Toll Tax Rule Change: 3000 रुपये में सालभर टोल फ्री! जानिए 200 ट्रिप का असली मतलब और आपके लिए कितना फायदेमंद है ये पास

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Toll Tax Rule Change: अगर आप रोजाना या अक्सर हाईवे से यात्रा करते हैं तो केंद्र सरकार की नई फास्टैग स्कीम आपके लिए बड़ी राहत लेकर आई है। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने एक नई योजना की घोषणा की है, जिसके तहत अब सिर्फ ₹3000 में सालभर या 200 टोल ट्रिप (जो पहले हो) बिल्कुल फ्री में कर सकते हैं। लेकिन इस स्कीम को समझे बिना इसका फायदा उठाना मुश्किल हो सकता है, क्योंकि “200 ट्रिप” का मतलब हर किसी की समझ में नहीं आ रहा। 200 ट्रिप का मतलब क्या है? बहुत से लोग सोचते हैं कि दिल्ली से लखनऊ जाना और वापस आना कुल मिलाकर 2 ट्रिप मानी जाएंगी। लेकिन असल में यह गिनती टोल प्लाजा के हिसाब से की जाएगी, न कि दूरी या यात्रा की संख्या से। उदाहरण के लिए, अगर आप दिल्ली से जयपुर जाते हैं और इस रूट में 7 टोल प्लाजा आते हैं, तो इन 7 टोल से गुजरना 7 ट्रिप माना जाएगा। वापस लौटने पर फिर वही 7 टोल पार करने होंगे, तो कुल 14 ट्रिप मानी जाएंगी। यानी 200 ट्रिप में से 14 ट्रिप घट जाएंगी और आपके पास सिर्फ 186 ट्रिप बचेंगी। किसे मिलेगा फायदा? किन रूट्स पर लागू नहीं होगी ये सुविधा? यह योजना सिर्फ NHAI (राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण) के अंतर्गत आने वाले टोल प्लाजा पर ही लागू होगी।यमुना एक्सप्रेसवे (दिल्ली-आगरा) और आगरा-लखनऊ ताज एक्सप्रेसवे जैसे प्राइवेट टोल पर यह स्कीम लागू नहीं होगी। इन पर पहले की तरह टोल भरना होगा। ट्रक-बस वालों को नहीं मिलेगा फायदा यह सालाना पास सिर्फ निजी वाहनों जैसे कार, जीप, वैन के लिए ही है। ट्रक, बस और कमर्शियल गाड़ियों को इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा। कैसे मिलेगा पास? क्या होगा अगर 200 ट्रिप से ज्यादा हो जाएं? जैसे ही 200 ट्रिप पूरी हो जाएंगी, फास्टैग ऑटोमैटिक तरीके से सामान्य मोड में आ जाएगा और हर टोल पर पुराने नियमों के अनुसार भुगतान करना होगा। यानी सावधानी जरूरी है कि 200 ट्रिप की लिमिट पर नज़र रखें।

tatkal Ticket Booking: रेल यात्रियों के लिए बड़ी खबर: 1 जुलाई से तत्काल टिकट बुकिंग के नए नियम लागू, अब बिना आधार और OTP के नहीं मिलेगा टिकट

