Ratlam News: रतलाम में नशे के खिलाफ कलेक्टर का सख्त रुख, कार्रवाई दिखाई नहीं देने पर जताई नाराजगी

Ratlam News: रतलाम में नारकोटिक्स रोकथाम को लेकर कलेक्टर अजय कटेसरिया ने सख्ती दिखाई। आबकारी और ड्रग इंस्पेक्टर को रोज कार्रवाई के निर्देश दिए। रतलाम- पब्लिक वार्ता  न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: जिले में नशीले पदार्थों की रोकथाम को लेकर प्रशासन ने अब कार्रवाई तेज करने के संकेत दिए हैं। नारकोटिक्स एवं अन्य नशीले पदार्थों की रोकथाम के लिए आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में कलेक्टर अजय कटेसरिया ने संबंधित विभागों को नियमित और प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। बैठक में आबकारी विभाग और ड्रग इंस्पेक्टर की कार्रवाई को लेकर कलेक्टर ने कड़ा असंतोष जताया। उन्होंने अधिकारियों से सवाल किया कि इन विभागों की कार्रवाई आखिर जनता को दिखाई क्यों नहीं दे रही है। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि नशे के खिलाफ केवल कार्रवाई करना ही पर्याप्त नहीं, बल्कि उसका असर भी जमीन पर नजर आना चाहिए। कार्रवाई पर कलेक्टर ने अधिकारियों से पूछा सीधा सवाल समीक्षा के दौरान कलेक्टर अजय कटेसरिया ने आबकारी विभाग और ड्रग इंस्पेक्टर की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए पूछा कि क्या किसी अधिकारी ने इन विभागों की कार्रवाई को देखा, सुना या उसके बारे में पढ़ा है। इस सवाल पर बैठक में मौजूद अधिकारी कोई स्पष्ट जवाब नहीं दे सके। इसके बाद कलेक्टर ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि नशीले पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई लगातार और प्रभावी होनी चाहिए। उन्होंने साफ किया कि काम केवल कागजों तक सीमित नहीं रहना चाहिए। कार्रवाई का असर आम लोगों और संबंधित क्षेत्रों में भी दिखाई देना जरूरी है। ड्रग इंस्पेक्टर से मांगा अगस्त का पूरा रिकॉर्ड कलेक्टर ने ड्रग इंस्पेक्टर को अगस्त महीने में की गई सभी कार्रवाइयों का विस्तृत रिकॉर्ड तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अगली समीक्षा बैठक में इस विषय पर प्राथमिकता से चर्चा की जाएगी। विभाग को यह जानकारी देनी होगी कि अगस्त में कितनी कार्रवाई की गई और उससे क्या परिणाम सामने आए। मुख्य निर्देश: अवैध शराब और नशीले पदार्थों पर अभियान चलाने के निर्देश आबकारी विभाग को अवैध शराब और अन्य नशीले पदार्थों के खिलाफ नियमित अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर ने विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर भी जोर दिया, ताकि नशीले पदार्थों की तस्करी और अवैध कारोबार से जुड़े मामलों पर समय रहते कार्रवाई की जा सके। हॉटस्पॉट क्षेत्रों पर लगातार निगरानी नारकोटिक्स रोकथाम बैठक में पुलिस और संबंधित विभागों को उन क्षेत्रों पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए, जिन्हें नशीले पदार्थों की तस्करी के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है। कलेक्टर ने ऐसे हॉटस्पॉट क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने और उपलब्ध कानूनी प्रावधानों के तहत प्रभावी कार्रवाई करने को कहा। बैठक में सफेमा अधिनियम सहित कानूनी प्रावधानों के उपयोग पर भी जोर दिया गया। स्कूलों में चलेगा नशामुक्ति जागरूकता अभियान नशे की रोकथाम को लेकर प्रशासन ने केवल कार्रवाई तक सीमित रहने के बजाय जागरूकता पर भी जोर दिया है। कलेक्टर ने स्कूलों में नशामुक्ति अभियान चलाने और व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए। इसके अलावा आरटीओ के माध्यम से बसों में नशामुक्ति से संबंधित फ्लेक्स और बैनर लगाने के लिए भी कहा गया है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों और आम लोगों तक नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूकता का संदेश पहुंचाना है। बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में कलेक्टर अजय कटेसरिया की अध्यक्षता में नारकोटिक्स रोकथाम से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक में पुलिस अधीक्षक अमित कुमार, अपर कलेक्टर बृजेंद्र कुमार रावत, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

Ratlam News: रतलाम की पैराडाइज वैली में दर्दनाक हादसा, बच्चों को बचाने उतरे 2 शिक्षक और छात्र की मौत

