Ratlam News: एक माह में नहीं मानी प्रशासन ने बात तो कलेक्टर के चैंबर में घुसकर ला देंगे पसीना : सैलाना विधायक डोडियार का चेतावनी भरा ऐलान

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम जिले की सैलाना विधानसभा से कांग्रेस विधायक कमलेश्वर डोडियार एक बार फिर अपने विवादित बयान को लेकर सुर्खियों में हैं। सोमवार को रतलाम कलेक्ट्रेट पर ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन करते हुए डोडियार ने खुले मंच से चेतावनी दी कि अगर एक माह में समाधान नहीं हुआ तो वे कलेक्टर के चैंबर में घुसेंगे और “पसीना ला देंगे”। डोडियार ने प्रशासन को सीधी चेतावनी देते हुए कहा, “हमने निवेदन कर लिया, अब चेतावनी दे रहे हैं। अगली बार चैंबर में घुसेंगे। गोबर, कीचड़, जो भी लाना पड़े लाएंगे। शिकायतों की माला पहनाकर समाधान करवाएंगे।” ग्रामीणों के साथ कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन सैकड़ों ग्रामीणों के साथ विधायक डोडियार ने रतलाम कलेक्ट्रेट का घेराव किया। प्रदर्शन से पहले ग्रामीण कोर्ट चौराहा पर एकत्र हुए और नारेबाजी करते हुए पैदल मार्च निकाला। “जय जोहार”, “जल-जमीन की रक्षा कौन करेगा – हम करेंगे” जैसे नारों के साथ ग्रामीणों ने तख्तियां हाथों में लीं और सड़क पर बैठकर प्रदर्शन किया। डोडियार ने 29 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन रतलाम की डिप्टी कलेक्टर प्राची हरित को सौंपा, जो मुख्यमंत्री के नाम संबोधित था। उन्होंने बताया कि बारिश के मौसम में सैलाना विधानसभा क्षेत्र के आदिवासी ग्रामीणों को पेयजल, सड़क, और बिजली जैसी बुनियादी समस्याओं से जूझना पड़ता है। कलेक्टर पर तीखा हमला, पुराना विवाद फिर चर्चा में विधायक डोडियार का यह कोई पहला विवादित बयान नहीं है। दिसंबर 2024 में भी उन्होंने कलेक्टर राजेश बाथम पर बेहद आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। उस वक्त डोडियार ने कहा था – “तेरे बाप का राज है क्या? कोई भी जिला तेरे हिसाब से नहीं, कानून से चलेगा।” साथ ही उन्होंने कलेक्टर के जाति प्रमाण पत्र पर भी सवाल उठाए थे। इस तरह के बयानों को लेकर डोडियार प्रशासनिक महकमे और राजनीतिक हलकों में लगातार चर्चा में बने हुए हैं। अब उन्होंने कलेक्टर के कार्यप्रणाली पर एक बार फिर सीधा हमला बोला है और साफ कहा है कि अगर समाधान नहीं हुआ तो अगली बार आंदोलन और तीव्र होगा।

Ratlam News: गुलाब चक्कर हुआ रोशन: रतलाम की ऐतिहासिक धरोहर को मिला नया जीवन, कलेक्टर राजेश बाथम ने किया भव्य शुभारंभ

