MP Weather Update: मध्य प्रदेश के 35 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

MP Weather Update: मध्य प्रदेश के 35 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी। अगले चार दिन तक तेज बारिश, जलभराव और बिजली गिरने की चेतावनी। भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Weather Update: मध्य प्रदेश में मानसून का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। कई इलाकों में पिछले कुछ दिनों से हो रही तेज बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है। मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के 35 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी करते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। राजस्थान में लगातार बारिश के कारण कई नदियां और बांध भर चुके हैं, जबकि छत्तीसगढ़ में 30 जुलाई तक तेज बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल मानसून का मजबूत सिस्टम सक्रिय है, इसलिए अगले कुछ दिनों तक राहत मिलने की उम्मीद कम है। मध्य प्रदेश में भी कई शहरों में जलभराव की स्थिति बन चुकी है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। MP Weather Update: अगले चार दिन भारी बारिश के आसार भारत मौसम विभाग (IMD) के अनुसार मध्य प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरी तरह सक्रिय है। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी मिलने के कारण प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले चार दिनों तक कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश हो सकती है। राजधानी भोपाल, इंदौर, उज्जैन सहित कई शहरों में रुक-रुक कर तेज बारिश होने की संभावना है। प्रदेश से गुजर रही है मानसून ट्रफ मौसम विशेषज्ञ शैलेंद्र कुमार नायक के अनुसार इस समय मानसून ट्रफ मध्य प्रदेश से होकर गुजर रही है। प्रदेश में नमी का स्तर 80 से 95 प्रतिशत तक बना हुआ है, जिससे लगातार बादल सक्रिय हैं। दक्षिण-पश्चिमी हवाओं के कारण पूर्वी, मध्य और दक्षिणी जिलों में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। शहरी क्षेत्रों में जलभराव और निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बनने की आशंका भी जताई गई है। बारिश के आंकड़ों में हुआ सुधार पिछले चार दिनों में प्रदेश की बारिश के आंकड़ों में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है। अब तक की स्थिति: हालांकि बारिश का अंतर अभी भी बना हुआ है, लेकिन लगातार हो रही वर्षा से स्थिति में सुधार दर्ज किया गया है। आज इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए इन जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है— इन जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना मौसम विभाग के अनुसार इन जिलों में कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश हो सकती है— लोगों के लिए जरूरी सलाह

MP Weather Update: 19 जुलाई से बदलेगा मौसम का मिजाज, मध्य प्रदेश में झमाझम बारिश की संभावना

MP Weather Update: मध्य प्रदेश में मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है और अब तक 11% कम बारिश दर्ज हुई है। मौसम विभाग के अनुसार 19 जुलाई से नया सिस्टम एक्टिव होगा, जिससे कई जिलों में तेज और कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना है। जानिए किन जिलों में येलो अलर्ट जारी हुआ है। भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Weather Update: मध्य प्रदेश में मानसून इन दिनों कमजोर पड़ गया है, जिससे राज्य के कई हिस्सों में बारिश का इंतजार लंबा हो गया है। प्रदेश में अब तक सामान्य से करीब 11 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। हालांकि राहत की खबर यह है कि 19 जुलाई से बंगाल की खाड़ी में नया मौसम सिस्टम सक्रिय होने की संभावना है, जिसके बाद प्रदेश में एक बार फिर अच्छी बारिश का दौर शुरू हो सकता है। 35 जिलों में सामान्य से कम बारिश, किसान चिंतित मौसम विभाग के अनुसार इस बार मानसून की गति अपेक्षाकृत धीमी रही है। इसका असर प्रदेश के 35 जिलों में देखने को मिला है, जहां सामान्य से कम वर्षा रिकॉर्ड की गई है। जबलपुर सहित कई जिलों में बारिश की कमी के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि खरीफ फसलों के लिए इस समय पर्याप्त बारिश बेहद जरूरी है। फिलहाल प्रदेश में कोई मजबूत मौसम प्रणाली सक्रिय नहीं होने के कारण अगले कुछ दिनों तक अधिकांश जिलों में केवल हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना बनी हुई है। 19 जुलाई से एक्टिव होगा नया सिस्टम, तेज होगी बारिश मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक 19 जुलाई से बंगाल की खाड़ी में नया लो-प्रेशर सिस्टम बनने की संभावना है। इसके सक्रिय होने के बाद मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। विशेष रूप से पूर्वी और मध्य मध्य प्रदेश में अच्छी बारिश के साथ कुछ इलाकों में भारी वर्षा होने के भी संकेत हैं। यदि यह सिस्टम मजबूत होता है तो मानसून दोबारा रफ्तार पकड़ सकता है, जिससे खेती-किसानी और जल स्रोतों को भी राहत मिलने की उम्मीद है। इन जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। अलर्ट वाले प्रमुख जिलों में झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, इंदौर, बुरहानपुर, खंडवा, हरदा, बैतूल, नर्मदापुरम, पांढुर्णा, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, सिवनी, बालाघाट, मंडला, जबलपुर, डिंडौरी, टीकमगढ़, छतरपुर, सतना, रीवा, सीधी और मैहर शामिल हैं। इन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। किसानों को मिलेगी राहत, मौसम अपडेट पर रखें नजर विशेषज्ञों का मानना है कि यदि 19 जुलाई के बाद बनने वाला सिस्टम अपेक्षित रूप से सक्रिय रहता है तो खरीफ फसलों को पर्याप्त नमी मिलेगी और किसानों की चिंता काफी हद तक कम हो सकती है। मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे नियमित रूप से मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखें। जिन क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना बनेगी, वहां समय-समय पर आवश्यक चेतावनी और दिशा-निर्देश भी जारी किए जाएंगे।