Ratlam News: रतलाम की पैराडाइज वैली में पिकनिक के दौरान पानी में गिरे बच्चों को बचाने की कोशिश में 2 शिक्षकों और एक छात्र की डूबने से मौत हो गई। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम शहर से करीब 11 किलोमीटर दूर पैराडाइज वैली पिकनिक स्पॉट पर रविवार दोपहर एक दर्दनाक हादसे ने खुशियों को मातम में बदल दिया। जावरा के त्रिमूर्ति कॉन्वेंट स्कूल से पिकनिक पर पहुंचे विद्यार्थियों में से कुछ बच्चे पानी के पास खेल रहे थे। इसी दौरान दो बच्चे पानी में चले गए। बच्चों को डूबता देख शिक्षक प्रिंस मोदी और विजय सिंह राठौर उन्हें बचाने के लिए पानी में उतरे। बचाव के दौरान एक छात्र और दोनों शिक्षक गहरे पानी में चले गए। स्थानीय लोगों की मदद से तीनों को बाहर निकाला गया, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी। हादसे में कक्षा 7वीं के छात्र हर्षित पाटीदार सहित दोनों शिक्षकों की मौत हो गई। वहीं, पानी में गई अन्य छात्रा खुशी को बचा लिया गया। अन्वेष और सिद्धि समेत अन्य विद्यार्थियों को भी अस्पताल ले जाया गया। पैराडाइज वैली में कैसे हुआ हादसा? जानकारी के अनुसार, त्रिमूर्ति कॉन्वेंट स्कूल, जावरा के कक्षा 7वीं और 9वीं के करीब 17 विद्यार्थी रविवार सुबह लगभग 10:30 बजे स्कूल स्टाफ के साथ बस से पैराडाइज वैली पहुंचे थे। विद्यार्थियों के साथ स्कूल के प्रिंसिपल और अन्य शिक्षक व स्टाफ सदस्य भी मौजूद थे। बताया गया है कि सभी विद्यार्थी स्कूल के म्यूजिक ग्रुप से जुड़े हुए थे और स्कूल स्टाफ के साथ पिकनिक के लिए यहां पहुंचे थे। दोपहर करीब 2:30 से 3 बजे के बीच कुछ विद्यार्थी पानी के आसपास खेल रहे थे। इसी दौरान कक्षा 7वीं के छात्र हर्षित पाटीदार और कक्षा 9वीं की छात्रा खुशी का पैर फिसल गया और दोनों पानी में चले गए। बच्चों को बचाने पानी में उतरे शिक्षक दोनों विद्यार्थियों को पानी में जाते देख शिक्षक प्रिंस मोदी और विजय सिंह राठौर तुरंत बचाव के लिए पहुंचे। प्रयास के दौरान खुशी को पानी से बाहर निकाल लिया गया, लेकिन हर्षित को बचाने की कोशिश में दोनों शिक्षक भी गहरे पानी में चले गए। बच्चों के शोर मचाने पर आसपास मौजूद लोग और ग्रामीण मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों ने हर्षित तथा दोनों शिक्षकों को पानी से बाहर निकाला। तीनों को बचाने के लिए CPR देने की कोशिश भी की गई, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। हादसे में इन तीन लोगों की मौत हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान इस प्रकार हुई है: हादसे के बाद तीनों शवों को रतलाम मेडिकल कॉलेज लाया गया। बाद में शवों को स्कूल बस के माध्यम से जावरा भेजा गया। तीन विद्यार्थियों को अस्पताल में कराया गया भर्ती घटना के बाद बचाए गए विद्यार्थियों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। छात्रा खुशी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं अन्वेष और सिद्धि को भी अस्पताल ले जाने की जानकारी सामने आई है। हादसे की सूचना मिलने के बाद मृतकों के परिजन रतलाम मेडिकल कॉलेज पहुंचे। वहां परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। SDERF टीम के पहुंचने से पहले स्थानीय लोगों ने किया रेस्क्यू घटना की गंभीरता को देखते हुए बचाव दल को भी सूचना दी गई थी। हालांकि, SDERF की टीम के पहुंचने से पहले ही स्थानीय लोगों ने पानी में उतरकर तीनों को बाहर निकाल लिया था। पुलिस और प्रशासन की ओर से हादसे से जुड़ी जानकारी जुटाई जा रही है। घटना के कारणों और मौके की परिस्थितियों को लेकर जांच की जा रही है। हादसे से उठे सुरक्षा से जुड़े सवाल स्कूल पिकनिक के दौरान बच्चों की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण होती है। खासकर ऐसे स्थानों पर जहां गहरा पानी मौजूद हो, वहां विद्यार्थियों की निगरानी और सुरक्षित क्षेत्र की स्पष्ट पहचान बेहद जरूरी होती है। पैराडाइज वैली की इस घटना ने एक बार फिर पिकनिक स्पॉट पर बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हादसे की पूरी तस्वीर पुलिस और प्रशासन की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

Ratlam News: रतलाम में कंबलों के नीचे छिपा था 106 किलो डोडाचूरा, पुलिस ने कंटेनर पकड़ा

