वाले रतलाम में एक और S जुड़ा, वो S है STUDY यानी शिक्षा!, विज्ञान के शिक्षक गजेन्द्रसिंह राठौर के प्रयासों ने बनाया अव्वल… मध्यप्रदेश – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। Top School In World: मध्यप्रदेश के  रतलाम का सीएम राइज विनोबा स्कूल (CM RISE SCHOOL RATLAM) न केवल प्रदेश बल्कि पूरे देश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित कर चुका है। इस सरकारी स्कूल को T4 अंतर्राष्ट्रीय संस्था (T4 Education :World’s Best School Prizes 2024) द्वारा नवाचार श्रेणी में विश्वभर के टॉप 10 स्कूलों में शामिल किया गया और अंततः इसने तीसरा स्थान हासिल किया। इस ऐतिहासिक उपलब्धि के बाद से स्कूल के छात्रों, शिक्षकों और परिजनों में गर्व है। इस स्कूल को 1991 में रतलाम की शहरी झुग्गियों में स्थापित किया गया था। इस स्कूल ने अपनी शुरुआती चुनौतियों के बावजूद, नवाचारी प्रक्रियाओं और सामुदायिक जुड़ाव के माध्यम से आज यह मुकाम हासिल किया है।  सरकारी स्कूल के एडमिशन में अब प्रवेश के लिए होड़ मची हुई है। इसके यहां तक पहुंचने के पीछे की कहानी में एक शिक्षक गजेन्द्रसिंह सिंह राठौर की भूमिका बहुत मायने रखती है। राठौर स्कूल के वाईस प्रिंसीपल भी है। साइंस टीचर गजेन्द्रसिंह राठौर (Science Teacher Gajendra Singh Rathore) के पढाने का तरीका बहुत अलग है। उनका कहना है विज्ञान रट्टा मारने का नहीं बल्कि समझने का विषय है। किताब में छपे विषयों को राठौर प्रेक्टिकल कर बच्चों को समझाते है। रॉकेट उड़ता कैसे है, घर्षण होता क्या है, भूकंप आता क्यो है ऐसे कई रहस्यों को पढ़ाने की बजाय उन्हें प्रेक्टिकल से समझाते है। राठौर ऑनलाइन भी बच्चों को विज्ञान को समझने के लिए प्रेरित करते है। नहीं बदला अंदाज, राठौर से पढ़ने का क्रेजविद्यार्थियों में राठौर से पढ़ने का अलग ही क्रेज है। जहां भी शिक्षक रहे उन्होंने अपने पढ़ाने के अंदाज नहीं बदले। पढ़ाने में इनोवेशन के तरीकों को उन्होंने यहां भी लागू रखा। उनके साथ अन्य स्टाफ ने भी सहभागिता की और गजेन्द्रसिंह के तरीकों को अपनाया। जिसकी बदौलत आज पूरे विश्व में MP का सरकारी स्कूल चमक रहा है। आपको बता दे साल 2016 में राठौर राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित हो चुके है। आज भी राठौर अपने पढ़ाए विद्यार्थियों के साथ जीवंत संपर्क में रहते है। विद्यार्थी भी उनसे जीवन की कठिनाइयों से निकलने के टिप्स लेते है। परेशानियों में उनसे सलाह लेते है।अवार्ड की घोषणा के समय कार्यक्रम के दौरान राठौर भावुक हो उठे थे और उनके आंसू निकल आए थे। राठौर ने बनाई योजना, नवाचार किए लागूदो साल पहले विनोबा स्कूल में उप प्राचार्य गजेंद्र सिंह राठौर ने स्कूल में विद्यार्थियों की कम उपस्थिति को सुधारने के लिए वरिष्ठ शिक्षकों के साथ मिलकर “साइकिल ऑफ ग्रोथ मेकैनिज्म” योजना बनाई। इस योजना का उद्देश्य शिक्षकों के पेशेवर विकास के साथ-साथ छात्रों की भागीदारी बढ़ाना था। इसमें टीचर्स के लिए टीम हर्डल, कैप्सूल ट्रेनिंग, क्लासरूम मॉनिटरिंग, वन-ऑन-वन फीडबैक, और रीवार्ड एवं रिकग्निशन जैसी गतिविधियाँ शामिल की गईं।