शौर्य संचलन : कतारबद्ध होकर निकले बजरंग दल कार्यकर्ता, 150 से अधिक बजरंगी हुए शामिल

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल द्वारा जिले के अंचल में शौर्य संचलन निकाला। जिले के रावटी में शिवगढ़ खंड में निकाले गए बजरंग दल के शौर्य संचलन में 150 से अधिक कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। इस दौरान सभी कार्यकर्ता गणवेश पहनकर संचलन में शामिल हुए। संचलन में विहीप बजरंग दल के विभाग मंत्री दीपक व्यास ने अपना बौद्धिक रखा। व्यास ने कहा की 31वर्ष पूर्व संगठित हिन्दू शक्ति ने शौर्य प्रकट करते हुए 464 वर्षों पूर्व लगे कलंक बाबरी मस्जिद के टिके को मिटाया था। स्वाभिमान जागरण और रक्षा के लिये, हिन्दू पुनरूत्थान के लिये जिन सभी हिन्दुओं ने प्रयास, पराक्रम तथा बलिदान किया है उन सभी को प्रणाम। इस दौरान मंच पर जिला संयोजक मुकेश व्यास, प्रखंड उपाध्यक्ष रोहित राठौड मौजूद रहे। मंच का संचालन बजरंग दल जिला सहसंयोजक राहुल हाडा द्वारा किया गया। शौर्य संचलन में रावटी प्रखंड पालक शंकरसिंह सोलंकी, जिला सहसंयोजक राजाराम ओहरी, जिला सहसंयोजक आशु टाक, लखन बरमुंडा, जिला अखाड़ा प्रमुख कृष्णा भामा आदि कार्यकर्ता उपस्थित थे।

वाह विधायक जी! : एमपी के इस विधायक की चारो और चर्चा, कारण सरकारी वेतन – भत्ते और पेंशन को मना कर देना

सिफारिशों से भी दूर रहते है चेतन्य काश्यप, टोल टैक्स और पुलिस चालान तक भरता है यह विधायक! पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। मध्यप्रदेश के भाजपा विधायक ने सदन में एक अनोखी मिसाल पेश की। चेतन्य काश्यप ने विधायक के तौर पर मिलने वाले वेतन, भत्ते और पेंशन नहीं लेने का फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि वह अपने खर्चा उठने में सक्षम है इसलिए यह राशि विधानसभा कोष में जमा कर दी जाए। काश्यप तीसरी बार रतलाम शहर विधानसभा क्षेत्र से विधायक निर्वाचित हुए हैं और उन्होंने एक बार फिर से विधायक के रूप में सरकार से कोई वेतन, भत्ते और पेंशन नहीं लेने का ऐलान किया है। आपको बता दे इससे पहले के उनके दो कार्यकाल में भी उन्होंने किसी प्रकार का कोई सरकारी लाभ नहीं लिया था। बता दें कि प्रत्येक विधायक को प्रति माह लगभग 70 हजार के वेतन भत्ते मिलते हैं। इसके अलावा रेलवे कूपन और हवाई यात्राएं एवं आजीवन पेंशन व चिकित्सा भत्ता जैसी अन्य सुविधाएं मिलती हैं। ऐसे में कश्यप ने सभी सुविधा का त्याग करते हुए कहा कि यह राशि प्रदेश के विकास पर व्यय हो। राष्ट्र सेवा और जनहित मेरा ध्येय – विधायक काश्यपविधानसभा में भी उन्होंने पहले ही वक्तव्य में विधानसभा अध्यक्ष के समक्ष अपना यह निर्णय रख दिया। उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि जब ईश्वर की कृपा से वे जनहित के कार्य करने में सक्षम हैं, तो उन्हें विधायक के रूप में मिलने वाले वेतन-भत्ते और पेंशन का उपयोग शासन द्वारा जनहित में सीधे किया जाए।कश्यप ने सदन में कहा कि राष्ट्र सेवा और जनहित मेरा ध्येय है। इसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए मैं राजनीति में आया हूं। किशोरावस्था से ही समाज सेवा के कार्यों में अग्रसर हूं तथा कई सेवा संस्थानों में प्रकल्पों का संचालन कर रहा हूं। ईश्वर ने इस योग्य बनाया है कि जनसेवा में थोड़ा सा योगदान कर सकूं। इसी तारतम्य में विधायक के रूप में मिलने वाले वेतन-भत्ते एवं पेंशन नहीं लेने का निश्चय किया है। पिछली दो विधानसभा में भी भत्ते नहीं लिए थे। मैं चाहता हूं कि मुझे प्राप्त होने वाले भत्ते एवं पेंशन का राजकीय कोष से आहरण न हो ताकि उस राशि का सदुपयोग प्रदेश के विकास एवं जनहित के कार्य हो सकें। सिफारिशों से दूरी रखते है काश्यपआमतौर पर एक राजनेता अपने लिए व कार्यकर्ताओं के लिए सहज ही सिफारिशें करते नजर आते है। मगर रतलाम के विधायक चेतन्य काश्यप का तौर तरीका बाकियों से अलग है। पुलिस थानों पर उनके नाम से की गई सिफारिशों को वो सिरे से इंकार कर देते है। उनके करीबी के अनुसार नियम व कायदे के पक्के विधायक काश्यप किसी कार्यकर्ता की गाड़ी का चालान अगर कट जाए तो वे नाराज कार्यकर्ता को बुलाकर खुद से चालान भरने की बात कहते हुए कार्यकर्ताओं को नियम पालन की नसीहत देकर मना लेते है। यही कारण है की पुलिस के सामने कोई भाजपाई विधायक जी का रोब नहीं दिखा पाता है। यहां तक की उनके नाम से टोल से गाड़ियां तक नहीं छोड़ी जाती है, जिसका कारण है कि वे खुद टोल टैक्स चुकाते है। विधायक काश्यप अपने फाउंडेशन के माध्यम से अनेक सेवा कार्यों को करते आ रहे है। जिससे गरीबों व कई समाज में वंचित लोगों को सहारा व प्रोत्साहन मिला है।

