रॉयल कॉलेज के विद्यार्थियों ने रचा सफलता का इतिहास, BBA-BCA परीक्षा परिणामों में शानदार प्रदर्शन

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज (रॉयल कॉलेज) के विद्यार्थियों ने सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन द्वारा घोषित BBA एवं BCA तृतीय वर्ष के परीक्षा परिणामों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर संस्थान का नाम गौरवान्वित किया है। विद्यार्थियों ने शानदार अंक अर्जित करते हुए सफलता का नया कीर्तिमान स्थापित किया। संस्थान के चेयरमैन प्रमोद गुगालिया ने जानकारी देते हुए बताया कि शैक्षणिक सत्र 2025-26 में विद्यार्थियों ने कठिन परिश्रम, अनुशासन और प्राध्यापकों के मार्गदर्शन के बल पर यह उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। उन्होंने सभी सफल छात्र-छात्राओं, अभिभावकों एवं शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि संस्थान विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर बेहतर मंच उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। BBA तृतीय वर्ष मेरिट सूची बीबीए तृतीय वर्ष में कु. उम्मेहानी खामोशी ने 87.80 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं कु. अल्जीना खान ने 86.80 प्रतिशत अंकों के साथ द्वितीय तथा कु. निशिता पाटीदार ने 86.20 प्रतिशत अंक प्राप्त कर तृतीय स्थान हासिल किया। BCA तृतीय वर्ष में भी शानदार सफलता बीसीए तृतीय वर्ष में कु. अशिका पांचाल ने 86.20 प्रतिशत अंक अर्जित कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। कु. दीप्ति कुशवाह ने 84 प्रतिशत अंकों के साथ द्वितीय तथा कु. प्रांजल शर्मा ने 82.30 प्रतिशत अंक प्राप्त कर तृतीय स्थान हासिल किया। विद्यार्थियों की इस उपलब्धि पर प्राचार्य डॉ. प्रवीण मंत्री, एचओडी दीपिका कुमावत सहित समस्त शिक्षकों एवं स्टाफ ने हर्ष व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।

रतलाम में नर्सिंग छात्रों के लिए बड़ी खुशखबरी: अब बिना एंट्रेंस मिलेगा GNM-ANM में एडमिशन, रॉयल नर्सिंग कॉलेज में मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। मध्यप्रदेश में नर्सिंग शिक्षा को लेकर बड़ा बदलाव किया गया है। उच्चतम न्यायालय के निर्देश और मध्यप्रदेश शासन की अधिसूचना के बाद शैक्षणिक सत्र 2026-27 से GNM और ANM पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया पूरी तरह बदल जाएगी। अब विद्यार्थियों को इन कोर्सों में एडमिशन के लिए किसी भी प्रकार की प्रवेश परीक्षा नहीं देनी होगी। सीधे 12वीं कक्षा के अंकों के आधार पर मेरिट सूची तैयार कर प्रवेश दिया जाएगा। रतलाम के प्रमुख नर्सिंग संस्थानों में शामिल Royal Institute of Nursing में भी भारतीय नर्सिंग परिषद (INC) के नए नियमों के अनुसार प्रवेश प्रक्रिया लागू की जाएगी। संस्थान के प्राचार्य जगदीश डूके ने बताया कि GNM (General Nursing and Midwifery) और ANM (Auxiliary Nurse Midwifery) कोर्स अब विद्यार्थियों के लिए और अधिक आसान व पारदर्शी हो जाएंगे। वहीं B.Sc Nursing में प्रवेश पहले की तरह PNST परीक्षा के माध्यम से काउंसलिंग द्वारा ही किया जाएगा। रॉयल नर्सिंग कॉलेज में मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं प्राचार्य के अनुसार संस्थान विद्यार्थियों को केवल थ्योरी शिक्षा ही नहीं बल्कि व्यावहारिक प्रशिक्षण पर भी विशेष फोकस करता है। कॉलेज परिसर में ही 120 बेड का सर्वसुविधायुक्त अस्पताल संचालित है, जहां विद्यार्थियों को लाइव क्लिनिकल प्रैक्टिस और अनुभवी डॉक्टरों की देखरेख में प्रशिक्षण दिया जाता है। इसके अलावा विद्यार्थियों की सुविधा के लिए रतलाम और आसपास के करीब 50 किलोमीटर क्षेत्र तक कॉलेज बस सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। छात्राओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कैंपस में सुरक्षित एवं आधुनिक गर्ल्स हॉस्टल की व्यवस्था भी की गई है। GNM और ANM के बाद रोजगार के बड़े अवसर नर्सिंग क्षेत्र आज देश और विदेश में तेजी से बढ़ता हुआ करियर विकल्प बन चुका है। GNM और ANM पाठ्यक्रम पूरा करने के बाद छात्र-छात्राएं सरकारी एवं निजी अस्पतालों में स्टाफ नर्स, ICU नर्स, होम केयर नर्स, ट्रैवल नर्स और क्लिनिकल नर्स स्पेशलिस्ट जैसे पदों पर कार्य कर सकते हैं। भारतीय नर्सों की मांग अमेरिका, यूके, कनाडा, गल्फ देशों और यूरोप में लगातार बढ़ रही है, जहां आकर्षक वेतन पैकेज और बेहतर करियर अवसर उपलब्ध हैं। मालवा के विद्यार्थियों के लिए सुनहरा अवसर प्राचार्य जगदीश डूके ने कहा कि नई मेरिट आधारित प्रवेश व्यवस्था और संस्थान में उपलब्ध आधुनिक संसाधनों से मालवा अंचल के विद्यार्थियों को नर्सिंग क्षेत्र में बेहतर भविष्य बनाने का शानदार अवसर मिलेगा। सत्र 2026-27 से लागू हो रही यह नई व्यवस्था विद्यार्थियों के लिए करियर के नए रास्ते खोलेगी।

