Ratlam News: नि क्षय मित्र अभियान के तहत इप्का लेबोरेट्री ने 100 टीबी मरीजों को फूड बास्केट दी  

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत जिले में चल रहे 100 दिवसीय नि क्षय भारत शिविर अभियान के दौरान टीबी मरीजों को पोषण सहायता प्रदान करने की मुहिम लगातार जारी है। इसी कड़ी में इप्का लेबोरेट्री द्वारा 100 फूड बास्केट जिला क्षय केंद्र रतलाम को प्रदान की गई, जिससे टीबी मरीजों को अतिरिक्त पोषण सहायता मिल सके।   अब तक 401 लोग बन चुके हैं नि क्षय मित्र   जिले में नि क्षय मित्र योजना के तहत अब तक 401 लोग जुड़ चुके हैं, जो टीबी मरीजों को पोषण आहार देकर उनकी मदद कर रहे हैं। कलेक्टर राजेश बाथम ने भी आम जनता से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने और अधिक से अधिक नि क्षय मित्र बनने की अपील की है, ताकि टीबी मरीजों को बेहतर पोषण मिल सके और उनका जल्द इलाज संभव हो।   इप्का लेबोरेट्री की सामाजिक पहल   इप्का लेबोरेट्री के वाइस प्रेसिडेंट दिनेश सियाल, प्रशासकीय अधिकारी विक्रम कोठारी और डॉ. मनीष गुप्ता (मेडिकल ऑफिसर) द्वारा 100 फूड बास्केट जिला क्षय केंद्र रतलाम को सौंपी गई। इन फूड बास्केट में 5 किलो आटा, 1 किलो तुअर दाल, 1 किलो मूंगफली और 1 किलो चना शामिल है, जो हाई प्रोटीन डाइट के रूप में टीबी मरीजों के पोषण के लिए जरूरी है।   मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. एम. एस. सागर ने इप्का लेबोरेट्री के इस योगदान की सराहना करते हुए कहा कि टीबी मरीजों के लिए संतुलित और पौष्टिक आहार बेहद जरूरी है, जिससे उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत हो सके।   नि क्षय पोषण योजना के तहत 1000 रुपये प्रति माह सहायता   जिला क्षय अधिकारी डॉ. अभिषेक अरोरा ने बताया कि नि क्षय पोषण योजना के अंतर्गत टीबी मरीजों को हर माह 1000 रुपये की सहायता राशि उनके बैंक खातों में सीधे ट्रांसफर की जा रही है। इसके साथ ही, नि क्षय मित्र योजना के तहत कोई भी व्यक्ति टीबी मरीजों के लिए फूड बास्केट प्रदान कर सकता है।    टीबी के मरीजों को पोषण आहार क्यों जरूरी   टीबी मरीजों को स्वस्थ होने के लिए उच्च प्रोटीन युक्त आहार की आवश्यकता होती है। पोषण की कमी से इलाज की प्रभावशीलता कम हो सकती है और मरीजों की रिकवरी में देरी हो सकती है। नि क्षय मित्र योजना के तहत मिलने वाली फूड बास्केट से मरीजों को सही पोषण मिल रहा है, जिससे उनका टीबी से उबरना तेजी से संभव हो रहा है।    सीएमएचओ और जिला क्षय अधिकारी ने इप्का लेबोरेट्री का जताया आभार   सीएमएचओ डॉ. एम. एस. सागर और डॉ. अभिषेक अरोरा ने इप्का लेबोरेट्री के वाइस प्रेसिडेंट दिनेश सियाल, विक्रम कोठारी और डॉ. मनीष गुप्ता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनका यह योगदान टीबी मरीजों के लिए एक महत्वपूर्ण सहायता साबित होगा।   नि क्षय मित्र कैसे बन सकते हैं   जो भी व्यक्ति या संगठन टीबी मरीजों की मदद करना चाहता है, वह नि क्षय मित्र योजना से जुड़ सकता है। इसके तहत वे जिला क्षय केंद्र में आकर फूड बास्केट प्रदान कर सकते हैं, जिससे टीबी मरीजों को हर माह आवश्यक पोषण मिल सके।   नि क्षय अभियान के तहत जिले में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, जिससे टीबी को जड़ से खत्म किया जा सके और समाज को स्वस्थ बनाया जा सके।

Ratlam News: महापौर परिषद 11 ने पत्रकार 11 को हराया, मैत्री मैच में सद्भावना और खेल भावना का दिखा नजारा  