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। tatkal Ticket Booking: रेलवे से सफर करने वाले यात्रियों के लिए राहत और पारदर्शिता से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई है। 1 जुलाई 2025 से तत्काल टिकट बुकिंग को लेकर भारतीय रेलवे तीन नए नियम लागू करने जा रहा है, जिससे आम यात्रियों को प्राथमिकता मिलेगी और दलालों की भूमिका पर रोक लगेगी। रेलवे मंत्रालय ने यह कदम तत्काल टिकट बुकिंग प्रक्रिया को और अधिक सुरक्षित, पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए उठाया है। इन बदलावों से IRCTC की वेबसाइट, मोबाइल ऐप, पीआरएस काउंटर और अधिकृत एजेंट बुकिंग सभी प्रभावित होंगे। जानिए क्या होंगे 1 जुलाई से लागू होने वाले 3 नए नियम: 1. तत्काल टिकट बुकिंग के लिए अब आधार कार्ड अनिवार्य रेलवे के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ कटारिया ने बताया कि 1 जुलाई 2025 से तत्काल टिकट केवल उन्हीं यात्रियों को मिलेंगे, जो IRCTC पोर्टल या ऐप पर आधार नंबर डालकर लॉगिन करेंगे। बिना आधार सत्यापन के अब टिकट बुक नहीं होंगे। 2. 15 जुलाई से OTP वेरिफिकेशन भी होगा जरूरी 15 जुलाई 2025 से तत्काल टिकट बुकिंग के दौरान, चाहे वह IRCTC ऐप, PRS काउंटर या अधिकृत एजेंट से हो, यात्रियों को मोबाइल पर भेजे गए OTP को दर्ज कर सत्यापन करना होगा। इससे फर्जी बुकिंग पर रोक लगेगी और असली यात्रियों को प्राथमिकता मिलेगी। 3. बुकिंग एजेंट्स पर 30 मिनट का बैन रेलवे ने दलालों पर नकेल कसने के लिए एक और बड़ा कदम उठाया है। अब रेलवे के अधिकृत एजेंट तत्काल टिकट की बुकिंग शुरुआत के पहले 30 मिनट तक टिकट बुक नहीं कर सकेंगे। इससे आम यात्रियों को पहले मौके पर टिकट मिलने का लाभ मिलेगा। यात्रियों के लिए अपील: रेल मंत्रालय ने यात्रियों से अपील की है कि वे इन नए नियमों को समय रहते समझें और यात्रा के दौरान किसी भी असुविधा से बचने के लिए आधार और मोबाइल नंबर अपडेट रखें।

Ahmedabad Plane Crash: हादसे में अब तक 50 शव बरामद, अमित शाह बोले- हर संभव मदद देंगे, राहत कार्य जारी”

अहमदाबाद- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ahmedabad Plane Crash: अहमदाबाद से लंदन जा रहे एयर इंडिया के विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद पूरे देश में हड़कंप मच गया है। हादसे में अब तक 50 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि राहत और बचाव कार्य तेजी से जारी है। घटना की गंभीरता को देखते हुए केंद्र और राज्य सरकार की कई एजेंसियां मौके पर जुटी हुई हैं। राहतकर्मी मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालने और आग पर काबू पाने की कोशिश कर रहे हैं। हादसे की जानकारी मिलते ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, गृहमंत्री और अहमदाबाद के पुलिस कमिश्नर से फोन पर बात की। उन्होंने केंद्र सरकार की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने भी स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तुरंत एक्शन लिया और सूरत से अहमदाबाद के लिए रवाना हो गए हैं। एयरपोर्ट और आसपास के इलाकों में राहत और बचाव दलों की कई टीमें तैनात की गई हैं। अब तक मिली जानकारी के अनुसार, विमान के टेकऑफ के कुछ देर बाद उसका पिछला हिस्सा किसी वस्तु से टकराया, जिसके चलते इंजन में खराबी आ गई। हादसे के पीछे की असली वजह का खुलासा जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगा। इस हादसे से जुड़ी हर अपडेट के लिए हमारे साथ जुड़े रहें।

Ahmedabad plane crash: अहमदाबाद विमान हादसा: लंदन जा रही एयर इंडिया की फ्लाइट क्रैश, 100 से ज्यादा मौतें, पूर्व CM विजय रूपाणी का निधन!