MP Weather: मध्य प्रदेश मौसम अलर्ट: 48 घंटे भारी, आंधी-बारिश और ओलावृष्टि से किसानों पर संकट

भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Weather: प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। उत्तर भारत से सक्रिय होकर आगे बढ़े पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के असर से मध्य प्रदेश के कई जिलों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर जारी है। मौसम विभाग ने ग्वालियर-चंबल और सागर संभाग के लिए विशेष चेतावनी जारी करते हुए किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी है। वीडियो देखिए अगले 48 घंटे क्यों हैं अहम मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले 48 घंटे प्रदेश के लिए संवेदनशील रहेंगे। कई जिलों में तेज हवाओं (30-40 किमी/घंटा) के साथ बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि की संभावना है। इससे तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज हो सकती है और ठंड का असर बढ़ेगा। 23-24 फरवरी को फिर बदलेगा मौसम एक नया पश्चिमी विक्षोभ 23 फरवरी से सक्रिय होगा। इन जिलों में ओलावृष्टि की आशंका राजगढ़, नीमच, मंदसौर, श्योपुर, शिवपुरी के कुछ क्षेत्रों में ओले गिरने की संभावना जताई गई है। आंधी-तूफान का अलर्ट ग्वालियर, भिंड, दतिया और मुरैना में तेज हवाएं चलने के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है। इन शहरों में हल्की बारिश इंदौर, भोपाल और उज्जैन में आंशिक बादल छाए रहेंगे, साथ ही कुछ इलाकों में हल्की बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। किसानों के लिए खतरे की घंटी फरवरी में तीसरी बार मौसम बदलने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। खेतों में खड़ी गेहूं और चने की फसल पर बारिश और ओलावृष्टि से बड़ा नुकसान हो सकता है।कृषि विशेषज्ञों के मुताबिक: सलाह:किसान 23 फरवरी से पहले फसल की कटाई पूरी कर लें और अनाज को सुरक्षित स्थान पर रखें। पिछले 48 घंटे का हाल प्रदेश के आधे से ज्यादा हिस्सों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि दर्ज की गई। उज्जैन, मंदसौर, धार, शिवपुरी, ग्वालियर, भोपाल समेत 25 जिलों के करीब 80 शहरों में बारिश हुई।श्योपुर में 63 किमी/घंटा की रफ्तार से आंधी चली और कई गांवों में खड़ी फसलें जमीन पर गिर गईं, जिससे भारी नुकसान हुआ है। प्रशासन ने कई क्षेत्रों में सर्वे शुरू कर दिया है। तापमान में गिरावट बारिश और ठंडी हवाओं के कारण अधिकांश शहरों में दिन और रात के तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। राजधानी भोपाल में अधिकतम तापमान करीब 28°C और न्यूनतम 17°C रहने का अनुमान है।

