Ratlam News: जी.एन.एम. पाठ्यक्रम सत्र 2024-25 में प्रवेश शुरू, राॅयल इंस्टीट्युट ऑफ नर्सिंग में सीटें उपलब्ध

रतलाम-पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्य प्रदेश नर्सेस रजिस्ट्रेशन कौंसिल द्वारा सत्र 2024-25 के लिए जी.एन.एम. (जनरल नर्सिंग एंड मिडवाइफरी) पाठ्यक्रम में प्रवेश हेतु काउंसलिंग प्रक्रिया जारी है। जिन विद्यार्थियों ने प्री नर्सिंग सिलेक्शन टेस्ट (PNST & GNMTST) में भाग लिया है और न्यूनतम क्वालिफिकेशन अंक प्राप्त किए हैं, वे दिनांक 05 जनवरी 2025 तक एमपी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से काउंसलिंग के लिए पंजीयन करा सकते हैं।   राॅयल इंस्टीट्युट ऑफ नर्सिंग में 40 सीटों की मान्यता राॅयल इंस्टीट्युट ऑफ नर्सिंग के प्राचार्य जगदीश डूके ने जानकारी दी कि सत्र 2024-25 के लिए संस्थान को जी.एन.एम. पाठ्यक्रम की 40 सीटों की मान्यता प्राप्त हुई है। इच्छुक विद्यार्थी काउंसलिंग प्रक्रिया के तहत राॅयल इंस्टीट्युट ऑफ नर्सिंग में प्रवेश के लिए आवेदन कर सकते हैं।   काउंसलिंग प्रक्रिया के प्रमुख चरण: 1. पंजीयन: 05 जनवरी 2025 तक।   2. कॉलेज चॉइस फीलिंग: 06 जनवरी से 08 जनवरी 2025 तक।   हेल्प डेस्क की सुविधा उपलब्ध सत्र 2024-25 में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए राॅयल इंस्टीट्युट ऑफ नर्सिंग ने होटल गोल्डन टावर के सामने, महू रोड पर सिटी ऑफिस में हेल्प डेस्क स्थापित किया है। यहां विद्यार्थियों को काउंसलिंग प्रक्रिया और प्रवेश से जुड़ी सभी जानकारी व मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।   संपर्क करें: अधिक जानकारी के लिए विद्यार्थी मो.नं. 9685082727 पर संपर्क कर सकते हैं या सिटी ऑफिस पर विजिट कर सकते हैं।  

MP News : ईएसबी की युवाओं को बड़ी खुशखबरी, दिवाली पर 1000 से ज्यादा पदों के लिए परीक्षाएं

भोपाल – पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। MP News : कर्मचारी चयन मंडल (ESB) ने कुछ महीने पहले अपना भर्ती कैलेंडर जारी किया था, जिसमें केवल एक भर्ती परीक्षा की विज्ञप्ति जारी हो सकी थी। इसके बाद से कई महत्वपूर्ण परीक्षाएं अटकी हुई थीं, जिससे लाखों उम्मीदवारों में चिंता फैल गई थी कि क्या बाकी परीक्षाएं होंगी भी या नहीं। हालांकि, हाल ही में सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, ईएसबी इस दिवाली पर उम्मीदवारों को बड़ी सौगात देने जा रहा है। जल्द ही ईएसबी 1 हजार से ज्यादा पदों पर भर्तियां शुरू कर सकता है। कैलेंडर के अनुसार परीक्षाओं की स्थिति:– माध्यमिक शिक्षक चयन परीक्षा– अगस्त 2024– समूह 4 उपसमूह 3 मेडिकल सोशल वर्कर एवं अन्य समकक्ष पद भर्ती परीक्षा– अक्टूबर 2024– महिला एवं बाल विकास पर्यवेक्षक परीक्षा– अक्टूबर 2024– समूह 2, उपसमूह 3 सहायक संपरीक्षक एवं अन्य समकक्ष पद भर्ती परीक्षा – नवंबर 2024– सहायक उपनिरीक्षक, प्रधान आरक्षक चयन परीक्षा – दिसंबर 2024– वनरक्षक, क्षेत्रक रक्षक एवं जेल प्रहरी परीक्षा – जनवरी 2025 केवल एक परीक्षा हुई, कई अब भी लंबितईएसबी ने कैलेंडर में शामिल केवल एक परीक्षा, समूह 3 सब इंजीनियर, सहायक मानचित्रकार, तकनीशियन एवं अन्य समकक्ष पदों के लिए आयोजित की है। इसके बाद उम्मीदवारों में चिंता बढ़ी कि शेष परीक्षाएं कब होंगी। इस बीच हाईकोर्ट में भी एक याचिका दायर की गई है, जिसमें अयोग्य उम्मीदवारों के चयन पर सवाल उठाए गए हैं। ईएसबी की परीक्षा प्रक्रिया पर उठते सवालों के बीच संस्थान जल्द ही अधिक भर्तियों की घोषणा करने की तैयारी कर रहा है। आने वाली भर्तियों में पदों की संख्या बढ़ सकती हैसूत्रों के अनुसार, ईएसबी इस साल के अंत तक समूह 5 के लिए एक भर्ती परीक्षा आयोजित करने की योजना बना रहा है, जिसमें 500 से ज्यादा पद संभावित हैं। यदि अन्य विभागों से भी मांगपत्र जल्द आते हैं तो यह संख्या 1000 से अधिक हो सकती है। इसके अलावा, समूह 4 में 300 पद और समूह 1 में मेडिकल सोशल वर्कर के लिए 100-150 पदों पर भर्तियों की उम्मीद है। रिजल्ट में देरी क्यों?वनरक्षक और जेल प्रहरी परीक्षा के रिजल्ट में देरी का कारण कई विभागों से प्राप्त होने वाले मांगपत्रों में देरी है। ईएसबी का कहना है कि शासन ने पदों को विभिन्न ग्रुपों में बांटा है और 50 से अधिक विभागों के समकक्ष पद शामिल किए हैं। कई विभागों के मांगपत्र अभी पाइपलाइन में हैं, जिससे अधिक पदों के लिए परीक्षा आयोजित करने में समय लग रहा है।

