Ratlam News: WhatsApp पर ‘Bye-Bye’ लिखकर छात्र ने खाया जहर, रैगिंग और आरोपों से था परेशान

रतलाम मेडिकल कॉलेज के छात्र ने व्हाट्सएप ग्रुप में ‘बाय-बाय’ लिखकर जहरीला पदार्थ सेवन किया। रैगिंग और मानसिक तनाव से जूझ रहा था छात्र, इंदौर रेफर। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां मेडिकल कॉलेज के एक छात्र ने व्हाट्सएप ग्रुप में ‘बाय-बाय’ मैसेज लिखने के बाद जहरीला पदार्थ सेवन कर लिया। गंभीर हालत में छात्र को इंदौर रेफर किया गया है। घटना के पीछे मानसिक अवसाद और कॉलेज से जुड़े विवादों को कारण माना जा रहा है।  WhatsApp ‘Bye-Bye’ मैसेज के बाद उठाया खौफनाक कदम नईदुनिया प्रतिनिधि, रतलाम। बंजली रोड स्थित शासकीय मेडिकल कॉलेज के 21 वर्षीय छात्र अमोलिक वर्मा ने रविवार को अपने साथियों के व्हाट्सएप ग्रुप में एक भावुक संदेश भेजा। इस मैसेज में उसने अपने ऊपर लगे आईपैड चोरी के आरोपों पर सफाई दी और अंत में ‘बाय-बाय’ लिख दिया। मैसेज पढ़ते ही दोस्तों को अनहोनी का अंदेशा हुआ। तुरंत वे गंगासागर कॉलोनी स्थित उसके किराए के मकान पहुंचे, जहां अमोलिक बेसुध अवस्था में मिला। गंभीर हालत में इंदौर रेफर सहपाठियों ने बिना समय गंवाए छात्र को मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए इंदौर रेफर कर दिया। फिलहाल उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है। रैगिंग केस और आरोपों से था परेशान जानकारी के अनुसार अमोलिक सेकंड ईयर का छात्र है और अगस्त माह में हुए एक रैगिंग मामले में उसे छह महीने के लिए शैक्षणिक गतिविधियों से निलंबित किया गया था। इसके अलावा हाल ही में उस पर आईपैड चोरी का आरोप भी लगा था, जिससे वह मानसिक रूप से काफी दबाव में था। करीबियों का कहना है कि वह लंबे समय से अवसाद (डिप्रेशन) से जूझ रहा था और मेडिकल कॉलेज के मनोचिकित्सा विभाग में उसका इलाज भी चल रहा था। पुलिस जांच में जुटी मामले की सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। एसआई ध्यानसिंह सोलंकी ने बताया कि,“पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। छात्र के मानसिक हालात और अन्य कारणों की भी पड़ताल की जा रही है।” मेडिकल छात्रों में बढ़ता मानसिक दबाव यह घटना एक बार फिर मेडिकल छात्रों पर बढ़ते मानसिक दबाव और रैगिंग जैसी समस्याओं को उजागर करती है। पिछले कुछ वर्षों में देशभर में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां छात्र तनाव और अवसाद के कारण गंभीर कदम उठा रहे हैं।

Ratlam News: रतलाम मेडिकल कॉलेज में होली विवाद: 4 पीजी स्टूडेंट पर FIR, कार से कुचलने की कोशिश के आरोप