MP Weather Update: अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से बढ़ा बारिश का खतरा,मध्यप्रदेश में कब तक बरसेगी बारिश? IMD ने दी बड़ी चेतावनी

भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Weather Update: मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में बने दोहरे सिस्टम के असर से राजधानी भोपाल समेत कई जिलों में बारिश का दौर शुरू हो गया है, जिससे ठंडक में भी बढ़ोतरी देखी जा रही है।मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में बारिश और ठंड दोनों का असर बढ़ सकता है। दो सिस्टमों का डबल इफेक्ट मौसम विज्ञानियों के अनुसार, इस समय प्रदेश पर दो प्रमुख मौसम प्रणालियों का असर है। इन दोनों सिस्टमों से लगातार नमी आ रही है, जिससे आसमान में बादल छाए हुए हैं और रुक-रुक कर बारिश हो रही है। नवंबर में दस्तक देगा पश्चिमी विक्षोभ मौसम विभाग के अनुसार, 1 नवंबर से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत में दस्तक देगा, जिसका सीधा असर मध्य प्रदेश के मौसम पर भी पड़ेगा।इससे बारिश की गतिविधियों में और तेजी आने की संभावना है।1 से 4 नवंबर के बीच कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है।इसके साथ ही दिन और रात का तापमान गिरने से ठंड का असर भी बढ़ेगा। इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट IMD ने जिन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, वे हैं —भोपाल, इंदौर, उज्जैन, सीधी, रीवा, विदिशा, राजगढ़, बुरहानपुर, खरगौन, आगर, मंदसौर, नीमच, मऊगंज, अनुपपुर, गुना, मुरैना, श्योपुरकलां, सिंगरौली और शहडोल। किसानों और आम जनता के लिए चेतावनी मौसम विभाग ने कहा है कि लगातार बारिश से फसलों को नुकसान की संभावना है।किसानों को सलाह दी गई है कि वे साथ ही, आम जनता को भी बिजली कड़कने, तेज हवा और जलभराव वाले इलाकों में सावधानी बरतने की अपील की गई है।

MP Weather Update: एमपी में भीषण गर्मी का कहर: 13 जिलों में पारा 40 के पार, दो जिलों में लू, कुछ इलाकों में बारिश का अलर्ट

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Weather Update: मध्य प्रदेश में अप्रैल की शुरुआत के साथ ही भीषण गर्मी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। रविवार को प्रदेश के 13 जिलों में दिन का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। सबसे अधिक तापमान रतलाम में 42.6 डिग्री और नर्मदापुरम में 42.4 डिग्री रिकॉर्ड किया गया, जहां लू जैसे हालात बने रहे। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक गर्मी और बढ़ने की चेतावनी जारी की है। भोपाल, ग्वालियर और उज्जैन में पहली बार 40 के पार पाराइस सीजन में पहली बार भोपाल, ग्वालियर और उज्जैन जैसे बड़े शहरों का तापमान 40 डिग्री से ऊपर दर्ज किया गया। भोपाल में रविवार को तापमान 40.5 डिग्री, ग्वालियर में 40.2 डिग्री और उज्जैन में 40.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं इंदौर और जबलपुर भी भीषण गर्मी की चपेट में रहे, जहां तापमान क्रमशः 39.8 और 39.6 डिग्री सेल्सियस रहा। रात में भी नहीं मिल रही राहतगर्मी का असर रात के तापमान पर भी देखने को मिल रहा है। धार में रात का तापमान 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन की सबसे गर्म रातों में से एक रही। हालांकि पचमढ़ी में रविवार को प्रदेश का सबसे कम तापमान 14.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो थोड़ी राहत देने वाला रहा। लू और बारिश दोनों का अलर्ट जारीमौसम विभाग के मुताबिक, 9 अप्रैल को बालाघाट, डिंडोरी, सिंगरौली, मंडला और अनूपपुर जिलों में हल्की बारिश हो सकती है। दूसरी ओर, राजस्थान से सटे एमपी के उत्तरी और पश्चिमी जिलों में लू चलने की संभावना जताई गई है। ऐसे में लोगों को गर्मी और लू से सतर्क रहने की सलाह दी गई है। अगले 3 दिन सतर्क रहेंविशेषज्ञों के अनुसार, अगले तीन दिन तक प्रदेश में गर्म हवाओं और तेज धूप का असर बना रहेगा। दिन में बाहर निकलने से बचें, धूप में छाता या टोपी का उपयोग करें और पानी की कमी न होने दें। ताजा मौसम अपडेट और अलर्ट के लिए जुड़े रहें हमारे साथ।