Ratlam News: सी.एम. राइज विनोबा स्कूल रतलाम में अकादमिक संवाद आयोजित, शिक्षकों ने दी त्रैमासिक परीक्षा की समीक्षा

रतलाम –  पब्लिक वार्ताजयदीप गुर्जर। Ratlam News: सी.एम. राइज विनोबा स्कूल में एक महत्वपूर्ण अकादमिक संवाद का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न शैक्षणिक अवधारणाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम का नेतृत्व उप-प्राचार्य गजेंद्र सिंह राठौर ने किया, जिन्होंने स्कूल की विश्व के टॉप-3 विद्यालयों में शामिल होने की चुनौतीपूर्ण यात्रा और सफलता की कहानी साझा की। उन्होंने “सायकल ऑफ ग्रोथ” और “विनोबा मॉडल ऑफ पेरेंटल इंगेजमेंट” के साथ-साथ शिक्षकों के पेशेवर विकास द्वारा विद्यार्थियों और समुदाय में आए सकारात्मक बदलावों पर भी चर्चा की। इसके अलावा, श्री राठौर ने वैश्विक संस्था टी-फोर एजुकेशन द्वारा स्कूल को एक ‘स्ट्रांग स्कूल कल्चर’ के रूप में चिन्हित किए जाने के पैरामीटर्स पर भी प्रकाश डाला। कार्यक्रम के दौरान, शिक्षक शोभा ओझा और मीनाक्षी अग्रवाल ने अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा किए, जिससे कई शिक्षक भाव-विभोर हो गए। त्रैमासिक परीक्षा परिणाम की समीक्षा करते हुए शिक्षक राजाराम सेकवाडिया, भावना रावत, और हर्षिता सोलंकी ने बोर्ड और स्थानीय परीक्षाओं के परिणामों पर विस्तृत प्रस्तुति दी। प्राचार्य संध्या वोरा ने भी संवाद को संबोधित किया, जबकि संचालन हीना शाह ने किया और आभार सुनीता पंवार ने व्यक्त किया। इस संवाद में कुल 30 शिक्षकों ने भाग लिया और यह कार्यक्रम शिक्षकों के लिए एक प्रेरणादायक और ज्ञानवर्धक सत्र साबित हुआ।

