Railway News: स्लीपर कोच में भी मिलेगी बेडरोल सुविधा: कंबल-तकिया-चादर के लिए देने होंगे इतने रुपए

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क| Railway News: भारतीय रेल (Indian Railways) ने यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए बड़ा फैसला लिया है। अब तक सिर्फ AC कोच में मिलने वाली कंबल, तकिया और चादर (Bedding Facility) की सुविधा 1 जनवरी 2026 से स्लीपर कोच में भी शुरू हो रही है। यह सुविधा यात्रियों को ऑन-डिमांड मिलेगी, यानी जरूरत पड़ने पर चार्ज देकर बेडरोल ले सकेंगे। दक्षिण रेलवे (South Railway) ने चेन्नई डिविजन की चुनिंदा ट्रेनों में यह सर्विस शुरू करने की घोषणा की है। रेलवे का कहना है कि इससे रात के समय यात्रा करने वाले लाखों स्लीपर यात्रियों को राहत मिलेगी। क्यों जरूरी पड़ी यह सुविधा? स्लीपर क्लास के यात्री अक्सर अपना बेडरोल खुद साथ लेकर यात्रा करते थे। इससे उनका सामान बढ़ जाता था और सफर थोड़ा असुविधाजनक बन जाता था। इसके अलावा सर्दियों या रात की यात्राओं में कंबल-तकिया न मिलने से कई यात्रियों को परेशानी होती थी। रेलवे के पायलट प्रोजेक्ट (NINFRIS Scheme 2023-24) को बेहतरीन प्रतिक्रिया मिली, इसलिए अब इसे स्थायी रूप से लागू किया जा रहा है।  यात्रियों को कितना देना होगा चार्ज? सर्विस को किफायती रखने के लिए रेलवे ने कीमतें बेहद कम रखी हैं— सुविधाn चार्ज 1 बेडशीट – ₹20 तकिया + तकिया कवर – ₹30 पूरा सेट (बेडशीट + तकिया + तकिया कवर)- ₹50 यात्री TTE/स्टाफ को बताकर तुरंत पैक्ड, सैनिटाइज्ड बेडरोल प्राप्त कर सकेंगे।  किन ट्रेनों में शुरू होगी यह सुविधा? शुरुआत में 10 प्रमुख ट्रेनों में ऑन-डिमांड बेडरोल उपलब्ध होगा— रेलवे के अनुसार, आगे जरूरत और समीक्षा के आधार पर इस सुविधा को देशभर की स्लीपर ट्रेनों में लागू किया जाएगा।

Traveling News: बरौनी से अहमदाबाद के बीच स्पेशल ट्रेन दौड़ेगी, रतलाम से भी मिलेगी बड़ी सुविधा

रतलाम- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Traveling News: दीपावली एवं छठ जैसे त्योहारों पर यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए पश्चिम रेलवे ने बरौनी से अहमदाबाद के बीच स्पेशल ट्रेन (Train No. 05261/05262) चलाने का निर्णय लिया है। यह ट्रेन रतलाम मंडल से होकर गुजरेगी और दोनों दिशाओं में कुल दो-दो फेरे लगाएगी। ट्रेन संख्या 05261 – बरौनी से अहमदाबाद ट्रेन संख्या 05262 – अहमदाबाद से बरौनी (वापसी) किन-किन स्टेशनों पर रुकेगी यह स्पेशल ट्रेन समस्तीपुर, हाजीपुर, पाटलिपुत्र, दानापुर, आरा, बक्सर, पं. दिन दयाल उपाध्याय, प्रयागराज छिवकी, मानिकपुर, सतना, कटनी मुड़वारा, दमोह, सागर, बीना, संत हिर्दाराम नगर, उज्जैन, नागदा, रतलाम, गोधरा, छायापुरी और आणंद सहित प्रमुख स्टेशनों पर इस ट्रेन का ठहराव रहेगा। उपलब्ध कोच श्रेणियाँ यात्री जानकारी के लिए यात्री ट्रेन संचालन, समय और सीट उपलब्धता से संबंधित नवीनतम जानकारी भारतीय रेल की आधिकारिक वेबसाइट www.enquiry.indianrail.gov.in, रेल मदद ऐप या 139 हेल्पलाइन नंबर के माध्यम से प्राप्त कर सकते हैं।