अहमदाबाद- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Ahmedabad plane crash: गुजरात की राजधानी अहमदाबाद में गुरुवार दोपहर एक भीषण विमान हादसा हो गया। एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171, जो अहमदाबाद से लंदन के गैटविक एयरपोर्ट के लिए रवाना हुई थी, टेकऑफ के महज दो मिनट बाद क्रैश हो गई। हादसा इतना भयानक था कि घटनास्थल पर आग और धुएं का गुबार फैल गया। अब तक 100 से अधिक शव बरामद किए जा चुके हैं। विमान हादसे की प्रमुख बातें: कैसे हुआ हादसा? फ्लाइट ने दोपहर 1:38 बजे अहमदाबाद एयरपोर्ट से उड़ान भरी और 1:40 बजे क्रैश हो गई। एटीसी रिकॉर्ड्स के मुताबिक, विमान ने रनवे 23 से उड़ान भरी थी और कुछ ही सेकंड बाद मेडे कॉल दिया गया। बताया जा रहा है कि विमान का टेल किसी चीज से टकरा गया, जिससे संतुलन बिगड़ा और इंजन में आग लग गई। पायलट और क्रू: डॉक्टर्स की बिल्डिंग पर गिरा विमान: जहां विमान गिरा, वह सिविल हॉस्पिटल के इंटर्न डॉक्टर्स का हॉस्टल था। प्रारंभिक रिपोर्ट के मुताबिक, 15 से अधिक डॉक्टर्स घायल हुए हैं। वहीं, कई लोगों की मौत की आशंका है।  रेस्क्यू ऑपरेशन और सरकार की प्रतिक्रिया: हेल्पलाइन नंबर: एयर इंडिया हेल्पलाइन: 1800-5691-444परिजन इस नंबर पर संपर्क कर सकते हैं। यह हादसा भारत के इतिहास में दर्ज एक और बड़ा विमान हादसा बन गया है। राहत व बचाव कार्य जारी है, लेकिन पीड़ितों की पहचान में DNA टेस्ट की जरूरत पड़ रही है। सरकार और एयर इंडिया इस हादसे की पूरी जांच कराने का भरोसा दे रही है।

Indian Railways: भारतीय रेल को मिली बड़ी सौगात: महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश में दो मल्टीट्रैकिंग परियोजनाओं को मिली मंजूरी

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Indian Railways: भारतीय रेल नेटवर्क की क्षमता बढ़ाने और यात्रा व माल परिवहन को अधिक कुशल और टिकाऊ बनाने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने दो महत्वपूर्ण मल्टीट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दे दी है। यह फैसला पीएम-गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के तहत मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी को मजबूती देने की दिशा में एक बड़ा कदम है। परियोजनाएं: इन परियोजनाओं पर कुल अनुमानित लागत ₹3,399 करोड़ आएगी और इन्हें वित्त वर्ष 2029-30 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। प्रमुख लाभ: पर्यावरणीय और आर्थिक लाभ: संचालन में सुधार: बढ़ी हुई लाइन क्षमता से भीड़भाड़ घटेगी और भारतीय रेल की सेवा विश्वसनीयता व परिचालन दक्षता में उल्लेखनीय सुधार आएगा। ये परियोजनाएं नए भारत के आत्मनिर्भर विजन को साकार करने की दिशा में एक निर्णायक पहल मानी जा रही हैं, जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी प्राप्त होंगे।

राह वीर योजना: दुर्घटना को देखकर नहीं भागे, अस्पताल पहुंचाने पर 25 हजार आपके!, जानिए कैसे ले योजना का लाभ