रॉयल कॉलेज में वरिष्ठ IAS राहुल जैन ने दिए सफलता के मंत्र, रोजगार-स्वरोजगार पर किया मार्गदर्शन

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज में विद्यार्थियों के लिए एक प्रेरणादायक मार्गदर्शन सत्र आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में वरिष्ठ IAS अधिकारी एवं भारत सरकार के वित्त आयोग में संयुक्त सचिव श्री राहुल जैन शामिल हुए। उन्होंने विद्यार्थियों से रोजगार, स्वरोजगार, कौशल विकास और आध्यात्म जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर संवाद किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता रॉयल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन्स के चेयरमैन श्री प्रमोद गुगालिया ने की। उन्होंने राहुल जैन का परिचय देते हुए बताया कि वे वर्ष 2005 बैच (मध्यप्रदेश कैडर) के भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारी हैं। वे मध्यप्रदेश के ग्वालियर, रीवा और नर्मदापुरम जिलों में कलेक्टर रह चुके हैं तथा TNCP में निदेशक पद पर भी कार्य कर चुके हैं। वर्तमान में वे भारत सरकार के वित्त आयोग में संयुक्त सचिव के रूप में सेवाएं दे रहे हैं। साथ ही वे चार्टर्ड अकाउंटेंट भी हैं। युवाओं को योजनाओं का लाभ लेने का आह्वान राहुल जैन ने विद्यार्थियों को प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना, मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना, विवेकानंद करियर मार्गदर्शन योजना, कॉरपोरेट मित्र पोर्टल और iGOT Platform जैसी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों से इन योजनाओं का लाभ लेकर अपने भविष्य को मजबूत बनाने की अपील की। डिग्री से ज्यादा जरूरी है स्किल उन्होंने कहा कि आज के समय में केवल अकादमिक डिग्री पर्याप्त नहीं है, बल्कि कौशल विकास सबसे ज्यादा जरूरी हो गया है। विद्यार्थियों को किताबों के ज्ञान के साथ उद्योग जगत की मांगों के अनुसार खुद को तैयार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि मेहनत, अनुशासन और निरंतर प्रयास ही सफलता की असली कुंजी हैं। डिजिटल अनुशासन और संस्कारों पर दिया जोर राहुल जैन ने डिजिटल अनुशासन पर जोर देते हुए कहा कि तकनीक का उपयोग समय बर्बाद करने के लिए नहीं, बल्कि कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए होना चाहिए। उन्होंने कहा कि अर्थव्यवस्था और संस्कार हमारी असली पूंजी हैं। परिवार, समाज और अच्छे संस्कार मिलकर व्यक्तित्व को मजबूत बनाते हैं। ये रहे उपस्थित कार्यक्रम में समाजसेवी श्री ओमजी अग्रवाल, श्री मांगीलाल जैन, श्री अजय बाकीवाला, महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. मनीष सोनी, डॉ. कल्पना पाटीदार, डॉ. अमित शर्मा, प्रो. कपिल कैरोल, प्रो. दीपिका कुमावत, डॉ. संदीप सिद्ध, प्रो. समीक्षा मेहरा, प्रो. ज्योत्सना सोलंकी, प्रो. मृदुला उपाध्याय सहित अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन बीएड प्राचार्य डॉ. आर.के. अरोरा ने किया, जबकि आभार प्रबंधन संकाय के प्राचार्य डॉ. प्रवीण मंत्री ने व्यक्त किया।