रतलाम मेडिकल कॉलेज में होली खेलने के दौरान पीजी स्टूडेंट्स के बीच विवाद हो गया। पुलिस ने 4 छात्रों के खिलाफ FIR दर्ज की है, जबकि दूसरे पक्ष ने कार से कुचलने की कोशिश का आरोप लगाया है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: शहर के डॉ. लक्ष्मी नारायण पांडे मेडिकल कॉलेज में होली खेलने के दौरान हुए विवाद के मामले में पुलिस ने चार पीजी स्टूडेंट्स के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की है। यह कार्रवाई पीजी स्टूडेंट डॉ. रजत अली की शिकायत पर की गई है। वहीं आरोपी पक्ष ने भी डॉ. रजत अली पर कार से छात्रों को कुचलने की कोशिश का गंभीर आरोप लगाया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। घटना का वीडियो देखे होली खेलने के दौरान हुआ विवाद जानकारी के अनुसार बुधवार शाम करीब 4 बजे मेडिकल कॉलेज परिसर में थर्ड ईयर फिजियोलॉजी के छात्र होली खेल रहे थे। इसी दौरान राजस्थान के झुंझुनूं निवासी पीजी स्टूडेंट डॉ. रजत अली अपने साथियों के साथ कार में वहां पहुंचे। होली खेल रहे छात्रों ने उन्हें दूसरे रास्ते से जाने के लिए कहा, जिसके बाद कार रोकने को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई और मामला बढ़ते-बढ़ते मारपीट तक पहुंच गया। चार छात्रों के खिलाफ केस दर्ज डॉ. रजत अली की शिकायत पर पुलिस ने पीजी स्टूडेंट डॉ. पंकज चौहान, डॉ. प्रशांत, डॉ. आशीष और डॉ. गौतम के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। बताया जा रहा है कि विवाद के दौरान कार चालक के सिर में चोट आई है और उसे टांके भी लगे हैं। वहीं कुछ अन्य स्टूडेंट्स भी घायल हुए हैं। कार से कुचलने की कोशिश का आरोप आरोपी पक्ष का आरोप है कि बहस के बाद डॉ. रजत अली अपनी कार में बैठकर तेज रफ्तार में आगे बढ़ गए। होली खेल रहे छात्रों ने उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं रुके और छात्रों को कुचलने की कोशिश की। CCTV में दिखी घटना मौके पर लगे सीसीटीवी फुटेज में डॉ. रजत अली कार को घुमाकर वापस लाते हुए दिखाई दे रहे हैं। छात्रों ने फिर कार रोकने की कोशिश की, लेकिन जब कार नहीं रुकी तो कुछ छात्रों ने पत्थर मारकर उसे रोकने का प्रयास किया। इसके बाद कार वहां से निकल गई। पीछा करने के बाद हुई हाथापाई कार के जाने के बाद कुछ पीजी स्टूडेंट्स ने उनका पीछा किया। इस दौरान डॉ. रजत अली और उनके साथ आए अन्य छात्रों के बीच हाथापाई हो गई और मामला मारपीट में बदल गया। आरोपी पक्ष ने लगाए ये आरोप आरोपी पक्ष का कहना है कि डॉ. रजत अली ने जानबूझकर होली के कार्यक्रम में बाधा डाली और हमला करने की कोशिश की। उनका यह भी कहना है कि कार से कुचलने की कोशिश के कारण उनके तीन साथी घायल हुए हैं, जिनमें एक का हाथ फ्रैक्चर हो गया है। डॉ. रजत अली ने क्या कहा डॉ. रजत अली का कहना है कि वह कॉलेज में होली खेलने के बाद इमरजेंसी रूम के बाहर अपनी कार में बैठे हुए थे और एक साथी डॉक्टर का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान कुछ छात्र आए और उनकी कार से टूल्स निकालकर उनके सिर पर हमला कर दिया, जिससे वे बेहोश हो गए। उन्होंने बताया कि उनके सिर में चार से पांच टांके लगे हैं। हालांकि कार से कुचलने की कोशिश के आरोप पर उन्होंने स्पष्ट कुछ नहीं कहा। पुलिस कर रही जांच फिलहाल पुलिस ने शिकायत के आधार पर चार पीजी स्टूडेंट्स के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज समेत अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है।

Ratlam News: मेडिकल कॉलेज रतलाम में अटेंडरों का हंगामा, डॉक्टरों से अभद्रता और हाथापाई; कार्रवाई नहीं हुई तो हड़ताल की चेतावनी