Ratlam News: रतलाम में पुलिस ने नागालैंड नंबर के कंटेनर से 106.47 किलो डोडाचूरा जब्त किया है। मामले में नीमच और चित्तौड़गढ़ के दो आरोपी गिरफ्तार हुए। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम में नशे के खिलाफ कार्रवाई के दौरान पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। बिलपांक थाना क्षेत्र के सातरुंडा में पुलिस ने एक नागालैंड नंबर के कंटेनर से 106.47 किलो डोडाचूरा बरामद किया। पुलिस के मुताबिक जब्त डोडाचूरा की अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपये है। नशे की यह खेप नीमच से महाराष्ट्र के मालेगांव ले जाने की तैयारी में थी। कंटेनर में डोडाचूरा को छह कट्टों में भरकर कंबलों के नीचे छिपाया गया था। कार्रवाई के दौरान कंटेनर में सवार तीन लोगों में से एक पुलिस को देखकर मौके से भाग निकला, जबकि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। सातरुंडा में पुलिस ने की घेराबंदी एएसपी राकेश पंद्रों के अनुसार शुक्रवार रात बिलपांक थाना प्रभारी को सूचना मिली थी कि कंटेनर क्रमांक NL 01 AA 6956 में डोडाचूरा भरकर सातरुंडा के रास्ते इंदौर की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने सातरुंडा क्षेत्र में घेराबंदी की। इंदौर जाने वाली सड़क के किनारे एक ले-बाय में संदिग्ध कंटेनर खड़ा मिला। पुलिस ने वाहन की तलाशी शुरू की तो ऊपर कंबल रखे हुए दिखाई दिए। कंबलों को हटाने पर नीचे छह कट्टे मिले। जांच और वजन के बाद इनमें कुल 106.47 किलो डोडाचूरा पाया गया। पुलिस ने दो आरोपियों को पकड़ा कंटेनर में तीन लोग सवार थे। पुलिस की मौजूदगी देखकर इनमें से एक व्यक्ति मौके से फरार हो गया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान मोहनलाल (42) और प्रेमचंद (53) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार मोहनलाल नीमच जिले के जावद थाना क्षेत्र का रहने वाला है, जबकि प्रेमचंद राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले के बेगूं थाना क्षेत्र का निवासी है। पुलिस ने दोनों को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार करते हुए डोडाचूरा और कंटेनर जब्त कर लिया है। पूछताछ में नीमच से डोडाचूरा लाने की बात पूछताछ के दौरान गिरफ्तार आरोपियों ने पुलिस को बताया कि डोडाचूरा नीमच के अनिल सिंह राजपूत से लिया गया था। पुलिस अब कथित रूप से डोडाचूरा उपलब्ध कराने वाले व्यक्ति की भूमिका की भी जांच कर रही है। इसके अलावा पुलिस फरार आरोपी अनिल सिंह सोंधिया राजपूत, निवासी संगराणा घाटी, जिला नीमच की तलाश में जुटी है। पुलिस के मुताबिक मामले में आगे की जांच के आधार पर अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आ सकती है। करीब 30 लाख रुपये का बताया गया डोडाचूरा पुलिस के अनुसार जब्त डोडाचूरा का कुल वजन 106.47 किलो है और इसकी अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपये बताई गई है। कार्रवाई में कंटेनर को भी जब्त किया गया है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को शनिवार को न्यायालय में पेश कर रिमांड लिया जाना है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस खेप के पीछे कौन-कौन लोग जुड़े हैं और इसे मालेगांव तक पहुंचाने की योजना कैसे बनाई गई थी।

MP News: MP में निजी मेडिकल कॉलेजों की EWS सीटों पर बड़ा अपडेट, हाईकोर्ट ने केंद्र से मांगा जवाब

MP News: MP के निजी मेडिकल कॉलेजों में EWS आरक्षण मामले में हाईकोर्ट ने केंद्र को पक्षकार बनाया है। अगली सुनवाई 11 सितंबर को होगी। भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP News: मध्यप्रदेश के निजी मेडिकल कॉलेजों में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग यानी EWS विद्यार्थियों के आरक्षण को लेकर चल रही कानूनी लड़ाई अब अहम मोड़ पर पहुंच गई है। हाईकोर्ट की युगलपीठ ने पुराने मामले में केंद्र सरकार को पक्षकार बनाने की अनुमति दी है। साथ ही इसी मुद्दे से जुड़ी नई याचिका पर राज्य शासन और राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) को नोटिस जारी किया गया है। मामले में कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि संबंधित प्रवेश प्रक्रिया याचिका के अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी। केंद्र सरकार को अपना जवाब दाखिल करने के लिए दो सप्ताह का समय दिया गया है। अब अगली सुनवाई 11 सितंबर 2026 को होगी। क्या है निजी मेडिकल कॉलेजों में EWS आरक्षण का मामला? मामला निजी मेडिकल कॉलेजों में EWS वर्ग के विद्यार्थियों को आरक्षण का लाभ दिलाने से जुड़ा है। याचिकाकर्ताओं की ओर से मांग की गई है कि EWS अभ्यर्थियों को समायोजित करने के लिए निजी मेडिकल कॉलेजों में सीटों की संख्या बढ़ाई जाए। इससे उन विद्यार्थियों को राहत मिल सकती है, जो आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग से आते हैं और मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए आरक्षण व्यवस्था का लाभ चाहते हैं। नई याचिका पर राज्य शासन और NMC को नोटिस कुमारी दरक्षा अंजुम सहित अन्य की ओर से दायर नई याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। इसमें निजी मेडिकल कॉलेजों में EWS अभ्यर्थियों के प्रवेश से संबंधित मांग उठाई गई है। प्रशासनिक न्यायाधीश आनंद पाठक और न्यायमूर्ति बीपी शर्मा की युगलपीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए मध्यप्रदेश शासन और राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) को नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रवेश प्रक्रिया याचिका के अंतिम फैसले के अधीन रहेगी। यानी इस मामले में आगे आने वाला न्यायिक निर्णय प्रवेश व्यवस्था पर असर डाल सकता है। पुराने मामले में अब केंद्र सरकार भी शामिल EWS आरक्षण से जुड़ा यह विवाद पहले से हाईकोर्ट में लंबित है। अथर्व चतुर्वेदी विरुद्ध मध्यप्रदेश शासन नाम से दायर रिट याचिका वर्ष 2024 से अदालत में लंबित है। इस मामले में याचिकाकर्ता ने केंद्र सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय को भी पक्षकार बनाने की मांग की थी। कोर्ट ने मौखिक आवेदन को स्वीकार करते हुए केंद्र सरकार को मामले में शामिल करने की अनुमति दे दी। केंद्र की ओर से नोटिस डिप्टी सॉलिसिटर जनरल सुयश मोहन गुरु को स्वीकार करने के निर्देश दिए गए हैं। केंद्र से दो सप्ताह में जवाब मांगा गया है। 2024 के आदेश में क्या कहा गया था? याचिकाकर्ताओं ने हाईकोर्ट के 17 दिसंबर 2024 के आदेश का भी हवाला दिया। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उस आदेश में NMC को निजी मेडिकल कॉलेजों में EWS आरक्षण लागू करने के लिए एक वर्ष के भीतर सीटें बढ़ाने से संबंधित निर्देश दिए गए थे। अब नए मामले में केंद्र सरकार का पक्ष भी रिकॉर्ड पर आने के बाद इस मुद्दे पर आगे की कानूनी स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है। विद्यार्थियों के लिए क्यों अहम है मामला? निजी मेडिकल कॉलेजों में MBBS और अन्य मेडिकल पाठ्यक्रमों की सीटों को लेकर हर साल बड़ी संख्या में विद्यार्थी प्रवेश प्रक्रिया में शामिल होते हैं। ऐसे में EWS आरक्षण से जुड़ा कोई भी फैसला संबंधित अभ्यर्थियों के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है। यदि अदालत सीटें बढ़ाने से संबंधित व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने का फैसला करती है, तो भविष्य के प्रवेश सत्रों में EWS वर्ग के विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त अवसर उपलब्ध हो सकते हैं। हालांकि, अंतिम लाभ और सीटों की संख्या अदालत के फैसले तथा संबंधित नियामकीय व्यवस्था पर निर्भर करेगी। अगली सुनवाई 11 सितंबर को फिलहाल मामले में केंद्र सरकार के जवाब का इंतजार है। राज्य शासन और NMC को भी नई याचिका पर अपना पक्ष रखना होगा। मामले की अगली सुनवाई 11 सितंबर 2026 को निर्धारित है। उस सुनवाई में सामने आने वाले जवाब और कोर्ट के निर्देश से निजी मेडिकल कॉलेजों में EWS आरक्षण को लेकर तस्वीर और साफ हो सकती है।