इसके अलावा, “विनोबा मॉडल ऑफ पैरेंटल एंगेजमेंट”, “कम्युनिटी एज ए लर्निंग रिसोर्स”, और “ट्रैकिंग डाटा के इनोवेटिव आइडिया” जैसी पहलें भी जुड़ती गईं। इन सब नवाचारों ने स्कूल में एक उत्साही और सकारात्मक वातावरण तैयार किया, जहाँ बच्चे आसानी से सीखने लगे। इस योजना को सफल बनाने में प्राचार्य संध्या वोरा, उप प्राचार्य गजेंद्र सिंह राठौर, प्रधान अध्यापक अनिल मिश्रा, सीमा चौहान, हीना शाह और अन्य शिक्षकों ने नियमित रूप से योगदान दिया। इस प्रकार हुआ चयनटी फॉर एजुकेशन ने दुनिया भर के स्कूलों से फरवरी 2024 तक विभिन्न श्रेणियों में आवेदन मांगे थे। हजारों आवेदनों में से विनोबा स्कूल को “इनोवेशन” श्रेणी में चुना गया, जहाँ उप प्राचार्य और राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक गजेंद्र सिंह राठौर को स्कूल लीडर के रूप में नामित किया गया। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय शिक्षाविदों द्वारा एक घंटे का ऑनलाइन इंटरव्यू लिया गया। इंटरव्यू के बाद दस्तावेजों के आधार पर मूल्यांकन किया गया।शिक्षकों की ऑनलाइन मीटिंग और विभिन्न स्तरों के परीक्षण के बाद, 13 जून को पहले चरण में स्कूल टॉप 10 में आया और गुरुवार को टॉप 3 में जगह बनाई। प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा संजय गोयल, आयुक्त लोक शिक्षण शिल्पा गुप्ता, और संचालक लोक शिक्षण डीएस कुशवाह ने उन्हें इस सफलता पर बधाई दी। इनोवेशन कैटेगरी में ऐतिहासिक उपलब्धिरतलाम का यह शासकीय स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में नवीनतम तकनीक और प्रयोगात्मक तरीकों का उपयोग कर रहा है, जिससे छात्रों को आधुनिक दृष्टिकोण के साथ शिक्षा दी जा रही है। गजेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया कि विद्यालय में कुल 577 छात्र अध्ययनरत हैं, जिनमें से 525 छात्रों ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। इस सफलता के पीछे स्कूल के सामूहिक प्रयास और शिक्षकों की कड़ी मेहनत है। मुख्यमंत्री ने दी बधाईमध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्कूल की उपलब्धि पर बधाई दी। शहर विधायक व मंत्री चैतन्य काश्यप ने स्कूल का दौरा कर छात्रों और शिक्षकों को बधाई दी। उन्होंने इस अवसर पर स्कूल की प्राचार्य संध्या वोहरा और उप प्राचार्य गजेंद्र सिंह को विशेष रूप से सम्मानित किया। काश्यप ने कहा कि यह स्कूल प्रदेश के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगा और भविष्य में अन्य शासकीय स्कूलों को भी इसी प्रकार से ऊंचाइयों पर पहुंचाने का काम करेगा। सीएम राइज स्कूल: एक ड्रीम प्रोजेक्टगौरतलब है कि सीएम राइज स्कूल योजना मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के ड्रीम प्रोजेक्ट में से एक है। इस योजना के अंतर्गत प्रदेश के शासकीय स्कूलों को उन्नत और आधुनिक सुविधाओं से लैस कर शिक्षा के क्षेत्र में सुधार लाने का प्रयास किया गया। आज रतलाम के विनोबा स्कूल ने इस पहल की सफलता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सिद्ध कर दिया है। लाइटहाउस स्कूल का दर्जाअब इस स्कूल को “लाइटहाउस” का दर्जा दिया गया है, जिसका मतलब है कि अन्य स्कूल भी इसके नवाचार और सफलता से प्रेरणा लेकर अपने छात्रों के लिए बेहतर शिक्षा प्रणाली विकसित करेंगे। गजेंद्र सिंह राठौड़ के अनुसार, स्कूल की यह सफलता अभिभावकों के लिए एक संकेत है कि अब उन्हें महंगे निजी स्कूलों में अपने बच्चों को भेजने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि सरकारी स्कूल भी उन्हें उत्कृष्ट शिक्षा प्रदान कर सकते हैं। रतलाम के इस स्कूल ने साबित कर दिया है कि सही दिशा में मेहनत और दृढ़ संकल्प से … Read more