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम शहर की ऐतिहासिक विरासत गुलाब चक्कर अब गुलाबी रोशनी और संगीत की मधुर धुनों के साथ एक नए रूप में जगमगा रही है। शहर के मध्य स्थित इस सांस्कृतिक धरोहर का पुनरुद्धार एवं सौंदर्यीकरण कार्य पूरा होने के बाद शनिवार शाम को इसका भव्य शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में कलेक्टर राजेश बाथम की प्रमुख उपस्थिति रही। गुलाब चक्कर को जिला पुरातत्व, पर्यटन एवं संस्कृति परिषद द्वारा आकर्षक प्रकाश सज्जा और साउंड सिस्टम से सजाया गया है। उद्घाटन अवसर पर एसएएफ इंदौर के पुलिस बैंड ने प्रस्तुति दी, जिसके बाद प्रकाश और संगीत का मनोहारी प्रदर्शन हुआ। कलेक्टर बाथम ने जानकारी दी कि गुलाब चक्कर परिसर में 9 जून से प्रतिदिन सुबह 7:30 बजे योग कक्षाएं प्रारंभ होंगी। आगामी 5 दिनों तक रतलाम की स्थानीय प्रतिभाओं द्वारा गीत-संगीत कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। दो माह में दो ओपन एयर रेस्टोरेंट भी आमजन के लिए खोले जाएंगे। प्रकाश और साउंड शो हर शाम सूर्यास्त के 10 मिनट बाद और रात 9:30 बजे नियमित रूप से होगा। यह परिसर शुरूआती कुछ महीनों तक लगभग निशुल्क उपयोग के लिए आमजन को उपलब्ध रहेगा। गुलाब चक्कर में अब कला, साहित्यिक गोष्ठियां, योग, पेंटिंग, बुक फेयर, लोकनाट्य, इंडोर गेम्स, रोलर स्केटिंग, खादी-हथकरघा प्रदर्शनियोंजैसे आयोजनों की भी अनुमति रहेगी। हालांकि सामाजिक सम्मेलन, शादी या निजी पार्टियों की इजाजत नहीं होगी।  गुलाब चक्कर का ऐतिहासिक महत्व 1879 में महाराजा रणजीत सिंह द्वारा अपनी पुत्री गुलाब कंवर के नाम पर बनवाया गया यह चक्कर रतलाम की पहचान है। चतुष्कोणीय आकार में बनी इस संरचना के चारों कोनों पर मीनार जैसे स्तंभ हैं, जिन पर गुलाब के फूलों की आकृतियां उकेरी गई हैं। यहां पूर्व में फव्वारों से गुलाबजल की बौछारें होती थीं और चिड़ियाघर भी था। इस परिसर में आज भी साढ़े चार क्विंटल वज़नी पत्थर मौजूद है, जो सन 1900 में पंजाब के पहलवान गुलाम मोहम्मद द्वारा उठाया गया था। जनभागीदारी और सहयोग से साकार हुआ सपना गुलाब चक्कर का जीर्णोद्धार जिला पुरातत्व परिषद, मध्य प्रदेश शासन की जनभागीदारी योजना, IPCA कंपनी के CSR फंड और जन सहयोग से संभव हुआ है।  शुभारंभ कार्यक्रम में प्रमुख उपस्थिति इस अवसर पर कलेक्टर राजेश बाथम, डीआईजी मनोज सिंह, सीईओ जिला पंचायत श्रृंगार श्रीवास्तव, एसडीएम अनिल भाना, समाजसेवी गोविंद काकानी, जिला समन्वयक रत्नेश विजयवर्गीय, संध्या बेलसरे सहित कई अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।

Ratlam News: सलवानिया और नारायणगढ़ के पंचायत सचिव निलंबित, अधूरे कार्यों और वित्तीय अनियमितताओं पर हुई कार्रवाई

रतलाम- पब्लिक वार्ता,  न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जनपद पंचायत सैलाना अंतर्गत ग्राम पंचायत सलवानिया और नारायणगढ़ के सचिवों को अधूरे निर्माण कार्यों और वित्तीय अनियमितताओं के चलते निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई जिला पंचायत रतलाम के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री श्रृंगार श्रीवास्तव द्वारा मध्य प्रदेश पंचायत सेवा (अनुशासन एवं अपील) नियम 1999 के तहत की गई है। ग्राम पंचायत सलवानिया में अनुसूचित जनजाति बस्ती विकास योजना के अंतर्गत वर्ष 2018 में स्वीकृत सीसी रोड निर्माण कार्य अधूरा पाया गया। इस मामले में तत्कालीन सचिव श्री कोदर सिंह कटारा पर ₹3 लाख की वसूली प्रतिवेदित की गई है। इसी प्रकार ग्राम पंचायत नारायणगढ़ अंतर्गत ग्राम खाखराकुंडी नयापाड़ा में सीसी रोड का निर्माण भी अधूरा रहा, जिसके लिए तत्कालीन सचिव श्री राजेंद्र सिंह मेईडा (उर्फ राजकुमार मेईडा) पर ₹10 लाख की वसूली निर्धारित की गई है। इन दोनों अधिकारियों को पूर्व में कारण बताओ सूचना पत्र जारी करते हुए पेशी के लिए उपस्थित होने के निर्देश दिए गए थे। किंतु, दोनों ही अधिकारी बार-बार की गई पेशियों में अनुपस्थित रहे। पदीय दायित्वों के प्रति लापरवाही, कार्य के प्रति गंभीर असावधानी और वित्तीय अनियमितताओं को देखते हुए दोनों सचिवों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय जिला पंचायत रतलाम निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्राप्त होगा। यह कार्रवाई पंचायत स्तर पर जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक ठोस कदम मानी जा रही है।