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। राह वीर योजना: सड़क दुर्घटनाओं में बढ़ती मौतों और गंभीर चोटों को देखते हुए भारत सरकार द्वारा “Rah-Veer योजना” शुरू की गई है। इस योजना का उद्देश्य है गोल्डन आवर में सड़क हादसे के शिकार लोगों की जान बचाने वाले “Good Samaritan” नागरिकों को प्रोत्साहित करना। परिवहन मंत्रालय द्वारा हाल ही में जारी नई गाइडलाइंस के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति सड़क दुर्घटना में घायल किसी भी व्यक्ति को तुरंत प्राथमिक चिकित्सा देकर और उसे एक घंटे के भीतर अस्पताल या ट्रॉमा सेंटर पहुंचाकर उसकी जान बचाता है, तो ऐसे नागरिक को ₹25,000 का नकद पुरस्कार और प्रशंसा प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा। क्या है “गोल्डन आवर”? मोटर वाहन अधिनियम 2019 की धारा 2(12A) के अनुसार, “गोल्डन आवर” वह महत्वपूर्ण एक घंटा होता है जब समय पर चिकित्सा सहायता मिलने से घायल व्यक्ति की जान बचाई जा सकती है। योजना की मुख्य बातें: पुरस्कार पाने की प्रक्रिया: कानूनी सुरक्षा: मोटर वाहन अधिनियम 2019 की धारा 134A और 29 सितंबर 2020 को जारी नियमों के अनुसार, किसी भी Good Samaritan को कानूनी कार्यवाही से संरक्षण प्राप्त है। उनकी अनुमति के बिना उनके खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की जा सकती।

India Pakistan Ceasefire 2025: क्या होता है सीजफायर? जानिए भारत-पाक युद्धविराम का पूरा मामला

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। India Pakistan Ceasefire 2025: भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव के बीच अब एक बड़ा फैसला सामने आया है। 10 मई 2025 को भारतीय विदेश मंत्रालय ने पुष्टि की कि दोनों देशों के बीच सीजफायर (Ceasefire) लागू हो गया है। यह निर्णय पाकिस्तान की ओर से संघर्ष विराम की अपील के बाद लिया गया। भारत ने शाम 6 बजे के करीब इस पर सहमति जताई। क्या होता है सीजफायर? सीजफायर का मतलब होता है युद्धविराम—यानी कि दो देशों के बीच चल रही सैन्य कार्रवाई या गोलीबारी को रोक देना। यह कोई स्थायी शांति समझौता नहीं होता, बल्कि एक अस्थायी रोक होती है ताकि हालात को संभाला जा सके। इस फैसले के तहत जमीनी, हवाई और समुद्री हमलों पर पूर्ण विराम लग जाता है। सीजफायर पर भारत और पाकिस्तान की सहमति कैसे बनी? 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पीओके में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया। इसके बाद पाकिस्तान ने जवाबी हमले की कोशिश की, लेकिन भारत की सख्त सैन्य कार्रवाई और अंतरराष्ट्रीय दबाव के चलते पाकिस्तान को पीछे हटना पड़ा। 10 मई को दोपहर 3:35 बजे पाकिस्तान के डीजीएमओ ने भारतीय डीजीएमओ को फोन कर संघर्ष विराम की अपील की। इसके बाद शाम 5 बजे से संघर्ष विराम लागू करने पर सहमति बनी। विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने इसकी आधिकारिक घोषणा की। अमेरिका की भूमिका अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ’ पर लिखा कि भारत और पाकिस्तान अमेरिका की मध्यस्थता में हुए संवाद के बाद पूर्ण और तत्काल युद्धविराम पर सहमत हुए हैं। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने दोनों देशों के विदेश मंत्रियों से बातचीत कर तनाव कम करने की अपील की थी। 12 मई को फिर होगी बातचीत विदेश सचिव मिस्री के अनुसार, 12 मई को दोपहर 12 बजे दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों के बीच फिर से बातचीत होगी ताकि सीजफायर को प्रभावी तरीके से लागू किया जा सके। भारत का सख्त रुख विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने साफ किया कि भारत आतंकवाद के खिलाफ अपने सख्त और अडिग रुख पर कायम रहेगा। उन्होंने कहा कि भारत ने आज सिर्फ गोलीबारी रोकी है, आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई जारी रहेगी।

Operation Sindoor Live: भारत-पाकिस्तान युद्ध लाइव: ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत का पलटवार, अंबाला ब्लैकआउट, चंडीगढ़ और जैसलमेर में अलर्ट