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: शासकीय डॉ. लक्ष्मीनारायण मेडिकल कॉलेज, रतलाम में शुक्रवार देर रात मरीज के साथ आए अटेंडरों द्वारा जमकर हंगामा किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि अटेंडरों ने डॉक्टरों से गाली-गलौच की, धमकियां दीं और स्थिति हाथापाई तक पहुंच गई। घटना के बाद डॉक्टरों में भारी आक्रोश है और उन्होंने कार्रवाई नहीं होने पर काम बंद कर हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी है। पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया है। WATCH VIDEO जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात करीब 12:21 बजे मरीज नीलम (35) पति कृष्णा को लेकर परिजन और करीब 9 से 10 अटेंडर मेडिकल कॉलेज के आकस्मिक चिकित्सा विभाग पहुंचे थे। उस समय सीएमओ डॉ. भावना मसीह सहित अन्य जूनियर डॉक्टर ड्यूटी पर मौजूद थे। इलाज के दौरान शुरू हुआ विवाद बताया गया कि किसी बात को लेकर अटेंडरों ने अचानक हंगामा शुरू कर दिया। डॉक्टरों द्वारा समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन अटेंडर शांत नहीं हुए और अभद्र व्यवहार करने लगे। गाली-गलौच, धमकी और हाथापाई की नौबत डॉक्टरों का आरोप है कि अटेंडरों ने इलाज के दौरान गाली-गलौच की, “देख लेने” की धमकी दी और हालात हाथापाई तक पहुंच गए। इस दौरान अटेंडर डॉक्टरों के वीडियो भी बनाते रहे।स्थिति बिगड़ने पर मेडिकल कॉलेज परिसर स्थित पुलिस चौकी को सूचना दी गई, साथ ही प्राइवेट सुरक्षा गार्ड भी मौके पर पहुंचे, लेकिन हंगामा नहीं थमा। बाद में थाना औद्योगिक पुलिस को बुलाया गया। सीएमओ और वरिष्ठ डॉक्टरों के पहुंचने पर शांत हुआ माहौल घटना की जानकारी मिलते ही मेडिकल कॉलेज के सीएमओ डॉ. विनय शर्मा और अन्य वरिष्ठ डॉक्टर मौके पर पहुंचे। इसके बाद हंगामा कर रहे अटेंडर वहां से चले गए। डॉक्टरों ने दी हड़ताल की चेतावनी शनिवार सुबह घटना की जानकारी फैलते ही डॉक्टरों में आक्रोश फैल गया। डॉक्टरों ने साफ चेतावनी दी कि यदि दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो सभी डॉक्टर और स्टाफ कार्य बहिष्कार कर हड़ताल पर जाएंगे।डीन डॉ. अनिता मूथा ने डॉक्टरों को भरोसा दिलाया कि मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस में आवेदन, एफआईआर की मांग मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से थाने में दिए गए आवेदन में कहा गया है कि अटेंडरों ने— प्रबंधन ने आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है। हंगामे का वीडियो भी आया सामने आकस्मिक चिकित्सा विभाग में हुए हंगामे का वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में डॉक्टर अटेंडरों को समझाते नजर आ रहे हैं, जबकि अटेंडर उल्टा डॉक्टरों के वीडियो बनाते और अभद्रता करते दिखाई दे रहे हैं। एक महिला डॉक्टर को यह कहते भी सुना जा सकता है—“आप पढ़े-लिखे लगते हैं, फिर भी ऐसा व्यवहार कर रहे हैं।” थाना प्रभारी पहुंचे मेडिकल कॉलेज शनिवार दोपहर थाना औद्योगिक प्रभारी सत्येंद्र रघुवंशी पुलिस बल के साथ मेडिकल कॉलेज पहुंचे और डीन डॉ. अनिता मूथा से मुलाकात कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। प्रबंधन और पुलिस का बयान डीन डॉ. अनिता मूथा ने बताया कि मरीज को वॉशरूम ले जाने की बात को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद अटेंडरों ने डॉक्टरों से अभद्रता की। मेडिकल कॉलेज प्रबंधन द्वारा एफआईआर दर्ज कराई जा रही है।वहीं थाना प्रभारी सत्येंद्र रघुवंशी ने कहा कि अटेंडरों द्वारा डॉक्टरों से अभद्रता की गई है। मामले की जांच कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

Ratlam News: मेडिकल कॉलेज रतलाम का कलेक्टर मिशा सिंह ने किया निरीक्षण, मरीजों व विद्यार्थियों की सुविधाओं पर दिया विशेष जोर