Ratlam News: रतलाम में नई ई-स्कूटी बनी आग का कारण? मां-बेटी झुलसीं, घर का सामान खाक

Ratlam News: रतलाम की विंध्यावासिनी कॉलोनी में नई ई-स्कूटी में अचानक विस्फोट से घर में आग लग गई। मां-बेटी करीब 60% झुलसीं, पुलिस जांच में जुटी। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम में बुधवार तड़के एक घर के अंदर खड़ी नई ई-स्कूटी में अचानक धमाका होने से हड़कंप मच गया। विंध्यावासिनी कॉलोनी में करीब सुबह 4 बजे हुए इस हादसे के बाद आग तेजी से पूरे घर में फैल गई। कमरे में सो रही आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और उनकी 16 वर्षीय बेटी आग की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गईं। वीडियो देखे आग इतनी तेज थी कि घर में रखा अधिकांश सामान जलकर खाक हो गया। कूलर और पंखे तक गर्मी के कारण पिघल गए। पड़ोसियों ने किसी तरह मां और दोनों बेटियों को घर से बाहर निकाला। गैस सिलेंडर को भी समय रहते बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। 10 दिन पहले ही खरीदी थी ई-स्कूटी परिवार के सदस्य वीरेंद्र सिंह के मुताबिक, करीब 10 दिन पहले ही माणक चौक स्थित एक शोरूम से करीब 85 हजार रुपये में नई ई-स्कूटी खरीदी गई थी। हादसे की सबसे अहम बात यह है कि रात में स्कूटी चार्जिंग पर नहीं लगी थी। परिवार के मुताबिक सोने से पहले चार्जिंग प्लग भी निकाल दिया गया था। इसके बावजूद तड़के अचानक स्कूटी में आग लगी और फिर धमाका हुआ। आग की तीव्रता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि ई-स्कूटी पूरी तरह जल गई और उसका केवल लोहे का ढांचा बचा। सोते समय खुली आंखें तो चारों तरफ थी आग परिवार की बेटी विजय लक्ष्मी के मुताबिक, बुधवार सुबह करीब 4 बजे उनकी नींद खुली तो कमरे में स्कूटी जलती दिखाई दी। आग तेजी से फैल रही थी। उन्होंने सबसे पहले घर में रखी गैस टंकी का बटन बंद किया। इसके बाद ऊपर जाकर गेट खोलने की कोशिश की। इसी दौरान उनकी छोटी बहन डरकर पीछे वाले कमरे में चली गई। विजय लक्ष्मी के अनुसार, मां छोटी बेटी को बाहर निकालने के लिए पीछे गईं। इसी दौरान आग और तेज हो गई। मां और छोटी बहन को जलते हुए बाहर आते देखकर उन्होंने दोनों का हाथ पकड़ा और किसी तरह छत तक पहुंचाया। छत के रास्ते पड़ोसी की छत पर पहुंचने के बाद तीनों नीचे उतरे और घर से बाहर निकल सके। विजय लक्ष्मी के पैर में मामूली चोट आई, जबकि उनकी मां और छोटी बहन बुरी तरह झुलस गईं। पड़ोसियों ने बचाई जान, सिलेंडर भी बाहर निकाला आग लगने के बाद परिवार की चीख-पुकार सुनकर पड़ोसी मौके पर पहुंचे। उन्होंने काफी मशक्कत के बाद मां और दोनों बेटियों को घर से बाहर निकाला। घर में रखा गैस सिलेंडर भी पड़ोसियों ने समय रहते बाहर निकाल लिया। यदि आग सिलेंडर तक पहुंच जाती तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी। सूचना मिलने पर नगर निगम की दमकल टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक घर का काफी सामान जल चुका था। डेढ़ घंटे तक एंबुलेंस नहीं पहुंचने का आरोप घटना के बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाने में भी परेशानी का सामना करना पड़ा। पड़ोसियों का आरोप है कि कई बार फोन करने के बावजूद करीब डेढ़ घंटे तक एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची। इसके बाद घायल मां-बेटी को निजी वाहन से रतलाम जिला अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को गंभीर स्थिति में मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। परिवार के अनुसार, दोनों करीब 60 फीसदी तक झुलसी हैं। चार्जिंग पर नहीं थी स्कूटी, फिर कैसे लगी आग? हादसे के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब ई-स्कूटी चार्जिंग पर नहीं लगी थी, तो उसमें आग और धमाका किस वजह से हुआ? परिवार के मुताबिक रात में स्कूटी का चार्जिंग प्लग निकाल दिया गया था। पुलिस अब इसी बिंदु समेत आग लगने के अन्य संभावित कारणों की जांच कर रही है। पवासा पुलिस मामले की जांच में जुटी है। फिलहाल आग लगने की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