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: अक्षय संघवी मित्र मंडल के तत्वावधान में आयोजित रतलाम ट्रॉफी के आठवें संस्करण का शुभारंभ 4 फरवरी 2025 को पोलो ग्राउंड में हुआ। टूर्नामेंट का पहला मुकाबला महापौर परिषद 11 बनाम पत्रकार 11 के बीच खेला गया, जिसमें महापौर परिषद 11 ने जीत दर्ज की।   मुख्य अतिथियों ने बढ़ाया खिलाड़ियों का हौसला   कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नगर महापौर प्रहलाद पटेल रहे, जबकि विशेष अतिथि के रूप में भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय, नगर निगम अध्यक्ष मनीषा शर्मा, एएसपी राकेश खाका, सुशील अजमेरा, भाजपा मंडल अध्यक्ष मयूर पुरोहित, क्षेत्रीय पार्षद योगेश पापटवाल सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।   टूर्नामेंट के उद्घाटन अवसर पर अक्षय संघवी मित्र मंडल द्वारा महापौर परिषद 11 और पत्रकार 11 के सभी खिलाड़ियों का स्वागत किया गया। अक्षय संघवी ने कहा कि ऐसे आयोजन खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं और रतलाम का नाम खेल जगत में रोशन करते हैं।   महापौर परिषद 11 की शानदार जीत   मैच का टॉस भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय ने करवाया और दोनों टीमों से परिचय प्राप्त किया। महापौर परिषद 11 ने पहले बल्लेबाजी करते हुए बेहतरीन प्रदर्शन किया और पत्रकार 11 को लक्ष्य से पीछे रखते हुए जीत दर्ज की। मैच समाप्ति के बाद विजेता और उपविजेता टीम को शील्ड प्रदान की गई।   रतलाम प्रेस क्लब अध्यक्ष मुकेश पुरी गोस्वामी ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि खेलों से शहर को नई पहचान मिलती है और इस तरह के आयोजन होते रहने चाहिए। नगर निगम अध्यक्ष मनीषा शर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय ने भी खिलाड़ियों की सराहना की और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।   सम्मान समारोह और पुरस्कार वितरण   अक्षय संघवी ने मंच से महापौर प्रहलाद पटेल और भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय को स्मृति चिह्न प्रदान किया। इसके अलावा, सभी पार्षदों और एमआईसी सदस्यों का मोती की माला और दुपट्टा पहनाकर सम्मान किया गया।   मैच के दौरान अंपायरिंग विकास बड़ोदिया और नमन ने की, जबकि स्कोरिंग की जिम्मेदारी निलेश यादव और सीमर सिंह अजवानी ने निभाई।   आने वाले मुकाबले   रतलाम ट्रॉफी के तहत 5 फरवरी को तीन मुकाबले खेले जाएंगे   1. इंडियन गोल्ड बनाम रिलायबल   2. एमपी पुलिस बनाम रतलाम बॉयज   3. आपका अपना बनाम नई शुरुआत  

Ratlam News: भगवान श्री देवनारायण जी के जन्म उत्सव पर शिवगढ़ में ऐतिहासिक शोभायात्रा, धूमधाम से निकली यात्रा

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: गुर्जर समाज के आराध्य देव भगवान श्री देवनारायण जी के जन्म उत्सव के उपलक्ष्य में शिवगढ़ नगर में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। यह ऐतिहासिक शोभायात्रा श्री देवनारायण मंदिर, शिवगढ़ से प्रारंभ होकर नगर भ्रमण करते हुए श्री देवनारायण मंदिर, तालाब बोर्डी पर संपन्न हुई। शोभायात्रा के दौरान नगर चौराहे पर विश्व हिंदू परिषद (VHP) एवं बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने पुष्पवर्षा कर यात्रा का भव्य स्वागत किया।   शोभायात्रा में उमड़ा जनसैलाब   इस शोभायात्रा में गुर्जर समाज के कई वरिष्ठजन एवं जिले के विभिन्न समाजों के लोग शामिल हुए। आयोजन के दौरान नगर के समस्त व्यापारीगण ने भगवान श्री देवनारायण जी की शोभायात्रा का स्वागत किया। शोभायात्रा में हाथी, घोड़े, ऊंट, बैंड-बाजे, डीजे, ढोल-नगाड़ों के साथ बड़ी धूमधाम से भगवान श्री देवनारायण जी का जन्म उत्सव मनाया गया।   बजरंग दल ने किया शोभायात्रा का स्वागत   हर वर्ष की तरह इस बार भी बजरंग दल द्वारा शोभायात्रा का भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान जिला सह संयोजक राहुल हाडा, प्रखंड उपाध्यक्ष रोहित शर्मा, प्रखंड सह मंत्री राहुल मेवाड़ा, सह मंत्री ध्रुव कुमार गहलोत, प्रखंड सह संयोजक मनोज सोनावा, प्रखंड प्रचार प्रसार प्रमुख लखन झरवार, प्रखंड विहिप गोरक्षा प्रमुख जितेंद्र शर्मा, सह बल उपासना प्रमुख रवि राठौड़, खंड कार्यकर्ता शुभम राठौड़ सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।   भगवान श्री देवनारायण जी के प्रति समाज की आस्था   शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान श्री देवनारायण जी की महिमा का गुणगान किया और भजन-कीर्तन के साथ पूरे नगर में धार्मिक माहौल बना रहा। इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में श्री देवनारायण जन्म उत्सव समिति, गुर्जर समाज, शिवगढ़ का विशेष योगदान रहा।  

