Ratlam News: रतलाम में 90 लाख ठगी केस: कारोबारी सैय्यद अख्तर अली परिवार सहित फरार, 5-5 हजार इनाम घोषित

रतलाम में SMO Ferro Alloys Pvt Ltd के मालिक सैय्यद अख्तर अली सहित परिवार पर 90 लाख की धोखाधड़ी का केस, पुलिस ने घोषित किया फरार, गिरफ्तारी पर इनाम। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्य प्रदेश के रतलाम में बड़े ग्रेन और माइनिंग कारोबारी सैय्यद अख्तर अली और उनके परिवार की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। 90 लाख रुपए की धोखाधड़ी के मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद से सभी आरोपी फरार हैं। पुलिस ने अब इन पर इनाम भी घोषित कर दिया है। पुलिस ने घोषित किया फरार, इनाम घोषित रतलाम पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी सैय्यद अख्तर अली (60), उनके भाई सैय्यद मोहब्बत अली (51), सैय्यद अफसर अली (49) और बहनें अलताफ बी (55) व फिरोजा बी (56) को फरार घोषित किया गया है।पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने सभी आरोपियों पर 5-5 हजार रुपए का इनाम घोषित किया है। इससे पहले 25 मार्च 2026 को प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश संजीव कटारे ने सभी आरोपियों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। कई ठिकानों पर दबिश, फिर भी गिरफ्तारी नहीं पुलिस टीम अब तक आधा दर्जन से ज्यादा बार अलग-अलग ठिकानों पर दबिश दे चुकी है।तलाश के दौरान पुलिस मेघनगर स्थित कंपनी मुख्यालय तक पहुंची, जहां कर्मचारियों ने बताया कि उन्हें पिछले तीन महीनों से वेतन नहीं मिला है। 2 मार्च को दर्ज हुई थी FIR यह मामला 2 मार्च 2026 को स्टेशन रोड थाना में दर्ज किया गया था।फरियादी ऑटोमोबाइल व्यवसायी विजय कटारिया ने आरोप लगाया कि जमीन के सौदे में उनसे 90 लाख रुपए एडवांस लेकर धोखाधड़ी की गई। 2.70 करोड़ में हुआ था जमीन सौदा फरियादी के अनुसार, वर्ष 2021 में 2.2350 हेक्टेयर की दो जमीनों का सौदा 2 करोड़ 70 लाख रुपए में तय हुआ था।इसमें 90 लाख रुपए एडवांस दिए गए थे, जबकि शेष राशि रजिस्ट्री के समय देनी थी। लेकिन आरोप है कि पांच साल तक आरोपी रजिस्ट्री टालते रहे और बहाने बनाते रहे। बेटे के नाम कर दी जमीन, बैंक से लिया लोन पुलिस जांच में सामने आया कि विवादित जमीन पहले से बैंक में गिरवी थी।आरोपियों ने लोन चुकाने के बाद जमीन अपने नाम करवाई और बाद में मुख्य आरोपी ने इसे अपने बेटे मुर्तजा अली के नाम ट्रांसफर कर दिया। इसके बाद उसी जमीन को HDFC Bank में गिरवी रखकर फिर से लोन ले लिया गया। बैंक भी कर रहे कार्रवाई की  मामले में यह भी सामने आया है कि आरोपियों पर सरकारी और निजी बैंकों से धोखाधड़ी के आरोप हैं।कुछ बैंक अब बकाया राशि वसूली के लिए कुर्की की प्रक्रिया शुरू कर चुके हैं। पुलिस की अपील पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि आरोपियों के बारे में कोई जानकारी मिले तो तुरंत सूचना दें। सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी।

Ratlam News: रतलाम-इंदौर फोरलेन पर बड़ा हादसा: ओवरटेक में बस ट्रक से टकराई, 4 घायल

