परफेक्ट पुलिसिंग : जांच में झूठा निकला बलात्कार का आरोप, अब शिकायत करने वाली महिला पर दर्ज होगा केस

सीसीटीवी फूटेज और मोबाइल लोकेशन ने बचाया, पुलिस ने 2 माह में किया निराकरण पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। बलात्कार या दुष्कर्म के रोज नए मामले सामने आते है। जिसमें महिला की शिकायत पर तुरंत एफआईआर दर्ज कर पुलिस आरोपियों को सलाखों के पीछे कर देती है। ऐसा ही एक मामला रतलाम के ताल थाना क्षेत्र में भी आया। जिसमें महिला ने तीन लोगों के खिलाफ दुष्कर्म का आरोप लगाया। लेकिन जब पुलिस ने मामले की सत्यता जांची और निष्पक्ष जांच की तो मालूम हुआ कि पूरा मामला ही झूठा निकला। अब पुलिस आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुए केस को खत्म करने की कार्रवाई करते हुए शिकायत करने वाली महिला के खिलाफ केस दर्ज करेगी। पुलिस ने 2 महीने में ही दूध का दूध और पानी का पानी करते हुए तीन बेकसूर लोगों को बचा लिया। पुलिस मामले को चिन्हित कर गंभीरता से जांच नहीं करती तो सालों तक आरोपी बनाए गए बेकसूर सलाखों के पीछे ही रहते। एसपी राहुल कुमार लोढा ने बताया की ताल थाना अंतर्गत एक महिला ने बलात्कार का आरोप लगाया था। आरोपियों के खिलाफ तथ्यात्मक जांच के लिए एएसपी राकेश खाखा व एसडीओपी शाबेरा अंसारी को निर्देशित कर टीम बनाई। जिसमें महिला द्वारा लगाए गए आरोप झूठे निकले। पुलिस टीम ने आरोपियों की निशानदेही व बताए गए लोकेशन की जब जांच की तो वह सही निकले। पुलिस टीम ने सीसीटीवी व सायबर की मदद से इसमें टेकनिकल सबूत जुटाए। जिस महिला ने यह झूठा मुकदमा दर्ज करवाया अब उसके खिलाफ पुलिस 182/211 सीआरपीसी के अंतर्गत कार्रवाई करेगी। इसके साथ ही पुलिस तीनों आरोपियों पर दर्ज केस को खारिज करवाते हुए उन्हें छोड़ने के लिए कोर्ट से अपील करेगी। महिला ने क्यों किया ऐसा?पुलिस सूत्रों के अनुसार महिला का पति शराब का अवैध काम करता है। जिससे पुलिस ने महिला के पति के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया था। महिला को शंका थी की जुझार सिंह, राजेश सिंह डोडिया एवं कुलदीप सिंह ने उसके पति की सूचना पुलिस को देकर केस बनवाया। जिसके बाद महिला कई बार तीनों को झूठे आरोप में फंसाने की धमकी भी दे चुकी थी। यह था पूरा घटनाक्रमदिनांक 26 अक्टूबर 2023 को फरियादी महिला द्वारा बताया कि वह दोपहर 1:00 बजे के करीब उसके भांजे के साथ बाइक पर ताल आ रही थी। इस दौरान रास्ते में बाइक पंचर हो जाने से उसका भांजा पंचर निकलवाने चला गया। महिला वहीं खड़ी उसका इंतजार कर रही थी। इस दौरान उसके पास एक सफेद रंग की कार आकर रूकी जिसमे तीन व्यक्ति जुझार सिंह, राजेश सिंह डोडिया एवं कुलदीप सिंह बैठे थे। महिला ने बताया उन्होंने मुझे घर छोड़ने का बोलकर गाड़ी में बैठा लिया। फिर मुझे अनजान जगह पर ले जाकर मेरे साथ तीनो ने बलात्कार कर मारपीट की तथा जान से मारने की धमकी दी। मारपीट से मैं बेहोश हो गई थी। अगले दिन जब होश में आई तो तीनों व्यक्ति मुझे कार में बैठाकर आबूपुरा के पास मगरे पर छोड़ गए। और धमकी दी कि यह बात किसी को बताई तो जान से मार देगे तीनो वह से भाग गए। फरियादी महिला की रिपोर्ट पर थाना ताल पर अपराध क्रमांक 573/23 धारा 323,342,366, 376(डी), 506,34 भादवि का पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया था। पुलिस जांच में खुली पोलपुलिस ने आरोपी राजेश पिता गोकुल सिंह डोडिया, जुझार सिंह पिता मंगूसिंह पंवार, निवासी टूटीयाखेड़ी जिला उज्जैन को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किए जो न्यायिक अभिरक्षा में लिए गए थे। तथा एक आरोपी कुलदीप सिंह की तलाश की जा रही थी। घटना की सत्यता के बारे जानकारी प्राप्त करने हेतु अग्रिम विवेचना के दौरान घटना स्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरे चेक किए। जिसमे फरियादी महिला द्वारा बताए गए घटनाक्रम के संबंधित कोई तथ्य नहीं मिले। महिला द्वारा बताई कार के संबंध में जानकारी प्राप्त करने हेतु जावरा शहर के सीसीटीवी कैमरे चेक करने पर उक्त वाहन घटना के समय घटनास्थल से 50 किमी दूर जावरा शहर के सीसीटीवी में दिखाई दिया। तीनो आरोपीयो की घटना के समय की उपस्थिति के संबंध में तथ्यात्मक जांच की गई। इस दौरान कुलदीप सिंह के घटना के दिन घर से निकलने तथा शराब की दुकान ग्राम रूपेटा पर जाने, उसके दोस्त के साथ रूपेटा से जावरा जाने के फुटेज सीसीटीवी कैमरे में देखे गए। इसी के साथ कुलदीप सिंह के मोबाइल की लोकेशन आदि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर भी आरोपी घटनास्थल पर नही होने की पुष्टि हुई।विवेचना के दौरान आरोपीयो की मोबाइल लोकेशन, सीसीटीवी कैमरे से मिले फुटेज, साक्षियों के कथन आदि के आधार पर प्राप्त तथ्यों का विश्लेषण करने पर फरियादी द्वारा पंजीबद्ध रिपोर्ट असत्य पाई गई। पूरी जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश कर दी गई है अब कोर्ट द्वारा आगे की कार्रवाई की जाएगी।