MP News: भारतीय रेलवे में विद्युतीकरण के 100 वर्ष पूरे, रतलाम मंडल में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP News: भारतीय रेलवे ने अपने विद्युतीकरण के 100 वर्ष पूरे कर लिए हैं। इस ऐतिहासिक अवसर पर पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल के बिजली विभाग द्वारा विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य बच्चों और आम जनता को रेलवे विद्युतीकरण के महत्व और लाभों के प्रति जागरूक करना था।   विद्युतीकरण की यात्रा: 100 वर्षों का सफर भारत में पहली ट्रेन 16 अप्रैल 1853 को चली थी, लेकिन देश में पहली बार 3 फरवरी 1925 को बॉम्बे वीटी (अब छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस) से कुर्ला हार्बर तक बिजली के इंजन से ट्रेन का संचालन हुआ। इसके बाद रेलवे विद्युतीकरण की प्रक्रिया निरंतर आगे बढ़ती रही और वर्तमान में भारतीय रेलवे ने 97% ब्रॉडगेज लाइनों का विद्युतीकरण पूरा कर लिया है। जल्द ही भारतीय रेलवे 100% विद्युतीकरण के लक्ष्य को हासिल कर लेगा।   रतलाम मंडल में जागरूकता कार्यक्रम रेलवे विद्युतीकरण के 100वें वर्ष को यादगार बनाने के लिए रतलाम मंडल के बिजली टीआरडी (कर्षण वितरण) विभाग ने मॉर्निंग स्टार स्कूल, रतलाम में एक संगोष्ठी आयोजित की। इस संगोष्ठी में 350 से अधिक छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने भाग लिया। कार्यक्रम में रेलवे विद्युतीकरण के विकास, उसकी उपयोगिता और इसके फायदे जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई।   प्रतियोगिताओं का आयोजन और विजेताओं का सम्मान बिजली टीआरओ (कर्षण परिचालन) विभाग द्वारा रतलाम मंडल के रतलाम, उज्जैन, इंदौर, डॉ. अंबेडकर नगर और चित्तौड़गढ़ लॉबी में बच्चों के लिए निबंध और ड्राइंग प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान के लिए पुरस्कृत कर सम्मानित किया गया।   भारतीय रेलवे का यह ऐतिहासिक सफर दर्शाता है कि कैसे तकनीकी विकास के माध्यम से परिवहन व्यवस्था को अधिक उन्नत और पर्यावरण के अनुकूल बनाया जा सकता है। रेलवे विद्युतीकरण से न केवल ऊर्जा की बचत होती है बल्कि यह प्रदूषण कम करने और यात्रा को सुगम बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।  

Ratlam News: रतलाम प्रेस क्लब उत्कृष्ट पत्रकारिता पुरस्कार 2024: प्रविष्टि जमा करने के लिए सिर्फ 3 दिन शेष, 7 फरवरी है अंतिम तिथि  