Ratlam News: रतलाम-इंदौर फोरलेन पर तेज रफ्तार बस ओवरटेक करते समय ट्रक में जा घुसी। हादसे में 3-4 यात्री घायल, जाम की स्थिति बनी। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्यप्रदेश के रतलाम-इंदौर फोरलेन पर शनिवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। रतलाम से करीब 10 किलोमीटर दूर धराड़ इलाके में तेज रफ्तार बस ओवरटेक करते समय आगे चल रहे ट्रक में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और कांच टूटकर बिखर गए। घटना का वीडियो देखे 3 से 4 यात्री घायल, मेडिकल कॉलेज रेफर हादसे में बस में सवार 3 से 4 यात्री घायल हो गए, जिनमें एक महिला भी शामिल है। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। बस में कुल 30 से 35 यात्री सवार थे। मौके पर पहुंची पुलिस और ग्रामीण घटना की सूचना मिलते ही धराड़ पुलिस चौकी प्रभारी दीपक डामोर पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। साथ ही स्थानीय सरपंच विक्रमसिंह राठौर और ग्रामीणों ने भी राहत कार्य में मदद की। घायलों को तुरंत एंबुलेंस के जरिए अस्पताल भेजा गया। हादसे के बाद चालक फरार टक्कर के बाद बस चालक मौके से फरार हो गया, जिससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस चालक की तलाश कर रही है। कुछ देर तक लगा जाम, क्रेन से हटाई गई बस हादसे के बाद रतलाम से इंदौर जाने वाली लेन पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। पुलिस ने मौके पर क्रेन बुलाकर क्षतिग्रस्त बस को सड़क से हटवाया, जिसके बाद यातायात सुचारू हो सका। ओवरटेक और तेज रफ्तार बनी वजह बिलपांक थाना प्रभारी अयुब खान के अनुसार, ट्रक की गति धीमी थी, जबकि बस चालक तेज रफ्तार में ओवरटेक कर रहा था। इसी दौरान बस ट्रक में पीछे से जा टकराई।

Ratlam News: रतलाम में दिल दहला देने वाली वारदात, रिश्तेदारी में आई बहनों के साथ गैंगरेप

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्यप्रदेश के रतलाम जिले के नामली क्षेत्र में एक बेहद गंभीर और संवेदनशील मामला सामने आया है, जहां दो चचेरी बहनों के साथ कथित रूप से गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया गया। पीड़िताओं में एक 15 वर्षीय नाबालिग और दूसरी 18 वर्षीय युवती शामिल है। पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। बहला-फुसलाकर गोडाउन ले गए आरोपी पीड़िता के अनुसार, दोनों बहनें रिश्तेदारी के एक कार्यक्रम में शामिल होने गई थीं। इसी दौरान एक युवक उन्हें बहला-फुसलाकर बाइक से एक गोडाउन में ले गया। वहां पहले से मौजूद दो अन्य युवकों ने बाहर से गेट बंद कर दिया और दोनों के साथ जबरन दुष्कर्म किया। पीड़िताओं ने आरोप लगाया कि विरोध करने पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। इस दौरान तीनों आरोपियों ने मिलकर वारदात को अंजाम दिया। घर ले जाकर फिर किया दुष्कर्म घटना यहीं नहीं रुकी। आरोप है कि बाद में एक आरोपी दोनों को अपने घर ले गया, जहां फिर से उनके साथ दुष्कर्म किया गया। डर और सदमे के कारण पीड़िताएं तुरंत अपने परिजनों को घटना की जानकारी नहीं दे पाईं। दो दिन बाद दर्ज कराई FIR घटना 25 मार्च की रात की बताई जा रही है, जबकि 27 मार्च को पीड़िताओं ने अपने परिजनों को पूरी बात बताई। इसके बाद परिजन उन्हें थाने लेकर पहुंचे, जहां एफआईआर दर्ज कराई गई। पुलिस ने पॉक्सो एक्ट सहित गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया है। गोडाउन संचालक की भूमिका भी जांच के दायरे में जिस गोडाउन में वारदात हुई, वह नामली के नौगांव-पल्टूना रोड पर स्थित बताया जा रहा है। पुलिस अब गोडाउन संचालक की भूमिका की भी जांच कर रही है। यह सवाल उठ रहा है कि आरोपियों के पास गोडाउन की चाबी कैसे पहुंची। पुलिस बोली- आरोपियों की तलाश जारी एसडीओपी ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों की तलाश की जा रही है। घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए गए हैं और पीड़िताओं का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है। समाज में आक्रोश, सुरक्षा पर उठे सवाल इस घटना के सामने आने के बाद इलाके में आक्रोश का माहौल है। महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