MP Weather: MP में 27-31 मार्च के बीच लू के आसार, रतलाम-नर्मदापुरम सबसे गर्म, भोपाल-इंदौर में भी बढ़ेगी गर्मी

भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP Weather: मध्यप्रदेश में बारिश और ओलों का दौर थमते ही गर्मी ने जोर पकड़ लिया है। प्रदेश के कई जिलों में अधिकतम तापमान 39 डिग्री के पार पहुंच चुका है। रतलाम में लगातार दूसरे दिन तापमान 39 डिग्री या उससे अधिक दर्ज किया गया, जबकि नर्मदापुरम में भी गर्मी तीखी बनी रही। मौसम विभाग ने 27 से 31 मार्च के बीच लू चलने की संभावना जताई है, खासतौर पर मालवा-निमाड़ के जिलों रतलाम, उज्जैन, खरगोन, खंडवा और धार में लू का असर ज्यादा रह सकता है।   मौसम विभाग के अनुसार, दिन के तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे पारा 40 डिग्री के पार जा सकता है। सोमवार को रतलाम में सबसे अधिक 39.2 डिग्री तापमान दर्ज किया गया, जबकि नर्मदापुरम में 38.9 डिग्री, धार में 38.6 डिग्री, खरगोन में 37.2 डिग्री, शाजापुर में 37.1 डिग्री, नरसिंहपुर में 37 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।     बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में 35.5 डिग्री, इंदौर में 36.8 डिग्री, ग्वालियर में 36.1 डिग्री, उज्जैन में 37.5 डिग्री और जबलपुर में 35 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।   अगले दो दिन ऐसा रहेगा मौसम   25 मार्च को गर्मी का असर रहेगा और तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है।   26 मार्च को तीखी धूप के कारण गर्मी और बढ़ेगी, बारिश की संभावना नहीं है।   मौसम विभाग ने मार्च से मई तक 15 से 20 दिन लू चलने की संभावना जताई है। अप्रैल-मई में हीट वेव का असर ज्यादा रहेगा, जिससे 30 से 35 दिन तक गर्म हवाएं चल सकती हैं।   भोपाल में मार्च में दिन में तेज गर्मी पड़ने के साथ बारिश का भी ट्रेंड है। 30 मार्च 2021 को अधिकतम तापमान 41 डिग्री पहुंचा था। 9 मार्च 1979 की रात में पारा 6.1 डिग्री तक गिर गया था। 2014 से 2023 के बीच अधिकतर बार तापमान 38 से 41 डिग्री के बीच रहा।   इंदौर में मार्च में गर्मी का असर तेज होने लगता है। यहां दिन का पारा 41.1 डिग्री तक पहुंच चुका है, जो 28 मार्च 1892 को दर्ज किया गया था। 4 मार्च 1898 को रात में पारा 5 डिग्री सेल्सियस तक रहा था। 24 घंटे में करीब एक इंच बारिश होने का रिकॉर्ड है, जबकि पूरे महीने में दो इंच पानी गिर चुका है।   ग्वालियर में 31 मार्च 2022 को दिन का पारा रिकॉर्ड 41.8 डिग्री पहुंच गया जबकि 1 मार्च 1972 की रात में न्यूनतम तापमान 5.4 डिग्री रिकॉर्ड हो चुका है। साल 2015 में पूरे महीने 5 इंच से ज्यादा पानी गिरा। 12 मार्च 1915 को 24 घंटे में करीब 2 इंच बारिश हुई थी।   जबलपुर में मार्च में भी रातें ठंडी रहती हैं। पारा औसत 15 डिग्री के आसपास ही रहता है। वहीं, दिन में 36 से 40 डिग्री के बीच तापमान दर्ज किया जाता है। 31 मार्च 2017 को दिन का पारा 41.2 डिग्री सेल्सियस पहुंच चुका है जबकि 4 मार्च 1898 में रात का तापमान 3.3 डिग्री दर्ज किया गया था। यहां मार्च में मावठा भी गिरता है। पिछले 10 में से 9 साल बारिश हो चुकी है।   उज्जैन में दिन गर्म रहते हैं। 22 मार्च 2010 को पारा रिकॉर्ड 42.5 डिग्री सेल्सियस पहुंच चुका है। 1 मार्च 1971 की रात में न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री रहा था। पिछले साल दिन में तापमान 36 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा है। उज्जैन में 2017 सबसे गर्म साल रहा था। मौसम विभाग के अनुसार, इस महीने बारिश भी होती है। एक दिन में पौने 2 इंच बारिश का रिकॉर्ड 17 मार्च 2013 का है।   गर्मी से बचने के लिए जरूरी सावधानियां बरतें। दोपहर 12 से 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें, हल्के और सूती कपड़े पहनें, ज्यादा पानी और तरल पदार्थ लें, धूप में निकलते समय छाता, टोपी या गमछा इस्तेमाल करें और जरूरत हो तो ओआरएस या इलेक्ट्रॉल का सेवन करें।  