जनता का ISSUE : इंडस्ट्रियल एरिया में उद्योगों की मनमानी, सड़कों पर खड़े रहते दर्जनों ट्रक बन रहे राहगीरों की बाधा

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। नगर में संचालित हो रहे उद्योगों की मनमानी इस कदर हावी है की उनके आगे नियम कायदे बोने नजर आ रहे है। ऐसा ही मंजर आजकल इंडस्ट्रियल एरिया में देखने को मिल रहा है। जहां बेधड़क नियम विपरीत सड़कों पर उद्योगों का माल उतारा और चढ़ाया जा रहा है। यहां बड़े – बड़े ट्रक नियम विपरीत सड़कों को घेरे खड़े रहते है। जबकी नियमानुसार उद्योगों को अपने परिसर में इनको खड़ा रखना होता है। इसके अलावा नियमों को ताक पर रखते हुए उद्योगों में आने वाले भारी वाहन ट्रक आदि को सड़कों पर लाइन से खड़ा कर दिया जाता है, जो की कई दिनों तक वहीं खड़े रहते है। धनबल व राजनीतिक रसूख के चलते पुलिस भी इन पर कोई कार्रवाई नहीं करती। कई उद्योगों ने तो अपने लाभ के लिए सरकारी रास्तों को फेंसिंग या चद्दर डाल कर बंद कर रखा है। आमतौर पर रेलवे माल गोदाम, रतलाम वायर्स, कटारिया प्लास्टिक, डीपी वायर्स जैसे उद्योगों के बाहर अक्सर जाम देखा जा सकता है। नागरिक जब इन रास्तों से गुजरते है तो ट्रक घण्टों तक साइड नहीं देते जिससे उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पूरे मामले में उद्योग महाप्रबंधक मुकेश शर्मा से पब्लिक वार्ता ने सवाल किया तो उनका कहना था की उद्योगों व उनके मालिक को भारी वाहनों व अन्य की पार्किंग व्यवस्था खुद को करना होती है। राहगीर या आमजन परेशान होते है तो यह गलत है, ट्रैफिक नियमों के अनुसार पुलिस कार्रवाई की जा सकती है। औद्योगिक थाना पुलिस के अनुसार उद्योगों को समझाईश दी जाएगी। अगर फिर भी कोई सुधार नहीं होता है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

औचक निरीक्षण : देर रात अचानक मुस्तेदी जांचने निकले एसपी, दो को मिली शाबासी और एक को मिला नोटिस