MCX पर कार्रवाई : हाई प्रोफाइल सटोरिए दीप अग्रवाल को पैदल ले गई पुलिस, काका – भतीजे गिरफ्त में अब केडी की तलाश

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। माणकचौक पुलिस ने एमसीएक्स सट्टा करने के बड़े मामले का खुलासा किया। पुलिस ने एसपी राहुल कुमार लोढा के निर्देशन में माणकचौक स्थित केडी ज्वेलर के यहां रेड मारी। जहां से एमसीएक्स (MCX) का मोबाइल फोन और लैपटॉप से सट्टा करते हुए काका और भतीजे को करीब पौने दो करोड़ रुपए का सट्टा करते हुए गिरफ्तार किया है। दो अन्य आरोपी फरार है। इनमें से एक आरोपी इंदौर का है जिसे सट्टा उतारते थे। गिरफ्तार दोनों आरोपी काका-भतीजे को मंगलवार को कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस वाहन में अचानक खराबी के कारण आरोपी दीप को पैदल कोर्ट तक ले जाया गया। इनका एक और साथी बंटी केडी उर्फ अतुल अग्रवाल फरार है, जिसकी पुलिस तलाश कर रही है। इसके अलावा मनीष होल्कर निवासी सराफा इंदौर की भी पुलिस तलाश कर रही है। ज्वेलरी की दुकान की आड़ में एमसीएक्स का अवैध सट्टा करने का यह नया मामला नहीं है। इससे पहले 2 माह में माणक चौक पुलिस 3 से 4 बड़ी कार्रवाई सट्टे पर चुकी है। हैरानी की बात यह है की पुलिस ने जिन आरोपियों को अब तक पकड़ा है वे सभी रसूखदार और राजनेताओं के नजदीकी बताए जा रहे है। माणकचौक टीआई प्रीति कटारे ने बताया सोमवार को सुबह मुखबीर से सूचना मिली थी कि केडी ज्वेलर्स पर कुछ लोग मोबाइल फोन और लैपटॉप पर एमसीएक्स का सट्टा कर रहे हैं। सूचना पर पुलिस दल को थाने पर एकत्रित करके योजनाबद्ध तरीके से दबिश दी तो वहां से दीप पिता दिनेश अग्रवाल (29) और उसका काका गोविंद उर्फ डमरू पिता कन्हैयालाल अग्रवाल (50) मिले। इनके मोबाइल फोन और लैपटॉप की तलाशी लेने पर एमसीएक्स की सट्टा करते पाए गए। मोबाइल फोन और लैपटॉप के एमसीएक्स सट्टे को जोड़ा गया तो इनमें 1 करोड़ 73 लाख 38 हजार 493 रुपए का हिसाब मिला। एसपी राहुल कुमार लोढा ने बताया की लगातार हम सट्टे पर कार्रवाई कर रहे है। इनके मोबाइल से लिंक निकाली जा रही है। जिसमें और भी आरोपी सामने आएंगे। इनकी लिंक इंदौर से जुड़ी मिली है जिसकी और बारीकी से तफ्तीश की जा रही है। सरहानीय भूमिका : निरीक्षक प्रिति कटारे , कार्य.उ.नि. ए.पी. सिहं  ,कार्य.प्रआर.781 नरेन्द्रसिंह चावड़ा, कार्य.प्र.आर665 सुधीर कार्य. .प्र. आर 80 ज्ञानेन्द्र सिह ,म. प्र. आर. 413 मीना राठौर,  आर. 532 संजय सोनावा ,आर. 875 रणवीर,  व आर.795 आर. 110 अशरफ, आर. 19 अविनाश,थाना माणकचौक रतलाम एवं सायबर शाखा के प्रभारी उनि.अमित शर्मा,आर. विपुल भावसार,आर.हिम्मत का सराहनीय योगदान रहा।