राॅयल इंस्टीट्युट में विश्व फार्मेसी दिवस धूमधाम से मनाया गया

रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। राॅयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज ने विश्व फार्मेसी दिवस के अवसर पर कई शैक्षणिक और जागरूकता कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया। कार्यक्रम की शुरुआत माॅ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुई, जिसके बाद पूरे दिन पोस्टर प्रेजेंटेशन, क्विज प्रतियोगिता और स्वास्थ्य जांच शिविर जैसे महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए गए। फार्मेसी और स्वास्थ्य देखभाल से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर आधारित पोस्टर्स और बैनर परिसर में प्रदर्शित किए गए, जिन्होंने फार्मेसी के क्षेत्र में जागरूकता फैलाने में अहम भूमिका निभाई। राॅयल इंस्टीट्यूट के फार्मेसी प्राचार्य डाॅ. मनीष सोनी ने अपने संबोधन में बताया कि विश्व फार्मेसी दिवस की शुरुआत 25 सितम्बर 1912 को इंटरनेशनल फार्मास्युटिकल फेडरेशन की स्थापना के उपलक्ष्य में हुई थी। उन्होंने फार्मेसिस्ट की अनिवार्यता पर जोर देते हुए कहा कि “फार्मेसिस्ट के बिना औषधियों की कल्पना करना असंभव है।” साथ ही, उन्होंने विद्यार्थियों को फार्मेसी के क्षेत्र में उपलब्ध विभिन्न करियर विकल्पों के बारे में भी जानकारी दी। कार्यक्रम में राॅयल इंस्टीट्युट के फार्मेसी के छात्र-छात्राओं और प्राध्यापकों की सक्रिय भागीदारी रही। क्विज और पोस्टर प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित भी किया गया, जिससे विद्यार्थियों का उत्साह और प्रेरणा बढ़ी। राॅयल इंस्टीट्युट का यह आयोजन फार्मेसी क्षेत्र में शिक्षा और जागरूकता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।

Ratlam News: पैदल निकली 12 वीं की छात्राएं तो बीच रास्ते कलेक्टर पहुंचे मनाने, MP में शिक्षा व्यवस्था की पोल खोलती तस्वीरें, जानिए क्या है मामला!

कई बार शिकायत करने के बाद भी कोई सुनवाई न होने पर मजबूर होकर उठाया कदम, कन्या शिक्षा परिसर की अधीक्षिका सुनीता खराड़ी सस्पेंड, प्रिंसिपल गणतंत्र मेहता को नोटिस जारी. रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। रतलाम में मंगलवार को एक चौंकाने वाली घटना सामने आई, जब कन्या शिक्षा परिसर की 12वीं की छात्राएं 8 किलोमीटर पैदल चलकर अचानक कलेक्टर ऑफिस पहुंच गईं। इस अप्रत्याशित कदम से जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। छात्राओं ने फिजिक्स और केमिस्ट्री के शिक्षकों पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे उनकी पढ़ाई से पूरी तरह असंतुष्ट हैं। कई बार शिकायत के बावजूद स्कूल प्रशासन ने उनकी समस्याओं को नजरअंदाज किया, जिससे परेशान होकर उन्हें पैदल मार्च करने पर मजबूर होना पड़ा। (Ratlam News) छात्राओं के पैदल मार्च की खबर मिलते ही कलेक्टर राजेश बाथम ने तुरंत एडीएम और एसडीएम को गाड़ी भेजकर छात्राओं को रोकने की कोशिश की। अधिकारी आधे रास्ते में पहुंचकर छात्राओं को समझाने लगे, लेकिन छात्राएं इतनी गुस्से में थीं कि उन्होंने अधिकारियों की एक नहीं सुनी। इसके बाद खुद कलेक्टर राजेश बाथम भी उन्हें मनाने पहुंचे, लेकिन छात्राओं ने साफ कहा— “हम कलेक्टोरेट पहुंचकर ही अपनी बात रखेंगे!” वहीं इस घटनाक्रम के बाद जिला प्रशासन में हलचल मच गई है। अब सवाल उठ रहा है कि आखिर स्कूल प्रशासन ने इतने समय तक छात्राओं की शिकायतों को क्यों नजरअंदाज किया? क्या स्कूल के भीतर और भी ऐसी समस्याएं हैं, जो अब तक सामने नहीं आई हैं? फिजिक्स – केमिस्ट्री टीचर्स को पढाने में नहीं इंटरेस्टकलेक्ट्रेट पहुंचते ही छात्राओं ने अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। छात्राओं ने कलेक्टर को बताया कि फिजिक्स और केमिस्ट्री के टीचर्स उनकी पढ़ाई में बिल्कुल रुचि नहीं ले रहे हैं। कलेक्टर बाथम ने जब मामले की गंभीरता देखी, तो तत्काल प्रभाव से कन्या शिक्षा परिसर की अधीक्षिका सुनीता खराड़ी को सस्पेंड कर दिया और प्रिंसिपल गणतंत्र मेहता को नोटिस जारी किया। साथ ही, शिकायत किए गए टीचर्स को भी बदलने के आदेश दिए गए। छात्राओं को नाश्ता कराकर गाड़ी से भेजा वापसकलेक्टर ने छात्राओं की समस्या सुनने के बाद उन्हें नाश्ता कराया और गाड़ी की व्यवस्था कर उन्हें वापस हॉस्टल भेजा। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान प्रशासन ने छात्राओं की समस्याओं का गंभीरता से संज्ञान लिया और उनकी मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया। कन्या शिक्षा परिसर, जो कि रतलाम से 8 किलोमीटर दूर बाजना रोड पर स्थित है, में 6वीं से 12वीं तक की 452 छात्राएं पढ़ाई करती हैं। इनमें से 12वीं कक्षा की 37 छात्राएं हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रही हैं।