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। पुलिस मुख्यालय के निर्देशों के बाद रतलाम पुलिस कप्तान बुधवार देर रात अचानक मुस्तेदी जांचने निकल पड़े। पुलिस कप्तान के अचानक आने से पूरा महकमा आश्चर्य में पड़ गया। पुलिस कप्तान राहुल कुमार लोढा ने थाना बिलपांक व थाना नामली का औचक निरीक्षण किया। एसपी राहुल कुमार ने बताया की डीजीपी सुधीर कुमार सक्सेना द्वारा सभी पुलिस अधीक्षकों को अपने अपने क्षैत्र में पहुंचकर औचक निरीक्षण करने हेतु निर्देशित किया गया था। इसी तारतम्य में दिनांक 27.12.23 को रतलाम ग्रामीण अनुभाग के थाना नामली एवं थाना बिलपांक का औचक निरीक्षण किया।एसपी रात में  बिलपांक थाना पहुंचे जहा थाना प्रभारी मुनेंद्र कुमार गौतम अपने स्टाफ के साथ उपस्थित थे। पुलिस अधीक्षक द्वारा  हवालात चेक कर, बंदी सुरक्षा इंतजाम का निरीक्षण किया। इसके अलावा रात्रि ड्यूटी ऑफिसर, चिता पार्टी एवं रात्रि गश्त अधिकारियो को चेक किया। इस दौरान रात्रि गश्त अधिकारी एएसआई सतीश ठाकुर को ड्यूटी से अनुपस्थित पाए जाने पर नोटिस जारी किया गया। पुलिस अधीक्षक द्वारा थाना प्रभारी एवं थाना स्टाफ को रात्री गश्त, हवालात में बंदी सुरक्षा इंतजाम आदि के संबंध में आवश्यक दिशा निर्देश दिए।          इसके बाद पुलिस अधीक्षक ने थाना नामली पहुंचकर रात्रि गश्त अधिकारी को चेक किया। रात्रि गस्त अधिकारी एसआई सचिन डाबर ड्यूटी पर मुस्तैद मिले। सचिन डाबर के साथ हवालात एवम बंदी सुरक्षा इंतजाम का निरीक्षण किया। पुलिस अधिकारियों को रात्री गश्त, हवालात में बंदी सुरक्षा आदि के संबंध में आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

रतलाम के मंत्रीजी : कैबिनेट का ताज पहने चेतन्य काश्यप का पहला नगर आगमन, स्वागत रैली की तैयारियां हुई शुरू

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। मध्यप्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बनने के बाद चेतन्य काश्यप 29 दिसंबर यानी शुक्रवार को पहली बार रतलाम आएंगे। इसको लेकर शहर भाजपा में उत्साह का माहौल है। कार्यकर्ता अभी से उनके स्वागत रैली की तैयारियों में जुट चुके है। रतलाम शहर विधानसभा से लगातार तीसरी बार विधायक चुनने के बाद भोपाल से कैबिनेट का ताज सजाकर काश्यप की रतलाम एंट्री यादगार बनाने की तैयारी शुरू हो चुकी है। काश्यप भोपाल से शुक्रवार सुबह निकलेंगे और दोपहर 12 बजे सातरुंडा से रतलाम जिले में प्रवेश करेंगे। सालाखेड़ी से रतलाम शहर में उनका प्रवेश होगा। जिसके बाद वे करीब 2 बजे नाहरपुरा पहुंचकर समर्थकों के साथ स्वागत रैली में शामिल होकर जनता का अभिवादन करेंगे।स्वागत रैली नाहरपुरा से शुरू होकर डालू मोदी बाजार, गणेश देवरी, धान मंडी, शहर सराय होते हुए महाराणा प्रताप चौक सैलाना बस स्टेंड से होते हुए श्रीराम मंदिर, सज्जन मिल होती हुई भारत माता चौराहा अलकापुरी पर समाप्त होगी। रैली के दौरान शहर के विभिन्न स्थानों पर मंच के माध्यम से नवनियुक्त कैबिनेट मंत्री काश्यप का स्वागत किया जाएगा।

पॉलिटिकल ड्रामा : पूंजीपति काश्यप की तारीफ़ों पर उमा को हुआ एतराज!, ट्विटर पर तंज कसने के बाद देना पड़ी सफाई!