MP में धार्मिक स्थलों के नीचे बिक रहा मांस!,CM Dr. Mohan Yadav के आदेश से बेरोजगारी? – PUBLIC VARTA

पब्लिक वार्ता/जयदीप गुर्जर : मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने खुले में मांस-मछली के विक्रय तथा धार्मिक स्थलों के 100 मीटर के दायरे में मांस विक्रय पर प्रतिबंध के आदेश दिए है। रतलाम में करीब 200 परिवार इससे जुड़े है जिन पर सीधा असर पड़ेगा। गौर करने वाली बात है की नगर निगम पिछले 15 – 20 सालों से लाईसेंस नहीं बना रहा है। वहीं नगर में केवल 34 मांस विक्रेता ही लाइसेंसधारी है। ऐसे में बड़ा सवाल यह भी है कि आखिर क्यों लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया रोकी हुई है। इसको लेकर अधिकारियों के पास भी कोई आदेश या जवाब नहीं है। जो 34 लाइसेंस है उनका ही केवल नवीनीकरण किया जा रहा है। खुले में मांस बेच रहे विक्रेताओं का कहना है कि निगम लाईसेंस नहीं बनाता। हमे हटाने की बजाय कोई एक स्थान सरकार को देना चाहिये। हमारे परिवार का पालन पोषण इसी काम से होता है।शहर में 100 मीटर के दायरे में मांस विक्रय पर रोक लगानी है। ऐसे में कई मांस की दुकानें धार्मिक स्थलों द्वारा किराए पर दी गई है। जहां मांसाहार की होटले संचालित है। ऐसे में इनको हटाना भी प्रशासन के।लिए बड़ी चुनौती का काम होगा।

ABVP अधिवेशन : मालवा प्रांत कार्यकारिणी में रतलाम के 7 कार्यकर्ताओं को जगह, विनोद सिरोही होंगे संगठन मंत्री

पब्लिक वार्ता – रतलाम, जयदीप गुर्जर। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) का 69वां राष्ट्रीय अधिवेशन दिल्ली में पूरा हुआ। चार दिवसीय इस अधिवेशन में देश के ग्रह मंत्री अमित शाह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। राष्ट्रीय अधिवेशन में मालवा प्रांत की नवीन कार्यकारिणी की घोषणा की गई। मालवा प्रांत की इस नवीन कार्यकारिणी में रतलाम जिले के 7 कार्यकर्ताओं को शामिल किया गया है। प्रांत की नवीन घोषणा के बाद विनोद सिरोही को रतलाम जिला संगठन मंत्री के तौर पर भेजा गया है। कार्यकारिणी में कु. रागिनी यादव को प्रांत सहमंत्री, प्रोफेसर रक्षित मेहता को प्रांत सहप्रमुख (सविष्कार), कु. अंजू सूर्यवंशी प्रांत सहसंयोजक (एसएफएस) एवं रतलाम के विवेक पालीवाल, कु. माही शर्मा, जावरा के सत्यम दवे, व आलोट के जतिन दायमा को प्रांत कार्यकारिणी सदस्य बनाया गया है।