रॉयल कॉलेज रतलाम का कमाल: MBA, BBA, BCA के 10 छात्र यूनिवर्सिटी मेरिट में शामिल

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज ने एक बार फिर शिक्षा के क्षेत्र में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। विक्रम विश्वविद्यालय द्वारा घोषित सत्र 2025 के वार्षिक परीक्षा परिणामों की मेरिट लिस्ट में संस्थान के 10 विद्यार्थियों ने टॉप-15 में जगह बनाकर रतलाम का नाम रोशन किया है। संस्थान के एमबीए, बीबीए और बीसीए पाठ्यक्रमों के छात्रों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विश्वविद्यालय स्तर पर उत्कृष्ट स्थान हासिल किए। इस उपलब्धि से न सिर्फ कॉलेज बल्कि पूरे जिले में खुशी का माहौल है। पाठ्यक्रमवार प्रदर्शन MBA (चतुर्थ सेमेस्टर):  BCA (तृतीय वर्ष): BBA (तृतीय वर्ष): प्रबंधन ने जताई खुशी इस ऐतिहासिक सफलता पर रॉयल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन प्रमोद गुगालिया ने विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि छात्रों की मेहनत और संस्थान के बेहतर शैक्षणिक माहौल का परिणाम है। उन्होंने यह भी कहा कि संस्थान भविष्य में भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयासरत रहेगा। संस्थान के निदेशक एवं स्टाफ ने भी सभी सफल विद्यार्थियों के उज्जवल भविष्य की कामना की।

रॉयल कॉलेज में कानूनी जागरूकता व साइबर अपराध पर कार्यशाला, विद्यार्थियों को बताए गए ऑनलाइन फ्रॉड से बचाव के तरीके

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों और कानूनी जानकारी की आवश्यकता को देखते हुए रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज में “कानूनी जागरूकता एवं साइबर अपराध” विषय पर एक महत्वपूर्ण जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा, ऑनलाइन धोखाधड़ी और कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना रहा। कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में अभिभाषक संघ के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश शर्मा, तथा विशिष्ट वक्ता के रूप में अधिवक्ता प्रतीक गौतम एवं अधिवक्ता पंकज रजक उपस्थित रहे। वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश शर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि “आज के समय में डेटा सबसे बड़ी पूंजी है और इसकी सुरक्षा प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। कानूनी जानकारी के अभाव में लोग आसानी से साइबर अपराध का शिकार हो जाते हैं।” उन्होंने विद्यार्थियों को बैंक विवरण, ओटीपी साझा न करने की सलाह दी और डीपफेक व हनीट्रैप जैसे नए साइबर खतरों से सतर्क रहने का संदेश दिया। अधिवक्ता प्रतीक गौतम ने सोशल मीडिया, इंटरनेट और डिजिटल प्लेटफॉर्म के उपयोग के दौरान होने वाली कानूनी भूलों की जानकारी देते हुए कहा कि लापरवाही से किया गया एक पोस्ट भी कानूनी परेशानी का कारण बन सकता है। वहीं अधिवक्ता पंकज रजक ने ऑनलाइन फ्रॉड की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने एवं वैधानिक प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम के अंत में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. मनीष सोनी ने अतिथियों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में रॉयल महाविद्यालय के अनेक प्राध्यापकगण उपस्थित रहे, जिनमें डॉ. अमित शर्मा, प्रो. कपिल केरोल, प्रो. मृदुला उपाध्याय, प्रो. समीक्षा मेहरा, प्रो. ममता यादव सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. संदीप सिद्ध द्वारा किया गया।

