Ratlam News: धौंसवास में सुबह 5 बजे प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, नाले पर बनी धर्मशाला ढहाई; विरोध में फोरलेन जाम

रतलाम- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: नामली थाना क्षेत्र के ग्राम धौंसवास में गुरुवार सुबह प्रशासनिक अमले ने बड़े स्तर पर अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया। सुबह 5 बजे ही पुलिस और प्रशासन बुलडोजर के साथ मालवीय समाज की निर्माणाधीन धर्मशाला पर पहुंचे और इसे सरकारी नाले पर कब्जे के आरोप में हटाने की कार्रवाई की। WATCH VIDEO कार्रवाई की खबर फैलते ही आक्रोश — फोरलेन पर 5 किमी लंबा जाम सुबह की इस कार्रवाई की खबर मिलते ही मालवीय समाज में नाराजगी फैल गई।सुबह 8 बजे के बाद बड़ी संख्या में महिलाएँ, पुरुष और बच्चे महू-नीमच फोरलेन पर बैठ गए, जिससे हाईवे के दोनों हिस्सों पर करीब 5 किलोमीटर लंबा जाम लग गया।वाहन घंटों तक फंसे रहे और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात स्थिति को संभालने के लिए समाज का आरोप — “15 साल पुरानी धर्मशाला, कार्रवाई की कोई सूचना नहीं” मालवीय समाज के कैलाशचंद चौहान ने बताया कि धर्मशाला लगभग 15 वर्षों से बनी हुई है, लेकिन प्रशासन ने किसी प्रकार की पूर्व सूचनानहीं दी।समाजजनों के अनुसार उन्हें कार्रवाई की जानकारी सुबह 7 बजे मिली। उन्होंने मांग की कि “यदि यह अतिक्रमण है तो अन्य समाजों के अतिक्रमण भी हटाए जाएं।” प्रशासन का पक्ष — “नाले को ब्लॉक कर अवैध निर्माण” प्रशासन के मुताबिक धर्मशाला का निर्माण सरकारी नाले को ब्लॉक कर किया जा रहा था।राजस्व व पंचायत विभाग नेदो बार नोटिस जारी किए,लेकिन निर्माण नहीं रोका गया। इसके बाद शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने की वैधानिक कार्रवाई की गई। जाम से हाईवे पर यातायात ठप फोरलेन जाम होने से प्रशासन स्थिति नियंत्रित करने की कोशिश में जुटा है।

Rupee Crash 2025: पहली बार डॉलर के मुकाबले 90 के पार, जानिए क्या-क्या बड़े नुकसान होंगे?