रिश्वतखोर पटवारी : घूसखोर महिला पटवारी पर लोकायुक्त की कार्रवाई, किसान से मांगी थी नामांतरण के लिए रिश्वत

पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। उज्जैन लोकायुक्त की टीम ने जिले के आलोट में महिला पटवारी को रंगे हाथ रिश्वत लेते ट्रेप किया। आलोट में पदस्थ हल्का 27 की पटवारी प्रियंका सोनी द्वारा किसान के नामांतरण के बदले यह राशि मांगी गई थी। जिसकी शिकायत किसान ने लोकायुक्त उज्जैन में की। जिसके बाद सोमवार को आरोपी महिला पटवारी को कारगिल चौराहे पर रंगे हाथों दबोच लिया गया। आलोट के समीप गांव आनंदगढ़ निवासी किसान भारतसिंह चौहान ने लोकायुक्त उज्जैन को एक आवेदन दिया। जिसमें बताया की आरोपी प्रियंका सोनी जो कि आलोट के हल्का 27 की पटवारी है। भूमि के नामांतरण हेतु पटवारी प्रियंका सोनी को आवेदन दिया था। भूमि नामांतरण के लिए 8 हजार रुपयों की मांग की। इसकी शिकायत आवेदक द्वारा एसपी लोकायुक्त उज्जैन अनिल विश्वकर्मा को की। एसपी विश्वकर्मा द्वारा शिकायत का सत्यापन कराया गया। जो कि सत्य पाई गई। जिसके बाद टीम ने आरोपी पटवारी प्रियंका सोनी को 8 हजार की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों ट्रैप कर लिया। ट्रेपिंग की कार्रवाई के दौरान निरीक्षक डॉ. बसंत श्रीवास्तव, विशाल रेश्मिया, इसरार,महेंद्र जाटवा, संजय पटेल आदि मौजूद रहे।

गिरफ्त में सटोरिया : रंगदारी करने वाला सट्टेबाज रोनक गादिया पुलिस गिरफ्त में, शहर में कई लोग बन रहे सट्टे का शिकार