सदस्य पत्रकारों में जबरदस्त उत्साह, इस बार पुरस्कारों की संख्या में हुआ इजाफा   रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम प्रेस क्लब द्वारा उत्कृष्ट पत्रकारिता पुरस्कार 2024 के लिए प्रविष्टियां जमा करने की प्रक्रिया जारी है। पत्रकारों में इसे लेकर जबरदस्त उत्साह है। आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 7 फरवरी 2025 निर्धारित की गई है, इसके बाद प्रविष्टियां स्वीकार नहीं की जाएंगी। इस वर्ष से पुरस्कारों की संख्या में भी बढ़ोतरी की गई है, जिससे अधिक पत्रकारों को सम्मानित किया जाएगा।   ऑनलाइन प्रविष्टि की अंतिम तिथि 7 फरवरी, दो-दो खबरें कर सकते हैं जमा   रतलाम प्रेस क्लब के कार्यसमिति सदस्य नीरज कुमार शुक्ला ने बताया कि 1 जनवरी 2025 से ऑनलाइन प्रविष्टियां जमा करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। 7 फरवरी की रात 12:00 बजे तक आवेदन किए जा सकते हैं। इस बार पत्रकार अपनी श्रेणी से संबंधित पुरस्कार के लिए दो-दो खबरें या फोटोग्राफ ही जमा कर सकेंगे। आवेदन गूगल फॉर्म के माध्यम से किए जा रहे हैं।   खेल और कृषि पत्रकारिता के लिए दो नए पुरस्कार शामिल   इस बार खेल और कृषि पत्रकारिता को भी बढ़ावा देने के लिए दो नए पुरस्कार जोड़े गए हैं। खेल और कृषि से संबंधित खबरों के लिए अलग से प्रविष्टि जमा करनी होगी। इन पुरस्कारों के लिए इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया के सभी साथी आवेदन कर सकते हैं। प्रत्येक श्रेणी में दो-दो खबरें भेजी जा सकती हैं।   प्रविष्टियां दर्ज करने के लिए रखें ये सावधानियां   1. प्रिंट मीडिया के साथी खबरों की पीडीएफ या जेपीजी अपलोड करें, लिंक देना अनिवार्य नहीं है।   2. इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकार वीडियो लिंक शेयर करें, सीधे वीडियो अपलोड न करें।   3. डिजिटल मीडिया के लिए केवल खबरों की लिंक सबमिट करनी होगी।   4. गूगल ड्राइव से फाइल शेयर करने वालों को व्यू एक्सेस ऑन रखना होगा, ताकि जूरी मेंबर्स फाइल देख सकें।   5. पूर्व में स्थापित पुरस्कारों (इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट, डिजिटल मीडिया व फोटोग्राफी) के लिए यहां आवेदन करें – [https://forms.gle/BMShSMVoZV91sy5e7](https://forms.gle/BMShSMVoZV91sy5e7)   6. खेल और कृषि पत्रकारिता पुरस्कारों के लिए यहां आवेदन करें – [https://forms.gle/xHAPnhap8PHjwrc7A](https://forms.gle/xHAPnhap8PHjwrc7A)   अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें   मुकेश पुरी गोस्वामी (अध्यक्ष): 9993444343   नीरज कुमार शुक्ला (कार्यसमिति सदस्य): 9826809338   जल्द करें आवेदन, 7 फरवरी के बाद प्रविष्टियां स्वीकार नहीं होंगी

MP News: रतलाम स्थापना महोत्सव की धूम: 2100 वीर वीरांगनाओं ने तलवार लहराकर दिखाया शौर्य, ऐतिहासिक आयोजन के साक्षी बने रतलामवासी  