पूरे मामले में मंत्री चेतन्य काश्यप ने नहीं दी कोई प्रतिक्रिया, उमा से मिलने पहुंचे उनके घर तो बदले सुर! पब्लिक वार्ता – भोपाल,रतलामजयदीप गुर्जर। हालही में मध्‍यप्रदेश के नवनियुक्त केबिनेट मंत्री चेतन्य काश्‍यप (Madhya Pradesh Minister Chetanya Kasyap) ने अपनी विधायकी का वेतन भत्ता छोड़ने का एलान कर खूब सुर्खियां बटोरी। जिसके बाद उन्हें केबिनेट भी शामिल किया गया। इतने दिनों बाद अब काश्यप के वेतन नहीं लेने के फैसले पर पूर्व मुख्‍यमंत्री उमा भारती (Former Chief Minister Uma Bharti) ने एक्‍स हैंडल (ट्विटर) पर प्रतिक्रिया दी है। उमा भारती (Uma Bharti) ने 5 बिंदुओं का एक बड़ा ट्वीट सुबह 10 बजकर 23 मिनट पर किया। यह ट्वीट उमा भारती ने प्रदेश के मुखिया सीएम डॉ मोहन यादव, संगठन के महामंत्री हितानंद शर्मा व बीजेपी के ऑफिसियल हेंडल को टैग किया। उमा भारती का अपनी ही सरकार और उनके नेताओं को घेरने का यह कोई नया मामला नहीं है। इससे पहले वो कई मुद्दों पर शिवराज सरकार को घेर चुकी है। इस बार उन्होंने चेतन्य काश्यप के वेतन भत्ते छोड़ने की बात पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए तंज कसा। जिसके बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई। इस मुद्दे पर कई भाजपा नेताओं का दबी जुबान से कहना है की यह कोई विषय नहीं था यह केवल नई सरकार में अटेंशन लेने का एक तरीका था। जैसा कि वह पूर्व में भी कई बार कर चुकी है। हालांकि इस पूरे पॉलिटिकल ड्रामे के बीच मंत्री चेतन्य काश्यप ने किसी प्रकार की कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। उमा भारती की और से अपना पक्ष रखते हुए एक प्रेस रिलीज जारी की गई है। जिसमें उन्होंने उनकी बातों को गलत तरीके से पेश करने की बात कही। उमा ने बिंदुवार ट्वीट में लिखा की 1) हाल ही में मंत्री बने तथा रतलाम के एक संपन्न जैन व्यवसायी चेतन कश्यप ने अपनी संपत्ति 296 करोड़ घोषित की हैं । अभी कुछ दिनों पहले मध्यप्रदेश के अखबारों में उनकी तारीफ़ लिखी थी की वो अपना विधायक का वेतन नहीं लेते जो की साल भर का क़रीब 12 लाख होता हैं । 296 करोड़ वाला व्यक्ति अगर सरकार के 12 लाख छोड़ देता है तो इसमें कौनसी बड़ी बात हैं । 2) चेतन कश्यप सरकार को वेतन वापिस करने के बजाय वह राशि अभावग्रस्त लड़कियाँ की शिक्षा पर खर्च करें । 3) हमे यह याद रखना पड़ेगा की सभी विधायक बड़े व्यवसायी नहीं होते और ना वो राजनीति से अपना व्यवसाय बढ़ाते हैं । 4) एक बार सांसद वरुण गाँधी ने कहा था की सांसदों को तनखा एवं पेंशन नहीं लेना चाहिए । वरुण गाँधी ऐसा कर सकते है क्यूँकि वो हज़ारो करोड़ों की पैतृक संपत्ति के मालिक है । अपना सर्वस्व त्यागकर राजनीति के माध्यम से जनसेवा करने वाले जनप्रतिनिधियों को हर तरह की सहूलियत सरकार से मिलनी चाहिए । 5) अगर विधायकों और सांसदों को ईमानदारी की राह पर चलना आसान बनाना है तो चेतन कश्यप जैसे पूँजीपति विधायकों को छोड़कर सभी विधायक की तनखा एवं अन्य भत्ते आज की सभी परिस्थितियों को देखकर मिलना चाहिए । ट्वीट के बाद मचा बवालकाश्यप के लिए किए गए इस ट्वीट के बाद भाजपा में हड़कंप मच गया। उमा भारती को अचानक काश्यप पर हमलावर होता देख हर कोई नेता हैरान था। उमा भारती के पास जब हाईकमान से फोन घनघनाए तो दोपहर 3 बजे बाद उमा भारती ने अपने ट्वीट पर सफाई पेश करते हुए एक और ट्वीट किया। यह बाद में एडिट भी हुआ। हालांकि उमा ने अपना पिछला ट्वीट नहीं हटाया। अपने दूसरे ट्वीट में उमा भारती ने वरुण गांधी और वीडी शर्मा को टैग कर लिखा की 1) जो मुझे आशंका थी वही हुआ । कुछ लोगों ने मेरी बातों का ग़लत मतलब निकाल ही लिया । लोकतंत्र में अमीर हो ग़रीब, सबको सांसद या विधायक होने का अधिकार है ।2) स्वयं मैं जब आठ वर्ष की थी तब से आज तक मैंने सुविधा संपन्न जीवन जिया है । मैं सरकार से प्राप्त सुविधाओं का पात्रता एवं आवश्यकता के अनुसार उपयोग करती हूँ । कभी कभी किसी संस्था, कोई असहाय महिला या किसी बच्चे की शिक्षा की सुविधा के लिए मैं चेक से ही राशि देती हूँ । लेकिन सरकार को कुछ वापिस नहीं करती ।3) रतलाम के विधायक जो अभी मंत्री बने हैं वह बहुत बड़े व्यवसायी एवं बहुत बड़े दानी भी है और मुझे उनसे कोई तकलीफ़ नहीं है। वरुण गाँधी एवं उनके इस विवरण को सुनकर की वो सांसद या विधायक की सुविधा नहीं लेते। तो यह बड़ी बात नहीं है किंतु जिन जनप्रतिनिधियों का जीवन यापन एवं अतिथि सेवा इन्ही सुविधाओं से होतीहै  वह स्वयं को छोटा अनुभव करेंगे जब की ऐसा नहीं है। सब बराबर है। जनता सबको वोट देती है। और पहुंच गए काश्यपट्विटर वार के बाद मंत्री काश्यप उमा भारती से मिलने उनके निवास जा पहुंचे। शाम करीब 5 बजे ट्वीट कर उमा भारती ने इसकी जानकारी दी। उमा ने ट्वीट कर लिखा की  1. रतलाम से विधायक एवं हाल ही में बने प्रदेश सरकार के मंत्री श्री चैतन्य कश्यप मेरे दूसरे ट्वीट के जवाब में स्वयं उपस्थित हो गए। 2. चैतन्य कश्यप जी को मैं 20 साल से जानती हूं वह बहुत बड़े व्यवसायी, बहुत बड़े दानी एवं समाजसेवी हैं। 3. वह अपने व्यवसाय से प्राप्त लाभ का बहुत बड़ा हिस्सा दान करते हैं किंतु फिर भी मैंने अपना सुझाव दोहराया कि वह अपने वेतन एवं भत्ते सरकार को वापस करने की जगह पर दान की राशि में शामिल कर लिया करें उन्होंने इस पर कहा कि वह इस पर विचार करेंगे। 4. मैंने उन्हें सफल मंत्री बनने के लिए शुभकामनाएं तथा आशीर्वाद भी दिया।