Ratlam News: राष्ट्रीय युवा दिवस पर रॉयल कॉलेज में प्रेरणादायी आयोजन, स्वामी विवेकानंद के विचारों से युवाओं में जागी नई ऊर्जा

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रॉयल इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज में स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर पर राष्ट्रीय युवा दिवस उत्साह, प्रेरणा और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को स्वामी विवेकानंद के विचारों से जोड़ते हुए आत्मविश्वास, राष्ट्र निर्माण और चरित्र निर्माण का संदेश देना रहा। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एवं प्रमुख वक्ता के रूप में प्रख्यात शिक्षाविद डॉ. मुरलीधर चांदनीवाला उपस्थित रहे। वहीं विशिष्ट अतिथि के रूप में मॉर्निंग स्टार ग्रुप ऑफ स्कूल के डायरेक्टर श्री कार्ल वार्ड, अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के श्री अनुराग लोखंडे एवं श्री श्याम कुमार लालवानी ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई। युवाओं को स्वयं पर विश्वास करना होगा : डॉ. चांदनीवाला अपने उद्बोधन में डॉ. मुरलीधर चांदनीवाला ने कहा कि स्वामी विवेकानंद अंधविश्वास के प्रखर विरोधी थे और वे युवाओं को स्वयं पर विश्वास करना सिखाते थे। उन्होंने कहा कि समाज और राष्ट्र में सकारात्मक परिवर्तन की धुरी युवा शक्ति ही है। युवाओं को अपने मस्तिष्क, हृदय और शारीरिक क्षमताओं का पूर्ण उपयोग राष्ट्र निर्माण में करना चाहिए। साथ ही उन्होंने स्वामी विवेकानंद के साहित्य को पढ़ने और उनके विचारों को जीवन में आत्मसात करने का आह्वान किया। डिग्री के साथ कौशल विकास भी जरूरी : श्री कार्ल वार्ड विशिष्ट अतिथि श्री कार्ल वार्ड ने स्वामी विवेकानंद के दर्शन—वेदों का ज्ञान, शांति और सह-अस्तित्व—पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी युग में केवल डिग्री ही पर्याप्त नहीं है। युवाओं को स्किल डेवलपमेंट, व्यक्तित्व विकास और समय प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान देना चाहिए, तभी वे सफल और आत्मनिर्भर बन सकते हैं। कार्यक्रम का संचालन डॉ. संदीप सिद्ध द्वारा किया गया। इस अवसर पर रॉयल कॉलेज के डॉ. आर.के. अरोरा (शिक्षा संकाय), डॉ. अमित शर्मा (वाणिज्य संकाय), डॉ. कल्पना पाटीदार (फार्मेसी संकाय), नितेश भारद्वाज (नर्सिंग संकाय) सहित समस्त स्टाफ एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में छात्र पीयूष देवड़ा ने आभार प्रदर्शन किया। इस आयोजन के माध्यम से युवाओं को स्वामी विवेकानंद के आदर्शों पर चलकर राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण का संकल्प लेने का संदेश दिया गया।

Ratlam News: रॉयल कॉलेज रतलाम में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत की कॉलेज इकाई गठित, पीयूष सिंह देवदा बने अध्यक्ष