MP News: KBC विजेता तहसीलदार अमिता सिंह गिरफ्तार, 2.57 करोड़ बाढ़ राहत घोटाले में जेल में भी दिखाया रौब

MP News: शयोपुर के 2.57 करोड़ बाढ़ राहत घोटाले में KBC विजेता तहसीलदार अमिता सिंह गिरफ्तार। शिवपुरी जेल में भी दिखाया पद का रुतबा, जानिए पूरा मामला। श्योपुर– पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP News: मध्यप्रदेश के श्योपुर जिले में हुए करीब 2.57 करोड़ रुपये के बाढ़ राहत घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने मुख्य आरोपी और चर्चित तहसीलदार अमिता सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। ग्वालियर से 26 मार्च को गिरफ्तारी के बाद उन्हें शिवपुरी सर्किल जेल भेजा गया, जहां महिला बैरक में रखा गया है। KBC से चर्चा में आई थीं अमिता सिंह अमिता सिंह पहले कौन बनेगा करोड़पति में हिस्सा लेकर सुर्खियों में आई थीं, जहां उन्होंने अमिताभ बच्चन के सामने खेलते हुए 50 लाख रुपये जीते थे। अब वही नाम एक बड़े घोटाले में सामने आने से मामला और चर्चित हो गया है। क्या है पूरा घोटाला मामला? वर्ष 2021 में श्योपुर जिले में आई बाढ़ के बाद राहत राशि वितरण के दौरान बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया। जांच में खुलासा हुआ कि: जेल में भी दिखाया ‘पद का रुतबा’ सूत्रों के अनुसार, शिवपुरी जेल पहुंचने के बाद भी अमिता सिंह का रवैया सामान्य नहीं रहा। इस व्यवहार के बाद जेल अधिकारियों ने उन्हें समझाइश दी कि जेल में नियमों का पालन करना होगा। आगे क्या होगा? मामले में पुलिस और प्रशासन की जांच जारी है। संभावना है कि इस घोटाले में अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका भी सामने आ सकती है।

Ratlam News: जावरा की भविष्यवाणी 2026: तेज गर्मी में जुटे किसान, मौसम से लेकर देश-दुनिया तक के बड़े संकेत

रतलाम के जावरा स्थित गोठड़ा गांव में चैत्र नवरात्रि पर हुई पारंपरिक भविष्यवाणी में 2026 के मौसम, फसल, बीमारी, भूकंप और देश-दुनिया की स्थिति को लेकर बड़े संकेत दिए गए। जानें पूरी खबर। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: चैत्र नवरात्रि की नवमी पर जावरा के ग्राम गोठड़ा स्थित मलेनी नदी किनारे बने महिषासुर मर्दिनी माता मंदिर में हर साल की तरह इस बार भी भविष्यवाणी का आयोजन हुआ। तेज गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में किसान और ग्रामीण यहां घंटों बैठे रहे और पूरे ध्यान से भविष्यवाणी सुनी। पंडित नागूलाल धनगर द्वारा की गई इस भविष्यवाणी को स्थानीय किसान बेहद महत्वपूर्ण मानते हैं और इसी के आधार पर बुवाई समेत कृषि कार्यों की योजना बनाते हैं। इस वर्ष की भविष्यवाणी में मौसम, खेती-किसानी, देश-दुनिया, बीमारी, प्राकृतिक आपदाओं और राजनीति को लेकर कई बड़े संकेत दिए गए हैं। वीडियो देखे मौसम और वर्षा का अनुमान बुवाई और खेती के संकेत फसल और बाजार भाव आपदाएं और प्राकृतिक घटनाएं बीमारी और संक्रमण का खतरा देश-दुनिया और राजनीति लोगों के लिए चेतावनी और सलाह विशेष चेतावनी