Ratlam News: रतलाम में नाबालिग के घर पहुंचे युवक के गले पर गंभीर चोट, 20 टांके; पिता ने आरोप से किया इनकार

Ratlam News: रतलाम में नाबालिग से मिलने पहुंचे 20 वर्षीय युवक के गले पर कांच से हमला होने का मामला सामने आया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: औद्योगिक क्षेत्र थाना क्षेत्र में मंगलवार दोपहर एक युवक के गंभीर रूप से घायल होने का मामला सामने आया। बताया गया कि 20 वर्षीय युवक एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की से मिलने उसके घर पहुंचा था। इसी दौरान लड़की के माता-पिता के घर लौटने पर विवाद हो गया और युवक के गले पर कांच से चोट लग गई। घायल युवक के गले में करीब 7×2 सेंटीमीटर का घाव बताया गया है। मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान उसके गले पर करीब 20 टांके लगाए गए। चिकित्सकीय जांच में दो छोटी नसों के कटने की बात भी सामने आई है। फिलहाल युवक की हालत स्थिर बताई गई है। घटना को लेकर दोनों पक्षों के बयान सामने आए हैं। नाबालिग ने पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में अपने पिता पर कांच की बोतल से हमला करने का आरोप लगाया है। दूसरी ओर, लड़की के पिता ने युवक पर हमला करने से साफ इनकार किया है। पुलिस का कहना है कि घायल युवक के बयान और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। नाबालिग से मिलने घर पहुंचा था युवक जानकारी के अनुसार, बिरियाखेड़ी निवासी 20 वर्षीय समीर पुत्र शमी कुरैशी मंगलवार को 16 वर्षीय नाबालिग लड़की से मिलने उसके घर पहुंचा था। उस समय लड़की के माता-पिता घर पर नहीं थे। कुछ देर बाद माता-पिता के अचानक घर लौटने पर उन्हें घर में युवक दिखाई दिया। इसके बाद युवक और लड़की के पिता के बीच विवाद होने की बात सामने आई। पुलिस के मुताबिक, नाबालिग और युवक करीब तीन साल से एक-दूसरे को जानते हैं। प्राथमिक पूछताछ में नाबालिग ने युवक को अपना प्रेमी बताया है। गले में कांच लगने से गंभीर चोट विवाद के दौरान युवक के गले में कांच लगने से गंभीर चोट आई। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, गले के बीचों-बीच करीब 7×2 सेंटीमीटर का घाव हुआ। घटना की सूचना मिलने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और डायल-112 को जानकारी दी। पुलिस ने घायल युवक को डायल-112 वाहन की मदद से मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, जहां उसका उपचार शुरू किया गया। चिकित्सकीय उपचार के दौरान युवक के गले में करीब 20 टांके लगाए गए। जांच में दो छोटी नसों के कटने की जानकारी भी सामने आई है। नाबालिग ने पिता पर लगाया हमला करने का आरोप घटना के बाद नाबालिग भी मेडिकल कॉलेज पहुंची। पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में उसने अपने पिता पर कांच की बोतल से युवक के गले पर वार करने का आरोप लगाया। हालांकि, पुलिस ने अभी मामले में अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है। घायल युवक के बयान फिलहाल दर्ज नहीं हो सके हैं। पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। लड़की के पिता ने आरोपों को बताया गलत लड़की के पिता ने युवक पर हमला करने के आरोप से इनकार किया है। उनके अनुसार, पड़ोसियों ने फोन कर बताया था कि घर में कोई युवक घुस गया है। सूचना मिलने के बाद वह घर पहुंचे तो दरवाजा अंदर से बंद था। पिता का दावा है कि दरवाजा खुलवाने के लिए उन्होंने आवाज लगाई। उनके अनुसार, इसी दौरान युवक ने उनकी बेटी को धमकाते हुए कहा कि वह मर जाएगा और उसे उसका साथ देना होगा। इसके बाद युवक ने कथित तौर पर खुद कांच का गिलास अपने गले पर मार लिया। पिता के इस दावे की पुलिस जांच कर रही है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि युवक के गले में चोट किन परिस्थितियों में लगी। पुलिस कर रही मामले की जांच एसआई ध्यानसिंह सोलंकी के अनुसार, मामले की जांच जारी है। नाबालिग के बयान लिए जा रहे हैं। घायल युवक के बयान दर्ज होने और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Ratlam News: रतलाम में BAMS छात्रा से दुष्कर्म का आरोप, धर्म परिवर्तन के लिए दबाव; युवक हिरासत में