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: उपभोक्ताओं के अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति युवाओं को जागरूक करने की दिशा में रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज (रॉयल कॉलेज), रतलाम में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत की कॉलेज इकाई का विधिवत गठन किया गया। इस अवसर पर आयोजित विशेष कार्यक्रम में नवगठित इकाई के पदाधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए। कार्यक्रम में रॉयल कॉलेज के चेयरमैन प्रमोद गुगालिया एवं अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत, मालवा प्रांत के उपाध्यक्ष अनुराग लोखंडे मुख्य रूप से उपस्थित रहे। दोनों अतिथियों ने संयुक्त रूप से विद्यार्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। चेयरमैन प्रमोद गुगालिया ने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में उपभोक्ता जागरूकता अत्यंत आवश्यक है और विद्यार्थियों को समाज में एक सजग व जिम्मेदार नागरिक की भूमिका निभानी चाहिए। कॉलेज इकाई की नई कार्यकारिणी घोषित शैक्षणिक सत्र 2025–26 के लिए पीयूष सिंह देवदा को सर्वसम्मति से कॉलेज इकाई का अध्यक्ष नियुक्त किया गया। अन्य पदाधिकारियों की घोषणा इस प्रकार की गई— इसके साथ ही 24 विद्यार्थियों को कार्यकारिणी सदस्य के रूप में दायित्व सौंपे गए। उपभोक्ता जागरूकता अभियान चलाएगी इकाई नवनियुक्त अध्यक्ष पीयूष सिंह देवदा ने बताया कि कॉलेज इकाई द्वारा विद्यार्थियों के बीच उपभोक्ता अधिकार, कर्तव्य और संरक्षण कानूनों को लेकर जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। साथ ही समय-समय पर कार्यशालाएं, संगोष्ठियां एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे युवा वर्ग उपभोक्ता शोषण से बच सके। नगर के गणमान्य नागरिक रहे मौजूद कार्यक्रम में नगर के अनेक प्रतिष्ठित नागरिकों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, जिनमें नरेश सकलेचा, शाम लालवानी, अमित अग्रवाल, कमलेश मोदी, सत्येंद्र जोशी, राजेश व्यास, डॉ. प्रदीप जैन एवं चैतन्य शर्मा प्रमुख रूप से शामिल रहे। कॉलेज का समस्त स्टाफ एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे। अंत में सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को उनके उज्ज्वल एवं सफल कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दी गईं।

Ratlam News: रॉयल कॉलेज रतलाम में राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस पर भव्य कार्यशाला, विशेषज्ञों ने दिए सजग उपभोक्ता बनने के प्रभावी मंत्र

रतलाम- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस के अवसर पर कलेक्टर कार्यालय (खाद्य), जिला रतलाम के मार्गदर्शन में रॉयल कॉलेज, सालाखेड़ी कैंपस में एक दिवसीय उपभोक्ता जागरूकता कार्यशाला एवं प्रदर्शनी का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को उपभोक्ता अधिकार, खाद्य सुरक्षा, माप-तौल की शुद्धता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक बनाना रहा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आनंद गोले (जिला आपूर्ति अधिकारी) ने उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 की जानकारी देते हुए कहा कि “जागो ग्राहक जागो सिर्फ नारा नहीं, बल्कि उपभोक्ता की सबसे बड़ी शक्ति है।” उन्होंने दोषपूर्ण वस्तुओं और भ्रामक विज्ञापनों के खिलाफ जिला उपभोक्ता आयोग में शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया को सरल शब्दों में समझाया तथा वन नेशन, वन राशन कार्ड योजना के लाभ बताए। भारत भूषण (सहायक नियंत्रक, नाप-तौल विभाग) ने माप-तौल में होने वाली धोखाधड़ी से सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने सही और गलत वजन की पहचान, इलेक्ट्रॉनिक कांटों की सील एवं प्रमाणीकरण की जानकारी दी, जिससे विद्यार्थी व्यवहारिक रूप से सजग बन सकें। शैलेष गुप्ता (खाद्य सुरक्षा अधिकारी) ने “शुद्ध के लिए युद्ध” अभियान के तहत बताया कि एक जागरूक उपभोक्ता ही मिलावटखोरी को रोक सकता है। उन्होंने घरेलू स्तर पर खाद्य पदार्थों की शुद्धता जांचने के आसान प्रयोग बताए और FSSAI लाइसेंस जांचने पर विशेष जोर दिया। नरेश सकलेचा (जिला पर्यावरण प्रमुख, अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत) ने उपभोक्ता जागरूकता को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ते हुए सिंगल यूज प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध का आह्वान किया। उन्होंने प्लास्टिक से होने वाले स्वास्थ्य खतरों पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को प्लास्टिक मुक्त परिसर का संकल्प दिलाया। अनुराग लोखंडे (मालवा प्रांत उपाध्यक्ष, अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत) ने कहा कि “उपभोक्ता समाज की धुरी है।” उन्होंने ग्राहक पंचायत द्वारा किए गए कानूनी संघर्षों के उदाहरण प्रस्तुत किए और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने के लिए विद्यार्थियों को प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग, नाप-तौल विभाग एवं एचपी गैस द्वारा विशेष प्रदर्शनी लगाई गई, जहां गैस सिलेंडर सुरक्षा, इलेक्ट्रॉनिक कांटों की सत्यता और खाद्य मिलावट पकड़ने का लाइव डेमो दिया गया, जिसे विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक देखा। इस अवसर पर नगर के प्रतिष्ठित नागरिकों में शाम लालवानी, अमित अग्रवाल, कमलेश मोदी, रूमी कॉन्ट्रैक्टर, सत्येंद्र जोशी, राजेश व्यास एवं डॉ. प्रदीप जैन विशेष रूप से उपस्थित रहे। रॉयल कॉलेज की ओर से डॉ. अमित शर्मा, प्रो. कपिल केरोल, प्रो. दीपिका कुमावत, प्रो. मृदुला उपाध्याय, डॉ. संदीप सिद्ध, प्रो. शैलेन्द्र सिंह पंवार, डॉ. संतोष पाटीदार, डॉ. धर्मेंद्र मकवाना सहित समस्त प्राध्यापकों का उल्लेखनीय योगदान रहा।कार्यक्रम का संचालन एवं आभार प्रदर्शन डॉ. प्रवीण मंत्री द्वारा किया गया। यह कार्यशाला विद्यार्थियों के लिए जागरूक, जिम्मेदार और सशक्त उपभोक्ता बनने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई।