Ratlam News: मिलावट पर सख्ती: कलेक्टर राजेश बाथम के निर्देश पर रतलाम में लगातार कार्रवाई जारी

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: कलेक्टर राजेश बाथम के निर्देश पर रतलाम जिले में मिलावट के खिलाफ सख्त अभियान जारी है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन के खाद्य सुरक्षा अधिकारी लगातार जिले के विभिन्न क्षेत्रों में निरीक्षण कर संदिग्ध खाद्य पदार्थों के नमूने ले रहे हैं। आज की कार्रवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारी कमलेश जमरा द्वारा ताल और आलोट क्षेत्र के कई प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। ग्राम मंडावल में स्थित श्री कृष्ण टी स्टाल रेस्टोरेंट एंड किराना स्टोर से बेसन, चावल और चायपत्ती के नमूने लिए गए। वहीं, ग्राम आबूपुरा में स्थित सवारियां मावा भट्टी से मावा और दूध के नमूने लिए गए। इसके अलावा, मेन रोड आलोट स्थित स्वागत ट्रेडर्स से रवा, वंदन ट्रेडर्स से देसी घी तथा बड़ौद नाका आलोट स्थित खाटूश्याम टी स्टाल एवं रेस्टोरेंट से बेसन और मिठाई के नमूने एकत्रित किए गए। कार्रवाई के दौरान सभी दुकान संचालकों को साफ-सफाई बनाए रखने और गुणवत्तायुक्त खाद्य पदार्थों का भंडारण व विक्रय करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए। सभी लिए गए नमूने भोपाल स्थित राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजे जा रहे हैं। रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा, ताकि आमजन को मिलावट मुक्त और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा सके।

Ratlam News: सुरक्षा के मद्देनज़र बांगरोद इंडियन ऑयल डिपो का प्रशासन ने किया सघन निरीक्षण

रतलाम- पब्लिक वार्ता,न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: मध्य प्रदेश के रतलाम जिले के बांगरोद स्थित इंडियन ऑयल डिपो का भी सुरक्षा के लिहाज़ से निरीक्षण किया गया। कलेक्टर और एसपी ने डिपो परिसर का बारीकी से मुआयना कर सुरक्षा इंतज़ामों की समीक्षा की। मौके पर ग्रामीण एसडीएम, एसडीओपी पुलिस और नामली थाना प्रभारी भी मौजूद रहे। प्रशासन का कहना है कि यह केवल एक अभ्यास है और किसी भी तरह की अफवाह या घबराहट से बचें। देशभर के नागरिकों से संयम, सतर्कता और सहयोग की अपील की गई है। पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाक के बीच युद्ध की आशंका को लेकर बुधवार, 7 मई 2025 को पूरे देश में भारतीय सेना द्वारा एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया जा रहा है। यह ड्रिल देश के 244 जिलों में शाम 4 बजे से शुरू होगी और करीब 5 घंटे तक चलेगी। इस अभ्यास का उद्देश्य आपात स्थिति में नागरिकों की तैयारी और जागरूकता को परखना है। सरकार और प्रशासन ने नागरिकों के लिए एक विस्तृत एडवाइजरी जारी की है, जिसमें बताया गया है कि इस दौरान क्या करना चाहिए और किन बातों से बचना चाहिए। एडवाइजरी के मुख्य बिंदु:

Ratlam News: भीषण गर्मी के चलते रतलाम जिले के स्कूलों के समय में बदलाव, अब सुबह 7 से दोपहर 12 बजे तक लगेंगी कक्षाएं