नेहरू स्टेडियम में भव्य समारोह, कैबिनेट मंत्री चेतन्य काश्यप रहे मुख्य अतिथि   रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP News: बसंत पंचमी के अवसर पर रतलाम स्थापना महोत्सव के तहत आयोजित वीर वीरांगना शौर्य प्रदर्शन ने एक ऐतिहासिक नजारा पेश किया। पहली बार, 2100 वीर वीरांगनाओं ने एक साथ हाथों में तलवारें लहराकर जय भवानी, जय शिवाजी और हर हर महादेव के उद्घोष के साथ अपनी शक्ति और पराक्रम का प्रदर्शन किया। इस भव्य आयोजन का साक्षी बनने के लिए हजारों लोग नेहरू स्टेडियम में एकत्रित हुए।   कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मध्य प्रदेश शासन के कैबिनेट मंत्री चेतन्य काश्यप थे, जबकि अध्यक्षता महापौर प्रहलाद पटेल ने की। कार्यक्रम में राष्ट्र सेविका समिति, धार की बौद्धिक प्रमुख श्रीमती अमृता भावसार मुख्य वक्ता रहीं। विशेष अतिथि के रूप में भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय और नगर निगम अध्यक्ष मनीषा शर्मा मौजूद रहीं।   मातृशक्ति ने दिखाया शौर्य, पराक्रम और कौशल   कार्यक्रम में महिलाओं, युवतियों और बच्चियों ने पीले और भगवा वस्त्र धारण कर तलवारों के साथ अद्भुत युद्ध कौशल का प्रदर्शन किया। भारत माता की जय, जय जय श्रीराम और हर हर महादेव के गगनभेदी नारे गूंज उठे।   रतलाम स्थापना महोत्सव समिति और नगर निगम के संयुक्त तत्वावधान में यह तीन दिवसीय भव्य आयोजन हो रहा है, जिसमें यह वीर वीरांगना कौशल प्रदर्शन मुख्य आकर्षण रहा।   सम्मान और उत्साह का माहौल   मुख्य अतिथि चेतन्य काश्यप ने आयोजन समिति को इस ऐतिहासिक पहल के लिए बधाई दी और कहा कि नारी शक्ति का यह प्रदर्शन साहस और शौर्य का प्रतीक है। मध्य प्रदेश सरकार नारी सशक्तिकरण को हमेशा प्राथमिकता देती आई है। उन्होंने वीर वीरांगनाओं को चेतन्य काश्यप फाउंडेशन की ओर से प्रसाद स्वरूप मिष्ठान वितरित किया।   राष्ट्र सेविका समिति की बौद्धिक प्रमुख अमृता भावसार ने कहा, जब भारत की स्त्रियां पराक्रम धारण कर लेती हैं, तो कोई भी शक्ति उनके सामने टिक नहीं सकती। आज यह दृश्य देखकर मैं गौरवांवित महसूस कर रही हूं।   महापौर प्रहलाद पटेल ने नारी शक्ति को स्वच्छता के प्रति जागरूक रहने की अपील की, जबकि भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय ने कहा, नारी शक्ति को शस्त्र के साथ शास्त्र का भी ज्ञान होना चाहिए।   समारोह में शहर के गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति   इस ऐतिहासिक आयोजन में रतलाम स्थापना महोत्सव समिति के संयोजक मुन्नालाल शर्मा, अध्यक्ष प्रवीण सोनी, सचिव मंगल लोढ़ा, आयुषी जलज सांकला, गौरव त्रिपाठी सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। मंच संचालन विकास शैवाल और रामबाबू शर्मा ने किया।   3 फरवरी को होगा महाराजा रतनसिंहजी की प्रतिमा पर माल्यार्पण   कार्यक्रम के तीसरे दिन, 3 फरवरी 2025 को सुबह 11 बजे रतलाम राज्य के जनक महाराजा रतनसिंहजी की प्रतिमा पर भव्य माल्यार्पण समारोह आयोजित किया जाएगा।   रतलाम स्थापना महोत्सव के इस आयोजन ने नारी शक्ति और पराक्रम का अद्भुत संदेश दिया, जिसे आने वाले समय तक याद रखा जाएगा।  