MP Police Recruitment 2023: बारिश के चलते दौड़ के मैदानों पर पड़ा असर, पुलिस मुख्यालय ने फिजिकल की तारीख बढ़ाई

भोपाल – पब्लिक वार्ता,न्यूज डेस्क। MP Police Recruitment 2023: 26, 27 और 28 सितंबर 2024 को हुई भारी बारिश के कारण, मध्यप्रदेश पुलिस आरक्षक (जीडी) एवं (रेडियो) भर्ती वर्ष 2023 के शारीरिक दक्षता परीक्षण स्थगित कर दिए गए हैं। पुलिस मुख्यालय, भोपाल द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार, भारी वर्षा के कारण परीक्षण मैदान उपयुक्त नहीं रहे, जिसके चलते 30 सितंबर, 1 अक्टूबर और 2 अक्टूबर 2024 को होने वाले शारीरिक दक्षता परीक्षण अब क्रमश: 18, 19 और 20 नवंबर 2024 को आयोजित किए जाएंगे। (MP police Physical Test New Date) आपको बता दे ग्वालियर, उज्जैन सहित प्रदेश के कई इलाकों में तेज बारिश की वजह से वो मैदान खराब हो गए हैं, जहां दक्षता परीक्षा ली जानी थी। ऐसे में इसे आगे बढ़ाना पड़ा है। नई तिथियां– 30 सितंबर 2024 की परीक्षा अब 18 नवंबर 2024 को होगी।– 1 अक्टूबर 2024 की परीक्षा अब 19 नवंबर 2024 को होगी।– 2 अक्टूबर 2024 की परीक्षा अब 20 नवंबर 2024 को होगी। हालांकि, परीक्षण केंद्र, स्थान, और बाकी शर्तों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। उम्मीदवारों को अपने संशोधित प्रवेश पत्र मध्यप्रदेश कर्मचारी चयन मण्डल (ESB) की आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके बाद, वे नई तिथियों पर शारीरिक दक्षता परीक्षण में शामिल हो सकते हैं। सव्यसाची सराफ, सहायक पुलिस महानिरीक्षक (चयन भर्ती), पुलिस मुख्यालय, भोपाल ने कहा की उम्मीदवारों से अनुरोध है कि वे नई तिथियों को ध्यान में रखते हुए अपनी तैयारी जारी रखें और संबंधित वेबसाइट पर अपडेट्स चेक करते रहें। आचार संहिता के चलते रुका था फिजिकलमध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल द्वारा 7411 पदों पर भर्ती की जा रही है। इसमें से ओबीसी आरक्षण को लेकर 13 प्रतिशत पदों पर परिणाम रोका गया था। भर्ती परीक्षा के परिणाम जारी होने के बाद शारीरिक दक्षता परीक्षा होना थी। लेकिन लोकसभा चुनाव की आचार संहिता की वजह से इसे आगे बढ़ा दिया गया था। 2023 में हुई थी 6 हजार आरक्षकों की भर्ती इसके पहले 2023 में 6 हजार पुलिस आरक्षकों के पदों पर भर्ती हुई थी। प्रदेश में इसके बाद फिर से जून 2023 में 7411 आरक्षकों के पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया गया था। इसके बाद से यह प्रक्रिया चल रही है। इन पदों में 33 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित हैं।मध्य प्रदेश में यहां बनाए गए हैं सेंटरपुलिस भर्ती शारीरिक दक्षता परीक्षा के लिए मध्य प्रदेश के भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन, रीवा, रतलाम, बालाघाट, सागर और मुरैना में होनी है। यहां हर दिन 200 से अधिक अभ्यर्थी इसमें हिस्सा लेंगे। इसमें से 15 प्रतिशत महिला अभ्यर्थीं होंगी।

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