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जिले में लगातार बढ़ रही गर्मी और तापमान को देखते हुए जिला प्रशासन ने विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए बड़ा निर्णय लिया है। रतलाम जिले के समस्त शासकीय, अशासकीय, सीबीएसई, आईसीएसई, माध्यमिक शिक्षा मंडल एवं अन्य सभी बोर्ड से सम्बद्ध विद्यालयों के लिए नया समय तय कर दिया गया है। जिला प्रशासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार अब कक्षा नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के सभी विद्यालयों का संचालन प्रातः 7:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक किया जाएगा। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा। अपर कलेक्टर डॉ. शालिनी श्रीवास्तव द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह निर्णय विद्यार्थियों को गर्मी से राहत देने एवं स्वास्थ्यगत जोखिमों को कम करने के उद्देश्य से लिया गया है। इस आदेश की प्रति संबंधित अधिकारियों एवं शिक्षा विभाग के विभिन्न स्तरों को आवश्यक कार्यवाही हेतु भेजी गई है। प्रशासन ने जनसंपर्क अधिकारी को आदेशित किया है कि इस निर्णय की जानकारी जिले के समस्त समाचार पत्रों के माध्यम से आमजन तक पहुँचाई जाए। साथ ही, सभी संस्था प्रमुखों को निर्देशित किया गया है कि वे समय पर इस आदेश का पालन सुनिश्चित करें।

Ratlam News: शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाया, नौ करोड़ की जमीन मंदिर प्रशासन को सौंपी

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: कलेक्टर श्री राजेश बाथम के निर्देशानुसार प्रशासन ने ग्राम सुराखेड़ी स्थित शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाकर उसे मंदिर प्रशासन को सौंप दिया। यह कार्रवाई 3 अप्रैल 2025 को की गई, जिसमें कुल 1.79 हेक्टेयर भूमि को अतिक्रमण मुक्त किया गया। इस भूमि की अनुमानित कीमत लगभग नौ करोड़ रुपये है। क्या है मामला? ग्राम सुराखेड़ी में सर्वे क्रमांक 8 (0.240 हेक्टेयर) एवं 7 (1.550 हेक्टेयर) की भूमि, जो कि राजस्व रिकॉर्ड में श्री कालिका माता मंदिर, रतलाम (प्रबंधक: कलेक्टर, जिला रतलाम, म.प्र. शासन) के नाम दर्ज है, पर सईदा बी बेवा अब्दुल हमीद, अशरफ पिता अब्दुल हामिद, सत्तार पिता वकील खां, और रईसा पति अकरम खां द्वारा गेहूं की फसल बोकर अतिक्रमण कर लिया गया था। प्रशासन की कार्रवाई प्रशासन ने नियमानुसार कार्रवाई करते हुए पूरी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया और इसे श्री कालिका माता मंदिर के पुजारी हेमंत पिता चंडीप्रसाद एवं प्रकाश पिता अमरलालजी को सुपुर्द कर दिया। कार्रवाई में ये अधिकारी रहे मौजूद इस कार्रवाई में राजस्व विभाग की ओर से नायब तहसीलदार (पूर्वी भाग) श्री आशीष उपाध्याय, राजस्व निरीक्षक श्री मेहरबान सिंह मालवीय, पटवारी श्री गिरीश शर्मा, श्री मुकेश मरमट, श्री अंकित परिहार, श्री विजय मकवाना उपस्थित रहे। पुलिस विभाग से सालाखेड़ी चौकी प्रभारी श्री मुकेश यादव ने अपनी टीम के साथ सहयोग किया। प्रशासन की सख्ती जारी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासकीय भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

Ratlam News: 12 मदिरा दुकानों के लाइसेंस निलंबित, लाइसेंसियों पर 24 लाख रुपये जुर्माना

रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क| Ratlam News: वित्तीय वर्ष 2024-25 की समाप्ति के साथ जिले में मदिरा दुकानों के लाइसेंसी परिवर्तित हुए हैं। इसी बीच, कुछ बहिर्गामी ठेकेदारों द्वारा अनियमितताओं की शिकायतें प्राप्त हो रही थीं। कलेक्टर राजेश बाथम के निर्देश पर आबकारी विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए 12 मदिरा दुकानों के लाइसेंस एक दिन के लिए निलंबित कर दिए हैं। साथ ही, प्रत्येक लायसेंसी पर 2-2 लाख रुपये (कुल 24 लाख रुपये) का जुर्माना लगाया गया है। आबकारी विभाग की सख्त कार्रवाई मदिरा दुकानों पर विक्रय दरों में अनियमितता पाए जाने पर विभाग ने संबंधित दुकानों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किए। आबकारी विभाग अवैध मदिरा संग्रहण, परिवहन और बिक्री पर लगातार निगरानी रख रहा है और इस संबंध में लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। नवीन आबकारी नीति से बढ़ा राजस्व रतलाम जिले में आबकारी नीति 2025-26 के तहत 99 मदिरा दुकानों को 8 समूहों में विभाजित कर निष्पादन किया गया। जिले का आरक्षित मूल्य 3,83,41,23,153 रुपये था, जबकि निष्पादन प्रक्रिया में 3,87,31,96,840 रुपये का वार्षिक मूल्य प्राप्त हुआ, जो आरक्षित मूल्य से 3.90 करोड़ रुपये अधिक और पिछले वर्ष की तुलना में 21.22% अधिक है। प्रशासन की सख्ती के चलते मदिरा दुकानों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे अनियमितताओं पर रोक लग सके।

Ratlam News: स्वैच्छिक संगठनों का एक दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न  

रतलाम- पब्लिक वार्ता,  न्यूज़ डेस्क।  Ratlam News: मप्र जन अभियान परिषद के अंतर्गत स्वैच्छिक संगठनों का एक दिवसीय प्रशिक्षण कलेक्ट्रेट सभागृह रतलाम में संपन्न हुआ। इस प्रशिक्षण में जिले के विभिन्न स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कलेक्टर ने की, जबकि परिषद के जिला समन्वयक रत्नेश विजयवर्गीय ने स्वागत उद्बोधन दिया और प्रशिक्षण की रूपरेखा प्रस्तुत की। प्रशिक्षण में मप्र जन अभियान परिषद के संभाग समन्वयक अमिताभ श्रीवास्तव, उज्जैन संभाग समन्वयक शिवप्रसाद मालवीय, विशेष अतिथि गायत्री परिवार युवा प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक विवेक चौधरी, पतंजलि युवा भारत के प्रदेश प्रभारी प्रेमाराम पुनिया, नवांकुर चयन समिति के सदस्य मनीष सुरेखा, सुनीता छाजेड़, समाजसेवी गोविंद काकानी और परिषद के पूर्व जिला उपाध्यक्ष अभय कोठारी उपस्थित रहे।   प्रशासन और समाज के बीच सेतु हैं स्वैच्छिक संगठन   कलेक्टर ने अपने संबोधन में कहा कि स्वैच्छिक संगठन शासन की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि जिले में कार्यरत संगठनों के उल्लेखनीय कार्यों को संकलित कर भविष्य में एक स्मारिका प्रकाशित की जाएगी, जिससे समाजसेवा के प्रयासों को आने वाली पीढ़ी भी जान सके। उन्होंने बताया कि जिले में कई एनजीओ सराहनीय कार्य कर रहे हैं और उनके कार्यों का उचित डॉक्यूमेंटेशन कराया जाएगा।   स्वैच्छिक संगठनों के लिए पारदर्शिता और दस्तावेजीकरण आवश्यक   संभाग समन्वयक अमिताभ श्रीवास्तव ने कहा कि समाज में अपनी पहचान स्थापित करने के लिए लोक संग्रह एक प्रभावी विधा है। उन्होंने गीत और कहानी के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन की क्षमता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि स्वैच्छिक संगठनों को पारदर्शी और दस्तावेजीकरण आधारित बनाना होगा, जिससे वे निरंतर प्रभावी गतिविधियों के माध्यम से गांवों को आदर्श ग्राम बनाने की दिशा में कार्य कर सकें।   संभाग समन्वयक शिवप्रसाद मालवीय ने जन अभियान परिषद की विभिन्न योजनाओं जैसे प्रस्फुटन, नवांकुर, सृजन, समृद्ध दृष्टि और संवाद के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने स्वयंसेवी संगठनों की संरचना, प्रबंधन, एनजीओ रजिस्ट्रेशन, 80जी, 12ए, वार्षिक प्रतिवेदन, साधारण सभा की बैठक और अन्य दस्तावेजीकरण प्रक्रियाओं के बारे में भी चर्चा की।   सीएसआर और सामाजिक अंकेक्षण पर चर्चा   लेखापाल सहलिपिक महावीर बैरागी ने स्वैच्छिक संगठनों के महत्वपूर्ण नियम, दस्तावेजीकरण, एनजीओ प्रबंधन और कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) से संबंधित जानकारी प्रदान की। जिला पंचायत से दिनेश मोरवाल ने सामाजिक अंकेक्षण की प्रक्रिया पर प्रकाश डाला।   बड़ी संख्या में प्रतिनिधियों की भागीदारी   इस प्रशिक्षण में विकासखंड समन्वयक शैलेंद्र सिंह सोलंकी, युवराज सिंह पंवार, निर्मल कुमार अमलियार, शिवशंकर शर्मा, मुकेश कटारिया, रतनलाल चरपोटा, विजयेश राठौड़ सहित स्वैच्छिक संगठनों और नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।   कार्यक्रम के दौरान विभिन्न संस्थाओं ने कलेक्टर को स्मृति चिन्ह और पुस्तकें भेंट कीं। प्रशिक्षण के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए।   प्रमुख विषयों पर हुआ प्रशिक्षण   स्वैच्छिक संगठनों को मप्र जन अभियान परिषद की योजनाओं, एनजीओ पंजीयन की प्रक्रिया, सीएसआर फंडिंग, आदर्श ग्राम की परिकल्पना, सामाजिक अंकेक्षण और प्रभाव मूल्यांकन जैसे विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया। संगठनों के प्रतिनिधियों ने अपने कार्यों का विस्तृत विवरण सदन के समक्ष प्रस्तुत किया।   कार्यक्रम का संचालन जिला समन्वयक रत्नेश विजयवर्गीय ने किया और आभार विकासखंड समन्वयक रतनलाल चरपोटा ने व्यक्त किया।