Ratlam News: रतलाम में 20 वर्षीय BAMS छात्रा ने सहपाठी पर बंधक बनाकर दुष्कर्म, अश्लील वीडियो बनाने और धर्म परिवर्तन का दबाव डालने का आरोप लगाया है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम में 20 वर्षीय BAMS छात्रा की शिकायत के बाद गंभीर मामला सामने आया है। छात्रा ने अपने साथ पढ़ने वाले युवक पर उसे घर में बंधक बनाने, उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाने और अश्लील वीडियो रिकॉर्ड करने का आरोप लगाया है। छात्रा का आरोप है कि वीडियो के जरिए उसे डराया गया और धर्म परिवर्तन कर आरोपी से शादी करने के लिए दबाव बनाया गया। शिकायत के मुताबिक, विरोध करने पर वीडियो वायरल करने और जान से खत्म करने की धमकी भी दी गई। मामले की शिकायत छात्रा ने अपने माता-पिता के साथ स्टेशन रोड थाने पहुंचकर की। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की है। पुलिस ने आरोपी युवक को बड़वानी जिले के वरला से हिरासत में लिया है। महत्वपूर्ण: इस खबर में धर्म परिवर्तन और अन्य आरोप पीड़िता की शिकायत के आधार पर बताए जा रहे हैं। आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी। 1 अगस्त को मकान में ले जाने का आरोप छात्रा के अनुसार, वह रतलाम के एक निजी कॉलेज में BAMS की पढ़ाई कर रही है। 1 अगस्त की शाम करीब 5:30 बजे उसके साथ पढ़ने वाला जुबेर मंसूरी उसे रतलाम के शास्त्री नगर स्थित एक मकान में ले गया। शिकायत के अनुसार, वहां कमरे का दरवाजा बंद कर छात्रा को बाहर जाने से रोका गया। छात्रा ने आरोप लगाया कि इसी दौरान उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाए गए और उसका अश्लील वीडियो भी रिकॉर्ड किया गया। धर्म परिवर्तन और शादी के लिए दबाव का आरोप छात्रा ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया कि युवक ने उस पर अपना धर्म छोड़कर मुस्लिम धर्म अपनाने और उससे शादी करने का दबाव बनाया। शिकायत के मुताबिक, ऐसा नहीं करने पर वीडियो सार्वजनिक करने और जान से मारने की धमकी दी गई। डर के कारण छात्रा ने शुरुआत में घटना की जानकारी अपने परिवार को नहीं दी। Snapchat पर वीडियो वायरल करने का आरोप पीड़िता के अनुसार, बाद में आरोपी ने कथित अश्लील वीडियो Snapchat पर प्रसारित कर दिए। इसके बाद छात्रा ने अपने माता-पिता को पूरी घटना की जानकारी दी और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस को छात्रा ने कथित वायरल वीडियो से संबंधित एक पेनड्राइव भी सौंपी है। पुलिस अब मामले से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों और अन्य तथ्यों की जांच कर रही है। बड़वानी के वरला से युवक हिरासत में शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने आरोपी युवक की तलाश शुरू की। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद से वह फरार था। तलाश के दौरान उसे बड़वानी जिले के वरला से हिरासत में लिया गया। अब पुलिस मामले में शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। जांच के दौरान घटनास्थल, डिजिटल सामग्री और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की भी पड़ताल की जा सकती है। पुलिस जांच में इन बिंदुओं पर रहेगा फोकस

Ratlam News: रतलाम में मेगा मार्ट की तिजोरी से 5.35 लाख गायब, CCTV रिकॉर्डिंग डिलीट; असिस्टेंट मैनेजर पर केस