Ratlam News: परशुराम कल्याण बोर्ड ब्राह्मणों के माध्यम से सनातन की परंपरा को समाज में व्याप्त करेगा – पं. विष्णु राजोरिया  

रतलाम में परशुराम कल्याण बोर्ड का वसंतोत्सव संपन्न, सनातन संस्कृति, वसंत महोत्सव और रतलाम राज्य के इतिहास पर डाला प्रकाश   रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्यप्रदेश परशुराम कल्याण बोर्ड के प्रदेश अध्यक्ष पं. विष्णु राजोरिया ने कहा कि सनातन धर्म की परंपराओं को समाज में पुनः स्थापित करने का दायित्व सबसे पहले ब्राह्मणों का है। परशुराम कल्याण बोर्ड ब्राह्मणों के माध्यम से समाज में सनातन संस्कृति को विस्तारित करने का कार्य करेगा। जातियां कालांतर में अस्तित्व में आईं, लेकिन मूल रूप से समाज कर्म आधारित व्यवस्था थी। यह बात उन्होंने परशुराम कल्याण बोर्ड रतलाम इकाई द्वारा डॉ. कैलासनाथ काटजू विधि महाविद्यालय में आयोजित वसंतोत्सव 2025 में मुख्य अतिथि के रूप में कही।   ब्राह्मणों को वेदपाठी संतानों को बढ़ावा देना होगा   प्रदेश अध्यक्ष पं. विष्णु राजोरिया ने कहा कि प्रत्येक पर्व को केवल घर में नहीं बल्कि सामूहिक रूप से भी मनाया जाना चाहिए। उन्होंने ब्राह्मण परिवारों से अपील की कि वे कम से कम एक संतान को वेदपाठी अवश्य बनाएं, भले ही वह कर्मकांड न करे। उन्होंने जोर देकर कहा कि सनातन के बिना भारत की कल्पना संभव नहीं।   अक्षय तृतीया पर होगा सामूहिक विवाह आयोजन   उन्होंने बताया कि परशुराम कल्याण बोर्ड के कार्यकर्ता पूरे प्रदेश में जनजागरण कर अक्षय तृतीया पर सनातन समाज की कन्याओं का सामूहिक विवाह कराएंगे। साथ ही, रतलाम जिले के प्रत्येक ब्राह्मण परिवार की डायरेक्ट्री तैयार करने का सुझाव दिया, जिसमें उनकी पारिवारिक स्थिति का भी उल्लेख होगा।   सनातन को समझना है तो वेदों की ओर लौटें – डॉ. मुरलीधर चांदनीवाल   कार्यक्रम में मुख्य वक्ता शिक्षाविद् एवं वेदों के अनुवादक डॉ. मुरलीधर चांदनीवाल ने कहा कि सनातन धर्म को समझने के लिए वेदों का अध्ययन आवश्यक है। उन्होंने बताया कि वसंत का महत्व यज्ञों में विशेष रूप से वर्णित है। परशुराम को अग्नि की लपटों और समुद्र की तरंगों में देखें, वे ही पहले राम हैं।   रतलाम राज्य का गौरवशाली इतिहास – कैलाश व्यास   रंगकर्मी एवं पूर्व उप संचालक अभियोजन कैलाश व्यास (एडवोकेट) ने रतलाम राज्य के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए बताया कि रतलाम राज्य की स्थापना प्रयाग से जुड़ी हुई है। उन्होंने 22 जनवरी 1641 को लाहौर में शाहजहां द्वारा आयोजित एक समारोह का जिक्र किया, जिसमें जालोर के राजा महेशदास के पुत्र रतनसिंह ने एक उग्र हाथी को काबू में कर लोगों की जान बचाई थी, जिसके उपहार स्वरूप उन्हें रतलाम परगना प्रदान किया गया था।   उन्होंने यह भी बताया कि रतलाम में सती प्रथा 1743 में ही समाप्त हो गई थी, जबकि देश में सती प्रथा को कानूनी रूप से 1829 में प्रतिबंधित किया गया था।   तीन शख्सियतों का सम्मान   समारोह में चिकित्सा, शिक्षा और संगीत शिक्षा के क्षेत्र में योगदान देने वाली तीन विभूतियों को सम्मानित किया गया   डॉ. अनुराधा गोखले – चिकित्सा क्षेत्र में योगदान   डॉ. सुलोचना शर्मा – शिक्षा क्षेत्र में योगदान   डॉ. स्नेहा पंडित – संगीत शिक्षा में योगदान   कार्यक्रम का हुआ भव्य आयोजन   कार्यक्रम की अध्यक्षता पद्मश्री डॉ. लीला जोशी ने की। इस अवसर पर सनाढ्य ब्राह्मण समाज के श्याम उपाध्याय, परशुराम कल्याण बोर्ड के जिला अध्यक्ष अनुराग लोखंडे, डॉ. अनुराधा गोखले, डॉ. सुलोचना शर्मा, डॉ. स्नेहा पंडित सहित कई गणमान्य व्यक्ति मंचासीन रहे।   शुभारंभ वेदपाठ से हुआ, जिसे महर्षि पं. संजय दवे और वेदपाठी बटुकों ने प्रस्तुत किया। सरस्वती वंदना सुहाष चितलने ने प्रस्तुत की। समारोह का संचालन लगन शर्मा ने किया और आभार प्रदर्शन नीरज कुमार शुक्ला ने व्यक्त किया।   उपस्थित गणमान्य अतिथि   इस अवसर पर जिला पंचायत के एसीईओ निर्देशक शर्मा, त्रिवेदी आर्ट के ओमप्रकाश त्रिवेदी, सत्येंद्र जोशी, अशोक पांडेय, सुनील दुबे, शरद चतुर्वेदी, राकेश आचार्य, श्याम लालवानी, मनमीत कटारिया, महेंद्र भंडारी, नितेश कटारिया, राजेंद्र चतुर्वेदी, अजय तिवारी, पत्रकार शरद जोशी, डॉ. खुशालसिंह पुरोहित, गोपाल शर्मा टंच, गोपाल जोशी, गीता दुबे, विनीता ओझा, नीलू चंडालिया, देवशंकर पांडेय, लक्ष्मण पाठक, पं. मुस्तफा आरिफ, प्रकाश शुक्ला, प्रशांत शौचे, राजेंद्र गोयल, जलज शर्मा सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।   – विशेष संवाददाता

Ratlam News: श्री गुरु तेग बहादुर शैक्षणिक विकास समिति के त्रैवार्षिक चुनाव संपन्न, सर्वसम्मति से सरदार गुरनाम सिंह बने अध्यक्ष  