Ratlam News: प्रशिक्षु आईएएस व आईपीएस अधिकारियों ने कलेक्टर राजेश बाथम से की मुलाकात, सर्विस की बारीकियों पर की चर्चा

रतलाम – पब्लिक वार्ता,जयदीप गुर्जर। Ratlam News: सोमवार को प्रशिक्षु आईएएस, आईपीएस अधिकारियों ने कलेक्टर राजेश बाथम से मुलाकात की। इस अवसर पर कलेक्टर ने उनके साथ बैठक आयोजित कर रतलाम जिले की विशेषताओं और विविधताओं के बारे में जानकारी साझा की। बैठक में सीईओ जिला पंचायत श्रृंगार श्रीवास्तव, अपर कलेक्टर डॉ. शालिनी श्रीवास्तव, परियोजना अधिकारी शहरी विकास अभिकरण रवि गुप्ता, सहायक परियोजना अधिकारी शहरी विकास अभिकरण अरुण पाठक, और अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत निर्देशक शर्मा भी उपस्थित थे। बैठक के दौरान कलेक्टर ने प्रशिक्षु अधिकारियों को जिले के भ्रमण के लिए विभिन्न स्थानों की बिंदुवार जानकारी दी। उल्लेखनीय है कि प्रशिक्षु अधिकारी रतलाम जिले में 16 नवंबर तक अध्ययन भ्रमण पर हैं। इनमें छह आईएएस अधिकारी, पांच आईपीएस अधिकारी और एक आईडीएएस अधिकारी शामिल हैं। आईएएस अधिकारियों (IAS Officers) में सय्यद आदिल मोहसिन, विपिन दुबे, सचिन राहर, आयुषी प्रधान, और सुभांशु कटियार शामिल हैं। आईपीएस (IPS Officers) अधिकारियों में माधव गुप्ता, सिमरन सिंह, कुहू गर्ग, अनिकेत कुलकर्णी, और अजीत सिंह सम्मिलित हैं, जबकि हर्षवर्धन पांडे आईडीएएस (IDAS Officer) कैडर से हैं। आपको बता आईडीएएस कैडर के अंतर्गत भारतीय रक्षा बलों में वित्तीय प्रबंधन के लिए अधिकारी का चयन करना होता है। आईडीएस रेंक भी आईएएस अफसर के बराबरी की रेंक होती है। इसमें शहर या जिला नहीं देखते बल्कि भारतीय सुरक्षा बलों के लिए बेहतर फाइनेंशियल स्टेटस तैयार करने का काम होता है।

0%