Ratlam News: रतलाम में अनोखा विरोध: घोड़ी पर सवार होकर कलेक्ट्रेट पहुंचा फरियादी

रतलाम कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई के दौरान एक फरियादी 15 किमी दूर से घोड़ी पर पहुंचा। गोचर भूमि पर अतिक्रमण हटाने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्यप्रदेश के रतलाम में मंगलवार को कलेक्ट्रेट की जनसुनवाई के दौरान एक अनोखा मामला सामने आया। शिवपुर निवासी अरुण शर्मा अपनी शिकायत लेकर करीब 15 किलोमीटर दूर से घोड़ी पर सवार होकर कलेक्ट्रेट पहुंचे। इस दौरान वहां मौजूद लोग भी इस अनोखे तरीके को देखकर हैरान रह गए। वायरल वीडियो देखे गोचर भूमि से अतिक्रमण हटाने की मांग अरुण शर्मा ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपते हुए गांव की गोचर (चारागाह) भूमि और कांकड़ जमीन से अतिक्रमण हटाने की मांग की। उनका कहना है कि इन जमीनों पर अवैध कब्जों के कारण पशुओं के रहने और चरने की जगह खत्म होती जा रही है। हालांकि, जनसुनवाई के दौरान उनकी मुलाकात कलेक्टर से नहीं हो सकी। उन्होंने अपना आवेदन डिप्टी कलेक्टर संजय शर्मा को सौंपा और इसके बाद वापस घोड़ी पर सवार होकर लौट गए। “जानवरों के लिए नहीं बची जगह” अपने आवेदन में अरुण शर्मा ने बताया कि जिले के अधिकांश गांवों में सरकारी चारागाह भूमि पर लोगों ने कब्जा कर लिया है। इससे जानवरों के सामने गंभीर संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने कहा कि अब हालात ऐसे हो गए हैं कि पशुओं के रहने तक की जगह नहीं बची है और किसान भी उन्हें बोझ समझने लगे हैं। “क्या धरती पर सिर्फ इंसानों का हक?” अरुण शर्मा ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि जानवरों के सामने अस्तित्व का संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या धरती पर सिर्फ इंसानों का ही अधिकार है या फिर जानवरों को भी जीने का हक मिलना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो इसका गंभीर असर पर्यावरण और मानव जीवन दोनों पर पड़ेगा। मुख्यमंत्री से की कार्रवाई की मांग अरुण शर्मा ने मुख्यमंत्री से अपील करते हुए कहा कि चारागाह और कांकड़ की जमीनों को अतिक्रमण से मुक्त कराया जाए। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो इसके परिणाम भविष्य में और भी गंभीर हो सकते हैं।

MP Board Result 2026: स्कूलों की लापरवाही से रिजल्ट पर संकट, इंटरनल मार्क्स अब तक अधूरे