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता,  न्यूज़ डेस्क। Rupee Crash 2025: भारतीय मुद्रा रुपया 2025 में लगातार नए रिकॉर्ड तोड़ते हुए बुधवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 90.14 के ऐतिहासिक निचले स्तर पर पहुंच गया। मार्केट ओपन होने के साथ ही रुपया 89.97 पर खुला और कुछ ही मिनटों में 90 के स्तर के नीचे लुढ़क गया। यह अब तक का सबसे खराब स्तर है, जिसने भारतीय अर्थव्यवस्था पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्यों गिर रहा है रुपया? मार्केट डीलरों के अनुसार, रुपये की तेज गिरावट के पीछे कई बड़े कारण जिम्मेदार हैं— India-US ट्रेड डील में देरी दोनों देशों के बीच ट्रेड एग्रीमेंट लटकने से विदेशी निवेशक सतर्क हो गए हैं, जिससे डॉलर की मांग बढ़ी है। इंपोर्टर्स की भारी डॉलर खरीद बैंकिंग सेक्टर से लगातार डॉलर खरीदने की वजह से रुपये पर दबाव बढ़ रहा है। घरेलू और विदेशी बाजारों में बिकवाली ग्लोबल अनिश्चितताओं और घरेलू मार्केट में कमजोरी के चलते रुपये को सपोर्ट नहीं मिल पा रहा है। RBI की सीमित दखलअंदाजी डीलरों का अनुमान है कि RBI ने थोड़ी मात्रा में डॉलर बेचे हैं, लेकिन बड़े पैमाने पर इंटरवेंशन नहीं दिखा है। रुपये के लिए फिलहाल 90.20 का टेक्निकल सपोर्ट माना जा रहा है। रुपया गिरने से आम जनता को क्या नुकसान? रुपये का डॉलर के मुकाबले कमजोर होना हर आम नागरिक की जेब पर सीधा असर डालता है। पेट्रोल-डीजल महंगे होने का खतरा भारत अपना 80% कच्चा तेल आयात करता है।रुपया गिरते ही— और पेट्रोल-डीजल बढ़ते ही ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स चार्ज बढ़ जाते हैं, जिससे लगभग हर चीज़ महंगी हो जाती है। इंपोर्टेड सामान होगा महंगा इन सभी का आयात महंगा हो जाएगा। महंगाई (Inflation) और बढ़ेगी रुपया टूटने का मतलब है— ज़्यादा इंपोर्ट कॉस्टमहंगा कच्चा मालमहंगी मैन्युफैक्चरिंगमहंगी मार्केट कीमतें इससे WPI और CPI दोनों में उछाल दिख सकता है।  पढ़ाई और विदेश यात्रा महंगी विदेश जाने वाले छात्रों और यात्रियों का खर्च सीधे बढ़ जाएगा। क्योंकि सभी भुगतान डॉलर में ही होते हैं। कंपनियों का प्रॉफिट घटेगा कई भारतीय कंपनियां विदेशी कच्चे माल पर निर्भर हैं।रुपया कमजोर होते ही कंपनियों की लागत बढ़ जाएगी, जिससे— 2025 रुपये के लिए इतना खराब क्यों रहा? यही साल अब तक रुपये के लिए सबसे बुरा साबित हो रहा है।US Dollar के मुकाबले भारतीय मुद्रा 5% तक कमजोर हो चुकी है। कारण—  रुपया आगे और कितना टूट सकता है? मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है— “अब डॉलर के मुकाबले रुपया 90 के ऊपर बना रहा तो जल्द ही 91–92 का स्तर भी संभव है।” हालांकि RBI कब और कितनी बड़ी दखल देगा, यह आने वाले दिनों में रुपये की दिशा तय करेगा।

Sanchar Saathi App: संचार साथी ऐप का प्री-इंस्टॉलेशन नियम खत्म: सरकार ने कहा—यूजर्स की बढ़ती स्वीकार्यता से लिया फैसला

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Sanchar Saathi App: केंद्र सरकार ने Sanchar Saathi App को लेकर जारी विवादों के बीच बड़ा फैसला लेते हुए स्मार्टफोन्स में इसके प्री-इंस्टॉलेशन की अनिवार्यता को वापस ले लिया है। दूरसंचार मंत्रालय ने एक्स पोस्ट के जरिए यह जानकारी देते हुए साफ किया कि ऐप का उद्देश्य केवल साइबर सुरक्षा बढ़ाना है और अब उपयोगकर्ता अपनी इच्छा से इसे डाउनलोड व अनइंस्टॉल कर सकते हैं। सरकार बोली—ऐप की स्वीकार्यता बढ़ रही, इसलिए हटाई अनिवार्यता मंत्रालय ने कहा कि संचार साथी ऐप पूरी तरह सुरक्षित है और इसका मकसद लोगों को फ्रॉड कॉल, स्कैम और ऑनलाइन अपराधों से बचाना है। सरकार के अनुसार, ऐप की बढ़ती लोकप्रियता को देखने के बाद इसे प्री-इंस्टॉल करने की बाध्यता हटाने का निर्णय लिया गया। एपल ने जताई थी आपत्ति 28 नवंबर को जारी निर्देशों के बाद Apple ने सरकार के आदेश का पालन करने से इनकार किया था।कंपनी ने कहा था कि ऐप का प्री-इंस्टॉलेशन iPhone यूजर्स की प्राइवेसी के लिए खतरा बन सकता है। Apple ने रॉयटर्स से कहा था कि वे अपनी चिंताएं सरकार के सामने रखेंगे। सरकार ने विपक्ष के आरोपों को बताया बेबुनियाद प्री-इंस्टॉलेशन के आदेश के बाद संसद में राजनीतिक घमासान मच गया था। दूरसंचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने लोकसभा में कहा कि संचार साथी ऐप से किसी भी तरह की जासूसी संभव नहीं है। यह ऐप सिर्फ जन सुरक्षा के लिए बनाया गया है। 1.4 करोड़ लोगों ने ऐप किया डाउनलोड सरकार के मुताबिक: यह ऐप के प्रति बढ़ते भरोसे और जागरूकता को दर्शाता है। संचार साथी ऐप क्यों है चर्चा में?