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News:’कलेक्टर मिशा सिंह ने शुक्रवार को डॉ. लक्ष्मी नारायण पांडेय शासकीय मेडिकल कॉलेज, रतलाम का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कॉलेज एवं अस्पताल परिसर में उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं, प्रबंधन व्यवस्था और मरीजों को दी जा रही सेवाओं का सूक्ष्मता से अवलोकन किया। WATCH VIDEO निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने अस्पताल प्रबंधन द्वारा प्रस्तुत रिकॉर्ड का अवलोकन किया तथा मरीजों से प्रत्यक्ष चर्चा कर व्यवस्थाओं का सत्यापन किया। उन्होंने लैबोरेटरी जांच कक्ष में मरीजों की पर्चियों का अवलोकन करते हुए निर्देश दिए कि जांच रिपोर्ट मरीजों को ऑनलाइन माध्यम से सरल भाषा में उपलब्ध कराई जाए, ताकि भर्ती के बाद किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। अस्पताल प्रबंधन द्वारा बताया गया कि मरीजों को उनकी जांच रिपोर्ट एसएमएस के माध्यम से मोबाइल पर भेजी जा रही है। कलेक्टर ने मरीजों से चर्चा कर इसकी पुष्टि की, जिस पर मरीजों ने संतोष व्यक्त किया। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जांच पूर्ण होने का संदेश पहले भेजा जाए तथा उसके पश्चात रिपोर्ट भेजी जाए, ताकि मरीज को स्पष्ट जानकारी मिल सके। जन्म-मृत्यु पंजीयन कक्ष के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्रसूता को जन्म प्रमाण पत्र डिस्चार्ज से पूर्व उनके पलंग पर ही उपलब्ध कराया जाए। आवश्यकता होने पर मोबाइल पर सॉफ्ट कॉपी भी भेजी जा सकती है। एक्स-रे कक्ष में ग्राम सोनागिरी, आलोट से आई महिला मरीज से जांच प्रक्रिया की जानकारी ली। अस्पताल में साइनज व्यवस्था सुधारने और कलर कोडेड पर्ची प्रणाली लागू करने के निर्देश दिए गए, ताकि मरीजों को किसी प्रकार का भ्रम न हो। निर्माणाधीन सीटी स्कैन कक्ष का निरीक्षण करते हुए सीटी स्कैन सुविधा शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश भी दिए गए। सोनोग्राफी कक्ष में अधिक वेटिंग को देखते हुए चिकित्सा अधिकारियों के कार्य समय बढ़ाने तथा ओपीडी और आईपीडी मरीजों के लिए अलग-अलग समय निर्धारित करने के निर्देश दिए गए। प्रसव पूर्व कक्ष में सुमन हेल्प डेस्क के रिकॉर्ड का अवलोकन किया गया। प्रबंधन ने बताया कि वर्तमान में 24 महिलाएं प्रसव हेतु आई हैं, जिनमें से 15 रेफरल होकर आई हैं। सभी महिलाओं को शासकीय एंबुलेंस से लाया गया, जिसकी पुष्टि कलेक्टर ने परिजनों से चर्चा कर की। कलेक्टर ने परिजनों से भोजन और पानी की व्यवस्था के संबंध में जानकारी ली, जिस पर संतोषजनक व्यवस्था होना बताया गया। प्रसव पूर्व कक्ष के बाहर परिजनों की भीड़ को देखते हुए पृथक प्रतीक्षा कक्ष की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट की व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त किया गया। निजी कैंटीन का निरीक्षण करते हुए अस्पताल प्रबंधन को निर्देश दिए गए कि मरीजों को सभी आवश्यक दवाइयां जेनेरिक एवं निशुल्क उपलब्ध कराई जाएं। कलेक्टर मिशा सिंह ने छात्रावास की व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान देते हुए निर्देश दिए कि भोजन व्यवस्था हेतु टेंडर प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ की जाए, ताकि छात्रावास में रहने वाले विद्यार्थियों को भोजन एवं पानी की किसी भी प्रकार की समस्या न हो। उन्होंने कहा कि 29 जनवरी को आयोजित जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक में मेडिकल कॉलेज की डीन की उपस्थिति अनिवार्य रहेगी, जिससे आगामी कार्ययोजना तैयार की जा सके। निरीक्षण के दौरान डॉ. अनीता मुथा (डीन मेडिकल कॉलेज), डॉ. पवन शर्मा (ईएनटी विशेषज्ञ), डॉ. विनय शर्मा (सीएमओ), डॉ. नागर (छाती रोग विशेषज्ञ), डॉ. अंकित शर्मा (अस्पताल प्रबंधक) सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

Ratlam News: शासकीय मेडिकल कॉलेज रतलाम बना दंत सर्जरी का भरोसेमंद केंद्र, 3 साल में 250+ मेजर और 6000+ माइनर ऑपरेशन निःशुल्क