आरोपी के साथ पुलिस ने फरियादी पर भी कर दी FIR, जाने क्या है पूरा मामला पब्लिक वार्ता – रतलाम,जयदीप गुर्जर। शहर में क्रिकेट सट्टा संचालित करने वाले वैसे तो लोगों के घर बर्बाद करते है। मगर इन सट्टेबाजों के आका यानी की इनको आईडी बांटने वाले खुद इनके घर बर्बाद कर रहे है। ऐसा ही एक मामले का खुलासा रतलाम पुलिस ने सोमवार को किया। जहां एक सटोरिया पुलिस के पास पहुंचा और उसने खुद क्रिकेट का सट्टा करना कबूल किया। उसने ये बात इसलिए कबूली क्योंकि वो जिससे लाइन लेकर या आईडी लेकर यह धंधा कर रहा था वो खुद ही उसकी जान का दुश्मन बन गया। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा तो दर्ज किया मगर दोनों के खिलाफ। पुलिस ने फरियादी पर सट्टे का और आरोपी पर धमकाने सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया। आरोपी रोनक गादिया को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस मामले में आरोपी रोनक गादिया के लिंक खोजने में जुटी है। आरोपी ने और कितने लोगों को क्रिकेट सट्टे की आईडी बांटी है और इसके ऊपर कौन – कौन लोग और शामिल है इसकी भी जांच की जाएगी। माणक चौक थाना प्रभारी प्रीति कटारे के अनुसार आरोपी के खिलाफ पूर्व में भी सट्टे व मारपीट के प्रकरण दर्ज है। आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे 1 दिन के रिमांड पर पुलिस को सौंपा है। सूत्रों की माने तो रोनक गादिया शहर के नामचीन रंग व्यापारी के अंडर में रहकर सट्टे के कारोबार को सीखकर संचालित करता आ रहा है। व्हाइट कॉलर लोग सफेद धंधे की आड़ में शहर में बेख़ौफ काला धंधा संचालित कर रहे है। सट्टे के सिंडिकेट की बात करे और ठीक से इसकी जांच की जाए तो कई ऐसे नामचीन हस्तियों के तार इससे जुड़े मिलेंगे जो खुद को समाज के सामने प्रतिष्ठित और बेदाग बताते है। मगर अपने लंबे राजनीतिक रसूख के कारण और प्रशासनिक संरक्षण के चलते जांच की आंच इनको छू तक नहीं पाती और बेखोफ ये व्हाइट कॉलर लोग अपने काले कारनामे संचालित करते आ रहे है। खेर रतलाम वासियों के मन में आज भी यह सवाल है की कब शहर सट्टा और सटोरियों से मुक्त होगा जिसने हजारों परिवारों को उजाड़ कर रख दिया है। यह है पूरा मामला :एसपी राहुल कुमार लोढा ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया 23 नवंबर को फरियादी सोरभ जैन पिता सोहनलाल जैन उम्र 40 साल नि.110 धानमण्डी ने रिपोर्ट दर्ज करवाई की में क्रिकेट के सट्टी की आईडी चलाता हूं। यह आईडी उसने आरोपी रोनक गादीया से ली जिसके बदले मे रोनक गादीया ने अवैध रुप से 10 लाख रुपये मांगे। फरियादी ने पैसे देने से मना किया तो आरोपी गादिया ने डरा धमका कर पंचेड़ की जमीन के तीन प्लाट अपने नाम पर अनुबंध (एग्रीमेंट) करा लिया और बोला की पैसे नही दे सकता हे, तो वह प्लाट मेरे नाम पर करवा दे। इसी बात को लेकर 20 नवंबर की रात रोनक ने करमदी रोड पर मिलकर बोला की तुने आईडी के रुपये नही दिए, अगर तुझे क्रीकेट की आईडी का सट्टा करना हे, तो मुझे रुपये देना पड़ेगे और मां बहन की गालियां देकर थप्पड़ो से मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी।फरियादी की रिपोर्ट पर पुलिस ने मामले में आईपीसी की धारा 327,294,323 व 506 में प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया। जिसके बाद तेजा नगर गली नं. 3 निवासी आरोपी रोनक पिता बाबुलाल गादीया उम्र 33 वर्ष को गिरफ्तार किया। पुलिस रिमांड लेने के बाद उससे एग्रिमेंट जप्त करने के साथ ही कई बिंदुओं पर पूछताछ भी करेगी। मामले में माणक चौक थाना टीआई प्रिति कटारे, एएसआई एस.एस.राठौर , हेड कांस्टेबल 781 नरेन्द्र चावडा व 416 दिलीपसिह रावत की अहम भूमिका रही।

बोर्ड परीक्षा टाइम टेबल : एमपी बोर्ड कक्षा 10वीं की परीक्षा 05 फरवरी से और 12वीं की 06 फरवरी से होगी शुरु