राम मंदिर अयोध्या : नगर में घर – घर पिले चावल देकर दे रहे निमंत्रण, लोग अपने आराध्य के लिए बिछा रहे पलके

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। अयोध्या में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा की रूपरेखा तय हो गई है। 22 जनवरी 2024 को मुख्य प्राण प्रतिष्ठा समारोह होगा। लेकिन उससे पहले अक्षत कलश के माध्यम से घर – घर निमंत्रण दिया जा रहा है। अयोध्या से आए अक्षत कलश को रामभक्त विधि विधान से पूजन अर्चन कर रहे है। मोहल्लों में पहुंच रहे अक्षत कलश को रैली के रूप में भृमण करवाकर मंदिर में पूजन के लिए रखा जा रहा है। भ्रमण के दौरान कई लोग कलश को अपने घर में प्रवेश देकर उसका पूजन कर रहे है। थावरिया बाजार बस्ती के धभाई जी का वास में बुधवार को अक्षत कलश पहुंचा। यहां क्षेत्रवासियों ने ढोल ढमाकों के साथ उसका स्वागत किया। जिसके बाद रैली के रूप में कलश को भ्रमण करवाते हुए घर – घर पिले चावल देते हुए अयोध्या में बनने जा रहे भव्य राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के लिए निमंत्रण दिया। लोगों ने घर के बाहर आए कलश के दर्शन वंदन कर उसका पूजन किया। बस्ती के संयोजक मुरलीधर गुर्जर ने बताया की क्षेत्र में महिलाओं ने कलश का स्वागत वंदन किया। भजन कीर्तन करते हुए पूरे मोहल्ले में शोभायात्रा निकाली गई। बाद में कलश देवनारायण मंदिर पर सार्वजनिक पूजन के लिए रखा गया। हम लोगों का अयोध्या जाना मुमकिन नहीं है, लेकिन हम उस दिन अपने मोहल्ले व नगर में एक दिन की दीवाली जरूर मना सकते है। इस दिन हम घरों में साज – सज्जा, मंदिरों में भजन कीर्तन, भंडारे आदि करते हुए इस दिन को विशेष बना सकते है। इस दौरान क्षेत्र के राधेश्याम गुर्जर, नरेंद्रसिंह सोनगरा, हिम्मतसिंह चौहान, भीमसिंह गोहिल, सीताबाई गुर्जर, मंजू सक्सेना आदि भक्तगण उपस्थित थे।

समाज जागरण : सेवावीरों ने किया 121वां सामुहिक हनुमान चालीसा पाठ, मांगल्य मंदिर पर हुआ तुलसी पूजन

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। नगर की सेवावीर सामाजिक कल्याण समिति द्वारा संचालित श्रीमंगलनाथ महाकाल रक्तदान मण्डल द्वारा सामुहिक हनुमान चालीसा पाठ का क्रम लगातार जारी है। मंडल के सदस्य प्रत्येक मंगलवार को निश्चित मंदिर का चुनाव कर वहां के क्षेत्रवासियों के साथ मिलकर सुबह 8 बजे चालीसा पाठ करते है। इस मंगलवार हनुमान चालीसा का 121वां सामुहिक पाठ किया गया। यह पाठ इंडस्ट्रियल एरिया क्षेत्र स्थित मांगल्य मंदिर (जेवीएल मंदिर) पर रखा गया। साथ ही मंदिर में उपस्थित लोगों ने तुलसी पूजन भी किया। कार्यक्रम की जानकारी देते हुए मंडल प्रचार प्रमुख अतुल जैन ने बताया की प्रति मंगलवार किये जाने वाले इस आयोजन का उद्देश्य समस्त सदस्यों को एकत्रित कर समाज हित के कार्य करने हेतु समाज को जाग्रत करना है। तुलसी पूजन करने के पहले सभी को तुलसी के औषधिय गुणों व धार्मिक मान्यता व वैज्ञानिक रूप से उसका महत्व बताया गया।  अयोध्या नहीं जा सकते, तो यही मनाए उत्सवमण्डल द्वारा समस्त समाज से आग्रह किया गया कि 22 जनवरी के दिन सभी लोगो का अयोध्या जाना संभव नही है इसलिए अपने-अपने क्षेत्र के धार्मिक स्थलों, जैन मंदिर, गुरुद्वारा आदि स्थानों पर अपनी परंपरा एवं मान्यता के अनुसार पूजन अर्चन करे। प्रभात फेरिया निकाले, दीपावली मना कर प्रभु श्रीराम की आराधना करे।