Railway News:  अब नहीं करना पड़ेगा टिकट कैंसिल! रेलवे जल्द देगा कन्फर्म टिकट की तारीख बदलनेकी सुविधा

नई दिल्ली- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Railway News: भारतीय रेलवे यात्रियों के लिए बड़ी राहत देने जा रहा है। अब यात्रियों को यात्रा की तारीख बदलने के लिए टिकट कैंसिल करने या नया टिकट बुक करने की जरूरत नहीं होगी। रेलवे जनवरी 2026 से एक नई सुविधा शुरू करने जा रहा है, जिसके तहत कन्फर्म टिकट की यात्रा तिथि ऑनलाइन बदली जा सकेगी — वह भी बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के। अब आसानी से बदल सकेंगे यात्रा की तारीख अक्सर अचानक यात्रा योजनाओं में बदलाव होने पर यात्रियों को टिकट रद्द कराना पड़ता है और नई टिकट बुक करनी होती है। इसमें न केवल समय लगता है, बल्कि कैंसिलेशन चार्ज भी देना पड़ता है। लेकिन नए नियम लागू होने के बाद यात्री उसी टिकट की तारीख आगे या पीछे कर सकेंगे, जिससे असुविधा और अतिरिक्त खर्च दोनों से राहत मिलेगी। सीट उपलब्धता पर निर्भर होगी कन्फर्मेशन रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के अनुसार, तारीख बदलने पर कन्फर्म टिकट मिलने की गारंटी नहीं होगी, क्योंकि यह सीट की उपलब्धता पर निर्भरकरेगा। यदि नई तारीख के टिकट का किराया अधिक है, तो यात्री को केवल किराए का अंतर देना होगा। मौजूदा कैंसिलेशन पॉलिसी में है यह नियम फिलहाल रेलवे के नियमों के अनुसार— नई सुविधा से यात्रियों को कैंसिलेशन चार्ज से तो राहत मिलेगी ही, साथ ही यात्रा में लचीलापन भी बढ़ेगा।

Ratlam News: शीतला माता मंदिर जिणोद्धार पर रेलवे अधिकारियों की आपत्ति, विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के हस्तक्षेप से समाधान

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: अहिंसा ग्राम रोड स्थित घटना कॉलोनी में स्थित शीतला माता मंदिर, जो कि लगभग 100 वर्षों से अधिक पुराना है, के जिणोद्धार कार्य को लेकर मंगलवार को विवाद की स्थिति बन गई। रेलवे डीआरएम ऑफिस से जुड़े कुछ अधिकारियों ने जेसीबी मशीन के साथ मौके पर पहुंचकर मंदिर निर्माण को अवैध बताते हुए कार्य को रुकवाने का प्रयास किया। इस घटना की सूचना मिलने पर विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल के जिला संयोजक मुकेश व्यास ने तुरंत संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों को जानकारी दी। इस पर मोंटी जायसवाल और जिला अध्यक्ष राधेश्याम रावल के नेतृत्व में संगठन के कई पदाधिकारी मौके पर पहुंचे और अधिकारियों से चर्चा की। लंबी बातचीत और स्थानीय नागरिकों की उपस्थिति के बाद आपसी सहमति से समाधान निकाला गया, और मंदिर का जिणोद्धार कार्य यथावत जारी रखने का निर्णय लिया गया। स्थानीय जनता ने भी मंदिर के संरक्षण की मांग करते हुए विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के प्रयासों की सराहना की। यह प्राचीन मंदिर क्षेत्रवासियों की आस्था का केंद्र है, और इसके संरक्षण के लिए आगे भी हर स्तर पर प्रयास किए जाएंगे।