Ratlam News: ICAI रतलाम और रॉयल कॉलेज का संयुक्त सेमिनार: विद्यार्थियों को मिले MSME योजनाओं व सुरक्षित निवेश के व्यावहारिक गुर

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: देश की प्रतिष्ठित संस्था द इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) की रतलाम शाखा एवं रॉयल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन्स के संयुक्त तत्वावधान में निवेशक जागरूकता एवं MSME (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम) सरकारी योजनाएं विषय पर एक उच्चस्तरीय सेमिनार का आयोजन रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज, सालाखेड़ी कैम्पस में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को स्वरोजगार, उद्यमिता और सुरक्षित निवेश से जुड़ी व्यावहारिक जानकारी देना रहा। कार्यक्रम में रॉयल कॉलेज के प्रबंधन संकाय प्राचार्य CA डॉ. प्रवीण मंत्री ने ICAI रतलाम ब्रांच के चेयरमैन CA मोहित श्रीमाल एवं CICASA रतलाम ब्रांच के चेयरमैन CA पराग जैन का परिचय देते हुए स्वागत किया। उन्होंने कहा कि ICAI का लक्ष्य केवल कुशल चार्टर्ड अकाउंटेंट्स तैयार करना ही नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग को वित्तीय रूप से सशक्त और जागरूक बनाना भी है। विद्यार्थियों से उन्होंने विशेषज्ञों के अनुभवों का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया। मुख्य वक्ता के रूप में ICAI रतलाम ब्रांच के चेयरमैन CA मोहित श्रीमाल ने केंद्र सरकार की MSME योजनाओं पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने ‘उद्यम पंजीयन’ की अनिवार्यता पर जोर देते हुए प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY), प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) तथा CGTMSE योजना के तहत बिना जमानत 2 करोड़ रुपये तक के ऋण की सुविधा को युवाओं के लिए बड़ा अवसर बताया। उन्होंने कहा कि सही वित्तीय मार्गदर्शन से युवा अपने स्टार्टअप और व्यवसाय को सफल बना सकते हैं। CICASA रतलाम के चेयरमैन CA पराग जैन ने निवेश के सिद्धांतों पर प्रकाश डालते हुए SIP के माध्यम से वेल्थ क्रिएशन, एसेट एलोकेशन और कंपाउंडिंग की शक्ति को सरल उदाहरणों के साथ समझाया। साथ ही उन्होंने साइबर सुरक्षा पर विशेष सत्र में ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी से बचाव के लिए डिजिटल हाइजीन और सुरक्षा उपायों की जानकारी दी। सेमिनार में महाविद्यालय के प्राध्यापक डॉ. अमित शर्मा, प्रो. कपिल केरोल, प्रो. मीनाक्षी गोयल, कहकशां चिश्ती, प्रो. प्रियंका दवे, प्रो. प्रांजल गौतमी, प्रो. अलका उपाध्याय, प्रो. पूजा पाटीदार, प्रो. यक्षेंद्र हरोड़ एवं प्रो. संजय धाकड़ सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रो. मृदुला उपाध्याय ने किया, जबकि अंत में आभार प्रदर्शन प्राचार्य CA डॉ. प्रवीण मंत्री ने किया।