भीलांचल के गांधी : मामा बालेश्वर दयाल स्मारिका का लोकार्पण, पुण्यतिथि पर हुआ भव्य आयोजन

पब्लिक वार्ता – झाबुआ,जयदीप गुर्जर। वरिष्ठ स्वतंत्रता संग्राम सेनानी व पूर्व राज्यसभा सदस्य समाजवादी चिंतक मामा बालेश्वर दयाल की 25वीं पुण्यतिथि भील आश्रम, बामनिया में मनाई गई। इस अवसर पर मामा बालेश्वर दयाल के लाखों अनुयायियों ने 25 दिसंबर की सुबह से 26 दिसंबर की शाम तक समाधि स्थल पहुंचकर श्रद्धा सुमन अर्पित किए। बामनिया स्थित आश्रम पर 25 दिसंबर को रात भर सभा के साथ भजन व कीर्तन होता रहा। समाधि स्थल पर इंदौर के वरिष्ठ पत्रकार रामस्वरूप मंत्री द्वारा संपादित स्मारिका “भीलांचल के गांधी : मामा बालेश्वर दयाल” का लोकार्पण पूर्व विधायक डॉ. सुनीलम, वरिष्ठ पत्रकार क्रांति कुमार वैद्य, पर्यावरणविद् डॉ खुशालसिंह पुरोहित, गोविंद यादव, जयस संरक्षक डॉ अभय ओहरी, समाजवादी नेता राजू अग्रवाल, मास्टर रामलाल निनामा, पत्रकार सत्यनारायण शर्मा, दिनेश सिंह कुशवाह, लीलाधर चौधरी, डॉ सोमेश्वर सिंह एवं इंद्रसेन निमोनकर द्वारा किया गया। इस अवसर पर समाजवादी विचारक व पूर्व विधायक डॉ सुनीलम ने कहा कि मामा जी की पुण्यतिथि पर बड़ी संख्या में अनुयायी बामनिया पहुंचते हैं, लेकिन प्रशासन द्वारा अनुयायियों के लिए किसी प्रकार की कोई व्यवस्था नही की जाती है बल्कि परेशानियां पैदा की जाती है। सरकार मामाजी को भारत रत्न देने की बजाए उन्हें तिरस्कृत कर रही है। डॉ सुनीलम ने कहा कि गुजरात मॉडल की नहीं मामाजी के सामाजिक आर्थिक मॉडल की देश को जरूरत है।     जयस संरक्षक डॉ अभय ओहरी ने कहा कि समाधि स्थल का  विकास एक शिक्षण केंद्र के तौर पर किया जाना चाहिए तथा मामाजी का संग्रहालय स्थापित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा जयस मामाजी के सपनों को साकार करेगा।   डॉ खुशाल सिंह पुरोहित ने कहा कि समाज परिवर्तन हेतु मामा जी ने अपना पूरा जीवन लगाया था। इंदौर में देवी अहिल्या विश्वविद्यालय को मामा बालेश्वर दयाल शोध पीठ की स्थापना करनी चाहिए। जिससे नई पीढ़ी मामा जी के विचारों से जुड़ सके।    वरिष्ठ पत्रकार रामस्वरूप मंत्री ने कहा कि मामा बालेश्वर दयाल के विचारों के प्रचार प्रसार को लेकर हमने क्रांति कुमार वैद्य एवं डॉ सुनीलम के साथ मिलकर अब तक 20 पुस्तिकाएं एवं स्मारिकाएं प्रकाशित की है, प्रकाशन का कार्य आगे भी जारी रहेगा।    वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजवादी चिंतक कांति कुमार वैद्य ने कहा कि मामा बालेश्वर दयाल का मूल्यांकन होना अभी बाकी है। ज्यों ज्यों समय बीतता जा रहा है त्यों त्यों मामा जी के विचारों की प्रासंगिकता लगातार बढ़ती जा रही है। युवा पीढ़ी भी मामाजी के प्रति आकर्षित हो रही है।     सुशीला बहन ने कहा कि मेरे लिए यह गर्व की बात है कि मामाजी के जीवनकाल में  उनकी सेवा करने का मौका मिला तथा अब मेरा जीवन मामा जी के विचारों के प्रचार प्रसार के लिए समर्पित है।    मास्टर रामलाल निनामा ने बताया कि हर वर्ष की तरह  इस वर्ष भी राजस्थान के हजारों अनुयायियों ने 21 दिसंबर को पदयात्रा शुरू की थी। उन्होंने बताया कि मेरी आठ पीढ़ियां मामा जी के विचारों से प्रभावित रही है। हम मामाजी को देवताओं का देवता मानते हैं। उन्होंने कहा की नई पीढ़ी को जोड़ने के लिए साहित्य प्रकाशन और उसका वितरण जरूरी है।     समाजवादी नेता गोविंद यादव ने कहा कि वर्तमान समय में पूंजीवाद का मुकाबला मामा जी द्वारा प्रतिपादित प्रकृतिवाद एवं समाजवाद से चल रहा है।उन्होंने कहा मामा जी के विचारों पर चलकर ही मानवता के अस्तित्व को बचाया जा सकता है।बामनिया कार्यक्रम राजस्थान की वयोवृद्ध समाजवादी नेत्री मालती बहन की उपस्थिति एवं संरक्षण में संपन्न हुआ। 