रंगारंग प्रस्तुतियां : उत्कृष्ट विद्यालय में धूमधाम से मना 23वां वार्षिक उत्सव, कलेक्टर ने किया विद्यार्थियों को पुरस्कृत

लक्ष्य से भटकें नहीं, प्रश्न करने की आदत डालें, खूब प्रश्न करें  – कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। सागोद रोड स्थित शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय (Govt. School Of Excellence) का 23वां वार्षिक उत्सव धूमधाम से संपन्न हुआ। दो दिवसीय वार्षिकोत्सव के पहले दिन विद्यार्थियों ने एक से बढ़कर एक मनमोहक प्रस्तुतियां दी। दूसरे दिन समापन समारोह रखा गया जिसमें कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार ने बतौर मुख्य अतिथि शामिल होकर विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया। कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार (IAS Bhaskar Lakshakar) ने बच्चों को जीवन से जुड़े अपने अनुभव साझा किए। कलेक्टर ने कहा की जीवन में लक्ष्य से भटकें नहीं, प्रश्न करने की आदत डालें, खूब प्रश्न करें इससे जीवन तथा केरियर को ऊंचाईयों पर ले जाने में मदद मिलेगी। कलेक्टर ने विद्याथियों से कहा कि गहन अध्ययन की आदत के साथ खेलकूद गतिविधियों में बढ-चढकर हिस्सा लें। कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रुप में सेवानिवृत्त जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. सुलोचना शर्मा उपस्थित रही। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलन के साथ की गई। प्राचार्य सुभाष कुमार कुमावत द्वारा कलेक्टर लाक्षाकार एवं डॉ. सुलोचना शर्मा का पुष्पगुच्छ से स्वागत किया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की उत्कृष्ट झलकियां प्रस्तुत की गई। इस अवसर पर स्टेट मेरिट, जिला मेरिट व उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम प्राप्त विद्यार्थियों का कलेक्टर द्वारा सम्मान किया गया। विद्यार्थियों के सम्मान के साथ ही उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम देने वाले शिक्षकों का भी कलेक्टर द्वारा सम्मान किया गया। प्राचार्य द्वारा अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए। तत्पश्चात विद्यालय की वर्ष भर की गतिविधियों व सांस्कृतिक कार्यक्रम में उत्कृष्ट स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार वितरित किए गए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. ललित मेहता व डॉ. ज्योति चावला द्वारा किया गया। पहले दिन सराही प्रस्तुतियांसमूह नाटिका सोशल मीडिया थीम, समूह काव्य ’मैं नाचवाने आई सा’ एवं कव्वाली ’बच्चों को लगता है यह टीचर…’ को अतिथियों और दर्शकों ने खूब सराहा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि वायके मिश्रा, प्राचार्य शासकीय विज्ञान एवं कला महाविद्यालय, अध्यक्ष डॉ अनिला कवंर, सेवानिवृत प्राचार्य एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में केसी शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी एवं संजय पुरवइया पीटीए उपाध्यक्ष रहे। सरस्वती पूजन के बाद विद्यालय के प्राचार्य ने अतिथियों का परिचय एवं विद्यालय में संचालित गतिविधियों को अवगत करवाया। प्रस्तुतियों के सभी कार्यक्रमों में मार्गदर्शक अर्चना टांक, ऐश्वर्या दुबे, मणि तोमर, माया मोर्या, मनोज मूणत आदि का श्रम स्पष्ट रूप से दृष्टिगत हो रहा था। अंत में विद्यालय परिवार की तरफ से अतिथियों को प्राचार्य सुभाष कुमावत ने प्रतीक चिन्ह भेंट किए गए। कार्यक्रम में विद्यालय परिवार के अलावा आरएन केरावत, गिरीश सारस्वत, अशोक लोढ़ा, सुनील कुमार कदम, चंचल जायसवाल, भावना कुमावत आदि उपस्थित रहे। संचालन आशीष दशोत्तर ने एवं आभार डॉ. ललित मेहता ने किया। नोडल डॉ. ज्योति चावला तथा सहायक नोडल रीना कोठारी रही।

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