Ratlam News: रतलाम के सैलाना बस स्टैंड स्थित विशाल मेगा मार्ट की तिजोरी से 5.35 लाख रुपए गायब मिले। CCTV रिकॉर्डिंग डिलीट होने पर असिस्टेंट मैनेजर पर केस दर्ज। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: रतलाम के सैलाना बस स्टैंड स्थित विशाल मेगा मार्ट में तिजोरी से 5 लाख 35 हजार रुपए गायब होने का मामला सामने आया है। कैश रूम से रकम गायब मिलने के बाद स्टोर प्रबंधन ने पुलिस को शिकायत दी। मामले में मार्ट के असिस्टेंट मैनेजर संतोष कुमार पाठक पर अमानत में खयानत का केस दर्ज किया गया है। घटना के दौरान कैश रूम की चाबी असिस्टेंट मैनेजर के पास होने की बात सामने आई है। इसके अलावा CCTV कैमरों की रात करीब 2:30 बजे से 3 बजे तक की रिकॉर्डिंग डिलीट मिली। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है। तिजोरी खोलने पर गायब मिले 5.35 लाख रुपए स्टोर मैनेजर कमलेश पखाले ने स्टेशन रोड थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के अनुसार 9 अगस्त की रात उनकी और असिस्टेंट मैनेजर संतोष कुमार पाठक की ड्यूटी रात करीब 2 बजे तक थी। उस रात मार्ट में एक ट्रक से सामान आया था। असिस्टेंट मैनेजर संतोष कुमार पाठक और BOH इंचार्ज करण सिसोदिया सामान उतरवाने का काम देख रहे थे। इसी दौरान स्टोर मैनेजर ने कैश रूम की चाबी संतोष कुमार को दी। इसके बाद वह रात करीब 1:30 बजे घर चले गए। अगली सुबह डिपार्टमेंटल मैनेजर पंकज शेर कैश काउंटर पर पहुंचे। उन्होंने तिजोरी खोली तो उसमें रखे 5 लाख 35 हजार रुपए नहीं मिले। इसकी जानकारी स्टोर मैनेजर को दी गई, जिसके बाद प्रबंधन के अन्य कर्मचारी भी मार्ट पहुंचे। CCTV की रिकॉर्डिंग में मिली अहम बात रकम गायब होने के बाद स्टोर प्रबंधन ने मार्ट में लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग देखी। जांच के दौरान रात करीब 2:30 बजे से 3 बजे तक की रिकॉर्डिंग डिलीट मिली। CCTV फुटेज का यह हिस्सा घटना की जांच में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पुलिस अब उपलब्ध रिकॉर्डिंग और अन्य परिस्थितियों के आधार पर मामले की जांच कर रही है। असिस्टेंट मैनेजर के दोनों मोबाइल बंद पुलिस के अनुसार संतोष कुमार पाठक करीब चार से पांच महीने पहले रतलाम आया था। इससे पहले वह कोलकाता और दिल्ली में भी इसी शॉपिंग मॉल में काम कर चुका है। रकम गायब मिलने के बाद स्टोर मैनेजर ने संतोष के दोनों मोबाइल नंबरों पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन दोनों नंबर बंद मिले। इसके बाद उसके घर जाकर भी तलाश की गई, लेकिन वह वहां नहीं मिला। पुलिस ने दर्ज किया अमानत में खयानत का केस स्टेशन रोड थाने के सब इंस्पेक्टर मुकेश सस्तिया के अनुसार संतोष कुमार पाठक के खिलाफ अमानत में खयानत का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। फिलहाल रकम किस तरह गायब हुई और CCTV रिकॉर्डिंग किस परिस्थिति में डिलीट हुई, इन बिंदुओं पर जांच की जा रही है।

Ratlam News: रतलाम बाल सुधार गृह से 7 बाल अपचारी फरार, होमगार्ड से मारपीट; 6 पकड़े गए

Ratlam News: रतलाम के बिरियाखेड़ी बाल सुधार गृह से 7 बाल अपचारी होमगार्ड से मारपीट कर फरार हुए। पुलिस ने 6 को नामली के पास पकड़ा, एक की तलाश जारी है। रतलाम- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। Ratlam News: बिरियाखेड़ी स्थित शासकीय बाल सुधार गृह में शनिवार देर रात उस समय हड़कंप मच गया, जब सात बाल अपचारी सुरक्षा में तैनात होमगार्ड सैनिक से मारपीट कर फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही रतलाम पुलिस ने जिलेभर में नाकाबंदी कर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। पुलिस की अलग-अलग टीमों ने रातभर तलाश अभियान चलाया। सीसीटीवी फुटेज और उपलब्ध तस्वीरों के आधार पर सुराग जुटाते हुए पुलिस ने रविवार सुबह रतलाम से करीब 15 किलोमीटर दूर नामली के पास छह बाल अपचारियों को अभिरक्षा में ले लिया। एक बाल अपचारी अभी फरार है और उसकी तलाश जारी है। घटना का वीडियो देखे घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस अधीक्षक अमित कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश पंद्रो और एसडीएम तरुण जैन ने बाल सुधार गृह पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। होमगार्ड से मारपीट के बाद खोला गेट का ताला प्रारंभिक जानकारी के अनुसार होमगार्ड सैनिक चंद्रकांत शर्मा चैनल गेट के पास चादर ओढ़कर सो रहे थे। इसी दौरान सातों बाल अपचारियों ने कथित तौर पर उन्हें घेर लिया। बताया गया कि एक बाल अपचारी ने डंडे से हमला किया। इसके बाद सभी ने मिलकर होमगार्ड सैनिक के साथ मारपीट की। हमले के बाद बाल अपचारियों ने बिस्तर के नीचे रखी मुख्य शटर की चाबी निकाली और चैनल गेट का ताला खोल दिया। गेट खुलने के बाद सभी मुख्य द्वार से बाहर निकलकर फरार हो गए। रात करीब 3 बजे पुलिस को मिली सूचना थाना औद्योगिक क्षेत्र प्रभारी निरीक्षक गायत्री सोनी के अनुसार पुलिस को घटना की सूचना रात करीब 3 बजे मिली। इसके बाद तत्काल पुलिस टीमों का गठन किया गया और जिले के सभी थानों को अलर्ट किया गया। पुलिस ने संभावित रास्तों पर तलाश शुरू करने के साथ सीसीटीवी फुटेज और तस्वीरों की मदद ली। इसी अभियान के दौरान छह बाल अपचारियों को नामली के पास पकड़ लिया गया। फरार एक बाल अपचारी की तलाश अभी जारी है। 15 से 17 साल की उम्र के हैं बाल अपचारी पुलिस के अनुसार फरार हुए सभी बाल अपचारी 15 से 17 वर्ष की आयु के हैं। इनके विरुद्ध हत्या, हत्या के प्रयास, दुष्कर्म, मादक पदार्थों की तस्करी और रंगदारी जैसे गंभीर मामलों में प्रकरण दर्ज हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक: घायल होमगार्ड का मेडिकल कराया जा रहा मारपीट की घटना में होमगार्ड सैनिक चंद्रकांत शर्मा घायल हुए हैं। उनका मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है। घटना के संबंध में पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि फरार बाल अपचारी को सुरक्षित अभिरक्षा में लेने के लिए टीमें लगातार तलाश कर रही हैं। बाल सुधार गृह की सुरक्षा होगी और मजबूत घटना के बाद बाल सुधार गृह की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी अधिकारियों ने निरीक्षण किया। भविष्य में इस तरह की घटना दोबारा न हो, इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने कहा कि फरार बाल अपचारी की तलाश प्राथमिकता से की जा रही है और उसे सुरक्षित अभिरक्षा में लेने के लिए पुलिस की टीमें लगातार प्रयास कर रही हैं।