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: शास्त्री नगर स्थित श्री गुरु तेग बहादुर पब्लिक स्कूल भवन में रविवार को श्री गुरु तेग बहादुर शैक्षणिक विकास समिति के त्रैवार्षिक चुनाव सफलतापूर्वक संपन्न हुए। इस चुनाव में सर्वसम्मति से सरदार गुरनाम सिंह को समिति का अध्यक्ष चुना गया।     नवगठित समिति के पदाधिकारी   – अध्यक्ष – सरदार गुरनाम सिंह   – उपाध्यक्ष – सरदार हरजीत सिंह चावला   – सचिव – अजीत सिंह छाबड़ा   – सह सचिव – हरजीत सिंह सलूजा   – कोषाध्यक्ष – सरदार देवेंद्र सिंह वाधवा   संचालन समिति के सदस्य   सतपाल सिंह डंग, सुरेंद्र सिंह भामरा, धर्मेंद्र सिंह गुरुदत्ता, गगनदीप सिंह डंग, गुरविंदर सिंह को समिति में स्थान मिला।   इस अवसर पर सुरेंद्र सिंह धीमान, गुरवेश सिंह बग्गा, जीएस भाटिया, चरणजीत सिंह सलूजा, कुलवंत सिंह सग्गू, बलजीत सिंह खनूजा, जसपाल सिंह सलूजा, अमरपाल वाधवा, गुरमीत सिंह गुरुदत्ता और गुरमीत सिंह गांधी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।   संस्था को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का संकल्प   नवनिर्वाचित अध्यक्ष सरदार गुरनाम सिंह ने कहा कि संस्था की नींव हमारे बुजुर्गों ने रखी थी और आज उनकी तीसरी पीढ़ी स्कूल के विभिन्न दायित्वों का निर्वहन कर रही है। उन्होंने कहा, हमारे वरिष्ठों ने शिक्षा और समाज सेवा के प्रसार के लिए इस संस्था की स्थापना की थी और यह इस कार्य में अत्यधिक सफल रही है। अब हमारा लक्ष्य इसे और ऊंचाइयों तक ले जाना और सेवा कार्यों के नए कीर्तिमान स्थापित करना है।   समिति के प्रवक्ता सुरेंद्र सिंह भामरा ने बताया कि नवनिर्वाचित कार्यकारिणी को समाज के गणमान्य लोगों ने शुभकामनाएं और बधाई दी।  

Ratlam News: आज 2100 वीरांगनाएं करेगी प्रदर्शन; रत्नेश्वर महादेव की आरती के साथ शुरू हुआ रतलाम स्थापना गौरव दिवस के तीन दिवसीय समारोह का भव्य शुभारंभ

रतलाम – पब्लिक वार्ता, न्यूज डेस्क।  Ratlam News: रतलाम स्थापना महोत्सव समिति के संयुक्त तत्वावधान में बसंत पंचमी के अवसर पर रतलाम स्थापना गौरव दिवस के तीन दिवसीय समारोह का शुभारंभ हुआ। महापौर प्रहलाद पटेल ने सपत्निक रत्नेश्वर महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना और आरती कर कार्यक्रम की शुरुआत की। रतलाम स्थापना महोत्सव समिति के संयोजक मुन्नालाल शर्मा और सचिव मंगल लोढ़ा ने बताया कि तीन दिवसीय कार्यक्रमों का उद्देश्य शहर के गौरवशाली इतिहास को संजोना और नागरिकों को अपनी विरासत से जोड़ना है। इस अवसर पर निगम अध्यक्ष मनीषा शर्मा, भाजपा जिला युवा मोर्चा अध्यक्ष विप्लव जैन, मंडल अध्यक्ष आदित्य डागा, क्षेत्रिय पार्षद श्रीमती उमा रामचन्द्र डोई, श्रीमती आयुषी सांकला, पार्षद हितेश कामरेड, श्रीमती हीना मेहता, कमल चौहान, विक्रम गुर्जर, ललीत दख, राजेन्द्र अग्रवाल, गौरव मूणत, रविन्द्र पाटीदार, अनिल कटारिया, राकेश नाहर, राजेन्द्र पाटीदार (आयुष्मान), राकेश पीपाड़ा, सौरभ श्रीमाल, मनीश सुरेका, नरेन्द्र श्रेष्ठ, सत्यजीत राजावत, महेन्द्र मूणत, गट्टू गुर्जर, लोकेश, लालूजी, अभय काबरा व नागरिकों ने भी रत्नेश्वर महादेव की पूजा-अर्चना की। सहित शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। मंदिर परिसर में भव्य आतिशबाजी के साथ प्रसादी का वितरण किया गया। पूजा अर्चना पश्चात मंदिर परिसर में आतिशबाजी की गई व प्रसादी का वितरण किया गया।  2100 नारी शक्ति दिखाएंगी शस्त्र कौशल रतलाम की धरती पर पहली बार महिला सशक्तिकरण और नारी सुरक्षा के संदेश के साथ 2,100 वीरांगनाएं 2 फरवरी को नेहरू स्टेडियम में शस्त्र कला कौशल का प्रदर्शन करेंगी। यह ऐतिहासिक आयोजन दोपहर 3:30 बजे होगा। महाराजा रतनसिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण 3 फरवरी को सुबह 11 बजे रतलाम राज्य के जनक महाराजा रतनसिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी जाएगी। कैबिनेट मंत्री चेतन्य काश्यप होंगे मुख्य अतिथि समारोह में मध्य प्रदेश शासन के कैबिनेट मंत्री चेतन्य काश्यप मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। सांसद अनिता नागरसिंह चौहान कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगी, जबकि मुख्य वक्ता के रूप में धार से राष्ट्र सेविका समिति की बौद्धिक प्रमुख अमृता भावसार मौजूद रहेंगी। विशेष अतिथि के रूप में महापौर प्रहलाद पटेल, नगर निगम अध्यक्ष मनीषा शर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय कार्यक्रम में शिरकत करेंगे।

पब्लिक गपशप : एक आयोजन के दो सूत्रधार!; एक निकालेंगे रैली तो दूसरे दिखाएंगे कलाबाजी, नहीं लौटा पाए गौरव तो, नाम से चला रहे काम!

रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। बसंत पंचमी आते ही रतलाम के जनम की गाथा का गान शुरू हो जाता है। इसी गाथा को राजनीति के आटे में गूंथने का काम भी जबरदस्त फल – फूल चुका है। यहां रतलाम यानी रतनपुरी का जन्मदिन दो – दो तरीको से अलग – अलग गुट मना रहा है। और दोनों में यह कांमीपीटीशन पिछले कुछ सालों से बढ़ता जा रहा है। मगर इन दोनों गुटों के आंख के अंधे लोगो को “रतलाम का बेरंग बसंत” नहीं दिखाई पड़ता है। 4 दिन का इनका नगर प्रेम बसंत पंचमी के बाद गोदड़े की घड़ी हो जाता है, ठीक वैसे ही जैसे ठंड जाते ही घर में रजाई गोदड़ी घड़ी हो जाती है और फिर ठंड में ही बाहर आती है। इस बार इन्होंने रतलाम स्थापना “गौरव दिवस” नाम दिया है। जबकी अब तक रतलाम का गौरव नहीं लौटा है। यहां “गौरव” नाम से ही काम चलाया जा रहा है। महिलाओं को मुफ्त की तलवार देकर इन्हें रतलाम के गौरव का अनुभव होगा ये अपने आप में अनोखी और विचारणीय बात है। एक तरफ अपनी राजनीति नैय्या डूबने के बाद बुलबुले छोड़ रही जगत “सेठ” की सवारी है तो वहीं दूसरी तरफ एक ऐसी टीम है जो जग जाहिर “भैय्याजी” के हिंडोलों की मजबूत नैय्या पर सवार है। यह अच्छी बात है की आमजनता को लगता है दोनों में देशप्रेम के साथ नगर प्रेम की भावनाएं निहित है। लेकिन इसके उलट इनकी अंदरूनी मंशा तो कुछ और ही सुनाई व दिखाइ देती है। उद्धार करोगे या उधार ही रखोगे?इनसे इतने सालों में वाहनों के पेट्रोल फूंकने, पटाखे छोड़ने जैसे फिजूलखर्ची के काम ही हुए है। रही कहि कसर ये भगवान के आगे सिर फोड़ के पूरी कर लेते है। इनका राजनीतिक मजमा ऊपरी मन से रतनपुरी के रत्नेश्वर महादेव पर जाकर अगरबत्तियां लगाकर अपने आपको नगर प्रेमी साबित कर देता है। बरहाल ये अलग बात है की उन महादेव को उसके अलावा ये लोग पूछने परखने तक नहीं आते। वहां के दिल फरियाद भक्त और सेवादार ही वहां का जीर्णोद्धार से लेकर हर कार्यक्रम तक करते है। वे भी यही कहते है – कब तक ये महादेव की नगरी का उधार ही रखेंगे, क्या कभी उद्धार भी करेंगे? इनसे मंदिर छोड़ो राजा महाराजाओं की चिताए (छतरियां व स्मारक) तक नहीं सवारी जा रही है। इसके अलावा ये उस प्राचीन धरोहर के लिए इतने सालों में कुछ नहीं कर पाए जहां आज हर दूसरा व्यक्ति कौना ढूंढ कर मूत रहा है। महलवाड़ा या रणजीत विलास पैलेस आज भी अपनी वैभवता का यश गाता है और अपनी दुरदशा पर रोता – बिलखता है। इन राजनीति के अंधे बहरों से उसकी सुध नही ली जाएगी। केवल पेपरबाजी कर इन्हें रतलाम स्थापना दिवस मनाना है। और उसे गौरवशाली क्षण बताना है। आज और कल हम सब जानते है की सत्ता क्या कुछ नहीं कर सकती। मगर मजाल है राजमहल का उद्धार हो जाए। कैसे होगा? आत्मविश्वास और मनोबल भी तो यहां के जनप्रतिनिधियों का होना चाहिए। खेर इन सब में ये रतलाम मेरे बाप दादा की जागिरी नहीं है, यह कह कर में अपनी बात को विराम देता हूं। क्योंकि यहां की जनता को भगतसिंह तो चाहिए लेकिन बशर्ते वो पड़ोसी के घर पैदा हो!!! जय रतलाम, जय हिंद, जय भारत!