MP Weather Update: मध्यप्रदेश में मौसम का बदला मिजाज, नया सिस्टम एक्टिव, इन 7 जिलों में बारिश का अलर्ट  

भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क।  MP Weather Update: मध्यप्रदेश में मौसम लगातार बदलाव के दौर से गुजर रहा है। राज्य के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश दर्ज की गई, जबकि कई जिलों में मौसम शुष्क बना रहा। शनिवार को भिंड जिले के कुछ इलाकों में बूंदाबांदी हुई, वहीं भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर और नर्मदापुरम संभाग में अधिकतम तापमान 36 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया।   मौसम विभाग ने बताई बारिश की वजह   भारतीय मौसम विभाग आईएमडी के अनुसार, प्रदेश में सक्रिय हुए नए पश्चिमी विक्षोभ के कारण चंबल संभाग में बारिश हुई। भिंड के अटेर क्षेत्र में 1 मिमी वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा, देश के पहाड़ी इलाकों में हुई बर्फबारी के चलते मध्यप्रदेश में न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट देखी गई।   अगले 24 घंटे में इन जिलों में बारिश का अलर्ट   मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के दौरान भिंड, मुरैना, टीकमगढ़, पन्ना, छतरपुर, झाबुआ और रतलाम जिलों में हल्की बारिश की संभावना जताई है।   तापमान का हाल: नर्मदापुरम सबसे गर्म, शहडोल सबसे ठंडा   शनिवार को नर्मदापुरम प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 39.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।   कन्नौद, खजुराहो और टीकमगढ़ में 39.6 डिग्री सेल्सियस, जबकि राजगढ़, नौगांव, शिवपुरी और कल्याणपुर में तापमान 38 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा।   शहडोल जिले के कल्याणपुर में न्यूनतम तापमान 14.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।   मार्च के तापमान रिकॉर्ड   सबसे अधिक तापमान 30 मार्च 2021 को 41 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।   सबसे कम तापमान 9 मार्च 1979 को 6.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ था।   पश्चिमी विक्षोभ का असर, बढ़ सकती है हीट वेव   वर्तमान में पश्चिमी अफगानिस्तान में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण दक्षिण-पश्चिमी राजस्थान के ऊपरी वायुमंडल में चक्रवात बना हुआ है। इसके प्रभाव से गुजरात और राजस्थान की गर्म हवाएं मध्यप्रदेश तक पहुंच रही हैं, जिससे राज्य में तापमान बढ़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले दिनों में मध्यप्रदेश में भी हीट वेव का असर दिख सकता है।   क्यों जरूरी है यह अलर्ट   यदि आप भिंड, मुरैना, टीकमगढ़, पन्ना, छतरपुर, झाबुआ या रतलाम में रहते हैं, तो हल्की बारिश के लिए तैयार रहें।   गर्मी से बचने के लिए धूप में निकलते समय सावधानी बरतें और हाइड्रेटेड रहें।   मौसम अपडेट के लिए नियमित रूप से आधिकारिक रिपोर्ट्स पर नजर रखें।  

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