MP News: MP में पटवारी भर्ती का मौका, 18 अगस्त तक भरें फॉर्म; सितंबर में परीक्षा

MP News: MPESB Patwari Recruitment 2026 के तहत पटवारी समेत अन्य पदों के लिए आवेदन शुरू हैं। योग्य उम्मीदवार 18 अगस्त तक फॉर्म भर सकते हैं। परीक्षा सितंबर में होगी। भोपाल- पब्लिक वार्ता, न्यूज़ डेस्क। MP News: मध्य प्रदेश में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए पटवारी भर्ती से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल यानी MPESB की ओर से समूह-2 और उपसमूह-4 के अंतर्गत विभिन्न पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू होने की जानकारी दी गई है। इसमें पटवारी पद भी शामिल है। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार निर्धारित पात्रता पूरी करने पर MPESB की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। आवेदन की अंतिम तारीख 18 अगस्त 2026 निर्धारित की गई है। उम्मीदवारों को सलाह है कि अंतिम दिन का इंतजार करने के बजाय समय रहते आवेदन प्रक्रिया पूरी कर लें। MPESB की आधिकारिक वेबसाइट पर भर्ती और परीक्षा से संबंधित नोटिफिकेशन, नियम पुस्तिका तथा आवेदन से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराई जाती है। आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को संबंधित नियम पुस्तिका ध्यान से पढ़ना चाहिए। कौन कर सकता है आवेदन? पटवारी सहित संबंधित पदों के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों की आयु की गणना 1 जनवरी 2026 के आधार पर की जाएगी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार उम्मीदवार की न्यूनतम आयु 18 वर्ष और अधिकतम आयु 40 वर्ष निर्धारित है। आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमों के अनुसार आयु सीमा में छूट का लाभ मिल सकता है। शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त संस्थान या विश्वविद्यालय से स्नातक डिग्री होना जरूरी बताया गया है। इसके साथ ही पटवारी पद के लिए MP CPCT स्कोरकार्ड की आवश्यकता बताई गई है। उम्मीदवार आवेदन से पहले संबंधित पद की आधिकारिक नियम पुस्तिका में अपनी पात्रता जरूर जांचें। कब होगी MPESB की परीक्षा? MPESB की ओर से जारी जानकारी के अनुसार भर्ती परीक्षा 22 सितंबर 2026 को आयोजित की जाएगी। परीक्षा दो पालियों में होगी। पहली पाली सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 2:50 बजे से शाम 5 बजे तकनिर्धारित है। उम्मीदवारों को परीक्षा से पहले एडमिट कार्ड, परीक्षा केंद्र और रिपोर्टिंग टाइम से जुड़ी जानकारी आधिकारिक वेबसाइट पर जरूर देखनी चाहिए। 18 अगस्त तक भरना होगा ऑनलाइन फॉर्म भर्ती के लिए आवेदन की अंतिम तारीख 18 अगस्त 2026 है। उम्मीदवारों को आवेदन के दौरान अपनी व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक योग्यता और जरूरी दस्तावेजों की जानकारी सावधानीपूर्वक दर्ज करनी होगी। फॉर्म जमा करने से पहले दर्ज की गई सभी जानकारी को एक बार अच्छी तरह जांच लेना जरूरी है। गलत जानकारी दर्ज होने पर आवेदन में परेशानी हो सकती है। MPESB Patwari Form कैसे भरें? ऑनलाइन आवेदन के लिए उम्मीदवार इन आसान चरणों का पालन कर सकते हैं— आधिकारिक वेबसाइट: MPESB Official Website आवेदन से पहले इन बातों का रखें ध्यान महत्वपूर्ण बिंदु

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