MP Board 10वीं-12वीं रिजल्ट 2026 पर संकट, कई स्कूलों ने अब तक इंटरनल मार्क्स अपलोड नहीं किए। 15 अप्रैल तक रिजल्ट जारी होने पर संशय। भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Board Result 2026: मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल (माशिमं) द्वारा 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 के परिणाम 15 अप्रैल तक जारी करने का लक्ष्य रखा गया है, लेकिन इस बार स्कूलों की लापरवाही के कारण रिजल्ट में देरी की आशंका बढ़ गई है। जानकारी के मुताबिक कई स्कूलों ने अब तक छात्रों के प्रायोगिक और आंतरिक मूल्यांकन (Internal Marks) के अंक ऑनलाइन दर्ज नहीं किए हैं, जिससे परिणाम प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। दो बार बढ़ाई गई डेडलाइन माशिमं ने पहले इंटरनल मार्क्स अपलोड करने की अंतिम तारीख 12 मार्च तय की थी, लेकिन काम पूरा न होने पर इसे बढ़ाकर 29 मार्च कर दिया गया। इसके बावजूद कई स्कूल अब भी डेटा एंट्री का काम पूरा नहीं कर पाए हैं, जिससे बोर्ड की चिंता बढ़ गई है। मंडल की सख्त चेतावनी मंडल ने सभी स्कूलों को कड़े निर्देश जारी किए हैं कि 29 मार्च तक हर हाल में अंक ऑनलाइन दर्ज करें। रिजल्ट प्रक्रिया पर सीधा असर बोर्ड इस साल अप्रैल के दूसरे सप्ताह में रिजल्ट जारी करना चाहता है, क्योंकि दूसरी बोर्ड परीक्षा 7 मई से शुरू होनी है। लेकिन इंटरनल मार्क्स की एंट्री में देरी के कारण रिजल्ट तैयार करने की प्रक्रिया धीमी हो गई है। स्कूल स्तर पर होता है इंटरनल मूल्यांकन पिछले कुछ वर्षों में परीक्षा प्रणाली में बदलाव करते हुए बोर्ड ने प्रायोगिक और प्रोजेक्ट कार्य को भी शामिल किया है। ये इंटरनल अंक स्कूल स्तर पर तैयार किए जाते हैं और इन्हें ऑनलाइन अपलोड करने की जिम्मेदारी प्राचार्यों की होती है। कई जिलों में अधूरी तैयारी मंडल अधिकारियों के अनुसार, प्रदेश के कई जिलों में अब तक इंटरनल मार्क्स की प्रविष्टि पूरी नहीं हुई है। यदि समय रहते यह कार्य पूरा नहीं हुआ, तो हजारों छात्रों के रिजल्ट पर सीधा असर पड़ सकता है।

MP News: बिजली पर महंगाई का झटका: MP में 4.8% टैरिफ बढ़ा, 1 अप्रैल से नई दरें लागू

MP News: मध्य प्रदेश में 1 अप्रैल 2026 से बिजली दरों में 4.8% बढ़ोतरी लागू होगी। MPERC के नए टैरिफ का असर घरेलू, औद्योगिक और कृषि  भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP News: मध्य प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं को नए वित्तीय वर्ष 2026-27 की शुरुआत के साथ महंगाई का बड़ा झटका लगने वाला है। राज्य विद्युत नियामक आयोग (MPERC) ने बिजली दरों में औसतन 4.80% बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। नई दरें 1 अप्रैल 2026 से पूरे प्रदेश में लागू होंगी। सभी श्रेणियों पर असर, LT उपभोक्ताओं को राहत नई टैरिफ व्यवस्था के तहत घरेलू, गैर-घरेलू, औद्योगिक और कृषि—सभी श्रेणियों के उपभोक्ताओं के लिए अलग-अलग दरें तय की गई हैं। हालांकि, लो टेंशन (LT) उपभोक्ताओं के लिए राहत की बात यह है कि न्यूनतम शुल्क (Minimum Charge) पूरी तरह समाप्त कर दिया गया है। इससे कम बिजली खपत करने वाले उपभोक्ताओं का बिल कुछ कम आ सकता है। कंपनियों ने मांगी थी 10% बढ़ोतरी बिजली वितरण कंपनियों ने करीब 6,043 करोड़ रुपये के घाटे का हवाला देते हुए 10.19% टैरिफ बढ़ाने का प्रस्ताव रखा था। लेकिन आयोग ने इस मांग को कम करते हुए 4.80% बढ़ोतरी ही मंजूर की।इस फैसले का असर प्रदेश के करीब 1.29 करोड़ घरेलू उपभोक्ताओं पर पड़ेगा। बढ़ती लागत और घाटा बना कारण ऊर्जा विभाग के अनुसार, वर्ष 2026-27 में बिजली कंपनियों को करीब 65,374 करोड़ रुपये की जरूरत होगी, जबकि मौजूदा दरों से केवल 59,330 करोड़ रुपये राजस्व मिलने का अनुमान है। इस घाटे को पूरा करने के लिए दरों में बढ़ोतरी जरूरी बताई गई है। स्मार्ट मीटर और बिजली खरीद का खर्च सरकार का कहना है कि हालांकि, इस पर सवाल भी उठ रहे हैं क्योंकि पहले दावा किया गया था कि इन योजनाओं का बोझ उपभोक्ताओं पर नहीं डाला जाएगा। सौर ऊर्जा सस्ती, फिर भी बढ़े दाम प्रदेश में गैर-पारंपरिक ऊर्जा उत्पादन क्षमता 5,781 मेगावाट तक पहुंच चुकी है और सौर ऊर्जा 3 रुपये प्रति यूनिट से भी कम दर पर उपलब्ध है। इसके बावजूद बिजली दरों में बढ़ोतरी ने उपभोक्ताओं और ऊर्जा विशेषज्ञों को चौंका दिया है।