निगमकर्मी की पिटाई : अतिक्रमण हटाने गए राजस्व विभाग के लिपिक के साथ मारपीट, घायल ने करवाई पुलिस एफआईआर

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार के आदेश के बाद निगमकर्मी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई में लगे है। इसी बीच नगर निगम की राजस्व टीम जब कॉलेज रोड पर अतिक्रमण हटाने पहुंची तो अतिक्रमण कर बैठे दुकानदार ने निगमकर्मी की ही पिटाई कर दी। जिससे निगमकर्मी के दाहिने हाथ में चोट भी पहुंची है। निगमकर्मी ने पुलिस में शासकीय कार्य में बाधा सहित अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज करवाई। पुलिस के अनुसार राजस्व विभाग में लिपिक पवन पिता दिनेश सोलंकी निवासी स्टेशन रोड के साथ मारपीट की यह घटना हुई है। घायल पवन ने पुलिस को बताया की डिप्टी कमिश्नर विकास सोलंकी के आदेश के बाद वह सहायक राजस्व निरीक्षक सुनील कपूर के साथ नगर निगम व कॉलेज रोड पर अतिक्रमण हटाने के लिए पहुंचे। आरोग्यम हॉस्पिटल के सामने चश्मे की दुकान लगाने वाले मुन्ना को जब हटाने के लिए कहा गया तो उसने बोला में नहीं हटाऊंगा और मां बहन की नंगी गालियां देने लगा। उसे मना करने पर उसने किसी धारधार वस्तु से हमला कर दिया जिससे दाहिने हाथ पर चोट पहुंची। थाना स्टेशन रोड पुलिस ने निगमकर्मी पवन की शिकायत पर आरोपी मुन्ना निवासी मोचिपुरा के खिलाफ आईपीसी की धारा 353, 332,323 व 294 में प्रकरण दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।

चेतन्य की बढ़ी चमक : इन बड़ी बातों से काश्यप को मिला केबिनेट, सर्वे में टॉप 10 रहे विधायक की पॉलिटिकल कहानी