बोर्ड ने बताया कैसे आएगा पेपर, वेबसाइट पर जाकर कर सकते है चेक पब्लिक वार्ता – भोपाल,जयदीप गुर्जर। मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (MPBSE) यानी एमपी बोर्ड (MP BOARD) ने कक्षा 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षा 2024 के लिए टाइम टेबल (10th 12th time table) जारी कर दिया है। मध्यप्रदेश बोर्ड 10वीं और 12वीं की परीक्षा 5 और 6 फरवरी, 2024 से शुरू होगी। इस बार मार्च में शुरू होने वाली बोर्ड की परीक्षाएं फरवरी में ली जा रही है। बताया जा रहा है की मई जून 2024 में होने वाले लोकसभा चुनाव को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। परीक्षा के बाद रिजल्ट भी मार्च के अंत में या मई के पहले सप्ताह तक जल्द ही घोषित कर दिया जाएगा। यह टाइम टेबल नियमित (रेगुलर) और स्वाध्याय (प्राइवेट) छात्रों के लिए है। इस टाइम टेबल के अनुसार दसवीं कक्षा की परीक्षाएं 5 फरवरी से 28 फरवरी तक होनी है। वहीं 12वीं कक्षा की परीक्षाएं 6 फरवरी से 4 मार्च तक चलेंगी। परीक्षाओं का समय यथावत सुबह 9:00 बजे से 12:00 का रखा गया है। जिसके लिए छात्रों को 8 बजे पहुंचने की हिदायत दी गई है। परीक्षा पूर्ण होने से 15 मिनट निकलने के बाद यानी सुबह 08:45 के बाद किसी भी छात्र को परीक्षा हॉल में एंट्री नहीं दी जाएगी। छात्रों को हर हाल में सुबह 08:30 बजे तक परीक्षा हाल में उपस्थित होना होगा। टाइम टेबल एमपी बोर्ड 2024 आधिकारिक वेबसाइट mpbse.nic.in पर जारी किया गया है। विद्यार्थियों को बोर्ड की सुविधामप्र माध्यमिक शिक्षा मंडल की हाईस्कूल और हायर सेकंडरी परीक्षाओं में अब दो माह का ही समय बचा है। ऐसे में मंडल ने विद्यार्थियों को परीक्षा की तैयारी करने के लिए बड़ी सुविधा दी है। छात्रों को इन परीक्षाओं की तैयारी के लिए बोर्ड ने सभी विषयों के सैंपल पेपर तैयार कर वेबसाइट पर अपलोड कर दिए हैं। बोर्ड परीक्षा की तैयारी करने वाले छात्र इन पेपर को हल कर यह जान सकेंगे कि बोर्ड के पेपर किस तरह के पैटर्न पर आएंगे। सैंपल पेपर में स्कीम ऑफ मार्क्स की जानकारी के साथ ही परीक्षा की तैयारी में विद्यार्थियों को मदद भी मिल सकेगी। इसके लिए विद्यार्थियों को बोर्ड की वेबसाइट mpbse.nic.in पर जाना होगा।

यह गलत है! : मुस्लिम महिला का भाजपा को वोट देना पड़ा महंगा, गुस्साए देवर ने कर दी पिटाई, देखे वीडियो

मुख्यमंत्री शिवराजसिंह के सामने पहुंची पीड़ित महिला, भय्या ने लाडली बहना को दिलाया न्याय का भरोसा! पब्लिक वार्ता – भोपाल,जयदीप गुर्जर। कहने को तो एमपी अजब है और गजब है। लेकिन कभी कभी एमपी में ऐसे गजब मामले सामने आते है जो एमपी की साख दाव पर लगा देते है। एक ऐसा ही मामला सीएम शिवराजसिंह चौहान के सामने आया। उन्होंने खुद ट्वीट कर इसकी जानकारी दी है। मध्यप्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान ने एक मुस्लिम महिला से मुलाकात की, जिसे उसके देवर ने सिर्फ इसलिए पीटा था क्योंकि उसने बीजेपी को वोट दिया और वह जीत की खुशियां मना रही थी। सीएम ने ट्वीट में कहा की, ‘मजबूत लोकतंत्र के लिए बीजेपी को अपना मत देने पर मेरी एक बहन को उसके परिवार द्वारा प्रताड़ित करने का मामला मेरे संज्ञान में आया है। मैंने इस संबंध में अधिकारियों को निर्देशित कर उचित कार्रवाई करने को कहा है। इसके साथ ही पीड़ित बहन को पूरी सुरक्षा व आर्थिक मदद भी दी जाएगी। मेरी बहन, तुम किसी बात की चिंता मत करना, तुम्हारा भाई सदैव तुम्हारे साथ है।’ कौन है यह मुस्लिम महिला?मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पीड़ित महिला समीना बी से मुलाकात की। बीजेपी को वोट देने के कारण समीना को उनके देवर जावेद खां ने पीटा था। समीना अपने बच्चों के साथ सीएम हाउस में शिवराज से मिलने पहुंची। इस दौरान सीएम ने उनसे बात की और बच्चों को प्यार दिया। सीएम ने आश्वासन दिया कि वह महिला की सुरक्षा और सम्मान पर कोई आंच नहीं आने देंगे। बता दें कि मामला सीहोर जिले के अहमदपुर थाना क्षेत्र के बरखेड़ा हसन गांव का है, जहां समीना बी नाम की महिला के साथ इसलिए मारपीट की गई थी क्योंकि उसने बीजेपी को वोट दिया था। यह घटना 4 दिसंबर की है, जिसकी शिकायत उसने पुलिस में भी की। 8 दिसंबर यानी शुक्रवार को महिला कलेक्टर के पास शिकायत लेकर पहुंची। उसका आरोप है कि अभी तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं की गई। वहीं, देवर की गिरफ्तारी को लेकर पीड़िता ने कलेक्टर से गुहार लगाई। जिसके बाद मामला सीएम तक पहुंचा और उन्होंने महिला से शनिवार को मुलाकात की। कब हुई थी घटना ?महिला के साथ मारपीट की घटना 4 दिसंबर को सामने आई थी। महिला का कहना है कि वह बीजेपी की जीत पर खुशियां मना रही थी। इसी दौरान देवर गाली-गलौच करने लगा और जब महिला ने विरोध किया तो देवर ने मारपीट की। हालांकी महिला का कहना है कि उसने पुलिस में भी शिकायत दर्ज कराई है। पीड़ित महिला की शिकायत पर पुलिस ने देवर के खिलाफ विभिन्न धाराओं के साथ धारा 294, 323, 506, 34 के तहत में एफआईआर दर्ज की है। पुलिस का कहना है की मामले की जांच कर रही है तथा जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