Ratlam News: रतलाम में ट्रैफिक मित्र योजना शुरूः 24 स्टूडेंट्स का प्रशिक्षण पूरा, 200 से ज्यादा लोगों ने किया पंजीकरण

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए पुलिस प्रशासन ने ‘ट्रैफिक मित्र योजना’ की शुरुआत कर दी है। पुलिस ट्रेंनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट, भोपाल के निर्देश पर यह अभियान पुलिस अधीक्षक श्री अमित कुमार और जिला कलेक्टर सुश्री मिशा सिंह के मार्गदर्शन में चलाया जा रहा है। शहर के विद्यार्थियों, व्यवसायियों, नौकरीपेशा लोगों और वरिष्ठ नागरिकों को योजना से जुड़ने के लिए लिंक जारी कर प्रेरित किया गया। इस पहल को नागरिकों से उत्साहपूर्ण समर्थन मिला है और अब तक करीब 200 लोगों ने पंजीकरण कर यातायात सुधार अभियान में सहयोग देने की इच्छा जताई है। 24 स्टूडेंट्स का पहला प्रशिक्षण सम्पन्न योजना के प्रथम चरण में 24 छात्रों का प्रशिक्षण नए कंट्रोल रूम, पुलिस अधीक्षक कार्यालय रतलाम में आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान जिला कलेक्टर मिशा सिंह और पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने छात्रों से संवाद किया व उनका मनोबल बढ़ाया। कलेक्टर मिशा सिंह ने कहा कि—“युवाओं की भागीदारी से शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को नई दिशा और नई ऊर्जा मिलेगी।” वहीं SP अमित कुमार ने सामुदायिक पुलिसिंग की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि—“ट्रैफिक मित्र के रूप में जुड़कर युवा अनुशासित और उत्तरदायी नागरिक बनते हुए यातायात में बदलाव ला सकते हैं।” ट्रैफिक नियम, सुरक्षा और कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रशिक्षण के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाखा, नगर पुलिस अधीक्षक सत्येंद्र घनघोरिया और डीएसपी ट्रैफिक आनंद सोनी ने छात्रों को— की विस्तृत जानकारी दी और आगे भी सक्रिय रूप से यातायात व्यवस्था में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। शहर में ट्रैफिक सुधार के लिए बड़ी पहल ट्रैफिक मित्र योजना शहर में स्वैच्छिक नागरिक सहभागिता के माध्यम से ट्रैफिक व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। आने वाले समय में और भी नागरिकों को इस अभियान से जोड़ने की तैयारी है।

Ratlam News: 17 दिन बाद हिस्ट्रीशीटर गजनी गिरफ्तार, जुलूस में मुंह छुपाता रहा

रतलाम- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: बोहरा समाज के किराना व्यापारी से रंगदारी वसूलने के आरोपित कुख्यात हिस्ट्रीशीटर गजनी उर्फ दिनेश गुर्जर को 17 दिन बाद पुलिस ने रतलाम के अमृत सागर तालाब क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस टीम ने घटनास्थल दिलीप मार्ग ले जाकर गजनी का जुलूस निकाला। पैदल थाने ले जाते समय वह लगातार मुंह छुपाकर चलता रहा। न्यायालय में पेशी के बाद उसे जेल भेज दिया गया। उसका साथी कमलेश जाट अभी फरार है। दो दर्जन से अधिक ठिकानों पर दबिश एसडीओपी नीलम बघेल के मुताबिक, गजनी को पकड़ने के लिए पुलिस ने कई दिनों तक लगातार प्रयास किए। बुधवार सुबह मुखबिर से सूचना मिली कि वह अमृत सागर क्षेत्र में घूम रहा है। थाना प्रभारी पिंकी आकाश के नेतृत्व में टीम रतलाम पहुँची और घेराबंदी की। भागने की कोशिश में जुटे गजनी को कुछ ही दूरी पर दबोच लिया गया।सैलाना लाते समय पुलिस वाहन में खराबी आने पर उसे पैदल ही थाने तक ले जाया गया।कार्रवाई में एसआई देवड़ा, प्रधान आरक्षक पप्पू वाघेला, आरक्षक फकीरचंद्र सोलंकी, तूफान भूरिया और अजित चौहान शामिल रहे। व्यापारी से मांगी थी 20 हजार की रंगदारी 17 नवंबर की शाम गजनी और उसका साथी कमलेश जाट दिलीप मार्ग स्थित किराना दुकान में घुसे थे। व्यापारी काईद बोहरा के मुताबिक आरोपितों ने 20 हजार रुपये की रंगदारी मांगी। मना करने पर दुकान में तोड़फोड़, मारपीट और जान से मारने की धमकी दी।इस दौरान हाथिम बोहरा और तैयब अली बोहरा के साथ भी गेंती के हत्थे और हाथ-मुक्कों से हमला किया गया, जिसमें उन्हें हाथ और गर्दन पर चोट आई। घटना के बाद बोहरा समाज थाने पर बड़ी संख्या में जुटा था और सैलाना बंद की चेतावनी दी गई थी। मामले में एसपी अमित कुमार ने दोनों बदमाशों पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पहले भी कई गंभीर मामले दर्ज गजनी थाने की गुंडा लिस्ट में शामिल है और उस पर कई संगीन मामले लंबित हैं— पुलिस का वर्जन “किसी अपराधी की दादागिरी नहीं चलने दी जाएगी। गजनी को मुखबिर सूचना पर गिरफ्तार किया गया है। उसका साथी भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।”— नीलम बघेल, एसडीओपी सैलाना