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: शासकीय मेडिकल कॉलेज रतलाम का दंत चिकित्सा विभाग लगातार उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवाओं का उदाहरण बन रहा है। विभाग में मेजर और माइनर दंत शल्य क्रियाएं नियमित रूप से और पूरी सफलता के साथ की जा रही हैं। सड़क दुर्घटनाओं एवं अन्य आकस्मिक घटनाओं में चेहरे और जबड़े की हड्डियां टूटने पर जिन ऑपरेशनों पर निजी चिकित्सालयों में भारी खर्च आता है, वही उपचार शासकीय मेडिकल कॉलेज रतलाम में निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है। दंत रोग विभाग के सह-प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष डॉ. मनीष कुमार अग्रवाल के नेतृत्व में सहायक प्राध्यापक डॉ. अभिषेक सिंह पायक, सीनियर रेजिडेंट डॉ. भाव्या शर्मा, जूनियर रेजिडेंट डॉ. अक्षय साहू और डॉ. आरुषी शास्त्री की टीम द्वारा यह कार्य निरंतर किया जा रहा है। चिकित्सकों की टीमवर्क और विशेषज्ञता के कारण जटिल से जटिल दंत सर्जरी भी सफलतापूर्वक की जा रही है। निजी अस्पतालों में जहां इस प्रकार के ऑपरेशनों पर लगभग 50 से 70 हजार रुपये तक का खर्च आता है, वहीं शासकीय मेडिकल कॉलेज रतलाम में यह उपचार लंबे समय से पूरी तरह निःशुल्क किया जा रहा है। बीते तीन वर्षों में दंत चिकित्सा विभाग द्वारा 250 से अधिक मेजर सर्जिकल ऑपरेशन और 6000 से अधिक माइनर सर्जिकल ऑपरेशन सफलतापूर्वक किए जा चुके हैं। रतलाम के अलावा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों, नीमच, मंदसौर, जावरा, सैलाना सहित अन्य स्थानों से रेफर होकर आने वाले मरीजों को भी यहां बेहतर उपचार मिल रहा है। शासकीय मेडिकल कॉलेज की डीन डॉ. अनीता मूथा एवं अस्पताल अधीक्षक डॉ. प्रदीप मिश्रा के मार्गदर्शन में दंत चिकित्सा विभाग द्वारा सराहनीय और उत्कृष्ट कार्य किया जा रहा है, जिससे आमजन को बड़ी राहत मिल रही है।

Ratlam News: रतलाम मेडिकल कॉलेज में “एडरेनो 25” सांस्कृतिक उत्सव, विद्यार्थियों ने दी शानदार प्रस्तुतियां

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: डॉ लक्ष्मी नारायण पांडे शासकीय मेडिकल कॉलेज, रतलाम में चल रहे वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव “एडरेनो 25” का आयोजन धूमधाम से किया जा रहा है। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि डीन डॉ अनीता मुथा रहीं, जिनकी उपस्थिति में विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियों का सफल आयोजन संपन्न हुआ। कार्यक्रम की विशेष आकर्षण रही “ताल से ताल” समूह नृत्य प्रतियोगिता, जिसमें कॉलेज के विद्यार्थियों ने लोक संस्कृति से लेकर आधुनिक नृत्य शैलियों तक की मनमोहक प्रस्तुतियां दी। इस प्रतियोगिता में कुल 9 समूहों ने भाग लिया — आदिवासी डांस ग्रुप, बल्ले बल्ले स्क्वॉड, डांडिया बिट्स, हरियाणवी बिट्स, गरबा 24, एक्स7, लाड़ो गैंग, कालबेलिया नृत्य, नित्याग्रह ग्रुप और फ्लेमस ग्रुप। नृत्य प्रतियोगिता का मूल्यांकन डॉ आशीष कुमार मौर्य, डॉ दर्शना जैन और डॉ प्रफुल्ल सोनगरा द्वारा किया गया। विजेता प्रतिभागियों को डीन डॉ अनीता मुथा द्वारा प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संयोजन और संचालन महाविद्यालय की सांस्कृतिक समिति द्वारा किया गया। “एडरेनो 25” के माध्यम से विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा और रचनात्मकता का शानदार प्रदर्शन किया।