रतलाम में सस्ती हेल्थ सेवाओं की शुरुआत: संजीवनी सेवा समिति ने शुरू की NABL पैथोलॉजी जांच

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। शहरवासियों को सस्ती और विश्वसनीय स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक सराहनीय पहल करते हुए सनातन स्वास्थ्य संजीवनी सेवा समिति ने पैथोलॉजी जांच सेवाओं की शुरुआत कर दी है। गुरुवार सुबह आयोजित कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों की उपस्थिति में इस जनहितैषी प्रकल्प का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला भाजपा अध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय और महापौर प्रहलाद पटेल सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। सभी अतिथियों ने इस पहल को आमजन के लिए बेहद उपयोगी बताते हुए समिति के प्रयासों की सराहना की। समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि इस सेवा का उद्देश्य आम नागरिकों को कम लागत में उच्च गुणवत्ता वाली जांच सुविधा उपलब्ध कराना है। यहां रक्त और मूत्र से संबंधित सभी प्रमुख जांचें NABL प्रमाणित होंगी, जिससे रिपोर्ट की विश्वसनीयता सुनिश्चित होगी। खास बात यह है कि यहां की जांच रिपोर्ट देश के बड़े शहरों—बड़ौदा, अहमदाबाद, इंदौर और मुंबई के प्रमुख अस्पतालों में भी मान्य रहेगी। इससे मरीजों को बार-बार बाहर जाकर जांच कराने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इस नई सुविधा के शुरू होने से न केवल गंभीर मरीजों को राहत मिलेगी, बल्कि उनका समय और खर्च भी बचेगा। समिति ने आने वाले समय में और भी स्वास्थ्य सेवाएं जोड़ने की योजना जताई है, जिससे रतलाम में चिकित्सा सुविधाओं का दायरा और बढ़ेगा।

कल होगा शुभारंभ: सनातन स्वास्थ्य संजीवनी सेवा समिति की नई पहल

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क | समाज सेवा की सनातन परंपरा को आगे बढ़ाते हुए सनातन स्वास्थ्य संजीवनी सेवा समिति (रजिस्टर्ड) अपने स्वर्णिम सफर की शुरुआत करने जा रही है। समिति का शुभारंभ कल आयोजित होने वाले विशेष कार्यक्रम के साथ किया जाएगा, जिसमें शहर के गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति की अपेक्षा की जा रही है। समिति के संस्थापक अरविंद सेवनिया ने जानकारी देते हुए बताया कि व्यस्तताओं के कारण वे सभी से व्यक्तिगत रूप से मिलकर आमंत्रण नहीं दे सके, जिसका उन्हें खेद है। हालांकि उन्होंने विश्वास जताया कि सभी आमंत्रितजन इस आत्मीय निमंत्रण को स्वीकार कर अपनी गरिमामय उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएंगे। उन्होंने कहा कि समाज सेवा के इस नए प्रयास में लोगों का सहयोग और आशीर्वाद ही सबसे बड़ी ताकत होगा। समिति का उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं के माध्यम से समाज के जरूरतमंद वर्ग तक सहायता पहुंचाना और सेवा की परंपरा को मजबूत करना है। कार्यक्रम में उपस्थित होकर अतिथि न केवल इस पहल का समर्थन करेंगे, बल्कि समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी भी निभाएंगे। आयोजकों का मानना है कि यह पहल आने वाले समय में जनसेवा का एक मजबूत माध्यम बनेगी।