Ratlam News: रतलाम में यूरिया संकट: एमपी एग्रो गोदाम पर किसानों का धरना, कालाबाजारी पर फूटा आक्रोश

रतलाम- पब्लिक वार्ता,

न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जिले में यूरिया खाद की भारी किल्लत से परेशान किसानों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। यूरिया उपलब्ध नहीं होने से आक्रोशित किसानों ने मंडी स्थित एमपी एग्रो गोदाम पर धरना देकर जमकर नारेबाजी की। किसानों का आरोप है कि सरकारी व्यवस्था कमजोर होने के कारण उन्हें मजबूरी में ब्लैक में महंगे दामों पर खाद खरीदनी पड़ रही है, लेकिन प्रशासन इस ओर कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा।

WATCH VIDEO

किसानों ने मांग की कि गांव की सहकारी सोसाइटियों पर ही नगद में खाद वितरण किया जाए और यूरिया के नगद विक्रय केंद्रों की संख्या बढ़ाई जाए, ताकि किसानों को राहत मिले और कालाबाजारी पर रोक लग सके। दोपहर करीब 12 बजे बड़ी संख्या में किसान एमपी एग्रो गोदाम के बाहर धरने पर बैठ गए और करीब एक घंटे तक प्रदर्शन किया।

धरने की सूचना मिलने पर कृषि विभाग की उपसंचालक नीलम चौहान मौके पर पहुंचीं। उन्होंने किसानों को आश्वासन दिया कि मंगलवार से तहसील कार्यालय से टोकन सिस्टम के माध्यम से यूरिया वितरण किया जाएगा और व्यवस्था को अधिक सुचारू बनाया जाएगा। आश्वासन के बाद किसानों ने धरना समाप्त किया। इस दौरान किसानों ने कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपकर अपनी समस्याएं भी रखीं।

किसानों का कहना है कि यूरिया लेने के लिए उन्हें कड़ाके की ठंड में गोदामों के बाहर रात बितानी पड़ रही है। दूर-दराज के गांवों से आए किसान पूरी रात लाइन में लगते हैं, लेकिन सुबह टोकन सीमित होने के कारण कई बार खाली हाथ लौटना पड़ता है, जिससे आर्थिक नुकसान हो रहा है।

किसान नेता देवेन्द्र सिंह सेजावता ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में खाद की कालाबाजारी चरम पर है। यूरिया की एक बोरी की निर्धारित कीमत 266.50 रुपये है, लेकिन मजबूरी में किसानों को इसे 300 से 450 रुपये तक में खरीदना पड़ रहा है।

धरने के दौरान किसान नेता राजेश पुरोहित, संजय पाटीदार, अनिल धाकड़, अरविंद पाटीदार, सत्तू व्यास, गोपाल गुर्जर, अरुण जाट, राधेश्याम उपाध्याय, अजय धाकड़, संदीप पाटीदार, आशीष गुर्जर, कमल चौधरी, शुभम गोस्वामी, अमन खाती, भोला पाटीदार सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।