रतलाम को चहुंमुखी विकास के उच्चतम शिखर पर पहुंचाना – मंत्री काश्यप पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। शहर विधायक चेतन्य काश्यप को कैबिनेट में जगह मिलते ही शहर में जश्न का माहौल था। काश्यप के शपथ ग्रहण करते ही आतिशबाजी कर पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकतार्ओं ने एक दूसरे को मिठाई खिलाई। मंत्री मंडल में शामिल होने की सूचना के बाद भाजपा जिला संगठन के पदाधिकारी भी भोपाल पहुंचे। गौरतलब है की मध्यप्रदेश के मंत्री मंडल में रतलाम शहर विधानसभा क्षेत्र को डेढ़ दशक बाद प्रतिनिधित्व मिला है। इससे पहले हिम्मत कोठारी यहां से विभिन्न पदों पर मंत्री रहे है। काश्यप को अब विभाग मिलने का इंतजार है, सूत्रों की माने तो उन्हें उद्योग, नगरीय प्रशासन या फिर वित्त की जिम्मेदारी दी जा सकती है। नवनियुक्त मंत्री चेतन्य काश्यप ने कहा की इस सम्मान के साथ रतलाम को चहुंमुखी विकास के उच्चतम शिखर पर पहुंचाने और देश के प्रमुख औद्योगिक केंद्र बनाने का महती दायित्व भी आया है। जिसे पूरी लगन और मेहनत से हमें एक टीम के रूप में काम करके निभाना है । प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री डॉ यादव की आकांक्षाओं और अपेक्षा को पूरा करना हमारा दायित्व है। हम सब एक टोली के रूप में इन दायित्वों का निर्वहन करेंगे और सफल होंगे। मंत्री पद की दौड़ में क्यों रहे आगे?मंत्री पद की दौड़ में आगे रहने का प्रमुख कारण काश्यप की बेदाग छवि और मजबूत राजनीतिक पकड़ रही। काश्यप की पार्टी के शीर्ष नेताओं से अच्छी बॉन्डिंग होने के साथ ही संघ व उसके अनुसांगिक संगठनों के वरिष्ठ अधिकारियों से भी गहरे संबंध है। दो कार्यकाल में मंत्री बनने की इच्छा हर बार रही लेकिन पार्टी के निर्णय को स्वीकार किया कभी विरोध में नहीं दिखे। प्रदेश के भी सभी नेताओं से घनिष्ठता रही कभी किसी गुट के नहीं कहलाए। काश्यप ने अपने वेतन का त्याग लगातार तीसरे कार्यकाल में भी किया। हालांकि यह निर्णय दूसरे विधायक और सांसदों के लिए असहज जरूर रहा है। विधानसभा क्षेत्र में अत्यंत लोकप्रिय माने जाते है। दो साल के कार्यकाल में जनता से जुड़ा कोई नेगेटिव फेक्टर हाईकमान तक नहीं पहुंचा। पार्टी सर्वे में भी टॉप 10 विधायक बने रहे। अब तक हमेशा से विकास के विषय पर ही राजनीति करते आए। विवादास्पद व सांप्रदायिक मामलों में नहीं बोले ना बोलना पसंद करते है। अपनी टीम को मैनेजमेंट से चलाने में महारत हासिल है हर छोटे मुद्दे और कार्य पर खुद मोनिटरिंग करते है। राजनीति के अलावा समाजसेवा की एक बड़ी भूमिका रही। प्रत्येक वर्ग व जरूरतमंद व्यक्ति को फाउंडेशन से सहायता दिलाने में आगे रहते है। लगातार तीन बार विधायक रहे और तीनों ही बार लीड बढ़ी ना कि घटी। मंत्री बने काश्यप का अब तक का सफररतलाम शहर विधायक चेतन्य काश्यप शुरू से औद्योगिक व सामाजिक जीवन में रहे। वर्ष 2004 से समाजसेवा से राजनीतिक क्षेत्र में प्रवेश किया। रतलाम विधानसभा में बीते तीन चुनाव में सर्वाधिक मत से जीते। पहले चुनाव में 40, 000 से, दूसरे चुनाव में 43,000 से और तीसरे चुनाव में 60,000 की लीड लेकर जीत दर्ज की। जन सेवा, शिक्षा, स्वास्थ्य व खेल के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान रहा। वर्ष 2014 में झाबुआ आदिवासी संसदीय उम्मदीवार के चुनाव संयोजक रहे और आजादी के बाद पहली बार यह सीट भाजपा के खाते में आई। भाजपा के स्वयं सेवी संगठन, प्रकोष्ठ, एनजीओ सेल के राष्ट्रीय संयोजक एवं राष्ट्रीय कार्यसमिति के 6 वर्ष तक सदस्य रहे और म.प्र. में भाजपा के कोषाध्यक्ष भी रहे। वर्ष 2006 में मप्र लोकसभा व विधानसभा परिसिमन के संयोजक रहे। मप्र राज्य योजना आयोग के उपाध्यक्ष रहे। अयोध्या में बन रहे श्री राम मंदिर के लिए 1 करोड़ रूपए की निधि अपने परिवार की ओर से प्रदान की। क्रीड़ा भारती के राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष है एवं रतलाम, मंदसौर, नीमच जिलों में 16 स्थान पर खेल चेतना मेला का बड़ा आयोजन 20 वर्षों से कर रहे है। इन्होंने गरीबी से मुक्ति, विकास की युक्ति के रूप में 100 गरीब परिवार को निःशुल्क आवास देकर अहिंसा ग्राम की स्थापना की थी, इस मॉडल से ये प्रदेश में काफी चर्चा में भी आए थे। हाल ही में इनके द्वारा कुपोषण अभियान के तहत पोष्टिक आहार आंगनवाड़ी के माध्यम से पहुंच रहा है। आंकड़ों के अनुसार 1400 बच्चों को कुपोषण से मुक्त कराया है। विधायकी रहते जिले में मेडिकल कॉलेज की स्थापना करवाई। कोराना काल में झाबुआ, मंदसौर, नीमच एवं अन्य क्षेत्रों के हजारों लोगों के लिए यह लाभदायक बना। मालवा क्षेत्र में जैन समाज के प्रमुख व्यक्तित्व है। वर्ल्ड जैन कन्फेडरेशन के चेयरमेन है और जीतो के संस्थापक है। 2004 में बार्सिलोना में विश्व धर्म संसद मे जैन प्रतिनिधि मण्डल का नेतृत्व किया। उसमें ‘अपरिग्रह’ दर्शन पर शोध पत्र प्रस्तुत किया। इंडिया फस्ट फाउंडेशन के ट्रस्टी है, जिसका दिल्ली में शोध संस्थान है।

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