Ratlam News: रतलाम-इंदौर फोरलेन हादसा: स्पीड ब्रेकर पर स्लो ट्रक में घुसी वैन, एक की मौत

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम-इंदौर फोरलेन पर बुधवार सुबह भीषण सड़क हादसा हो गया। सालाखेड़ी चौकी क्षेत्र के सनावदा फंटे के पास मारुति वैन एक तमिलनाडु पासिंग ट्रक में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी तेज थी कि वैन का आगे का हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में वैन में सवार एक व्यक्ति की मौके पर मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल है जिसे रतलाम मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। WATCH VIDEO हादसा सुबह करीब 7:30 बजे हुआ जब एमपी 04 सीएफ 7303 नंबर की मारुति वैन, अपने आगे चल रहे टीएन 68 जे 3796 नंबर के ट्रक में अचानक जा भिड़ी। बताया जा रहा है कि सड़क पर बने स्पीड ब्रेकर के कारण ट्रक की रफ्तार धीमी हुई, उसी दौरान तेज गति में पीछे आ रही वैन सीधे ट्रक में घुस गई। सूचना मिलने पर सालाखेड़ी चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने एक व्यक्ति को मृत घोषित कर दिया। दोनों युवक रतलाम में मुर्गा-मुर्गी व्यापार के सिलसिले में ताल से आ रहे थे। पुलिस ने परिजनों को सूचना दे दी है और शिनाख्त की प्रक्रिया जारी है। चौकी प्रभारी एएसआई बबलू डागा के अनुसार, “हादसे में एक व्यक्ति की मौत हुई है और एक गंभीर रूप से घायल है। परिजनों के आने के बाद पहचान की पुष्टि की जाएगी।”

Ratlam News: कर्नाटक राज्यपाल के पोते पर दहेज उत्पीड़न का आरोप: रतलाम SP को बहू ने दी शिकायत