Ratlam News: रॉयल कॉलेज रतलाम में विश्व ध्यान दिवस पर सहज योग शिविर, विद्यार्थियों ने सीखी मानसिक शांति और एकाग्रता की तकनीक

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित विश्व ध्यान दिवस (21 दिसंबर) के अवसर पर रॉयल इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज, रतलाम में सहज योग एवं ध्यान शिविर का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में बढ़ते मानसिक तनाव को कम करना, एकाग्रता बढ़ाना और भावनात्मक संतुलन विकसित करना रहा। सहज योग केंद्र के सहयोग से आयोजित इस शिविर में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता श्री महेंद्र जी व्यास ने सहज योग के आध्यात्मिक और वैज्ञानिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह एक सरल और प्रभावी ध्यान पद्धति है, जो व्यक्ति को आत्मसाक्षात्कार और आंतरिक शांति की ओर ले जाती है। उन्होंने बताया कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक और तनावपूर्ण माहौल में नियमित ध्यान ही युवाओं को नकारात्मक विचारों और मानसिक दबाव से मुक्त करने का सशक्त माध्यम है। इसके पश्चात श्री चंद्रकांत विभूते ने व्यावहारिक सत्र का संचालन करते हुए विद्यार्थियों को ध्यान की विभिन्न मुद्राओं एवं श्वास-प्रश्वास की प्रक्रिया का अभ्यास कराया। उन्होंने कहा कि आधुनिक जीवनशैली में एकाग्रता बनाए रखने और मानसिक संतुलन के लिए ध्यान को दिनचर्या का हिस्सा बनाना आवश्यक है। कार्यक्रम के दौरान श्री राजेंद्र जी पंवार ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि सहज योग केवल शारीरिक अभ्यास नहीं, बल्कि मानसिक और आध्यात्मिक सशक्तिकरण का प्रभावी माध्यम है, जिससे व्यक्ति के भीतर सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और सर्वांगीण विकास संभव होता है। सत्र के अंतिम चरण में सभी प्रतिभागियों ने सामूहिक ध्यान किया, जिससे पूरे परिसर में शांति और सकारात्मकता का वातावरण बना। इस अवसर पर श्री विपुल तिवारी, श्रीमती कुसुम त्रिवेदी एवं श्रीमती ज्योति गुप्ता ने भी अपने विचार साझा करते हुए इस आयोजन को विद्यार्थियों के लिए अत्यंत लाभकारी और प्रेरणादायी बताया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. अमित शर्मा, प्रो. कपिल केरोल, प्रो. शोभा पटेल, प्रो. समीक्षा मेहरा, प्रो. कविता गर्ग, प्रो. अल्का उपाध्याय, प्रो. नैनसी धीमन, प्रो. पूजा पाटीदार, प्रो. मिताली पुरोहित, प्रो. गरिमा मिश्रा, प्रो. कृष्णाकांत प्रजापत, प्रो. आंचल नागल, प्रो. प्रियंका दवे, प्रो. प्रांजल गौतमी, प्रो. शैलेंद्र सिंह पंवार, प्रो. आरती वर्मा, प्रो. दीपशिखा राठौर, प्रो. शाहिस्ता शेख एवं प्रो. बनकट अकोदिया सहित अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे। यह आयोजन विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य, आत्म-जागरूकता और सकारात्मक जीवन दृष्टिकोण को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।