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Operation Sindoor Live: भारत और पाकिस्तान के बीच चल रहे तनाव के बीच हालात और गंभीर होते जा रहे हैं। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत भारत की जवाबी कार्रवाई से पाकिस्तान बुरी तरह बौखला गया है। शुक्रवार रात से अंबाला, चंडीगढ़, पठानकोट, जैसलमेर और उरी जैसे सीमावर्ती इलाकों में हाई अलर्ट है। अंबाला एयरबेस पर संभावित हमले के चलते रात 8 बजे से सुबह 6 बजे तक ब्लैकआउट के आदेश दिए गए हैं। गृह मंत्री अमित शाह के आवास पर हाईलेवल मीटिंग जारी है, जिसमें एनएसए अजीत डोभाल, बीएसएफ और सीआईएसएफ के डीजी शामिल हैं। इसी बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तीनों सेनाओं के प्रमुखों और सीडीएस अनिल चौहान के साथ बैठक की है। भारत ने पाकिस्तान के पंजाब स्थित ओकारा जिले में ड्रोन से हमला किया है, जबकि जम्मू-कश्मीर के सांबा में 7 पाकिस्तानी घुसपैठियों को बीएसएफ ने ढेर कर दिया। भारत की एयर डिफेंस ने 45 से ज्यादा पाकिस्तानी ड्रोन मार गिराए हैं। चंडीगढ़ एयरबेस पर ड्रोन अटैक का सायरन बजा, लोगों को अलर्ट पर रहने की सलाह दी गई है। राजस्थान, पंजाब और जम्मू-कश्मीर सरकारों ने सभी अधिकारियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। बीसीसीआई ने सुरक्षा कारणों से आईपीएल को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया है। पाकिस्तान के मिसाइल हमलों में पंजाब के होशियारपुर और पठानकोट में मिसाइल के टुकड़े मिले हैं, जबकि जैसलमेर में एक जिंदा बम बरामद हुआ है। भारतीय वायुसेना ने CUAS, पेचोरा और शिल्का जैसे सिस्टम से जवाबी कार्रवाई की। भारत ने पहलगाम आतंकी हमले पर पाकिस्तान के साथ किसी भी संयुक्त जांच से इनकार कर दिया है। विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने साफ किया कि पाकिस्तान की जांच प्रणाली पर भारत को कोई भरोसा नहीं है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी दबाव बढ़ रहा है। अमेरिका के पूर्व पेंटागन अधिकारी माइकल रुबिन ने पाकिस्तान को आतंकवाद प्रायोजक देश घोषित करने की मांग की है।

Sustainable Electricity: 2035 तक चाहिए 100% रिन्यूएबल बिजली: ग्लोबल बिज़नेस लीडर्स ने सरकारों को दिया अल्टीमेटम