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत के पोते देवेंद्र गहलोत एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं। उनकी पत्नी दिव्या गहलोत ने रतलाम एसपी अमित कुमार को शिकायत सौंपकर 50 लाख रुपये दहेज मांगने, मारपीट, मानसिक उत्पीड़न, छत से धक्का देकर गिराने और बेटी को जबरन दूर रखने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत में दिव्या ने पति देवेंद्र गहलोत, ससुर और आलोट के पूर्व विधायक जितेंद्र गहलोत, देवर विशाल गहलोत और दादी सास अनिता गहलोत को आरोपी बनाया है। दिव्या का मायका रतलाम जबकि ससुराल नागदा में है। इसलिए उन्होंने पूरी घटना की शिकायत रतलाम पुलिस अधीक्षक को दी है।  ‘शादी के बाद सामने आया सच’ – दिव्या का आरोप दिव्या के अनुसार, उनकी शादी 29 अप्रैल 2018 को मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत रतलाम में हुई थी। शादी के बाद पता चला कि पति शराब और नशे का आदी है और बाहरी महिलाओं से संबंध भी रखता है। इसके बाद 50 लाख रुपये दहेज की मांग को लेकर प्रताड़ना शुरू हुई। दिव्या ने आरोप लगाया कि ससुराल में उन्हें बार-बार ताने दिए जाते थे और कई बार खाना तक नहीं दिया गया।  ‘26 जनवरी की रात छत से धक्का दिया’ दिव्या ने बताया कि 26 जनवरी 2025 की रात पति ने नशे की हालत में बेरहमी से मारपीट की और छत से धक्का देकर गिरा दिया, जिससे रीढ़, कमर और कंधे में गंभीर चोट आई। रातभर उन्हें अस्पताल भी नहीं ले जाया गया। अगले दिन नागदा से इंदौर के बॉम्बे हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज का खर्च भी पिता से देने का दबाव बनाया गया। इसके बाद उन्हें मायके भेज दिया गया।  ‘बेटी को भी छीन लिया’ — बेटी से मिलने नहीं दिया गया शिकायत में दिव्या ने कहा कि उनकी 4 साल की बेटी को भी ससुराल वालों ने अपने पास ही रखा है। जब दिव्या नवंबर में स्कूल में बेटी से मिलने पहुंचीं, तो पति ने मिलने से रोक दिया। आरोप है कि कहा गया: “जब तक मायके से पैसे नहीं लाओगी, बेटी से नहीं मिलने देंगे।” पूर्व विधायक जितेंद्र गहलोत का बयान आलोट के पूर्व विधायक जितेंद्र गहलोत ने आरोपों पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा: “कोई भी आरोप लगा सकता है। मैं सही समय पर सारे तथ्यों के साथ मीडिया के सामने आऊंगा।” पुलिस ने शुरू की जांच रतलाम SP कार्यालय में शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है। मे

WhatsApp New Rules 2025: बिना एक्टिव SIM नहीं चलेगा WhatsApp, वेब यूजर्स के लिए हर 6 घंटे में ऑटो लॉगआउट अनिवार्य

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। WhatsApp New Rules 2025:भारत सरकार मैसेजिंग ऐप्स के लिए साइबर सुरक्षा नियमों को और सख्त करने जा रही है। Telecommunication Cybersecurity Amendment Rules, 2025 के तहत अब WhatsApp सहित सभी मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स को एक्टिव SIM आधारित वेरिफिकेशन सिस्टम अपनाना होगा। नए नियम लागू होने के बाद WhatsApp उसी डिवाइस पर चलेगा जिसमें एक्टिव सिम कार्ड लगा होगा। बिना एक्टिव SIM नहीं चलेगा WhatsApp अब तक WhatsApp एक बार वेरिफिकेशन के बाद बिना किसी दोबारा जांच के चलता था, भले ही सिम फोन में हो या न हो।लेकिन नए नियमों के बाद ऐप को लगातार यह जांचना होगा कि सिम: अगर सिम हटाया गया, निष्क्रिय हुआ या बदल दिया गया तो WhatsApp तुरंत बंद हो जाएगा। WhatsApp Web पर हर 6 घंटे में होगा ऑटो लॉगआउट सरकार WhatsApp Web और Desktop App के लिए भी सिक्योरिटी बढ़ा रही है।प्रस्तावित नियमों के अनुसार: सरकार का मानना है कि इससे पब्लिक या ऑफिस कंप्यूटर पर खाते के दुरुपयोग को रोका जा सकेगा। सभी मैसेजिंग ऐप्स पर लागू होगा नियम यह नियम सिर्फ WhatsApp पर नहीं, बल्कि इन पर भी लागू होगा: सभी प्लेटफॉर्म्स को 90 दिनों के अंदर एक्टिव SIM लिंकिंग सिस्टम लागू करना होगा। सरकार नए नियम क्यों ला रही है? डिजिटल फ्रॉड, फर्जी प्रोफाइल और ऑनलाइन स्कैम में तेजी आने के कारण सरकार साइबर सुरक्षा मजबूत करना चाहती है।सरकार का मानना है कि: Cellular Operators Association of India (COAI) के अनुसार मोबाइल नंबर भारत में सबसे भरोसेमंद पहचान है, इसलिए इसे सुरक्षा ढांचे का हिस्सा बनाया जा रहा है। कौन से यूजर्स होंगे सबसे ज्यादा प्रभावित? भारत में 50 करोड़ से अधिक WhatsApp यूजर्स हैं।नियम लागू होने के बाद परेशानी इन यूजर्स को हो सकती है: क्या नए नियम वास्तव में असरदार होंगे? एक्सपर्ट्स की राय मिश्रित है।कुछ कहते हैं: लेकिन कई विशेषज्ञ मानते हैं: आगे क्या? WhatsApp सहित सभी ऐप्स को नए नियम लागू करने के लिए 90 दिनों का समय दिया गया है।अगर सब कुछ समय पर लागू हुआ तो:

Ratlam News: रतलाम में युवक का शव स्कूल की रेलिंग पर लटका मिला, मोबाइल स्विच ऑफ; सुसाइड नोट नहीं मिला, पुलिस जांच में जुटी

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मंगलवार सुबह रतलाम जिले के रावटी में बंद पड़े सीएम राइज स्कूल की बाउंड्रीवॉल की रेलिंग पर एक युवक का शव लटका मिला। मृतक की पहचान 28 वर्षीय भानूप्रताप सिंह राठौर (निवासी इंद्रा कॉलोनी) के रूप में हुई है। घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। राहगीरों ने शव को देखकर पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद रावटी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए रतलाम मेडिकल कॉलेज भेजा। WATCH VIDEO मोबाइल स्विच ऑफ मिला, सुसाइड नोट नहीं मिला पुलिस की प्राथमिक जांच में फांसी लगाकर आत्महत्या की आशंका जताई गई है। शव पूरी तरह अकड़ चुका था, जिससे अनुमान है कि युवक ने देर रात फांसी लगाई होगी। मृतक की जेब से सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। हालांकि, उसका मोबाइल फोन मिला है, पर वह स्विच ऑफअवस्था में था। पुलिस ने मोबाइल जब्त कर लिया है और उसकी जांच की जाएगी। तीन भाइयों में सबसे छोटा था भानूप्रताप परिजनों के अनुसार, भानूप्रताप अविवाहित था और तीन भाइयों में सबसे छोटा था। बड़े भाइयों के नाम अमित और लक्की हैं। घर में मां रहती हैं, पिता का पहले ही निधन हो चुका है। परिवार घटना से सदमे में है। पुलिस ने मर्ग कायम कर शुरू की जांच रावटी थाने के सब इंस्पेक्टर एम.आई. खान ने बताया कि मृतक का पोस्टमार्टम कराए जाने के लिए शव मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। घटना स्थल से कोई संदिग्ध सामग्री नहीं मिली है। फिलहाल मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस मोबाइल डेटा और सीसीटीवी फुटेज की भी जांच कर सकती है।

Ratlam News: रतलाम पुलिस की बड़ी कार्रवाई: शिवगढ़ में किराना दुकान से 72.6 लीटर अवैध शराब जप्त, आरोपी गिरफ्तार

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क।Ratlam News: थाना शिवगढ़ पुलिस ने अवैध शराब कारोबार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए एक किराना दुकान से 72.6 लीटर अवैध शराब जप्त कर आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक रतलाम श्री अमित कुमार के निर्देश पर की गई, जिनके निर्देशों के बाद जिले में अवैध शराब विक्रय एवं परिवहन पर लगातार सख्ती की जा रही है। घटनाक्रम के अनुसार, 30 नवंबर 2025 को थाना क्षेत्र में भ्रमण के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि राकेश पिता रायसिंह कटारा (35), निवासी राजापुरामाताजी अपनी किराना दुकान में अवैध शराब स्टॉक कर विक्रय कर रहा है। सूचना पर प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक एवं थाना प्रभारी सुश्री अनीषा जैन के नेतृत्व में टीम ने त्वरित दबिश दी। दबिश के दौरान आरोपी दुकान पर ही मिला। दुकान में छुपाकर रखे गए शराब कार्टन की तलाशी ली गई, जिसमें विभिन्न ब्रांड की बीयर, देशी और अंग्रेजी शराब की बड़ी मात्रा पाई गई। आरोपी शराब विक्रय के लिए कोई लाइसेंस प्रस्तुत नहीं कर सका। पुलिस ने मौके पर पंचों की मौजूदगी में संपूर्ण अवैध माल जप्त कर धारा 34(2) आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया। आरोपी को धारा 35 BNS में नोटिस देते हुए विधिवत गिरफ्तार किया गया। जप्त शराब का विवरण कुल मात्रा: 72.6 लीटरकुल अनुमानित कीमत: ₹28,350 सराहनीय भूमिका इस कार्रवाई में प्रशिक्षु डीएसपी/थाना प्रभारी सुश्री अनीषा जैन, आरक्षक बिल्लरसिंह (519) तथा सैनिक शंकरलाल (400) की महत्वपूर्ण भूमिका रही।