नहीं रुलाएगा प्याज! : मोदी सरकार ने प्याज के एक्सपोर्ट पर लगाया बेन, लोकसभा चुनाव से पहले बड़ा फैसला

चीनी से एथोनॉल बनाने पर भी रोक, ताकि महंगाई पर किया जा सके कंट्रोल पब्लिक वार्ता – नई दिल्ली,जयदीप गुर्जर। केंद्र की मोदी सरकार ने मार्च 2024 तक प्याज के एक्सपोर्ट पर बैन लगाने का फैसला किया है। लोकसभा चुनाव अब केवल 4 महीने दूर है, ऐसे में माना जा रहा है की मोदी सरकार इस महाचुनाव से पहले महंगाई को लेकर कोई जोखिम नहीं लेना चाहती है। प्याज के देश से बाहर एक्सपोर्ट पर रोक लगाने के इस फैसले से उसकी बढ़ती कीमतों पर अंकुश लगाया जा सकेगा। डायरेक्टर जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड  (DGFT) ने इस फैसले को लेकर नोटिफिकेशन जारी किया है। नोटिफिकेशन के मुताबिक प्याज के एक्सपोर्ट पॉलिसी में संशोधन करते हुए उसे प्रतिबंधित कर दिया गया है। प्याज के एक्सपोर्ट पर बैन का फैसला शुक्रवार 8 दिसंबर, 2023 से लागू हो चुका है। डिपार्टमेंट ऑफ कंज्यूमर अफेयर्स के मुताबिक 8 दिसंबर 2023 को खुदरा बाजार में प्याज की औसत कीमत 56.82 रुपये प्रति किलो है। जबकि पिछले साल यानी 8 दिसंबर 2022 को औसतन प्याज की कीमत 28.88 रुपये प्रति किलो थी। एक साल में प्याज की कीमतों में करीब दोगुना उछाल आया है। हालांकि सरकार ने कहा कि तीन परिस्थितियों में प्याज के एक्सपोर्ट को लेकर छूट दी जा सकती है। जिसमें पहला नोटिफिकेशन के जारी होने से पहले जहाज पर प्याज की लोडिंग की जा चुकी हो। दूसरा, नोटिफिकेशन के जारी होने से पहले शिपिंग बिल भरा जा चुका हो और पोर्ट पर प्याज की लोडिंग के लिए पहुंच चुका हो। इस परिस्थिति में एक्सपोर्ट की अप्रूवल तभी मिलेगी जब अथॉरिटी ये कंफर्म कर दे कि जहाज की बर्थिंग की जा चुकी है। और तीसरी परिस्थिति ये कि एक्सपोर्ट किया जाने वाला प्याज कस्टम को सौंपा जा चुका हो और सिस्टम में उसकी एंट्री हो चुकी हो। वहीं यह छूट केवल 5 जनवरी 2024 तक ही मिल सकेगी। आपको बता दे इससे पहले केंद्र सरकार गेहूं, चावल, चीनी के निर्यात पर भी रोक लगा चुकी है। गुरुवार को सरकार ने चीनी की कीमतों में उछाल के बाद गन्ने से एथेनॉल बनाने पर रोक लगा दी है जिससे घरेलू बाजार में चीनी की कीमतों में कमी लाई जा सके।