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Sustainable Electricity: दुनिया भर के कारोबारी नेताओं ने साफ़ संदेश दिया है – अब वक्त आ गया है कि सरकारें कोयला और गैस जैसे पारंपरिक ईंधनों से हटकर सौर और पवन ऊर्जा पर पूरी तरह शिफ्ट हों। एक नए वैश्विक सर्वे के मुताबिक, 15 देशों के 97% बिज़नेस लीडर्स चाहते हैं कि 2035 तक बिजली उत्पादन पूरी तरह रिन्यूएबल सोर्स से हो। इस सर्वे को Savanta ने किया और E3G, Beyond Fossil Fuels व We Mean Business Coalition ने कमिशन किया था। इसमें शामिल मिड और बड़ी कंपनियों के टॉप एक्ज़ीक्यूटिव्स ने बताया कि अगर उनकी सरकारें रिन्यूएबल एनर्जी की दिशा में तेजी नहीं दिखाएंगी, तो वे अपने ऑपरेशन्स और सप्लाई चेन उन देशों में शिफ्ट कर सकती हैं, जहां ये सुविधाएं बेहतर हैं। रिन्यूएबल एनर्जी = विकास और सुरक्षासर्वे में 75% नेताओं ने माना कि सौर और पवन ऊर्जा से ऊर्जा सुरक्षा बढ़ेगी, जबकि 77% ने इसे आर्थिक विकास से जोड़ा। जर्मनी के 78% लीडर्स ने कहा कि इससे उनके देश को महंगे और अस्थिर ऊर्जा आयात से राहत मिलेगी। “ये अब पर्यावरण नहीं, बिज़नेस का मामला है”Iberdrola के क्लाइमेट डायरेक्टर गोंज़ालो साएंज दे मीरा ने कहा, “रिन्यूएबल एनर्जी में निवेश अब CSR नहीं, बल्कि स्मार्ट बिज़नेस स्ट्रैटेजी है। इससे लॉन्ग-टर्म ग्रोथ और कीमतों में स्थिरता आती है।” Schneider Electric के स्टुअर्ट लेमन ने कहा कि रिन्यूएबल अपनाने वाली कंपनियां इनोवेशन और कॉस्ट सेविंग में आगे रहेंगी। भारत समेत कई देशों में दिखा मज़बूत समर्थन गैस नहीं, सीधा रिन्यूएबल चाहिएकरीब दो-तिहाई लीडर्स का मानना है कि कोयला हटाने के बाद गैस को मिडवे सॉल्यूशन न बनाया जाए। सीधे रिन्यूएबल, स्टोरेज और ग्रिड पर फोकस किया जाए। सरकारों को चाहिए क्लियर पॉलिसीकंपनियों ने चेताया कि धीमी परमिटिंग और अस्पष्ट लक्ष्यों से निवेश का माहौल बिगड़ता है। उन्हें क्लियर रोडमैप, री-स्किलिंग प्लान और जॉब क्रिएशन की ज़रूरत है। “ये क्लाइमेट नहीं, कॉम्पिटिशन की रेस है”We Mean Business Coalition की CEO मारिया मेंडीलूसे ने कहा, “रिन्यूएबल एनर्जी अब वैश्विक प्रतिस्पर्धा का मुद्दा है। जो देश पहले कदम उठाएंगे, वहीं भविष्य की नौकरियां और निवेश आकर्षित करेंगे।”

Today Gold Rate: सोना 1 लाख के पार: 24 कैरेट गोल्ड ने बनाया नया रिकॉर्ड, जानें आगे क्या रहेगा भाव?

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Today Gold Rate: सोने की कीमतों में तेजी का सिलसिला लगातार जारी है। 22 अप्रैल, सोमवार को 24 कैरेट सोने का दाम जीएसटी सहित 1 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के आंकड़े को पार कर गया। एमसीएक्स (MCX) पर आज सुबह 11:03 बजे तक सोना 98,753 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा था। टैक्स जोड़ने पर इसकी कीमत 1,01,715 रुपये तक पहुंच रही है। इससे पहले 24 कैरेट गोल्ड ने 99,012 रुपये प्रति 10 ग्राम का अब तक का उच्चतम स्तर भी छू लिया है। सिर्फ बीते एक दिन में ही सोने की कीमत में 2000 रुपये प्रति 10 ग्राम का उछाल देखा गया है। 26% का सालाना उछालपीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, 31 दिसंबर 2023 से अब तक सोने की कीमत में 20,850 रुपये प्रति 10 ग्राम यानी करीब 26% का इजाफा हुआ है। क्या आगे भी बढ़ेगा सोने का भाव?विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका और चीन के बीच बढ़ता ट्रेड वॉर, वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता और निवेशकों की सतर्कता सोने की कीमतों को और ऊंचा ले जा सकती है। ऐसे हालातों में निवेशक सुरक्षित विकल्प के तौर पर गोल्ड को चुन रहे हैं। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से टैरिफ पर रोक की घोषणा और शेयर बाजार में आई हल्की रिकवरी के चलते थोड़ी स्थिरता भी देखी जा सकती है। लेकिन अगर वैश्विक तनाव और बढ़ता है, तो सोने की कीमतों में और तेजी आ सकती है।

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